कोंच तहसील के तीतरा खलीलपुर गांव में श्मशान घाट की व्यवस्था न होने पर ग्रामीणों में आक्रोश, बारिश में 5 घंटे शव लेकर करते रहे इंतजार कोंच नदीगांव विकासखंड क्षेत्र के तीतरा खलीलपुर गांव में मंगलवार दोपहर 2 बजे श्मशान घाट की उचित व्यवस्था न होने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। 47 वर्षीय शिव कुमार की कैंसर की बीमारी के चलते मौत के बाद परिजन और ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए शव लेकर पहुंचे, लेकिन बारिश के कारण करीब पांच घंटे तक शव को खुले में रखकर बारिश रुकने का इंतजार करते रहे। सूचना मिलने पर पुलिस और राजस्व टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने मृतक के परिजनों और ग्रामीणों की फोन के माध्यम से एसडीएम कोंच अभिनव कुमार से बातचीत कराई। एसडीएम के आश्वासन के बाद रिमझिम बारिश के बीच खुले में ही शिव कुमार का अंतिम संस्कार कराया गया। ग्रामीणों ने गांव में स्थायी श्मशान घाट की व्यवस्था कराने की मांग की है।
कोंच तहसील के तीतरा खलीलपुर गांव में श्मशान घाट की व्यवस्था न होने पर ग्रामीणों में आक्रोश, बारिश में 5 घंटे शव लेकर करते रहे इंतजार कोंच नदीगांव विकासखंड क्षेत्र के तीतरा खलीलपुर गांव में मंगलवार दोपहर 2 बजे श्मशान घाट की उचित व्यवस्था न होने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। 47 वर्षीय शिव कुमार की कैंसर की बीमारी के चलते मौत के बाद परिजन और ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए शव लेकर पहुंचे, लेकिन बारिश के कारण करीब पांच घंटे तक शव को खुले में रखकर बारिश रुकने का इंतजार करते रहे। सूचना मिलने पर पुलिस और राजस्व टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने मृतक के परिजनों और ग्रामीणों की फोन के माध्यम से एसडीएम कोंच अभिनव कुमार से बातचीत कराई। एसडीएम के आश्वासन के बाद रिमझिम बारिश के बीच खुले में ही शिव कुमार का अंतिम संस्कार कराया गया। ग्रामीणों ने गांव में स्थायी श्मशान घाट की व्यवस्था कराने की मांग की है।
- कोंच तहसील के तीतरा खलीलपुर गांव में श्मशान घाट की व्यवस्था न होने पर ग्रामीणों में आक्रोश, बारिश में 5 घंटे शव लेकर करते रहे इंतजार कोंच नदीगांव विकासखंड क्षेत्र के तीतरा खलीलपुर गांव में मंगलवार दोपहर 2 बजे श्मशान घाट की उचित व्यवस्था न होने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। 47 वर्षीय शिव कुमार की कैंसर की बीमारी के चलते मौत के बाद परिजन और ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए शव लेकर पहुंचे, लेकिन बारिश के कारण करीब पांच घंटे तक शव को खुले में रखकर बारिश रुकने का इंतजार करते रहे। सूचना मिलने पर पुलिस और राजस्व टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने मृतक के परिजनों और ग्रामीणों की फोन के माध्यम से एसडीएम कोंच अभिनव कुमार से बातचीत कराई। एसडीएम के आश्वासन के बाद रिमझिम बारिश के बीच खुले में ही शिव कुमार का अंतिम संस्कार कराया गया। ग्रामीणों ने गांव में स्थायी श्मशान घाट की व्यवस्था कराने की मांग की है।1
- *छिरिया टोल प्लाजा कर्मचारियों की मांगों से गरमाया मामला /वेतन और प्रमोशन को लेकर जताई नाराजगी* *वर्तमान कंपनी पर प्रमोशन रोकने और स्थानांतरण का दबाव बनाने का आरोप* सब दिखाते हैं खबर हम दिखाते हकीकत समीर मंसूरी की कलम से 🖋️ 🖋️ 🖋️ 🖋️ आजाद अहमद व यासीन मंसूरी व आशुतोष की रिपोट खबरों का सिलसिला जारी *छिरिया टोल प्लाजा कर्मचारियों की मांगों से गरमाया मामला /वेतन और प्रमोशन को लेकर जताई नाराजगी* *वर्तमान कंपनी पर प्रमोशन रोकने और स्थानांतरण का दबाव बनाने का आरोप* जनपद जालौन छिरिया टोल प्लाजा के कर्मचारियों ने वेतन वृद्धि साप्ताहिक/मासिक अवकाश और प्रमोशन सहित विभिन्न मांगों को लेकर आवाज उठाई है। कर्मचारियों ने संबंधित अधिकारियों से मामले में हस्तक्षेप कर उनकी समस्याओं का समाधान कराने की मांग की कर्मचारियों का कहना है कि वर्तमान कंपनी के अधीन कार्य करने के दौरान उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है उनकी प्रमुख मांगों में वेतन में वृद्धि के साथ ही महीने में चार छुट्टियां दिए जाने की व्यवस्था शामिल है कर्मचारियों ने टीसी का वेतन 14 हजार रुपये और सुपरवाइजर का वेतन 16 हजार रुपये प्रतिमाह