राज्य सरकार के "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान के तहत, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने सुमेरपुर में मिलावटी मसालों के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान कुल 7 नमूने लिए गए और 7,990 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। यह कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देशन तथा अतिरिक्त आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) भगवत सिंह के नेतृत्व में जयपुर मुख्यालय की केंद्रीय टीम एवं सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल के संयुक्त तत्वावधान में की गई। प्राप्त सूचना के आधार पर, खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सुमेरपुर के रीको इंडस्ट्रियल एरिया और शीतला चौक स्थित गोदाम पर संचालित चामुंडा ट्रेडिंग कंपनी पर छापा मारा। इस फर्म के मालिक मुकेश परमार बताए गए हैं। कार्रवाई के दौरान, गोदाम में सीटीसी (CTC) ब्रांड के 500 ग्राम पैक में पैक किए जा रहे हल्दी पाउडर, मिर्च पाउडर और धनिया पाउडर के नमूने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत लिए गए। साथ ही, 4,740 पैकेटों में भरा कुल 2,370 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त, निर्माण इकाई का भी निरीक्षण किया गया, जहाँ से मिर्च पाउडर के दो, हल्दी पाउडर का एक और धनिया पाउडर का एक नमूना लिया गया। निर्माण इकाई से कुल 5,620 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। कार्रवाई में केंद्रीय दल जयपुर के खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद शर्मा, लोकेश शर्मा, अमित शर्मा और जगदीश प्रसाद के साथ पाली के खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेश चंद्र शर्मा भी शामिल थे। पाली सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला बड़े स्तर पर खाद्य पदार्थों में मिलावट कर आमजन के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का प्रतीत होता है। विभाग द्वारा लिए गए सभी नमूने जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला, जयपुर भेजे गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के अनुसार नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने आमजन से अपील की है कि वे खाद्य पदार्थों में मिलावट संबंधी कोई भी सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समय पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके। डॉ. मारवाल ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान जिले में लगातार जारी रहेगा।
राज्य सरकार के "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान के तहत, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने सुमेरपुर में मिलावटी मसालों के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान कुल 7 नमूने लिए गए और 7,990 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। यह कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देशन तथा अतिरिक्त आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) भगवत सिंह के नेतृत्व में जयपुर मुख्यालय की केंद्रीय टीम एवं सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल के संयुक्त तत्वावधान में की गई। प्राप्त सूचना के आधार पर, खाद्य सुरक्षा विभाग
की टीम ने सुमेरपुर के रीको इंडस्ट्रियल एरिया और शीतला चौक स्थित गोदाम पर संचालित चामुंडा ट्रेडिंग कंपनी पर छापा मारा। इस फर्म के मालिक मुकेश परमार बताए गए हैं। कार्रवाई के दौरान, गोदाम में सीटीसी (CTC) ब्रांड के 500 ग्राम पैक में पैक किए जा रहे हल्दी पाउडर, मिर्च पाउडर और धनिया पाउडर के नमूने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत लिए गए। साथ ही, 4,740 पैकेटों में भरा कुल 2,370 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त, निर्माण इकाई का भी निरीक्षण किया गया, जहाँ से मिर्च पाउडर के
दो, हल्दी पाउडर का एक और धनिया पाउडर का एक नमूना लिया गया। निर्माण इकाई से कुल 5,620 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। कार्रवाई में केंद्रीय दल जयपुर के खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद शर्मा, लोकेश शर्मा, अमित शर्मा और जगदीश प्रसाद के साथ पाली के खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेश चंद्र शर्मा भी शामिल थे। पाली सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला बड़े स्तर पर खाद्य पदार्थों में मिलावट कर आमजन के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का प्रतीत होता है। विभाग द्वारा लिए गए सभी नमूने जांच के
लिए खाद्य प्रयोगशाला, जयपुर भेजे गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के अनुसार नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने आमजन से अपील की है कि वे खाद्य पदार्थों में मिलावट संबंधी कोई भी सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समय पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके। डॉ. मारवाल ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान जिले में लगातार जारी रहेगा।
