Shuru
Apke Nagar Ki App…
धूमनगंज में 8 साल पहले भी एक वीडियो वायरल हुई थी जिसमें हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद गाड़ी के प्रयागराज। 16 अगस्त 2026/ धूमनगंज में 8 साल पहले भी एक वीडियो वायरल हुई थी जिसमें हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद गाड़ी के बोनट पर पिस्टल लहराते हुए नजर आ रहा है वीडियो वायरल होने के बाद धूमनगंज पुलिस ने कार्यवाही करते हुए गिरफ्तार कर लिया था। हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद का इतिहास बहुत पुराना है अपने साथियों के साथ किसी को भी जान से मारने की धमकी देना और जानलेवा हमला करना पुरानी आदत है। नए वीडियो जो 13 अगस्त 2026 का है जान से मारने के इरादे से गोली चलाते हुए नजर आ रहा है। आइए आपको 8 साल पुरानी वायरल वीडियो को दिखलाते हैं और 8 साल पहले पुलिस ने क्या कार्रवाई करी थी वो भी आपको सुनाते हैं...!! रंजीत कुमार सोनकर (प्रधान संपादक) क्राइम एक्सपर्ट न्यूज़
Ranjeet Sonkar( प्रधान संपादक)
धूमनगंज में 8 साल पहले भी एक वीडियो वायरल हुई थी जिसमें हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद गाड़ी के प्रयागराज। 16 अगस्त 2026/ धूमनगंज में 8 साल पहले भी एक वीडियो वायरल हुई थी जिसमें हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद गाड़ी के बोनट पर पिस्टल लहराते हुए नजर आ रहा है वीडियो वायरल होने के बाद धूमनगंज पुलिस ने कार्यवाही करते हुए गिरफ्तार कर लिया था। हिस्ट्रीशीटर नविल अहमद का इतिहास बहुत पुराना है अपने साथियों के साथ किसी को भी जान से मारने की धमकी देना और जानलेवा हमला करना पुरानी आदत है। नए वीडियो जो 13 अगस्त 2026 का है जान से मारने के इरादे से गोली चलाते हुए नजर आ रहा है। आइए आपको 8 साल पुरानी वायरल वीडियो को दिखलाते हैं और 8 साल पहले पुलिस ने क्या कार्रवाई करी थी वो भी आपको सुनाते हैं...!! रंजीत कुमार सोनकर (प्रधान संपादक) क्राइम एक्सपर्ट न्यूज़
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शनिवार को लोकनाथ चौराहा स्थित प्रयागराज चौक देशभक्ति के रंग में डूब गया। प्रयाग सर्राफा मंडल के तत्वावधान में ‘एक शाम शहीदों #तिरंगे की रोशनी में नहाया, ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में उमड़ा जनसैलाब __________________________ प्रयागराज। 15 अगस्त 2026/ #स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शनिवार को लोकनाथ चौराहा स्थित प्रयागराज चौक देशभक्ति के रंग में डूब गया। प्रयाग सर्राफा मंडल के तत्वावधान में ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। #हाथों में तिरंगा लिए सैकड़ों लोगों ने श्रद्धांजलि रैली निकाली। रैली में बच्चे, युवा और बुजुर्ग सभी शामिल हुए। तिरंगे से सजी सड़कों पर ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’ और ‘जय हिंद’ के नारों से माहौल गूंज उठा। #शहीदों की याद में मोमबत्तियां जलाकर दो मिनट का मौन रखा गया। वक्ताओं ने कहा कि आज हम जो आजाद भारत में सांस ले रहे हैं, वह शहीदों के त्याग का परिणाम है। इस आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी को बलिदान की गाथाओं से जोड़ना और राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत करना है। #कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष संजय वर्मा, महामंत्री विजय सोनी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष हरेंद्र सिंह ‘लाली सरदार’, मंत्री हसीन अहमद, इंद्रनाथ वर्मा, हरीश वर्मा सहित व्यापारी और बड़ी संख्या में शहरवासी मौजूद रहे। #प्रयाग सर्राफा मंडल की इस पहल ने स्वतंत्रता दिवस की शाम को शहीदों के सम्मान से यादगार बना दिया...!! रंजीत कुमार सोनकर (प्रधान संपादक) क्राइम एक्सपर्ट न्यूज़1
- देव पब्लिक स्कूल में देशभक्ति का जश्न ,बच्चों ने किया तिरंगे को सलाम देव पब्लिक इंग्लिश मीडियम स्कूल1
- प्रयागराज। नैनी मंडल के कार्यकर्ता तिरंगा बाइक रैली प्रयागराज में हुए शामिल प्रयागराज। नैनी मंडल के कार्यकर्ताओं ने देशभक्ति के उत्साह के साथ भव्य तिरंगा बाइक रैली में सहभागिता की। रैली में उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ एवं पूर्व महापौर अभिलाषा गुप्ता सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। तिरंगा बाइक रैली का शुभारंभ बलुआघाट बारादी से हुआ। इसके बाद रैली बलुआघाट चौराहा, पांडेय चौराहा, कल्याणी देवी पेट्रोल पंप रोड, अतरसुड़िया चौराहा, रानी मंडी-कोतवाली होते हुए घंटाघर चौराहा पहुंची। यहां स्वर्गीय छुन्नन गुरु जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। इसके पश्चात रैली जानसेनगंज चौराहा, चमेलीबाई धर्मशाला होते हुए अग्रवाल इंटर कॉलेज एवं अग्रसेन चौराहा पहुंची, जहां रैली का समापन हुआ। इस अवसर पर अग्रसेन महाराज की प्रतिमा पर भी माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने तिरंगे के सम्मान और राष्ट्रभक्ति की भावना के साथ लोगों से एकजुट होकर देश के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने का आह्वान किया। रैली में प्रमुख रूप से पार्षद राकेश जायसवाल, पूर्व मंडल अध्यक्ष एवं नामित पार्षद दिलीप केसरवानी, मंडल अध्यक्ष रजत कुँअर दुबे, महामंत्री ओमप्रकाश मिश्रा, सेक्टर संयोजक जय कृष्ण तिवारी, आदर्श तिवारी, दिनेश सिंह, राकेश गुप्ता ‘बच्चा पत्रकार’, पूर्व पार्षद मुकेश भारतीय, संजय केसरवानी ‘सीमेंट’, विनोद केसरवानी, धर्मराज पटेल, विनोद जायसवाल, विजय कुमार राय सहित बड़ी संख्या में वरिष्ठ कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- तिरंगे की छांव में गूंजा राष्ट्रगान, जेल में देशभक्ति की रंगत राजेश सरकार प्रयागराज। जिला कारागार नैनी में स्वतंत्रता दिवस पूरे उत्साह, गरिमा और देशभक्ति के माहौल में मनाया गया। सुबह आठ बजे मुख्य द्वार पर वरिष्ठ जेल अधीक्षक श्रीमती अमिता दुबे ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद राष्ट्रगान के साथ कारागार परिसर देशभक्ति के भाव से गूंज उठा। समारोह में कारागार के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर महानिदेशक कारागार द्वारा उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रदान किए गए पदकों से कारागार कर्मियों को सम्मानित किया गया। सुश्री अभिलाषा उप कारापाल को हीरक पदक, जेल वार्डर दिनेश कुमार विश्वकर्मा को स्वर्ण पदक, जबकि प्रधान सहायक सियाराम मिश्र और जेल वार्डर पवन कुमार राय