मितौली, खीरी में आगामी 01 जुलाई से 31 जुलाई 2026 तक संचालित होने वाले संचारी रोग नियंत्रण अभियान के सफल क्रियान्वयन और अंतरविभागीय समन्वय को सुनिश्चित करने हेतु सोमवार को ब्लॉक टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। यह बैठक खंड विकास अधिकारी कार्यालय, मितौली में खंड विकास अधिकारी विकास सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक के दौरान संचारी रोगों की रोकथाम, स्वच्छता गतिविधियों, जलभराव नियंत्रण, वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम और जनजागरूकता कार्यक्रमों के साथ-साथ विभागवार दायित्वों पर विस्तार से चर्चा की गई। सभी संबंधित विभागों को अभियान की अवधि में निर्धारित गतिविधियों को समयबद्ध और प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस अवसर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मितौली के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. देवेंद्र सिंह ने संचारी रोगों से होने वाले विभिन्न रोगों, उनके कारणों, लक्षणों और बचाव के उपायों के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने जनसामान्य को स्वच्छता अपनाने, साफ पानी का उपयोग करने, जलभराव रोकने और समय पर उपचार लेने के लिए जागरूक करने पर विशेष बल दिया। बैठक में स्वास्थ्य विभाग, पंचायती राज विभाग, शिक्षा विभाग, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, ग्राम्य विकास विभाग सहित सभी सहयोगी विभागों के अधिकारी और प्रतिनिधियों ने भाग लिया। सभी ने अभियान को सफल बनाने हेतु पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। अंत में, अध्यक्ष महोदय द्वारा सभी विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर इस अभियान को प्रभावी एवं सफल बनाने का निर्देश दिया गया।
मितौली, खीरी में आगामी 01 जुलाई से 31 जुलाई 2026 तक संचालित होने वाले संचारी रोग नियंत्रण अभियान के सफल क्रियान्वयन और अंतरविभागीय समन्वय को सुनिश्चित करने हेतु सोमवार को ब्लॉक टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। यह बैठक खंड विकास अधिकारी कार्यालय, मितौली में खंड विकास अधिकारी विकास सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक के दौरान संचारी रोगों की रोकथाम, स्वच्छता गतिविधियों, जलभराव नियंत्रण, वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम और जनजागरूकता कार्यक्रमों के साथ-साथ विभागवार दायित्वों पर विस्तार से चर्चा की गई। सभी संबंधित विभागों को अभियान की अवधि में निर्धारित गतिविधियों को समयबद्ध और प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस अवसर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मितौली के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. देवेंद्र सिंह ने संचारी रोगों से होने वाले विभिन्न रोगों, उनके कारणों, लक्षणों और बचाव के उपायों के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने जनसामान्य को स्वच्छता अपनाने, साफ पानी का उपयोग करने, जलभराव रोकने और समय पर उपचार लेने के लिए जागरूक करने पर विशेष बल दिया। बैठक में स्वास्थ्य विभाग, पंचायती राज विभाग, शिक्षा विभाग, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, ग्राम्य विकास विभाग सहित सभी सहयोगी विभागों के अधिकारी और प्रतिनिधियों ने भाग लिया। सभी ने अभियान को सफल बनाने हेतु पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। अंत में, अध्यक्ष महोदय द्वारा सभी विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर इस अभियान को प्रभावी एवं सफल बनाने का निर्देश दिया गया।
- दुधवा टाइगर रिजर्व के जंगलों में1
- Post by SUBHASH CHAND🙏1
- ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने एक बड़ा बयान देते हुए कहा कि मुसलमानों का समाजवादी पार्टी (सपा) और अखिलेश यादव के परिवार पर बड़ा एहसान है। उन्होंने सपा को स्पष्ट संदेश दिया कि यदि पार्टी को 2027 के विधानसभा चुनाव में मुस्लिम समाज का समर्थन हासिल करना है, तो उसे अनिवार्य रूप से किसी मुस्लिम नेता को मुख्यमंत्री पद के चेहरे के तौर पर घोषित करना होगा। मौलाना रजवी ने सपा पर यह आरोप भी लगाया कि पार्टी मुस्लिम समुदाय के वोट तो लेती है, लेकिन बदले में उन्हें उनकी हिस्सेदारी के अनुरूप नेतृत्व और प्रतिनिधित्व प्रदान नहीं करती है।1
- उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के तिकुनियां क्षेत्र में इन दिनों खाद की खुलेआम तस्करी चल रही है, जिसके कारण स्थानीय किसानों को खाद मिलने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, दूसरी ओर, जिन लोगों को नेपाल खाद ले जानी होती है, उन्हें यह आसानी से उपलब्ध हो जाती है। यह चिंता का विषय है कि अब नेपाली व्यक्ति भी भारत के तिकुनियां से बड़ी आसानी से खाद नेपाल ले जा रहे हैं, और उन्हें रोकने वाला कोई नहीं है। इस स्थिति से प्रशासन के ढीले रवैये का स्पष्ट संकेत मिलता है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इन तस्करों को खाद मुहैया कौन करा रहा है।1
- उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी स्थित तराई क्षेत्र में पड़ रही रिकॉर्डतोड़ गर्मी का असर दुधवा टाइगर रिजर्व के वन्यजीवों पर स्पष्ट रूप से दिख रहा है। 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचे पारे ने 'जंगल के राजा' बाघों को भी वाटर होल्स में शरण लेने पर मजबूर कर दिया है, जहाँ वे दिनभर गोते लगाते दिख रहे हैं। वनकर्मियों के अनुसार, बाघ अब शिकार छोड़कर वाटर होल्स और तालाबों का रुख कर रहे हैं, घंटों पानी में बैठकर अपने शरीर का तापमान नियंत्रित कर रहे हैं। भीषण गर्मी से बेहाल बाघों का यह अनोखा नज़ारा पर्यटकों के लिए किसी तोहफे से कम नहीं है।1
- बेंगलुरु में आयोजित NEET-UG 2026 की री-एग्जाम के दौरान शहर में उत्पन्न हुई भीषण ट्रैफिक जाम की स्थिति पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि कांग्रेस की एक विशाल रैली के कारण कई प्रमुख मार्गों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ, जिससे परीक्षा में शामिल होने जा रहे छात्रों और उनके अभिभावकों को गंभीर असुविधा का सामना करना पड़ा। इस अव्यवस्था के चलते कुछ अभ्यर्थियों के परीक्षा केंद्र तक समय पर न पहुंच पाने के दावे भी सामने आए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में कई अभिभावकों ने अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि राजनीतिक आयोजनों की वजह से छात्रों के भविष्य को दांव पर नहीं लगाया जाना चाहिए। रिपोर्टों के अनुसार, बेंगलुरु के पैलेस ग्राउंड में कांग्रेस के कार्यक्रम के कारण शहर के कई इलाकों में ट्रैफिक का भारी दबाव बढ़ गया। इस मामले को लेकर भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कांग्रेस पर सीधा निशाना साधा है, जबकि कांग्रेस के नेताओं ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि परीक्षा के प्रभावित होने के पीछे अन्य कारण भी हो सकते हैं। इस घटना ने एक बार फिर यह अहम सवाल खड़ा कर दिया है कि राष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण परीक्षाओं के दौरान प्रशासन और राजनीतिक दलों को बेहतर समन्वय सुनिश्चित करना चाहिए। जैसा कि कहा गया है, "छात्रों का भविष्य राजनीति से ऊपर है। परीक्षा के दिनों में किसी भी तरह के बड़े आयोजन से बचना सभी दलों और प्रशासन की जिम्मेदारी है।" यह आवश्यक है ताकि छात्रों को किसी भी प्रकार की अनावश्यक असुविधा का सामना न करना पड़े।1
- लखीमपुर खीरी के जंग बहादुर गंज स्थित रेलवे लाइन पार के मोहल्ले में विकास कार्यों की घोर उपेक्षा का आरोप लगाया गया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, उनके मोहल्ले की गलियों में पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था न होने के कारण खड़ज़े पर पानी भरा रहता है। शिकायत है कि नालियों का निर्माण भी सही ढंग से नहीं किया गया है, जिससे क्षेत्र में जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है।2
- छोटी काशी गोला गोकरननाथ में सोमवार के पावन अवसर पर अपने घर में माँ भगवती के स्वरूप कन्याओं का पूजन किया गया। मोहल्ला पश्चिमी दीक्षिताना स्थित एक घर में पूरे विधि-विधान से कन्या पूजन का आयोजन हुआ, जहाँ कन्याओं को घर बुलाकर उनके कोमल चरण धोए गए। परिवार की मुखिया ने सभी कन्याओं के माथे पर रोली-अक्षत का तिलक लगाकर उन्हें प्रेम और श्रद्धा से 'क्वारी' का प्रसाद परोसा। इस पूजन में कन्याओं को साक्षात देवी का रूप माना जाता है, क्योंकि इनमें देवी का वास होता है। ऐसी मान्यता है कि इन कन्याओं के आशीष से घर में सुख-शांति बनी रहती है।1