कानपुर देहात जनपद की एक महिला ने जालौन के पुलिस अधीक्षक को शिकायत पत्र देकर प्लॉट विवाद से जुड़े मामले में गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि भूमि विवाद के चलते उसके खिलाफ एक सुनियोजित साजिश रची गई, जिसके तहत झूठे मुकदमे दर्ज कराए गए और समझौते के बहाने बुलाकर उसके साथ मारपीट व अभद्र व्यवहार किया गया। रसूलपुर निवासी रागिनी देवी ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि उन्होंने उरई क्षेत्र के जगदेवपुर और बनफरा में प्लॉट खरीदे थे, जिनके आवश्यक दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं। महिला के अनुसार, प्लॉट खरीदने की प्रक्रिया में सहयोग करने वाले एक व्यक्ति के यहां वह कुछ समय तक रहीं, लेकिन बाद में परिस्थितियाँ बदलने पर उन्होंने वहाँ से रहना छोड़ दिया। इसके बाद उस व्यक्ति ने कथित तौर पर रंजिशवश उनके और उनके पति के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज करा दिए, जिससे उनका परिवार मानसिक, सामाजिक और आर्थिक परेशानियों का सामना कर रहा है। शिकायत में आगे यह भी आरोप लगाया गया है कि समझौते के नाम पर उन्हें उरई बुलाया गया, जहाँ उनके साथ कथित तौर पर मारपीट की गई, अभद्रता की गई और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई। महिला ने इस पूरे घटनाक्रम को पूर्व नियोजित बताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने, दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने और स्वयं व अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की मांग पुलिस अधीक्षक से की है। इस मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है और अब सभी की निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हुई हैं। यह समाचार शिकायतकर्ता द्वारा पुलिस को दिए गए शिकायती पत्र एवं लगाए गए आरोपों के आधार पर प्रकाशित किया गया है, जिसकी वास्तविक सत्यता एवं परिस्थितियां पुलिस/प्रशासनिक जांच तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेंगी।
कानपुर देहात जनपद की एक महिला ने जालौन के पुलिस अधीक्षक को शिकायत पत्र देकर प्लॉट विवाद से जुड़े मामले में गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि भूमि विवाद के चलते उसके खिलाफ एक सुनियोजित साजिश रची गई, जिसके तहत झूठे मुकदमे दर्ज कराए गए और समझौते के बहाने बुलाकर उसके साथ मारपीट व अभद्र व्यवहार किया गया। रसूलपुर निवासी रागिनी देवी ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि उन्होंने उरई क्षेत्र के जगदेवपुर और बनफरा में प्लॉट खरीदे थे, जिनके आवश्यक दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं। महिला के अनुसार, प्लॉट खरीदने की प्रक्रिया में सहयोग करने वाले एक व्यक्ति के यहां वह कुछ समय तक रहीं, लेकिन बाद में परिस्थितियाँ बदलने पर उन्होंने वहाँ से रहना छोड़ दिया। इसके बाद उस व्यक्ति ने कथित तौर पर रंजिशवश उनके और उनके पति के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज करा दिए, जिससे उनका परिवार मानसिक, सामाजिक और आर्थिक परेशानियों का सामना कर रहा है। शिकायत में आगे यह भी आरोप लगाया गया है कि समझौते के नाम पर उन्हें उरई बुलाया गया, जहाँ उनके साथ कथित तौर पर मारपीट की गई, अभद्रता की गई और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई। महिला ने इस पूरे घटनाक्रम को पूर्व नियोजित बताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने, दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने और स्वयं व अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की मांग पुलिस अधीक्षक से की है। इस मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है और अब सभी की निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हुई हैं। यह समाचार शिकायतकर्ता द्वारा पुलिस को दिए गए शिकायती पत्र एवं लगाए गए आरोपों के आधार पर प्रकाशित किया गया है, जिसकी वास्तविक सत्यता एवं परिस्थितियां पुलिस/प्रशासनिक जांच तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेंगी।
