जहानाबाद जिले में रविवार को सिपाही भर्ती की लिखित परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सख्त निगरानी के बीच शांतिपूर्ण वातावरण में शुरू हुई। जिला प्रशासन ने इस परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और कदाचारमुक्त बनाने के लिए व्यापक सुरक्षा एवं प्रशासनिक इंतजाम किए हैं। जिले के 10 परीक्षा केंद्रों पर कुल 5,328 अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल हो रहे हैं, जिसका आयोजन एकल पाली में दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक किया जा रहा है। अभ्यर्थियों का प्रवेश सुबह 10 बजे से शुरू किया गया था, जबकि सुबह 11 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए सभी केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सघन जांच की गई, जिसमें प्रवेश से पहले जूते उतरवाकर तलाशी लेना भी शामिल था, और पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ही उन्हें केंद्रों में प्रवेश दिया गया। प्रशासन ने मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस, कैलकुलेटर सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है। सभी अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन किया गया तथा ई-प्रवेश पत्र और फोटो पहचान पत्र का मिलान कर उनकी पहचान सुनिश्चित की गई। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उद्देश्य से प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दंडाधिकारी और पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है, साथ ही परीक्षा प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई जा रही है और संचार माध्यमों के दुरुपयोग को रोकने के लिए जैमर भी लगाए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सभी परीक्षा केंद्रों के 500 गज की परिधि में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 भी लागू की गई है। जिला प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि फर्जी अभ्यर्थियों या किसी अन्य के स्थान पर परीक्षा देने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तारी और जेल भेजने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन के अनुसार, परीक्षा के सफल, शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त संचालन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं तथा पूरी प्रक्रिया पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे परीक्षा सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
जहानाबाद जिले में रविवार को सिपाही भर्ती की लिखित परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सख्त निगरानी के बीच शांतिपूर्ण वातावरण में शुरू हुई। जिला प्रशासन ने इस परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और कदाचारमुक्त बनाने के लिए व्यापक सुरक्षा एवं प्रशासनिक इंतजाम किए हैं। जिले के 10 परीक्षा केंद्रों पर कुल 5,328 अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल हो रहे हैं, जिसका आयोजन एकल पाली में दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक किया जा रहा है। अभ्यर्थियों का प्रवेश सुबह 10 बजे से शुरू किया गया था, जबकि सुबह 11 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए सभी केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सघन जांच की गई, जिसमें प्रवेश से पहले जूते उतरवाकर तलाशी लेना भी शामिल था, और पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ही उन्हें केंद्रों में प्रवेश दिया गया। प्रशासन ने मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस, कैलकुलेटर सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है। सभी अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन किया गया तथा ई-प्रवेश पत्र और फोटो पहचान पत्र का मिलान कर उनकी पहचान सुनिश्चित की गई। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उद्देश्य से प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दंडाधिकारी और पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है, साथ ही परीक्षा प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई जा रही है और संचार माध्यमों के दुरुपयोग को रोकने के लिए जैमर भी लगाए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सभी परीक्षा केंद्रों के 500 गज की परिधि में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 भी लागू की गई है। जिला प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि फर्जी अभ्यर्थियों या किसी अन्य के स्थान पर परीक्षा देने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तारी और जेल भेजने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन के अनुसार, परीक्षा के सफल, शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त संचालन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं तथा पूरी प्रक्रिया पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे परीक्षा सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
- आरा में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर को लेकर जारी राजनीतिक बयानबाजी के बीच, बिहार सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री सह जहानाबाद जिले के प्रभारी मंत्री मोहम्मद जमा खान ने उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के बयान पर कड़ा पलटवार किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग केवल राजनीतिक बयानबाजी और जुमलेबाजी कर जनता को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि एनडीए सरकार कानून और संविधान के दायरे में रहकर कार्य करने में विश्वास रखती है। जहानाबाद के सर्किट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए मंत्री जमा खान ने स्पष्ट किया कि बिहार सरकार कानून के शासन के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी मामले में तथ्यों एवं साक्ष्यों के आधार पर ही कार्रवाई करती है। उन्होंने बताया कि सरकार किसी भी घटना को गंभीरता से लेती है और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाती है। मंत्री मोहम्मद जमा खान ने यह भी जानकारी दी कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर भरत तिवारी एनकाउंटर मामले की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश की अध्यक्षता में एक जांच समिति गठित कर दी गई है। यह समिति पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच करेगी। उन्होंने जोर दिया कि जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी और सरकार किसी भी दोषी को बख्शने वाली नहीं है। मंत्री ने विपक्ष पर बिना तथ्यों के आरोप लगाने का आरोप लगाते हुए कहा कि राजनीतिक लाभ के लिए अनावश्यक बयान देना उचित नहीं है, और सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ जांच प्रक्रिया को आगे बढ़ा रही है।1