- राज्य सरकार के "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान के तहत, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने सुमेरपुर में मिलावटी मसालों के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान कुल 7 नमूने लिए गए और 7,990 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। यह कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देशन तथा अतिरिक्त आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) भगवत सिंह के नेतृत्व में जयपुर मुख्यालय की केंद्रीय टीम एवं सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल के संयुक्त तत्वावधान में की गई। प्राप्त सूचना के आधार पर, खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सुमेरपुर के रीको इंडस्ट्रियल एरिया और शीतला चौक स्थित गोदाम पर संचालित चामुंडा ट्रेडिंग कंपनी पर छापा मारा। इस फर्म के मालिक मुकेश परमार बताए गए हैं। कार्रवाई के दौरान, गोदाम में सीटीसी (CTC) ब्रांड के 500 ग्राम पैक में पैक किए जा रहे हल्दी पाउडर, मिर्च पाउडर और धनिया पाउडर के नमूने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत लिए गए। साथ ही, 4,740 पैकेटों में भरा कुल 2,370 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। इसके अतिरिक्त, निर्माण इकाई का भी निरीक्षण किया गया, जहाँ से मिर्च पाउडर के दो, हल्दी पाउडर का एक और धनिया पाउडर का एक नमूना लिया गया। निर्माण इकाई से कुल 5,620 किलोग्राम संदिग्ध मिलावटी मसाला जब्त किया गया। कार्रवाई में केंद्रीय दल जयपुर के खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद शर्मा, लोकेश शर्मा, अमित शर्मा और जगदीश प्रसाद के साथ पाली के खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेश चंद्र शर्मा भी शामिल थे। पाली सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला बड़े स्तर पर खाद्य पदार्थों में मिलावट कर आमजन के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का प्रतीत होता है। विभाग द्वारा लिए गए सभी नमूने जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला, जयपुर भेजे गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के अनुसार नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने आमजन से अपील की है कि वे खाद्य पदार्थों में मिलावट संबंधी कोई भी सूचना तत्काल विभाग को दें, ताकि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समय पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके। डॉ. मारवाल ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान जिले में लगातार जारी रहेगा।4
- राज्य सरकार के "शुद्ध आहार मिलावट पर वार" अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग ने सुमेरपुर में मिलावटी मसालों के कारोबार के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान विभाग की टीम ने कुल 7,990 किलोग्राम संदिग्ध मसाला जब्त किया और सात नमूने जांच के लिए जयपुर स्थित खाद्य प्रयोगशाला भेजे हैं। यह कार्रवाई आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग, डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देशन में और अतिरिक्त आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) भगवत सिंह के नेतृत्व में जयपुर मुख्यालय की केंद्रीय टीम तथा पाली चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में की गई। प्राप्त सूचना के आधार पर टीम ने रीको इंडस्ट्रियल एरिया और शीतला चौक स्थित चामुंडा ट्रेडिंग कंपनी पर छापा मारा, जिसके संचालक मुकेश परमार बताए गए हैं। जांच के दौरान, सीटीसी ब्रांड के 500 ग्राम के पैकेटों में पैक किए जा रहे हल्दी, मिर्च और धनिया पाउडर के नमूने लिए गए, और 4,740 पैकेटों में भरा 2,370 किलोग्राम संदिग्ध मसाला जब्त किया गया। टीम ने कंपनी की निर्माण इकाई का भी निरीक्षण किया, जहाँ से मिर्च पाउडर के दो, हल्दी का एक और धनिया पाउडर का एक नमूना लिया गया। इस इकाई से 5,620 किलोग्राम संदिग्ध मसाला भी जब्त किया गया। पाली के सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला बड़े स्तर पर खाद्य पदार्थों में मिलावट का प्रतीत होता है। उन्होंने यह भी कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। डॉ. मारवाल ने आमजन से मिलावट संबंधी कोई भी सूचना विभाग को देने की अपील की है और स्पष्ट किया है कि जिले में यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।3
- जालोर शहर में रविवार शाम को भेरुनाथ अखाड़े के संत प्रेम नाथ जी महाराज द्वारा 6 जून को होने वाली मंदिरों की नगर परिक्रमा कार्यक्रम के पोस्टर का विमोचन किया गया। हिंदू सेवा समिति के अंबालाल व्यास ने जानकारी देते हुए बताया कि यह नगर परिक्रमा 6 जून को सुबह 7:00 बजे जबरनाथ महादेव मंदिर से धूमधाम के साथ शुरू होगी। इस पोस्टर विमोचन कार्यक्रम के दौरान हिंदू सेवा समिति के बड़ी संख्या में पदाधिकारी भी मौजूद थे।2
