रीवा के चोरहटा थाना क्षेत्र में गुरुवार रात बायपास पर शराब के नशे में धुत चार कार सवार युवकों ने एक ट्रक ड्राइवर और कंडक्टर के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिसमें ट्रक ड्राइवर को गंभीर चोटें आई हैं। यह घटना कार और ट्रक के बीच हुई एक मामूली टक्कर के बाद हुई, जिसके बाद नशे में चूर युवकों ने ट्रक को रोककर ड्राइवर और कंडक्टर को गाड़ी से नीचे उतारा और उनसे मारपीट शुरू कर दी। सूचना मिलने पर चोरहटा थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायल ड्राइवर को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया और दोनों पक्षों को उनके वाहनों सहित थाने ले आई, जहाँ मामले को संज्ञान में लिया गया। चोरहटा थाना पुलिस के अनुसार, कार सवार सभी युवक नशे की हालत में थे। एसआई ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 323 (जानबूझकर चोट पहुँचाना) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज किया गया है। साथ ही, शराब पीकर वाहन चलाने के आरोप में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है और सभी आरोपियों का मेडिकल कराया जा रहा है। एसआई ने स्पष्ट किया कि मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले की आगे की जाँच जारी है।
रीवा के चोरहटा थाना क्षेत्र में गुरुवार रात बायपास पर शराब के नशे में धुत चार कार सवार युवकों ने एक ट्रक ड्राइवर और कंडक्टर के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिसमें ट्रक ड्राइवर को गंभीर चोटें आई हैं। यह घटना कार और ट्रक के बीच हुई एक मामूली टक्कर के बाद हुई, जिसके बाद नशे में चूर युवकों ने ट्रक को रोककर ड्राइवर और कंडक्टर को गाड़ी से नीचे उतारा और उनसे मारपीट शुरू कर दी। सूचना मिलने पर चोरहटा थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायल ड्राइवर को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया और दोनों पक्षों को उनके वाहनों सहित थाने ले आई, जहाँ मामले को संज्ञान में लिया गया। चोरहटा थाना पुलिस के अनुसार, कार सवार सभी युवक नशे की हालत में थे। एसआई ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 323 (जानबूझकर चोट पहुँचाना) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज किया गया है। साथ ही, शराब पीकर वाहन चलाने के आरोप में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है और सभी आरोपियों का मेडिकल कराया जा रहा है। एसआई ने स्पष्ट किया कि मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले की आगे की जाँच जारी है।
- रीवा के चोरहटा थाना क्षेत्र में गुरुवार रात बायपास पर शराब के नशे में धुत चार कार सवार युवकों ने एक ट्रक ड्राइवर और कंडक्टर के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिसमें ट्रक ड्राइवर को गंभीर चोटें आई हैं। यह घटना कार और ट्रक के बीच हुई एक मामूली टक्कर के बाद हुई, जिसके बाद नशे में चूर युवकों ने ट्रक को रोककर ड्राइवर और कंडक्टर को गाड़ी से नीचे उतारा और उनसे मारपीट शुरू कर दी। सूचना मिलने पर चोरहटा थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने घायल ड्राइवर को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया और दोनों पक्षों को उनके वाहनों सहित थाने ले आई, जहाँ मामले को संज्ञान में लिया गया। चोरहटा थाना पुलिस के अनुसार, कार सवार सभी युवक नशे की हालत में थे। एसआई ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 323 (जानबूझकर चोट पहुँचाना) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज किया गया है। साथ ही, शराब पीकर वाहन चलाने के आरोप में मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत भी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है और सभी आरोपियों का मेडिकल कराया जा रहा है। एसआई ने स्पष्ट किया कि मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले की आगे की जाँच जारी है।1
