भारतीय सेना के जवान नवनीत गुर्जर, जो देश की सीमाओं पर तैनात हैं, अब अपनी पुश्तैनी जमीन को लेकर न्याय की गुहार लगा रहे हैं। उन्होंने जिला कलेक्टर को एक आवेदन देकर आरोप लगाया है कि तहसील न्यायालय के बंटवारा आदेश के बावजूद राजस्व रिकॉर्ड में गलत तरीके से नाम दर्ज कर दिए गए हैं। जवान ने कहा है कि न्यायालय के आदेश के अनुरूप रिकॉर्ड में संशोधन नहीं किया गया, जिससे उन्हें अपनी पैतृक संपत्ति पर अधिकार संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर अनियमितता को लेकर जवान नवनीत गुर्जर ने कलेक्टर से मांग की है कि राजस्व अभिलेखों में न्यायालय के आदेश के अनुसार आवश्यक सुधार कराया जाए। इसके साथ ही, उन्होंने कथित लापरवाही या अनियमितता के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जांच कर उनके विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की भी अपील की है। फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
भारतीय सेना के जवान नवनीत गुर्जर, जो देश की सीमाओं पर तैनात हैं, अब अपनी पुश्तैनी जमीन को लेकर न्याय की गुहार लगा रहे हैं। उन्होंने जिला कलेक्टर को एक आवेदन देकर आरोप लगाया है कि तहसील न्यायालय के बंटवारा आदेश के बावजूद राजस्व रिकॉर्ड में गलत तरीके से नाम दर्ज कर दिए गए हैं। जवान ने कहा है कि न्यायालय के आदेश के अनुरूप रिकॉर्ड में संशोधन नहीं किया गया, जिससे उन्हें अपनी पैतृक संपत्ति पर अधिकार संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर अनियमितता को लेकर जवान नवनीत गुर्जर ने कलेक्टर से मांग की है कि राजस्व अभिलेखों में न्यायालय के आदेश के अनुसार आवश्यक सुधार कराया जाए। इसके साथ ही, उन्होंने कथित लापरवाही या अनियमितता के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जांच कर उनके विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की भी अपील की है। फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
- शिवपुरी जिले के करैरा में प्रशासन ने शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त रखने के लिए कड़ा रुख अपनाया है। मंगलवार को एसडीएम अनुपम शर्मा और तहसीलदार ललित शर्मा ने राजस्व विभाग तथा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचकर शासकीय भूमि का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने पैदल भ्रमण कर क्षेत्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और स्पष्ट कर दिया कि सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा स्वीकार नहीं किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान, शासकीय सर्वे क्रमांक-177 की भूमि पर एक चेतावनी सूचना बोर्ड भी लगाया गया है। इस बोर्ड पर यह उल्लेख किया गया है कि इस भूमि पर अवैध कब्जा करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। एसडीएम अनुपम शर्मा ने इस बात पर जोर दिया कि शासकीय भूमि एक सार्वजनिक संपत्ति है और इसका संरक्षण प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी भूमि पर अतिक्रमण से विकास कार्यों में बाधा उत्पन्न होती है, अतः शिकायत मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। वहीं, तहसीलदार ललित शर्मा ने राजस्व अमले को नियमित निरीक्षण करने और किसी भी नए अतिक्रमण को शुरुआती स्तर पर ही रोकने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अतिक्रमण का प्रयास करने वालों के खिलाफ राजस्व और कानूनी प्रावधानों के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस निरीक्षण के दौरान पुलिस बल भी मौजूद रहा। अधिकारियों ने राजस्व अभिलेखों का परीक्षण किया, सीमाओं का अवलोकन किया और संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन की इस कार्रवाई का स्वागत करते हुए ऐसे अभियानों को नियमित रूप से चलाने की मांग की, ताकि सार्वजनिक भूमि सुरक्षित रहे और विकास कार्यों में कोई बाधा न आए। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी शासकीय भूमि पर अवैध अतिक्रमण की जानकारी मिलती है, तो वे इसकी सूचना तत्काल राजस्व विभाग को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।1
- प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के शिवपुरी जिले के प्रस्तावित भ्रमण को लेकर जिला प्रशासन तैयारियों में जुट गया है। इसी क्रम में, आज कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट श्री अर्पित वर्मा ने प्रस्तावित स्थलों का निरीक्षण किया, ताकि आयोजन की सफलता और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके। अपने निरीक्षण के दौरान, कलेक्टर श्री अर्पित वर्मा ने सबसे पहले पोलोग्राउंड और गांधी पार्क का जायजा लिया, जहाँ उन्होंने स्थल की भौतिक स्थिति, सुरक्षा मानकों और जनसुविधाओं की उपयोगिता का बारीकी से मूल्यांकन किया। इसके बाद, उन्होंने हवाईपट्टी का दौरा किया और वहाँ की तकनीकी व्यवस्थाओं तथा सुरक्षा प्रबंधों का मुआयना करते हुए प्रशासनिक दृष्टिकोण से हर बिंदु पर विचार-विमर्श किया। इस दौरान, शिवपुरी विधायक श्री देवेंद्र जैन, कोलारस विधायक श्री महेंद्र सिंह यादव, जिलाध्यक्ष श्री जसवंत जाटव एवं श्री हरवीर रघुवंशी ने भी स्थलों का अवलोकन किया। उन्होंने प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित करते हुए महत्वपूर्ण सुझाव दिए और मुख्यमंत्री जी के संभावित आगमन को देखते हुए एक सुव्यवस्थित कार्ययोजना तैयार करने पर जोर दिया। अपर कलेक्टर श्री दिनेश चंद्र शुक्ला, एसडीएम श्री आनंद राजावत, संयुक्त कलेक्टर श्री अनुराग निंगवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि और संबंधित अधिकारी भी मौके पर उपस्थित रहे।3
