Shuru
Apke Nagar Ki App…
वीडियो कॉल पर दोस्त से बात, फिर युवक की मौत 🚨,#madhyapradesh #gaisabad #mohrainews #latestupdates वीडियो कॉल पर दोस्त से बात, फिर युवक की मौत 🚨,#madhyapradesh #gaisabad #mohrainews #latestupdates
Etv9 national news
वीडियो कॉल पर दोस्त से बात, फिर युवक की मौत 🚨,#madhyapradesh #gaisabad #mohrainews #latestupdates वीडियो कॉल पर दोस्त से बात, फिर युवक की मौत 🚨,#madhyapradesh #gaisabad #mohrainews #latestupdates
More news from राजस्थान and nearby areas
- टोंक, राजस्थान - जिला प्रशासन और 'राजीविका' के संयुक्त तत्वावधान में टोंक जिले में 'राजसखी टोंक मेला 2026' का भव्य आयोजन किया जा रहा है। "भारत एक सूत्रधार - दिल से रची हाथों से सजी कला" के ध्येय वाक्य के साथ यह मेला स्थानीय कला और महिला उद्यमियों को एक बड़ा मंच प्रदान कर रहा है। प्रशासन की अपील उनियारा के विकास अधिकारी श्री शंकर लाल मेघवाल ने एक विशेष संदेश के माध्यम से आम जनता, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों से इस मेले में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है। उन्होंने कहा: "यह मेला हमारी ग्रामीण महिलाओं के हुनर को प्रदर्शित करने का एक शानदार अवसर है। मैं आप सभी से आग्रह करता हूँ कि कम से कम एक दिन इस मेले में अवश्य पधारें और महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को खरीदकर उनका उत्साहवर्धन करें।" मेले की मुख्य विशेषताएं: यह मेला न केवल व्यापार का केंद्र है, बल्कि राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक भी पेश करता है। विविध उत्पाद: मेले में महिलाओं द्वारा हस्तनिर्मित वस्त्र, सजावटी सामान, जैविक खाद्य पदार्थ और अन्य पारंपरिक कलाकृतियां बिक्री के लिए उपलब्ध हैं। महिला सशक्तिकरण: मेले का मुख्य उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों (SHG) से जुड़ी महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें सीधा बाजार उपलब्ध कराना है। स्टॉल्स की संख्या: मेले में 50 से अधिक स्टॉल्स लगाए गए हैं, जहाँ विभिन्न प्रकार के राजस्थानी व्यंजनों और हस्तशिल्प का लुत्फ उठाया जा सकता है। महत्वपूर्ण विवरण: अवधि: 16 मार्च से 22 मार्च 2026 तक। समय: सुबह 10:00 बजे से रात 9:00 बजे तक। स्थान: कलेक्ट्रेट परिसर, सूचना एवं जनसंपर्क केंद्र के सामने, टोंक। जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से निवेदन किया है कि वे इस उत्सव का हिस्सा बनें और 'लोकल फॉर वोकल' के संकल्प को मजबूत करें।1
- नवरात्र मेले में श्रद्धालुओं की सुविधा: इंद्रगढ़ में कल से अवध-ओर मुम्बई जयपुर सुपरफास्ट ट्रैन का होगा अस्थायी ठहराव।1
- Post by Meena vati frameworksong Meena1
- सवाई माधोपुर राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन आज, विवादों का आपसी सहमति से होगा निस्तारण। जिला न्यायाधीश देवेंद्र दीक्षित मिडिया से हुए रूबरू1
- कोटा शहर में गाड़ी की टक्कर के बाद विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हिंसक झड़प में बदल गया। जानकारी के अनुसार विनोवाभावे नगर निवासी 34 वर्षीय विष्णु कुमार पुत्र रामदयाल, जो प्राइवेट नौकरी करते हैं, अपने साथी तरुण कुमार नागर पुत्र किशनलाल (35) निवासी संतोषी नगर के साथ पैदल जा रहे थे। इसी दौरान एक कार चालक ने उन्हें टक्कर मार दी। जब दोनों युवकों ने गाड़ी चालक को टोका और इसका विरोध किया तो विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि गाड़ी चालक ने तुरंत फोन कर अपने साथियों को मौके पर