को रजत पदक प्रदान किया गया। वरिष्ठ जेल अधीक्षक अमिता दुबे ने पदक एवं प्रशस्ति चिह्न देकर सम्मानित किया। कारागार प्रशासन के संचालन में विशेष योगदान देने वाले प्रधान सहायक सियाराम मिश्र, हेड जेल वार्डर राजेश कुमार मिश्र तथा जेल वार्डर अवधेश यादव और सुनील कुमार यादव को भी प्रशस्ति-पत्र एवं मेडल देकर सम्मानित किया गया। उत्कृष्ट कार्य करने वाले बंदियों में सिद्धदोष बंदी अनिरुद्ध प्रताप सिंह तथा विचाराधीन बंदी रवि केसरवानी और पुष्पराज को भी सम्मान मिला। सेवानिवृत्त कारागार अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी इस अवसर पर स्मरण करते हुए सम्मानित किया गया। इसके बाद कारागार के सर्किल और मल्टीपरपज हाल में ध्वजारोहण व राष्ट्रगान हुआ, जिसमें अधिकारी-कर्मचारियों के साथ बंदी भी शामिल हुए। मल्टीपरपज हाल में महिला और पुरुष बंदियों ने लोकगीत, राष्ट्रगीत समेत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा दिखाई। बेथनी कॉन्वेंट स्कूल, नैनी के बच्चों ने भी नृत्य एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से बंदियों का मन मोह लिया। स्वतंत्रता दिवस के साथ हरियाली तीज का पर्व होने के कारण महिला बैरक में मेहंदी प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली महिला बंदी ज्योति पत्नी अंकित और द्वितीय स्थान पाने वाली सुनैना पुत्री फूलचंद्र को वरिष्ठ जेल अधीक्षक ने पुरस्कृत किया। साफ-सफाई, स्वच्छता और अनुशासन में बेहतर प्रदर्शन करने वाली बैरक संख्या 2बी, 9ए और 11 को भी पुरस्कार देकर प्रोत्साहित किया गया। समारोह को संबोधित करते हुए वरिष्ठ जेल अधीक्षक अमिता दुबे ने स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए प्रेम और सद्भावना को राष्ट्र एवं समाज के निर्माण का आधार बताया। उन्होंने सभी को इसी भावना के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया। महिला बंदियों के साथ रह रहे बच्चों और बेथनी स्कूल के बच्चों को टॉफी, मिठाई एवं अन्य सामग्री भी वितरित की गई। समारोह में कारापाल अनिल कुमार विश्वकर्मा, उप कारापाल शिखर, सौरम सिंह यादव, विजय प्रसाद और अमर सिंह समेत फार्मासिस्ट भूपेंद्र कुमार पांडेय, गिरीश चंद्र मिश्र, शिक्षाध्यापक राकेश सिंह, शिक्षाध्यापिका कल्पना कौशल सहित कारागार के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।4
- चोरी के अभियोग से सम्बन्धित 01 अभियुक्त थाना धूमनगंज पुलिस द्वारा गिरफ्तार, कब्जे से चोरी की गयी 01 मोटरसाइकिल बरामद थाना धूमनगंज पुलिस द्वारा थाना स्थानीय के पंजीकृत मु0अ0सं0 284/2026 धारा 303(2) बी0एन0एस0 से सम्बन्धित 01 अभियुक्त अनीश कुमार पुत्र हरिश्चन्द्र निवासी ग्राम मोचारा खास थाना सैनी जनपद कौशाम्बी को मुखबिर की सूचना पर आज दिनांक 15.08.2026 को रेलगांव रेलवे डाटपुल थाना क्षेत्र धूमनगंज से गिरफ्तार किया गया।1
- रामराज इंटर कॉलेज के प्रबंधक एवं प्रिंसिपल द्वारा दिया गया जनता में एकता का संदेश1
- फाफामऊ में चारों तरफ लगा भीषण जाम,लगी वाहनों की लंबी कतार प्रयागराज: फाफामऊ क्षेत्र में चारों तरफ भीषण जाम की स्थिति बन गई। करीब एक घंटे से सड़कों पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही,जाम के चलते राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। यातायात व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित।रहा,कड़ी मशक्कत के बाद यातायात बहाल कराया गया।1