- माता-पिता की संपत्ति पर अब भाई-बहनों को बराबर का अधिकार मिलेगा।1
- मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के पड़रिया स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से सामने आए एक वायरल वीडियो ने शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में दावा किया जा रहा है कि विद्यालय के विज्ञान शिक्षक कक्षा के दौरान अपनी कुर्सी पर सोते हुए दिखाई दिए, जबकि छात्र-छात्राएं अपनी सीटों पर शांतिपूर्वक बैठकर पढ़ाई शुरू होने का इंतजार करते रहे। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब रिकॉर्ड किया गया और न ही इसकी आधिकारिक पुष्टि हुई है। यदि यह वीडियो सही पाया जाता है, तो इसे केवल एक शिक्षक की लापरवाही नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य से जुड़ा एक गंभीर मामला माना जाएगा। अब सभी की नजर प्रशासन की ओर से की जाने वाली जांच और संभावित कार्रवाई पर बनी हुई है।1
- मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के नरवर क्षेत्र में साँपों की दुनिया का एक बेहद हैरान कर देने वाला और दुर्लभ मामला सामने आया है। यहां एक साँप दूसरे साँप को निगलता हुआ दिखाई दिया, जिसे देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ मौके पर जमा हो गई। इस असामान्य घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया गया, जो अब चर्चा का विषय बना हुआ है। घटना की जानकारी मिलते ही सर्प मित्र सलमान पठान तत्काल मौके पर पहुंचे। उन्होंने सावधानीपूर्वक रेस्क्यू अभियान चलाकर दोनों साँपों को सुरक्षित रूप से कब्जे में लिया और फिर उन्हें प्राकृतिक आवास (जंगल) में छोड़ दिया। वन्यजीव जानकारों के अनुसार, कुछ विशेष परिस्थितियों में साँप दूसरे साँपों का भी शिकार कर लेते हैं, हालांकि ऐसे मामले बहुत ही कम देखने को मिलते हैं।1
- नरवर के ग्रामीणों और आम नागरिकों ने नरवर-मगरौनी और थरखेड़ा क्षेत्र में कथित रूप से गांव-गांव बिक रही अवैध कमीशन शराब और नशे के कारोबार पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। इसी सिलसिले में सोमवार को उन्होंने नरवर तहसीलदार और थाना प्रभारी को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि बड़े पैमाने पर अवैध शराब की बिक्री के कारण युवाओं में नशे की लत बढ़ रही है, जिससे क्षेत्र का सामाजिक माहौल बिगड़ रहा है। ग्रामीणों ने विशेष रूप से धार्मिक और पर्यटन स्थल लौड़ी माता मंदिर के पास स्थित शराब की दुकान को हटाने की मांग की, क्योंकि वहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं, फिर भी शराब दुकान के कारण आए दिन विवाद और झगड़े होते हैं। इसके अतिरिक्त, ज्ञापन में मगरौनी क्षेत्र में नशे के कारण कई परिवारों के प्रभावित होने का उल्लेख किया गया है, साथ ही हाल ही में हुई एक मारपीट की घटना का जिक्र करते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री को तुरंत बंद करने और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि 7 दिनों के भीतर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई, तो क्षेत्र की जनता आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। प्रशासन की ओर से फिलहाल ज्ञापन प्राप्त कर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है।2
- भारतीय सेना के जवान नवनीत गुर्जर, जो देश की सीमाओं पर तैनात हैं, अब अपनी पुश्तैनी जमीन को लेकर न्याय की गुहार लगा रहे हैं। उन्होंने जिला कलेक्टर को एक आवेदन देकर आरोप लगाया है कि तहसील न्यायालय के बंटवारा आदेश के बावजूद राजस्व रिकॉर्ड में गलत तरीके से नाम दर्ज कर दिए गए हैं। जवान ने कहा है कि न्यायालय के आदेश के अनुरूप रिकॉर्ड में संशोधन नहीं किया गया, जिससे उन्हें अपनी पैतृक संपत्ति पर अधिकार संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर अनियमितता को लेकर जवान नवनीत गुर्जर ने कलेक्टर से मांग की है कि राजस्व अभिलेखों में न्यायालय के आदेश के अनुसार आवश्यक सुधार कराया जाए। इसके साथ ही, उन्होंने कथित लापरवाही या अनियमितता के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जांच कर उनके विरुद्ध उचित कार्रवाई करने की भी अपील की है। फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।1
- करेरा तहसील के टीला रोड क्षेत्र में एक मृत गाय को ट्रैक्टर से रस्सी बांधकर ले जाने का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिससे लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। इस मामले को लेकर गौ सेवकों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। गौ सेवक अर्जुन पंडित ने आरोप लगाया है कि संबंधित व्यक्ति ने गाय की मौत के बाद उसके शव को रस्सी से बांधकर पहाड़ी क्षेत्र में ले जाकर फेंकने का प्रयास किया। उनका कहना है कि इस घटना का वीडियो किसी व्यक्ति ने बनाकर सोशल मीडिया पर साझा कर दिया, जिसके बाद यह मामला चर्चा में आया। वहीं, गौ सेवा समिति के जिला अध्यक्ष पुष्पेंद्र तिवारी ने भी प्रशासन से मामले की गंभीरता से जांच करने और दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पशुओं के प्रति क्रूरता किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं है। गौ सेवकों ने प्रशासन से यह भी मांग की है कि मृत गौवंश के सम्मानजनक अंतिम संस्कार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए एक विशेष अभियान चलाया जाए।1