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शिमला: RDG पर घमासान विधायक बनते रहते है, पर एक बार अगर हिमाचल का हक़ छीन गया तो ..विपक्ष को सीएम सुक्खू की नसीहत विधान सभा बजट सत्र
Vikas sharma
शिमला: RDG पर घमासान विधायक बनते रहते है, पर एक बार अगर हिमाचल का हक़ छीन गया तो ..विपक्ष को सीएम सुक्खू की नसीहत विधान सभा बजट सत्र
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- शिमला: RDG पर घमासान विधायक बनते रहते है, पर एक बार अगर हिमाचल का हक़ छीन गया तो ..विपक्ष को सीएम सुक्खू की नसीहत विधान सभा बजट सत्र1
- राज्यपाल ने पूरा नहीं पढ़ा अभिभाषण, CM सुक्खू बोले- RDG हमारा हक हिमाचल प्रदेश विधानसभा सत्र के बजट के पहले दिन की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण के साथ हुई. राज्यपाल ने अभिभाषण को संवैधानिक संस्थाओं पर की गई टिप्पणियों को मर्यादा से परे बताते हुए इसे पढ़ने से इनकार कर दिया. राज्यपाल के अभिभाषण ना पढ़ने को लेकर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह ने कहा कि पहले भी ऐसा होता रहा है. उन्होंने कहा कि रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट हिमाचल प्रदेश का अधिकार है. हिमाचल प्रदेश छोटा राज्य है और इसे RDG की जरूरत है. बीजेपी विधायकों को मदद के लिए दिल्ली प्रधानमंत्री से मुलाकात करने के लिए साथ चलना चाहिए. बाइट—- सुखविंदर सिंह सुक्खू, CM, हिमाचल प्रदेश2
- डॉक्टर द्वारा बुलाई गई पत्रकार वार्ता , फेसबुक और युटुब वलोगर पर डाली गई दृष्टि और कहा #kullutodaynews #SachKiAwaaz #audio #MediaPower #HimachalNews #himachalkiawaaz #himachalpradesh #rampur #BreakingNews #kullu1
- हिमाचल की आवाज़ राम मंदिर रिवाड़ी में आयोजित पारंपरिक “बाई तमाशा” कार्यक्रम ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। गांव और आसपास के क्षेत्रों से भारी संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर में एकत्रित हुए। हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजता परिसर आस्था का अद्भुत दृश्य प्रस्तुत कर रहा था। कार्यक्रम के दौरान कलाकारों ने पारंपरिक शैली में “बाई तमाशा” की मनमोहक प्रस्तुति दी। विष्णु पद, नटाउक, छैली और नाटी जैसे लोकगीतों के मधुर गायन और भावपूर्ण नृत्य ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। खास आकर्षण रहा स्वांग नृत्य, जिसमें स्थानीय कलाकारों ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। मंदिर समिति के अनुसार, ऐसे आयोजनों का उद्देश्य समाज में धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों को सुदृढ़ करना और नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ना है। राम मंदिर में मनाया गया यह शिवरात्रि महोत्सव श्रद्धा, आस्था, एकता और सांस्कृतिक समरसता का जीवंत उदाहरण बनकर सामने आया।1
- रामशहर के प्राचीन शिव मंदिर में श्री शिव महापुराण कथा का आचार्य नरेंद्र भारद्वाज के मुखारविंद से संपन्न1
