logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा ज़िले के चांपा में एक लंबे समय से चले आ रहे भूमि विवाद पर कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने प्रशासन को 30 जुलाई तक फरियादी नारायण प्रसाद को कब्जा दिलाने का निर्देश दिया है। यह फैसला 40 साल पुराने विवाद पर आया है, जिससे नारायण प्रसाद को न्याय की उम्मीद जगी है। कोर्ट ने अवैध निर्माण या बाधा को हटाने के सख्त आदेश दिए हैं। इस आदेश के बाद जांजगीर-चांपा में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। ग्राउंड ज़ीरो से रिपोर्टिंग में पता चला है कि जांच दल ने पंचनामा सौंपा है, लेकिन आरआई ने इस मामले में चुप्पी साध रखी है।

5 hrs ago
user_Bhupendra Dewangan
Bhupendra Dewangan
Local News Reporter चंपा, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़•
5 hrs ago

छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा ज़िले के चांपा में एक लंबे समय से चले आ रहे भूमि विवाद पर कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने प्रशासन को 30 जुलाई तक फरियादी नारायण प्रसाद को कब्जा दिलाने का निर्देश दिया है। यह फैसला 40 साल पुराने विवाद पर आया है, जिससे नारायण प्रसाद को न्याय की उम्मीद जगी है। कोर्ट ने अवैध निर्माण या बाधा को हटाने के सख्त आदेश दिए हैं। इस आदेश के बाद जांजगीर-चांपा में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। ग्राउंड ज़ीरो से रिपोर्टिंग में पता चला है कि जांच दल ने पंचनामा सौंपा है, लेकिन आरआई ने इस मामले में चुप्पी साध रखी है।

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा ज़िले के चांपा में एक लंबे समय से चले आ रहे भूमि विवाद पर कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने प्रशासन को 30 जुलाई तक फरियादी नारायण प्रसाद को कब्जा दिलाने का निर्देश दिया है। यह फैसला 40 साल पुराने विवाद पर आया है, जिससे नारायण प्रसाद को न्याय की उम्मीद जगी है। कोर्ट ने अवैध निर्माण या बाधा को हटाने के सख्त आदेश दिए हैं। इस आदेश के बाद जांजगीर-चांपा में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। ग्राउंड ज़ीरो से रिपोर्टिंग में पता चला है कि जांच दल ने पंचनामा सौंपा है, लेकिन आरआई ने इस मामले में चुप्पी साध रखी है।
    1
    छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा ज़िले के चांपा में एक लंबे समय से चले आ रहे भूमि विवाद पर कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने प्रशासन को 30 जुलाई तक फरियादी नारायण प्रसाद को कब्जा दिलाने का निर्देश दिया है। यह फैसला 40 साल पुराने विवाद पर आया है, जिससे नारायण प्रसाद को न्याय की उम्मीद जगी है।

कोर्ट ने अवैध निर्माण या बाधा को हटाने के सख्त आदेश दिए हैं। इस आदेश के बाद जांजगीर-चांपा में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। ग्राउंड ज़ीरो से रिपोर्टिंग में पता चला है कि जांच दल ने पंचनामा सौंपा है, लेकिन आरआई ने इस मामले में चुप्पी साध रखी है।
    user_Bhupendra Dewangan
    Bhupendra Dewangan
    Local News Reporter चंपा, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़•
    5 hrs ago
  • बिलासपुर में थाने में सुनवाई न होने पर एक पीड़ित व्यक्ति अपने 7 बच्चों को साथ लेकर आधी रात को ही सीधे एसएसपी कार्यालय फरियाद लेकर पहुंच गया। पीड़ित का आरोप है कि उसके साथ मारपीट की गई थी, लेकिन थाने में उसकी शिकायत दर्ज नहीं की गई। एसएसपी दफ्तर पहुंचकर पीड़ित ने अधिकारियों के सामने अपनी पीड़ा रखते हुए न्याय की गुहार लगाई। उसने कहा, "मैं गरीब हूँ, मेरे साथ मारपीट की गई है और मेरे 7 बच्चे हैं, साहब आप मुझे न्याय दिलाएं।"
    1
    बिलासपुर में थाने में सुनवाई न होने पर एक पीड़ित व्यक्ति अपने 7 बच्चों को साथ लेकर आधी रात को ही सीधे एसएसपी कार्यालय फरियाद लेकर पहुंच गया। पीड़ित का आरोप है कि उसके साथ मारपीट की गई थी, लेकिन थाने में उसकी शिकायत दर्ज नहीं की गई।