- मध्य प्रदेश के मैहर जिले की ग्राम पंचायत देवरा से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहाँ 2021-2022 में दुर्गा देवी नामक एक महिला ने अपने जीवित पति वीरान को मृत घोषित करवाकर एक शासकीय योजना का वित्तीय लाभ उठा लिया। यह पूरा कृत्य सरपंच और सचिव की मिलीभगत से अंजाम दिया गया, जबकि महिला के पति वीरान आज भी जीवित हैं, जो इस घटना को और भी गंभीर बना देता है। यह मामला निजी स्वार्थ के चलते सरकारी योजनाओं के दुरुपयोग का एक स्पष्ट उदाहरण है और इसने प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सरपंच और सचिव की मिलीभगत ने प्रशासनिक तंत्र की खामियों को भी उजागर किया है, जो दर्शाता है कि कैसे कुछ लोग अनैतिक तरीकों से सरकारी लाभ उठाने के लिए नियमों का उल्लंघन करते हैं। यह मामला अब जिला कलेक्टर के संज्ञान में आ चुका है, और अधिकारियों से अपेक्षा की जा रही है कि वे इसकी गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे। हालांकि, इस बात की आशंका भी जताई जा रही है कि जांच में कोई ठोस कार्यवाही न भी हो।1
- सतना जिले के सिंहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत शिवराजपुर स्थित प्रसिद्ध काली मंदिर में बुधवार देर रात एक बड़ी चोरी की घटना सामने आई है। चोर मंदिर में लगी करीब 22 किलो चांदी की नक्काशी चोरी कर ले गए हैं, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 50 लाख रुपये बताई जा रही है। इस वारदात से पूरे क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का माहौल व्याप्त है। यह महज एक महीने के भीतर इसी मंदिर में हुई दूसरी बड़ी चोरी है; इससे पहले 2 जून को भी मंदिर से करीब 3 किलो चांदी की चोरी हुई थी। बताया जाता है कि मंदिर में कुल 25 किलो से अधिक चांदी की नक्काशी शिवराजपुर निवासी और महाराष्ट्र के उद्योगपति रुद्र प्रताप त्रिपाठी द्वारा श्रद्धा स्वरूप भेंट की गई थी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि घटना की सूचना देने के बावजूद सिंहपुर पुलिस एफआईआर दर्ज करने में हीलाहवाली कर रही है। हालांकि, पुलिस की ओर से इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लगातार हो रही इन चोरियों के बाद ग्रामीणों ने पुलिस से जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी, चोरी गई चांदी की बरामदगी और मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की है।1
- वार्ड क्रमांक 11, इटमा बकुली के हनुमान मंदिर के पास बनी अमरपाटन-रामपुर मार्ग को जोड़ने वाली सड़क के घटिया निर्माण को लेकर सीएम हेल्पलाइन 181 पर शिकायत दर्ज कराई गई है। शिकायत में कहा गया है कि सड़क जगह-जगह से उखड़ चुकी है, जो निर्माण में गंभीर लापरवाही का स्पष्ट संकेत है। हालांकि, इस पर कार्रवाई करने के बजाय, शिकायत को लोक निर्माण विभाग, नगर परिषद उचेहरा और फिर अन्य विभागों के बीच लगातार घुमाया जा रहा है, जिससे शिकायतकर्ता ने इसे विभागों का 'फाइल घुमाओ अभियान' बताया है। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि समस्या का समाधान करने के बजाय, उन्हें बार-बार फोन कर शिकायत वापस लेने, बंद करने और 'संतुष्ट' बताने के लिए दबाव डाला जा रहा है। इस स्थिति पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए, सवाल उठाया गया है कि क्या सीएम हेल्पलाइन का उद्देश्य जनता को न्याय दिलाना है या शिकायतों को ट्रांसफर कर-करके थका देना और अंततः फोर्स क्लोज करना है। शिकायतकर्ता ने लोक निर्माण विभाग को 'लोक लूट विभाग' तक कहा है, विशेषकर नगर परिषद रामपुर बघेलान की सड़कों के मामले में। सरकार से सीधा सवाल किया गया है कि क्या सीएम हेल्पलाइन जनता की मदद के लिए बनी है या विभागों को जवाबदेही से बचाने के लिए। जनता न्याय और समाधान चाहती है, न कि फाइलों का खेल या मानसिक उत्पीड़न। शिकायतकर्ता ने स्पष्ट किया है कि जब तक दोषी अधिकारियों और ठेकेदारों पर कार्रवाई नहीं होती, उनकी आवाज उठती रहेगी।1