बुला लिया। कुछ ही देर में करीब 50 से 60 युवक वहां पहुंच गए और उन्होंने पत्थरों, तलवार और लोहे के पाइप से हमला कर दिया। अचानक हुए इस हमले में विष्णु कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद आसपास के लोगों में भी अफरा-तफरी मच गई। घायल विष्णु कुमार को तुरंत उपचार के लिए कोटा के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज जारी है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जानकारी जुटा रही है। फिलहाल पुलिस आरोपियों की तलाश और मामले की जांच में जुटी हुई है। 🚨1
- स्थान: बमनपुरा, हिंडौन सिटी (करौली) हिंडौन सिटी। जहाँ एक ओर हम आधुनिक भारत और चमकते स्कूलों की बात करते हैं, वहीं राजस्थान के बमनपुरा से आई एक तस्वीर दिल को झकझोर देने वाली है। यहाँ के 'राजकीय महात्मा गांधी विद्यालय' में पढ़ने वाले एक मासूम बच्चे की व्यथा सुनकर आज हर आँख नम है। "जब दादा की पेंशन आएगी, तब कपड़े आएंगे" इस बच्चे के सिर से माता-पिता का साया उठ चुका है। घर की आर्थिक स्थिति ऐसी है कि तन ढकने के लिए नई स्कूल ड्रेस भी एक "लक्जरी" बन गई है। जब स्कूल में अन्य बच्चों को साफ-सुथरी वर्दी में देखा, तो इस मासूम ने अपनी लाचारी एक ही वाक्य में बयां कर दी— "अभी पैसे नहीं हैं, जब दादा जी की पेंशन आएगी, तब नई ड्रेस आएगी।" यह शब्द केवल एक बच्चे की जरूरत नहीं, बल्कि उस संघर्ष की कहानी हैं जो वह हर दिन जी रहा है। दादा की पेंशन ही इस घर का इकलौता सहारा है, और उसी छोटी सी राशि पर मासूम के सुनहरे भविष्य और बुनियादी जरूरतों की उम्मीदें टिकी हैं। गुरु ने निभाया 'पिता' का धर्म बच्चे की इस बेबसी को देखकर विद्यालय के शिक्षकों का दिल पसीज गया। स्कूल के गुरुजी ने मिसाल पेश करते हुए न केवल बच्चे को ढांढस बंधाया, बल्कि अपनी ओर से उसे शर्ट और पैंट (ड्रेस) भेंट की। शिक्षक के इस छोटे से कदम ने बच्चे के चेहरे पर वो मुस्कान लौटा दी, जो गरीबी की परतों के नीचे कहीं दब गई थी। विद्यालय प्रशासन और स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे बच्चों को सरकारी योजनाओं के साथ-साथ सामाजिक सहयोग की भी सख्त जरूरत है। मुख्य बिंदु: स्थान: राजकीय महात्मा गांधी विद्यालय, बमनपुरा (हिंडौन)। स्थिति: माता-पिता का निधन, दादा की पेंशन पर निर्भरता। प्रेरणा: शिक्षक द्वारा स्वयं के खर्च पर ड्रेस उपलब्ध कराना। यह कहानी हमें याद दिलाती है कि हमारे आसपास ऐसे कई 'नन्हे सितारे' हैं जो अभावों के अंधेरे में भी पढ़ने की हिम्मत जुटा रहे हैं। प्रशासन और समाज को मिलकर यह सुनिश्चित करना होगा कि किसी भी बच्चे की शिक्षा और उसके सपने सिर्फ "पेंशन के पैसों" के इंतजार में न दम तोड़ें।1
- वीडियो कॉल पर दोस्त से बात, फिर युवक की मौत 🚨,#madhyapradesh #gaisabad #mohrainews #latestupdates1
- इंद्रगढ़ इलाके में बाबई के पास खड़े ट्रक में घुसी बाइक, युवक हुआ गंभीर घायल।1
- सवाई माधोपुर राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के अध्यक्ष के मार्गदर्शन में सवाई माधोपुर न्यायक्षेत्र के न्यायालयों में आज दिनांक 14 मार्च 2026 को इस वर्ष की प्रथम राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है। राष्ट्रीय लोक अदालत हेतु जिले में कुल 10 बैंचों का गठन किया गया है। जिला मुख्यालय सवाई माधोपुर पर चार, गंगापुर सिटी में दो तथा बौंली, खण्डार, बामनवास एवं चौथ का बरवाड़ा में एक-एक बैंच के माध्यम से प्री-लिटीगेशन स्तर के राजीनामा योग्य प्रकरणों एवं न्यायालयों में लंबित राजीनामा योग्य प्रकरणों का आपसी समझाईश के माध्यम से निस्तारण किया जावेगा।1