- सोनभद्र बंशी सूर्यपुर प्रखंड के माली ग्राम पंचायत में जल अनुरक्षक अपने लंबित मानदेय और भुगतान का लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं। ये जल अनुरक्षक गांव में पेयजल व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे हैं, लेकिन लगातार मेहनत के बावजूद भुगतान न मिलने से उनमें गहरी चिंता है। एक वीडियो के माध्यम से अरवल जिला प्रशासन और सोनभद्र बंशी सूर्यपुर प्रखंड प्रशासन से यह अपील की गई है कि माली पंचायत के जल अनुरक्षकों का बकाया भुगतान जल्द से जल्द जारी किया जाए। इस मांग का मुख्य उद्देश्य उनके परिवारों को आर्थिक राहत प्रदान करना है, क्योंकि जल व्यवस्था संभालने वालों को उनका वाजिब अधिकार मिलना चाहिए।1
- ग्राम पंचायत विकास दिवस के अवसर पर हुलासगंज प्रखंड की सभी पंचायतों में ग्राम सभा का आयोजन किया गया।1
- श्री श्री 108❤ ऊं नमः शिवाय ❤ हर हर महादेव जी हर हर ❤ सबका जीवन मंगलमय हो सबके जीवन में खुशियों कि बरसात हो ♥️ जय बाबा शिव गुरु विडियो न0-546🚩⛲🌅🪷❤👋1
- नालंदा के हिलसा प्रखंड स्थित रेड़ी पंचायत के ग्राम मजीदपुर की निवासी बबीता देवी ने आवास योजना से संबंधित अपनी शिकायत की जांच रिपोर्ट पर गंभीर आपत्ति जताई है। उन्होंने सहयोग पोर्टल पर दर्ज शिकायत के निस्तारण को लेकर सवाल उठाते हुए जिला प्रशासन से पूरे मामले की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। बबीता देवी का आरोप है कि आवास सहायक द्वारा प्रस्तुत जांच रिपोर्ट पूरी तरह असत्य और भ्रामक है। उनका दावा है कि किसी भी आवास पर्यवेक्षक या संबंधित अधिकारी ने उनके घर पर भौतिक जांच नहीं की, इसके बावजूद रिपोर्ट में जांच पूरी होने का उल्लेख किया गया। उन्होंने यह भी बताया कि आवास प्लस 2.0 सर्वर में समस्या होने का जो कारण बताया गया है, वह वास्तविकता से मेल नहीं खाता। शिकायतकर्ता के अनुसार, गांव के दो अन्य व्यक्तियों की तस्वीरें और जांच रिपोर्ट भी बिना किसी वास्तविक पड़ताल के तैयार की गई थीं, जहां वार्ड सदस्य ने केवल तस्वीरें उपलब्ध कराईं और उन्हीं के आधार पर रिपोर्ट बना दी गई। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि प्रखंड स्तर पर मामले की निष्पक्ष जांच नहीं की गई और वास्तविक तथ्यों को छिपाने का प्रयास किया गया। उनका कहना है कि मूल शिकायत के तथ्यों की उचित जांच किए बिना ही मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) का हवाला देकर शिकायत का निस्तारण करने की कोशिश की गई। इन गंभीर आरोपों के मद्देनजर, बबीता देवी ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने, और यदि जांच में संबंधित पदाधिकारी या कर्मियों की लापरवाही अथवा अनियमितता सामने आती है तो उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने की जोरदार मांग की है। समाचार के अनुसार, ये आरोप शिकायतकर्ता द्वारा लगाए गए हैं, और संबंधित अधिकारियों का पक्ष मिलने पर उसे भी प्रकाशित किया जाएगा।1
- खरगापुर में बुंदेलखंड क्षेत्र के क्रिकेटरों और क्रिएटर्स के सम्मान में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष सम्मान समारोह में क्षेत्र के कई लोग मौजूद थे।1
- उदासीन संप्रदाय के प्रतिष्ठित संत श्री कृष्ण दास 'निक्कू बाबा' पंचतत्व में विलीन हो गए हैं। त्रिवेणी संगम तट पर हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं, संत-महात्माओं और अनुयायियों ने नम आँखों से उन्हें अंतिम विदाई दी। उनकी अंतिम यात्रा के दौरान श्रद्धा, भक्ति और भावनाओं का एक अद्भुत संगम देखने को मिला। उपस्थित सभी श्रद्धालुओं ने बाबा के आध्यात्मिक योगदान और मानवता के प्रति उनके समर्पण को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। पूरे वातावरण में भक्ति, श्रद्धा और शोक का गहरा भाव व्याप्त रहा।1
- जहानाबाद जिले में रविवार को सिपाही भर्ती की लिखित परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सख्त निगरानी के बीच शांतिपूर्ण वातावरण में शुरू हुई। जिला प्रशासन ने इस परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और कदाचारमुक्त बनाने के लिए व्यापक सुरक्षा एवं प्रशासनिक इंतजाम किए हैं। जिले के 10 परीक्षा केंद्रों पर कुल 5,328 अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल हो रहे हैं, जिसका आयोजन एकल पाली में दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक किया जा रहा है। अभ्यर्थियों का प्रवेश सुबह 10 बजे से शुरू किया गया था, जबकि सुबह 11 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए सभी केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सघन जांच की गई, जिसमें प्रवेश से पहले जूते उतरवाकर तलाशी लेना भी शामिल था, और पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ही उन्हें केंद्रों में प्रवेश दिया गया। प्रशासन ने मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस, कैलकुलेटर सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है। सभी अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन किया गया तथा ई-प्रवेश पत्र और फोटो पहचान पत्र का मिलान कर उनकी पहचान सुनिश्चित की गई। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के उद्देश्य से प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर दंडाधिकारी और पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है, साथ ही परीक्षा प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई जा रही है और संचार माध्यमों के दुरुपयोग को रोकने के लिए जैमर भी लगाए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सभी परीक्षा केंद्रों के 500 गज की परिधि में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 भी लागू की गई है। जिला प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि फर्जी अभ्यर्थियों या किसी अन्य के स्थान पर परीक्षा देने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तारी और जेल भेजने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन के अनुसार, परीक्षा के सफल, शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त संचालन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं तथा पूरी प्रक्रिया पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे परीक्षा सुचारु रूप से संपन्न हो सके।1