एसएसपी दफ्तर पहुंचकर पीड़ित ने अधिकारियों के सामने अपनी पीड़ा रखते हुए न्याय की गुहार लगाई। उसने कहा, "मैं गरीब हूँ, मेरे साथ मारपीट की गई है और मेरे 7 बच्चे हैं, साहब आप मुझे न्याय दिलाएं।"
    user_Shubham Mishra
    Shubham Mishra
    जांजगीर, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़•
    8 hrs ago
  • पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अनूठी पहल करते हुए कोरबा जिले के एक गांव में 50,000 पौधे लगाए गए हैं।
    1
    पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अनूठी पहल करते हुए कोरबा जिले के एक गांव में 50,000 पौधे लगाए गए हैं।
    user_SK Kashyapपत्रकार रींवापार
    SK Kashyapपत्रकार रींवापार
    Farmer बारपाली, कोरबा, छत्तीसगढ़•
    6 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के पाली विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बोईदा में धान की फसल तैयार होने के शुरुआती दौर में ही आवारा एवं खुले छोड़े गए बैल और मवेशी किसानों के लिए चिंता का कारण बनते जा रहे हैं। हर खेतों में बैल धान की फसल के बीच चरते नजर आए, जिससे फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि बरसात के मौसम में बड़ी मेहनत और लागत से धान की रोपाई की जाती है। ऐसे में यदि मवेशी खेतों में घुसकर फसल चरते या रौंदते हैं, तो किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। समय रहते इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया तो कई किसानों की मेहनत पर पानी फिर सकता है। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत से मांग की है कि आवारा मवेशियों की रोकथाम के लिए प्रभावी व्यवस्था की जाए। पंचायत को चाहिए कि मवेशियों को गौठान या सुरक्षित स्थान पर रखने की व्यवस्था सुनिश्चित करें तथा खेतों में उनकी आवाजाही रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए, ताकि किसानों की फसल सुरक्षित रह सके। ग्रामीणों के अनुसार कई पशुपालक अपने बैलों को खुले में छोड़ देते हैं, जिससे वे खेतों में पहुंचकर धान की पौध चरने और रौंदने लगते हैं। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत से मांग की है कि पूरे गांव में तत्काल मुनादी कराई जाए और सभी पशुपालकों को निर्देश दिया जाए कि वे अपने-अपने बैलों और मवेशियों को बांधकर रखें तथा खुले में न छोड़ें।
    1
    छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के पाली विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बोईदा में धान की फसल तैयार होने के शुरुआती दौर में ही आवारा एवं खुले छोड़े गए बैल और मवेशी किसानों के लिए चिंता का कारण बनते जा रहे हैं। हर खेतों में बैल धान की फसल के बीच चरते नजर आए, जिससे फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका बढ़ गई है।

किसानों का कहना है कि बरसात के मौसम में बड़ी मेहनत और लागत से धान की रोपाई की जाती है। ऐसे में यदि मवेशी खेतों में घुसकर फसल चरते या रौंदते हैं, तो किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। समय रहते इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया तो कई किसानों की मेहनत पर पानी फिर सकता है। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत से मांग की है कि आवारा मवेशियों की रोकथाम के लिए प्रभावी व्यवस्था की जाए। पंचायत को चाहिए कि मवेशियों को गौठान या सुरक्षित स्थान पर रखने की व्यवस्था सुनिश्चित करें तथा खेतों में उनकी आवाजाही रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए, ताकि किसानों की फसल सुरक्षित रह सके।

ग्रामीणों के अनुसार कई पशुपालक अपने बैलों को खुले में छोड़ देते हैं, जिससे वे खेतों में पहुंचकर धान की पौध चरने और रौंदने लगते हैं। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत से मांग की है कि पूरे गांव में तत्काल मुनादी कराई जाए और सभी पशुपालकों को निर्देश दिया जाए कि वे अपने-अपने बैलों और मवेशियों को बांधकर रखें तथा खुले में न छोड़ें।
    user_Durgesh maravi
    Durgesh maravi
    कोरबा, कोरबा, छत्तीसगढ़•
    2 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में हरेठी स्थित पापा ढाबा का खाद्य लाइसेंस सस्पेंड कर दिया गया है। यह कार्रवाई एक वीडियो वायरल होने के बाद की गई, जिसमें एक कर्मचारी जेंट्स टॉयलेट में प्लेट, कटोरी और अन्य बर्तन धोता हुआ दिखाई दे रहा है। यह वीडियो एक ग्राहक ने बनाया था जो खाना खाने ढाबे पर आया था। खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने जांच की और वीडियो को सही पाया। विभाग ने ढाबा संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अगर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो लाइसेंस रद्द करने की चेतावनी दी गई है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी, जिला सक्ती ने इस बारे में जानकारी दी।
    1
    छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में हरेठी स्थित पापा ढाबा का खाद्य लाइसेंस सस्पेंड कर दिया गया है। यह कार्रवाई एक वीडियो वायरल होने के बाद की गई, जिसमें एक कर्मचारी जेंट्स टॉयलेट में प्लेट, कटोरी और अन्य बर्तन धोता हुआ दिखाई दे रहा है। यह वीडियो एक ग्राहक ने बनाया था जो खाना खाने ढाबे पर आया था।

खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने जांच की और वीडियो को सही पाया। विभाग ने ढाबा संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अगर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो लाइसेंस रद्द करने की चेतावनी दी गई है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी, जिला सक्ती ने इस बारे में जानकारी दी।
    user_Lala upadhyay
    Lala upadhyay
    Local News Reporter Sakti, Chhattisgarh•
    5 hrs ago
  • जांजगीर के जिला अस्पताल में जीवनदीप समिति की भर्ती में हुई गड़बड़ी के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। इस मामले में 8 लाख 80 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि का गलत तरीके से आहरण किया गया है, जिसको लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। इस गंभीर मुद्दे को विधायक ब्यास कश्यप ने विधानसभा में उठाया था। विधायक द्वारा विधानसभा में मामला उठाए जाने के बाद अब 5 सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम इस पूरे मामले की जांच करेगी।
    1
    जांजगीर के जिला अस्पताल में जीवनदीप समिति की भर्ती में हुई गड़बड़ी के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। इस मामले में 8 लाख 80 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि का गलत तरीके से आहरण किया गया है, जिसको लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।

इस गंभीर मुद्दे को विधायक ब्यास कश्यप ने विधानसभा में उठाया था। विधायक द्वारा विधानसभा में मामला उठाए जाने के बाद अब 5 सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम इस पूरे मामले की जांच करेगी।
    user_Bhupendra lahare
    Bhupendra lahare
    Farmer मलखरोदा, सक्ती, छत्तीसगढ़•
    7 hrs ago
  • कोरबा के हरदीबाजार क्षेत्र में एचएम पिछले दस महीने से अपनी उपस्थिति नहीं दे रहे हैं। इस मामले को लेकर कई बार शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है, लेकिन इसके बाद भी अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। बार-बार ध्यान आकर्षित कराने के बावजूद जिम्मेदार पक्ष की ओर से कोई कदम न उठाए जाने से स्थिति जस की तस बनी हुई है।
    1
    कोरबा के हरदीबाजार क्षेत्र में एचएम पिछले दस महीने से अपनी उपस्थिति नहीं दे रहे हैं। इस मामले को लेकर कई बार शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है, लेकिन इसके बाद भी अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। बार-बार ध्यान आकर्षित कराने के बावजूद जिम्मेदार पक्ष की ओर से कोई कदम न उठाए जाने से स्थिति जस की तस बनी हुई है।
    user_Dwarika prasad Yadaw
    Dwarika prasad Yadaw
    हरदीबाजार, कोरबा, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
  • चांपा के वार्ड क्रमांक 10 में सड़कों की बदहाली के कारण हालात बेहद खराब हो चुके हैं और जलजमाव की वजह से सड़कों पर 'समंदर' जैसा नजारा बन गया है। गड्ढों के कारण इस मार्ग पर रोजाना हादसे हो रहे हैं और राहगीर पूरी तरह बेहाल हैं। हैरानी की बात यह है कि यह बदहाल इलाका खुद नगर पालिका अध्यक्ष का अपना वार्ड है, इसके बावजूद पालिका प्रशासन गहरी नींद में सोया हुआ है और स्थिति पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। समस्या से परेशान लोग ज्ञापन दे-देकर थक चुके हैं, लेकिन जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो अब उन्होंने उग्र होकर चक्काजाम करने की पूरी तैयारी कर ली है। स्थानीय लोगों ने पालिका प्रशासन पर साफ भेदभाव का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब शहर के अन्य वार्डों में निर्माण कार्य चालू हैं, तो बैरियर रोड के काम को रोकने के लिए आखिर बरसात का बहाना क्यों बनाया जा रहा है? 'अंधेर नगरी चौपट राजा' बने इस ढर्रे और पालिका की अनदेखी से जनता में भारी आक्रोश व्याप्त है।
    1
    चांपा के वार्ड क्रमांक 10 में सड़कों की बदहाली के कारण हालात बेहद खराब हो चुके हैं और जलजमाव की वजह से सड़कों पर 'समंदर' जैसा नजारा बन गया है। गड्ढों के कारण इस मार्ग पर रोजाना हादसे हो रहे हैं और राहगीर पूरी तरह बेहाल हैं। हैरानी की बात यह है कि यह बदहाल इलाका खुद नगर पालिका अध्यक्ष का अपना वार्ड है, इसके बावजूद पालिका प्रशासन गहरी नींद में सोया हुआ है और स्थिति पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।

समस्या से परेशान लोग ज्ञापन दे-देकर थक चुके हैं, लेकिन जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो अब उन्होंने उग्र होकर चक्काजाम करने की पूरी तैयारी कर ली है। स्थानीय लोगों ने पालिका प्रशासन पर साफ भेदभाव का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब शहर के अन्य वार्डों में निर्माण कार्य चालू हैं, तो बैरियर रोड के काम को रोकने के लिए आखिर बरसात का बहाना क्यों बनाया जा रहा है? 'अंधेर नगरी चौपट राजा' बने इस ढर्रे और पालिका की अनदेखी से जनता में भारी आक्रोश व्याप्त है।
    user_Bhupendra Dewangan
    Bhupendra Dewangan
    Local News Reporter चंपा, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़•
    7 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.