- पाली शहर में इस समय अत्यंत दुखद और शोकपूर्ण माहौल व्याप्त है। सर्व हिंदू समाज, पाली द्वारा सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक पोस्टर के अनुसार, क्षेत्र की बेटी कुमकुम के आकस्मिक निधन पर कल, 01 जून 2026, सोमवार को शाम 7:00 बजे सूरजपोल, पाली में एक विशाल श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जा रहा है। इस दुखद घड़ी में दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिवार को संबल प्रदान करने के उद्देश्य से सर्व हिंदू समाज ने शहरवासियों से इस सभा में जुटने की भावुक अपील की है। इस श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आह्वान सर्व हिंदू समाज पाली, शिव सेना पाली और तखत सिंह सोलंकी सहित विभिन्न स्थानीय संगठनों द्वारा संयुक्त रूप से किया गया है। आयोजकों ने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा है कि 'भगवान शिव पुण्यात्मा कुमकुम जी की आत्मा को शांति प्रदान करें और अपने श्रीचरणों में स्थान दें। साथ ही इस असीम दुख को सहन करने के लिए शोकाकुल परिवार को शक्ति दें।'1
- प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे "वन्दे गंगा जल संरक्षण जन अभियान" के तहत रविवार को ब्यावर जिला पुलिस ने जिलेभर में एक व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण और जल बचाने का महत्वपूर्ण संदेश देना था। जिला मुख्यालय, पुलिस लाइन, सभी थाना परिसरों और अन्य पुलिस कार्यालयों में आयोजित इस विशेष अभियान में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। जिला पुलिस अधीक्षक रतन सिंह के निर्देशन में और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. अनुकृति उजैनिया के सुपरविजन में हुए इस कार्यक्रम में पुलिसकर्मियों ने कार्यालय परिसरों, थाना भवनों, सार्वजनिक स्थलों और आसपास के क्षेत्रों की गहन साफ-सफाई की। अभियान के दौरान प्लास्टिक कचरे, अनुपयोगी सामग्री और अन्य अपशिष्ट पदार्थों को एकत्र कर उनका उचित निस्तारण किया गया। कई स्थानों पर साफ-सफाई के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और जल बचाने के प्रति जागरूकता गतिविधियाँ भी आयोजित की गईं, जहाँ अधिकारियों ने पुलिसकर्मियों को जल संरक्षण के महत्व से अवगत कराया और इसे जीवन का आधार बताया। उन्होंने दैनिक जीवन में जल के विवेकपूर्ण उपयोग, वर्षा जल संचयन और पर्यावरण संरक्षण के उपायों को अपनाने का आह्वान किया। अभियान के तहत यह संदेश भी दिया गया कि स्वच्छता केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। यह बल दिया गया कि यदि समाज के सभी वर्ग स्वच्छता और जल संरक्षण के प्रति जागरूक होकर कार्य करें तो पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के साथ आने वाली पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक संसाधनों को सुरक्षित रखा जा सकता है। जिला पुलिस अधीक्षक रतन सिंह ने आमजन से अपील की कि वे जल संरक्षण, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाकर इस जन-अभियान को जन आंदोलन का रूप देने में सहयोग करें। उन्होंने यह भी बताया कि पुलिस प्रशासन 25 मई से 5 जून तक चलने वाले इस अभियान की अवधि के दौरान विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए प्रेरित करता रहेगा, जो जिले में विभिन्न विभागों द्वारा आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों की एक कड़ी है।2
- सुमेरपुर के तखतगढ़ नगर में रविवार, 31 मई को कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत के सानिध्य में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। जूना थाना क्षेत्र स्थित एक निजी भवन में हुए इस आयोजन में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व वाली प्रदेश सरकार के दो वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में ‘2 साल बेमिसाल’ विकास पुस्तिका और हिन्दू नववर्ष कैलेंडर का वितरण किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपखंड अधिकारी कालूराम कुम्हार ने केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने ‘वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान’ के महत्व पर विशेष बल देते हुए कहा कि जल ही जीवन है और इसके संरक्षण में प्रत्येक नागरिक की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। इस अवसर पर भाजपा पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने ‘2 साल बेमिसाल’ विकास पुस्तिका को सरकार की उपलब्धियों, जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों का एक महत्वपूर्ण दस्तावेज बताया। वक्ताओं ने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले दो वर्षों में विकास, सुशासन और जनसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए हैं, और इन उपलब्धियों की जानकारी आमजन तक पहुंचाने के उद्देश्य से ही इस पुस्तिका का प्रकाशन किया गया है। इस कार्यक्रम में एसडीएम कालूराम कुम्हार, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. चंदन गांधी, निवर्तमान उपाध्यक्ष मनोज नामा, पूर्व मंडल अध्यक्ष देवाराम चौधरी, पूनम सिंह, शिवराज सिंह, सुरेश कुमार सुथार, दिनेश कुमावत, नारायण देवासी सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।4
- शनिवार देर रात को पाली में अचानक आई तेज आंधी और हवा ने वाहन चालकों के लिए खासी परेशानी खड़ी कर दी। हवा का वेग इतना अधिक था कि दुपहिया वाहन चालक अपनी गाड़ी संभाल नहीं पा रहे थे, वहीं चार पहिया वाहन भी चलते-चलते हिलने-डुलने लगे। इस तेज हवा के चलते वाहन चालकों को जगह-जगह सड़क किनारे अपने वाहन खड़ा कर हवा का दबाव कम होने का इंतजार करना पड़ा।1