- मैहर जिला के अंतर्गत ग्राम पंचायत देवरा से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक महिला ने अपने जीवित पति को मृत घोषित करवाकर शासकीय योजना का लाभ उठाया। यह मामला 2021-2022 का है, जब दुर्गा देवी नामक महिला ने सरपंच और सचिव की कथित मिलीभगत से सरकारी योजना के तहत वित्तीय लाभ प्राप्त किया, जबकि उनके पति वीरान आज भी जीवित हैं। यह घटना प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है, क्योंकि यह सरपंच और सचिव के साथ मिलीभगत का स्पष्ट मामला प्रतीत होता है। इससे यह भी उजागर होता है कि कैसे कुछ लोग अपने निजी स्वार्थ के चलते सरकारी योजनाओं का दुरुपयोग करने के लिए अनैतिक मार्ग अपनाते हैं, और प्रशासनिक तंत्र की खामियों का लाभ उठाते हैं। जिला कलेक्टर के संज्ञान में यह मामला आने के बाद, जल्द ही इस पर कार्रवाई की उम्मीद की जा रही है। हालांकि, इस बात की आशंका भी व्यक्त की गई है कि जांच में कोई ठोस कार्यवाही न हो। अधिकारियों से अपेक्षा की गई है कि वे इस मामले की गहन जांच करें और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें, ताकि सरकारी योजनाओं के दुरुपयोग और प्रशासनिक खामियों को रोका जा सके।1
- सतना की उचेहरा पुलिस ने मंदिरों में चोरी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिसमें चोरी का सामान खरीदने वाले भी शामिल हैं। यह कार्रवाई उचेहरा क्षेत्र के 6 मंदिरों से पीतल के घंटे और अन्य सामग्री चोरी करने के मामले में की गई है। इस दौरान पुलिस ने कुल 37,600 रुपये मूल्य का चोरी किया गया सामान बरामद किया है। पुलिस अधीक्षक सतना के निर्देश और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में उचेहरा थाना प्रभारी सतीश मिश्रा और उनकी टीम ने मिलकर लगातार हो रही मंदिर चोरियों के इस बड़े मामले का खुलासा किया। पकड़े गए चोरों और सामान खरीदने वालों से पूछताछ में उन्होंने उचेहरा क्षेत्र के कई मंदिरों से चोरी की घटनाओं को स्वीकार किया। बरामद सामग्री में पीतल के घंटे, कलश और मंदिर के सिक्के शामिल हैं। गिरफ्तार किए गए 8 आरोपियों में अमित कोल (22), अतुल साकेत (28), प्रीतम साकेत (24), विनय साकेत (23), योगेन्द्र उर्फ ओम साकेत (26) (सभी उरदनी, थाना उचेहरा निवासी), राजेश ताम्रकार (50), विजय ताम्रकार (40) और कैलाश ताम्रकार (41) (सभी उचेहरा निवासी) शामिल हैं। पुलिस ने बताया है कि इस गिरोह का एक आरोपी अभी भी फरार है। बरामद की गई विशिष्ट सामग्री में 11-11 किलोग्राम के 2 पीतल के घंटे (कीमत ₹17,600), 5-5 किलोग्राम के 2 पीतल के घंटे (कीमत ₹8,000), 3 किलोग्राम का 1 घंटा (कीमत ₹2,400), 2.5-2.5 किलोग्राम के 2 घंटे (कीमत ₹4,000), 1-1 किलोग्राम के 2 घंटे (कीमत ₹1,600) और एक पीतल का कलश (कीमत ₹4,000) के साथ मंदिर के सिक्के भी शामिल हैं। गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है।2
- सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?सुनिए बेरमा के महापुरुष ने क्या कहा?1
- मध्य प्रदेश के सतना जिले के शिवराजपुर स्थित प्रसिद्ध काली मंदिर में लगभग ₹50 लाख मूल्य की 22 किलोग्राम चांदी चोरी हो गई है। इस गंभीर घटना के बावजूद, पुलिस अभी तक प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज नहीं कर रही है। यह एक महीने के भीतर इसी मंदिर में हुई लगातार दूसरी चोरी की घटना है। ठीक एक महीने पहले, 2 जून को मंदिर से 3 किलोग्राम चांदी चोरी हुई थी, और अब आज, 2 जुलाई को 22 किलोग्राम चांदी चोरी हो गई है। चोरी की इन घटनाओं और पुलिस द्वारा FIR दर्ज न किए जाने को लेकर हिंदू समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है।1