- धूमनगंज थाना क्षेत्र के हरवारा में 13 अगस्त को दिनदहाड़े फायरिंग का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। दिनदहाड़े फायरिंग, हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तार ________________________ प्रयागराज। 15 अगस्त धूमनगंज थाना क्षेत्र के हरवारा में 13 अगस्त को दिनदहाड़े फायरिंग का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। पीड़ित रोहित सोनकर ने तहरीर में बताया कि वह घर जा रहा था तभी हरवारा निवासी हिस्ट्रीशीटर मोहम्मद नविल अहमद और उसका भाई मुन्ना अहमद पुत्र सुहेल अहमद मिल गए। आरोप है कि दोनों ने अवैध असलहे से जान से मारने की नीयत से उस पर फायरिंग कर दी। किसी तरह बचकर रोहित ने धूमनगंज थाने में लिखित शिकायत दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपी नविल अहमद को गिरफ्तार कर लिया। उसका भाई मुन्ना अहमद मौके से फरार हो गया। पुलिस फरार आरोपी की तलाश में दबिश दे रही है और मामले की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो को भी साक्ष्य के तौर पर खंगाला जा रहा है...!! रंजीत कुमार सोनकर (प्रधान संपादक) क्राइम एक्सपर्ट न्यूज़1
- *दो किलोमीटर की सड़क, गिट्टी सिर्फ तीन सौ मीटर! बाकी हिस्से में डामरीकरण की तैयारी, भिलोर में निर्माण कार्य ने खड़े किए बड़े सवाल* *स्वीकृत धनराशि से लेकर तकनीकी मानक तक सवालों के घेरे में—ग्रामीण बोले, पहले पूरी सड़क की गिट्टी बिछे, फिर हो डामरीकरण; जिम्मेदार विभाग बताए आखिर बाकी सड़क का हिसाब क्या है?* प्रयागराज। लालापुर से प्रतापपुर मार्ग से भिलोर गांव की ओर जाने वाली करीब दो किलोमीटर लंबी सड़क के निर्माण को लेकर मौके की स्थिति ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। शनिवार को मीडिया की पड़ताल में जो तस्वीर सामने आई, उसके मुताबिक करीब दो किलोमीटर की सड़क में आधार तैयार करने के लिए बड़ी गिट्टी का कार्य महज लगभग तीन सौ मीटर के आसपास ही दिखाई दे रहा है, जबकि शेष हिस्से में पूरी सड़क पर एकसमान गिट्टी बिछी नजर नहीं आती। कहीं गड्ढों में थोड़ी-थोड़ी गिट्टी डाली गई है तो कहीं पुरानी डामर की परत को उखाड़कर उसी सतह पर नया डामरीकरण कराने की तैयारी दिखाई दे रही है। यही अंतर अब सड़क निर्माण की गुणवत्ता से आगे बढ़कर स्वीकृत प्राक्कलन, कार्य की वास्तविक मात्रा और सरकारी धनराशि के इस्तेमाल पर सवाल खड़ा कर रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि करीब दो किलोमीटर सड़क का निर्माण स्वीकृत है और निर्माण में गिट्टी की निर्धारित परत का प्रावधान है तो फिर गिट्टी का काम केवल लगभग तीन सौ मीटर तक सीमित क्यों दिखाई दे रहा है? बाकी लगभग एक किलोमीटर सात सौ मीटर सड़क के लिए निर्धारित निर्माण प्रक्रिया कहां है? क्या उस हिस्से में पहले से मौजूद सड़क की सतह को ही आधार मानकर सीधे डामरीकरण कराया जाएगा? यदि ऐसा है तो क्या यह तकनीकी रूप से स्वीकृत है? और यदि स्वीकृति में पूरी सड़क को निर्धारित स्तर तक तैयार करने का प्रावधान है तो फिर मौके पर उसका पालन क्यों नहीं दिख रहा? ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने ठेकेदार से स्पष्ट रूप से कहा कि पहले पूरी सड़क पर आवश्यक गिट्टी डलवाई जाए और उसके बाद डामरीकरण कराया जाए, लेकिन उनकी आपत्ति के बावजूद निर्माण कार्य आगे बढ़ाया जा रहा है। सबसे बड़ा सवाल उस सूचना-पट्ट का भी है, जिससे जनता को यह पता चल सके कि सड़क किस योजना से स्वीकृत हुई, इसकी कुल लागत कितनी है, लंबाई कितनी स्वीकृत है, कार्यदायी संस्था कौन है, ठेकेदार कौन है, कार्य प्रारंभ और पूर्ण होने की तिथि क्या है तथा इसकी निगरानी किस तकनीकी अधिकारी के जिम्मे है। मौके पर यदि ऐसा बोर्ड नहीं है तो इसकी पारदर्शिता पर सवाल उठना स्वाभाविक है। ग्रामीणों के अनुसार सड़क फरवरी महीने में स्वीकृत होने की बात सामने आई थी, लेकिन लगभग छह महीने तक निर्माण शुरू नहीं हुआ। अब जब काम शुरू हुआ है तो करीब दो किलोमीटर की सड़क में महज लगभग तीन सौ मीटर हिस्से में गिट्टी बिछाने और शेष हिस्से में पुराने आधार पर काम बढ़ाने की स्थिति ने ग्रामीणों की नाराजगी बढ़ा दी है। ऐसे में अब सवाल केवल ठेकेदार की कार्यशैली का नहीं, बल्कि कार्यदायी संस्था, संबंधित अवर अभियंता, सहायक अभियंता, अधिशासी अभियंता और निगरानी करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी का भी है। यदि कार्य की माप पुस्तिका में पूरी सड़क का काम दर्ज होता है तो मौके पर उसकी भौतिक स्थिति से मिलान होना चाहिए। यदि अभी भुगतान नहीं हुआ है तो भुगतान से पहले तकनीकी जांच और माप सत्यापन होना चाहिए, और यदि भुगतान की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है तो स्वीकृत प्राक्कलन के प्रत्येक मद का मौके पर भौतिक सत्यापन कराया जाना चाहिए। इस मामले में जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा, मुख्य विकास अधिकारी हर्षिका सिंह, उप जिलाधिकारी बारा, तहसीलदार बारा, संबंधित खंड विकास अधिकारी तथा संबंधित निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता और तकनीकी अधिकारियों के स्तर से स्थलीय जांच कराया जाना आवश्यक है। जांच में सड़क की वास्तविक लंबाई, चौड़ाई, गिट्टी की मोटाई, गिट्टी की मात्रा, डामर की मोटाई, प्रयुक्त सामग्री, स्वीकृत लागत, कार्य की माप पुस्तिका और मौके पर हुए निर्माण का मिलान कराया जाए तो स्थिति स्वतः स्पष्ट हो सकती है। यदि दो किलोमीटर की सड़क के लिए पूरा बजट और पूरा निर्माण स्वीकृत है तो लगभग तीन सौ मीटर में ही आधार सामग्री का काम दिखाई देने और बाकी हिस्से में सीधे डामरीकरण की तैयारी का कारण क्या है—इसका जवाब अब ग्रामीण ही नहीं, संबंधित विभाग से भी मांगा जा रहा है। यदि निर्माण नियम और स्वीकृत मानक के अनुसार हो रहा है तो विभाग को दस्तावेजों के साथ स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए, लेकिन यदि स्वीकृत कार्य और जमीन पर हुए कार्य में अंतर पाया जाता है तो जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई भी होनी चाहिए। भिलोर की सड़क अब सिर्फ आवागमन का रास्ता नहीं रह गई है, बल्कि यह सवाल बन गई है कि सरकारी निर्माण में कागज पर दर्ज मात्रा और जमीन पर दिखाई देने वाले काम के बीच आखिर कितना फासला है?1