- जिला बिलासपुर के शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ाई में कमजोर बच्चों के लिए शिक्षा विभाग का प्लान कारगर साबित हुआ है। शिक्षा विभाग बिलासपुर द्वारा कमजोर बच्चों को पढ़ाई में मजबूत करने को लेकर एक प्लान तैयार किया था, जिसके साकारात्मक परिणाम भी सामने आएंगे। इस प्लान के तहत 18 जनवरी से 18 फरवरी तक शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ाई में कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं लगाई गई हैं, इसका लाभ इन बच्चों को मिला है। इस नए प्लान को तैयार करने को लेकर उच्च शिक्षा विभाग बिलासपुर की उप निदेशक रेणू कौशल की ओर से किए गए प्रयास सराहनीय रहे हैं। वहीं, अब जल्द ही अचीवर बच्चों पर भी फोकस किया जाएगा। शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने को लेकर शिक्षा विभाग द्वारा बेहतर प्रयासा किए गए हैं। उधर, इस बारे में उच्च शिक्षा उपनिदेशक बिलासपुर रेणु कौशल ने यह जानकारी दी।1
- रिपोर्ट -17 फ़रवरी बुद्धि सिंह ठाकुर सैंज। पार्वती हाइड्रो प्रोजेक्ट में गूंजा इंकलाब: मजदूरों ने भरी हुंकार! ✊ पार्वती हाइड्रो प्रोजेक्ट वर्कर यूनियन ने आज अपनी मांगों को लेकर विभिन्न साइटों पर 'पहली गेट मीटिंग' कर प्रबंधन को सीधी चेतावनी दे दी है। मणिकरण से लेकर नागबाई तक मजदूरों की एकजुटता ने यह साफ कर दिया है कि अब शोषण बर्दाश्त नहीं होगा। 📍 मुख्य मांगें जिन पर तना है 'पेच': ✅ समान काम - समान वेतन: उरी (URI) प्रोजेक्ट की तर्ज पर आउटसोर्स कर्मियों को भी मिले बराबर हक। ✅ जॉब सिक्योरिटी: 60 वर्ष की आयु तक कार्य सुरक्षा की स्पष्ट नीति। ✅ बुनियादी सुविधाएं: साप्ताहिक अवकाश, मेडिकल सुविधा और हाई-टेक सुरक्षा उपकरण। "हम कठिन परिस्थितियों में पसीना बहा रहे हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर हमें दरकिनार किया जा रहा है। अब संवाद होगा या संघर्ष, यह प्रबंधन को तय करना है।" — तेजेंद्र कुमार प्रधान, वर्कर यूनियन ने साफ किया है कि यह केवल शुरुआत है। अगर मांगें अनसुनी रहीं, तो आंदोलन और उग्र होगा।1
- राज्यपाल की अभिभाषण के साथ हिमाचल प्रदेश विधानसभा के 11वें सत्र की शुरुआत हुई. इससे पहले भाजपा ने विधानसभा परिसर में विधायक दल की बैठक की. विधायक दल की बैठक के बाद नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि सत्र को लेकर कन्फ्यूजन और असमंजस की स्थिति है. उहोंने आरोप लगाया कि सरकार विधानसभा की परंपराओं के विरुद्ध काम कर रही है. VO -- नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि 11 वें सत्र की शुरुआत के साथ ही कन्फ्यूजन की स्थिति बन गई है. बजट सत्र है, लेकिन बजट कब पेश होगा, इसकी कोई स्पष्टता नहीं है. केवल 3 दिनों की बैठक की अधिसूचना जारी की गई है. जयराम ठाकुर ने कहा कि इसको लेकर विधायकों में भी असमंजस की स्थिति है. उन्होंने कहा कि आज राज्यपाल का अभिभाषण है. इसके बाद सदन स्थगित करने और फ़िर राज्यपाल की अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा की परंपरा रही है. लेकिन सरकार नियम 102 के तहत लाए संकल्प पर चर्चा करने को आमादा है. विधायकों में भी असमंजस की स्थिति है कि आखिर क्या होने वाला है. उन्होंने कहा कि पूरा विपक्ष का एकमत है कि राज्यपाल का अभिभाषण पर चर्चा के बाद ही संकल्प पर चर्चा होनी चाहिए. सरकार ऐसे माहौल से अफरातफरी और असमंजस की स्थिति का संदेश दे रही है. सत्र को लेकर कोई स्पष्टता नहीं है. बजट पेश कब होगा, डिमांड पर डिस्कशन कब होगी, इसकी कोई क्लेरिटी नहीं है. बाइट -- जयराम ठाकुर, नेता प्रतिपक्ष1