- कानपुर देहात जनपद की एक महिला ने जालौन के पुलिस अधीक्षक को शिकायत पत्र देकर प्लॉट विवाद से जुड़े मामले में गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि भूमि विवाद के चलते उसके खिलाफ एक सुनियोजित साजिश रची गई, जिसके तहत झूठे मुकदमे दर्ज कराए गए और समझौते के बहाने बुलाकर उसके साथ मारपीट व अभद्र व्यवहार किया गया। रसूलपुर निवासी रागिनी देवी ने अपने शिकायती पत्र में बताया कि उन्होंने उरई क्षेत्र के जगदेवपुर और बनफरा में प्लॉट खरीदे थे, जिनके आवश्यक दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं। महिला के अनुसार, प्लॉट खरीदने की प्रक्रिया में सहयोग करने वाले एक व्यक्ति के यहां वह कुछ समय तक रहीं, लेकिन बाद में परिस्थितियाँ बदलने पर उन्होंने वहाँ से रहना छोड़ दिया। इसके बाद उस व्यक्ति ने कथित तौर पर रंजिशवश उनके और उनके पति के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज करा दिए, जिससे उनका परिवार मानसिक, सामाजिक और आर्थिक परेशानियों का सामना कर रहा है। शिकायत में आगे यह भी आरोप लगाया गया है कि समझौते के नाम पर उन्हें उरई बुलाया गया, जहाँ उनके साथ कथित तौर पर मारपीट की गई, अभद्रता की गई और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई। महिला ने इस पूरे घटनाक्रम को पूर्व नियोजित बताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने, दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई करने और स्वयं व अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की मांग पुलिस अधीक्षक से की है। इस मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है और अब सभी की निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हुई हैं। यह समाचार शिकायतकर्ता द्वारा पुलिस को दिए गए शिकायती पत्र एवं लगाए गए आरोपों के आधार पर प्रकाशित किया गया है, जिसकी वास्तविक सत्यता एवं परिस्थितियां पुलिस/प्रशासनिक जांच तथा उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेंगी।1
- जालौन जिले में मौरंग माफियाओं ने कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ाते हुए जिला प्रशासन और पूरी व्यवस्था को एक बार फिर चुनौती दी है। खदानें बंद होने का समय नजदीक आते ही जोल्हूपुर पुल पर ओवरलोड डंपरों की मीलों लंबी कतारें लग गई हैं, जिससे भारी जाम की स्थिति पैदा हो गई है। इस घटना ने पूरे सिस्टम की साख पर एक बड़ा सवालिया निशान खड़ा कर दिया है। इस पूरे प्रकरण का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने इलाके में हड़कंप मचा दिया है। वायरल वीडियो में दर्जनों ओवरलोड डंपर जोल्हूपुर पुल पर जाम में फंसे साफ देखे जा सकते हैं। हैरानी की बात यह है कि माफिया मानसिकता के लोग खुद इस अवैध गतिविधि को रिकॉर्ड कर रहे हैं और सरेआम सिस्टम का मजाक उड़ा रहे हैं।1
- 19..shao...60..she...2026...takka...p..m. . Modi.. Ji... Ka.. Shfar... Md.. Anish.. Kuraishi.. Fattepur.. Mushangar.. Kanpur.. Dihat.. U.. P1
- जनपद कानपुर देहात में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 के अवसर पर इको पार्क, माती में एक भव्य एवं गरिमामय जिला स्तरीय योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य विषय "Yoga for Healthy Ageing" था। राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अजीत सिंह पाल ने मुख्य अतिथि के रूप में अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि, नोडल अधिकारी, जिलाधिकारी और अन्य अधिकारियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। इसके बाद, प्रशिक्षित योगाचार्यों के निर्देशन में सामूहिक योगाभ्यास कराया गया, जिसमें उपस्थित सभी लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। योगाभ्यास सत्र के दौरान विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की क्रियाओं का अभ्यास कराया गया, साथ ही योग के स्वास्थ्य संबंधी लाभों के बारे में भी जानकारी प्रदान की गई।1
- जिलाधिकारी कपिल सिंह ने शनिवार को सिकंदरा तहसील का गहन निरीक्षण किया, जहाँ उन्होंने तहसील परिसर की व्यवस्थाओं, अभिलेखों के रख-रखाव और राजस्व व जनसेवा संबंधी कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान जिलाधिकारी ने विभिन्न शाखाओं और न्यायालयों का भ्रमण कर पत्रावलियों की स्थिति, लंबित प्रकरणों और कार्यालयीय कार्यप्रणाली का परीक्षण करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी ने अभिलेखों के सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित संधारण पर विशेष जोर दिया, यह सुनिश्चित करने के लिए कि सभी पत्रावलियाँ श्रेणीबद्ध और व्यवस्थित ढंग से संरक्षित की जाएँ ताकि आवश्यकता पड़ने पर वे तत्काल उपलब्ध हों। उन्होंने नजारत शाखा में राजकीय अभिलेखों व सामग्रियों के रख-रखाव की भी समीक्षा की और लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने तहसीलदार न्यायालय, नायब तहसीलदार न्यायालय, राजस्व निरीक्षक कार्यालय और खतौनी वितरण कार्यालय का भी जायजा लिया, जहाँ उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को कार्यों में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता बनाए रखने के लिए निर्देशित किया। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने तहसील दिवस के अंतर्गत प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की आख्या की जाँच की और निर्देश दिए कि जनपद स्तरीय अधिकारियों द्वारा सत्यापन के बाद असंतुष्टि फीडबैक वाली शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई कर उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए। परिसर की स्वच्छता व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए, उन्होंने इसे साफ-सुथरा और व्यवस्थित बनाए रखने के निर्देश दिए, यह दोहराते हुए कि आमजन को बेहतर, पारदर्शी और समयबद्ध सेवाएँ उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी और तहसीलदार को प्रतिदिन सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक अनिवार्य जनसुनवाई आयोजित करने और प्राप्त शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण व समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को समयपालन, जवाबदेही और आमजन के प्रति संवेदनशील व्यवहार बनाए रखने के लिए भी निर्देशित किया। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी सिकंदरा, तहसीलदार और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।3
- इटावा से समाजवादी पार्टी के सांसद जितेंद्र कुमार दोहरे पर इंस्टाग्राम पर 'sughar_singh_saifai_official' नामक आईडी पर एक व्यक्ति ने खुद, अपनी पत्नी और बच्चों की हत्या करवाए जाने की गंभीर शंका व्यक्त की है। कानपुर देहात से मिली जानकारी के अनुसार, वायरल वीडियो में व्यक्ति ने सीधे-सीधे सांसद जितेंद्र दोहरे पर आरोप लगाया है। वायरल वीडियो में उसने साफ तौर पर कहा है कि किसी भी समय उसकी और उसके परिवार की हत्या हो सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी केवल सांसद दोहरे की होगी। इस व्यक्ति ने वीडियो के माध्यम से अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा की मांग भी रखी है। इस वीडियो के सामने आने के बाद इटावा लोकसभा क्षेत्र के ग्रामीणों में हलचल मच गई है। हालांकि, हमारा शुरू ऐप इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।1
- सिकंदरा कस्बे के गांधी नगर निवासी मोहम्मद रियाज ने शनिवार को आयोजित जिला स्तरीय सम्पूर्ण समाधान दिवस में पहुंचकर एक सार्वजनिक मार्ग पर कथित अवैध कब्जे की शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने जिलाधिकारी को सौंपे शिकायती पत्र में बताया कि नगर पंचायत द्वारा वर्ष 2003 में उक्त मार्ग पर खड़ंजा और वर्ष 2014 में इंटरलॉकिंग सड़क का निर्माण कराया गया था। शिकायतकर्ता के अनुसार, नफीस कुरैशी और तौफीक कुरैशी ने उसी सार्वजनिक मार्ग पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। आरोप है कि मार्ग पर दीवार खड़ी कर दरवाजा लगा दिया गया है, जिससे आम लोगों का आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। मोहम्मद रियाज ने यह भी कहा कि इस मामले की शिकायत पूर्व में भी संबंधित अधिकारियों से की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। पीड़ित ने जिलाधिकारी से सार्वजनिक मार्ग को अतिक्रमण मुक्त कराकर पूरी तरह खुलवाने की मांग की है, ताकि क्षेत्रवासियों को आने-जाने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी कपिल सिंह ने शिकायत की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई किए जाने का आश्वासन दिया है।1
- कालपी तहसील में जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय की अध्यक्षता में एक संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया, जहाँ उन्होंने जन समस्याओं के निस्तारण पर कड़ी सख्ती दिखाई। इस दौरान फरियादियों द्वारा कुल 145 प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किए गए, जिनमें से जिलाधिकारी ने मौके पर ही 28 शिकायतों का तुरंत निस्तारण किया। बची हुई समस्याओं के समाधान के लिए, सात अलग-अलग टीमों को तत्काल मौके पर भेजा गया। समाधान दिवस के दौरान जिलाधिकारी ने महत्वपूर्ण प्रशासनिक निर्देश भी दिए। उन्होंने नगर पालिका कालपी के रिक्त चल रहे अधिशासी अधिकारी (ईओ) के पद का कार्यवाहक दायित्व उप जिलाधिकारी कालपी अमित शेखर को सौंपा। साथ ही, भूमि संरक्षण अधिकारी के खाली पड़े पद की जिम्मेदारी जिला कृषि अधिकारी को सौंपने के निर्देश भी जारी किए गए। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह, मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ), उप जिलाधिकारी (एसडीएम), तहसीलदार सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।1