किए जाने की मांग रखी है आप को बता दें कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि पिछली कंपनी के कार्यकाल में जिन कर्मचारियों को प्रमोशन दिया गया था वर्तमान कंपनी ने उनके प्रमोशन को आगे नहीं बढ़ाया है कर्मचारियों का दावा है कि प्रमोशन की मांग करने पर उन्हें स्थानांतरण किए जाने का दबाव बनाया जाता है कर्मचारियों का यह भी आरोप है कि यदि वे अपनी मांगों को लेकर सामूहिक रूप से आवाज उठाते हैं तो उन्हें स्थानांतरण की धमकी दी जाती है कर्मचारियों के मुताबिक इस तरह के रवैये से उनमें नाराजगी और असंतोष बढ़ रहा है कर्मचारियों ने अधिकारियों से मांग की है कि उनकी समस्याओं का निष्पक्ष संज्ञान लेते हुए वेतन, अवकाश और प्रमोशन से संबंधित मांगों पर उचित कार्रवाई की जाए। साथ ही कार्यस्थल पर अनावश्यक दबाव से राहत दिलाने की भी मांग की गई इसी के मद्देनजर रखते हुए हम आप को बता दें इन कर्मचारियों ने उठाई मांग अमित सेंगर राजेश तिवारी सूरजीत सिंह पवन पंचाल अक्षय सेंगर शैलू राजावत शैलेंद्र सिकरवार वेद प्रकाश तोमर योगेंद्र दुबे अनुज दुबे मनोज सिंह शशिकांत तिवारी मोहित राजावत साकेत बिहारी क्षितिज सेंगर पीयूष अभिदत्त सिंह रणधीर सिंह संदीप व्यास मानवेंद्र सिंह शैलेंद्र सिंह और अमन राजावत बता दें कर्मचारियों द्वारा लगाए गए आरोपों के संबंध में कंपनी/टोल प्रबंधन का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा4
- एसडीएम की चौखट पर पहुंचा शिकायती पत्र… और दवगरान में उतर आया प्रशासन! “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा…” शिकायत मिलते ही एक्शन मोड, मौके पर पहुंची टीम और कथित कब्जे पर चला प्रशासन का हंटर जालौन। नगर के मोहल्ला दवगरान में मंगलवार को उस समय हलचल मच गई, जब मस्जिद के बगल में कथित कब्जे की शिकायत प्रशासन तक पहुंची और देखते ही देखते मामला कागज से निकलकर जमीन पर पहुंच गया। शिकायत लेकर पहुंचे हिंदू वाहिनी के जिला अध्यक्ष राजा सिंह सेंगर ने उपजिलाधिकारी जालौन राकेश सोनी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की। शिकायत मिलते ही प्रशासन ने मामले को संज्ञान में लिया। इसके बाद मौके पर प्रशासनिक अमला पहुंचा तो मोहल्ले में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। सदर लेखपाल वैभव त्रिपाठी और नगर पालिका की टीम ने मौके पर पहुंचकर संबंधित स्थान का निरीक्षण किया और कथित कब्जे को हटवाने की कार्रवाई की। कागज पहुंचा एसडीएम तक… कार्रवाई पहुंच गई मौके तक दवगरान में कार्रवाई की सबसे ज्यादा चर्चा उसकी तेजी को लेकर रही। शिकायत मिलने के बाद मामले को केवल फाइलों में रखने के बजाय मौके पर टीम पहुंची और स्थिति का जायजा लिया गया। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा रही— “एसडीएम हो तो राकेश सोनी जैसा… शिकायत पहुंची और प्रशासन एक्शन में आ गया।” लोगों का कहना था कि शिकायतों पर यदि इसी तरह त्वरित संज्ञान लिया जाए तो आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए लंबे समय तक कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। मौके पर पहुंची टीम तो बढ़ गई हलचल प्रशासनिक टीम के पहुंचते ही आसपास के लोगों की नजरें कार्रवाई पर टिक गईं। लेखपाल और नगर पालिका कर्मचारियों ने मौके की स्थिति देखी और कार्रवाई करते हुए कथित कब्जे को हटवाया। पूरे घटनाक्रम के दौरान मोहल्ले में काफी देर तक चर्चा होती रही। शिकायतकर्ता की ओर से उठाए गए मुद्दे पर प्रशासन की कार्रवाई के बाद संबंधित स्थान की स्थिति सामान्य बताई जा रही है। शिकायत से कार्रवाई तक—दवगरान में दिखा प्रशासन का बदला अंदाज इस मामले ने एक बार फिर यह सवाल भी खड़ा किया कि शिकायतों के निस्तारण में कागजी कार्रवाई से आगे बढ़कर मौके पर पहुंचना कितना महत्वपूर्ण है। दवगरान में शिकायत सामने आई, प्रशासन ने संज्ञान लिया, टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई भी दिखाई दी। फिलहाल दवगरान की इस कार्रवाई की चर्चा नगर में बनी हुई है। लोगों के बीच एसडीएम राकेश सोनी की त्वरित कार्रवाई को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। एक प्रार्थना पत्र… एक्शन मोड में प्रशासन… मौके पर टीम… और कथित कब्जे पर कार्रवाई।3
- जालौन में मस्जिद के पास हो रहे निर्माण कार्यों को ढहाया गया नमस्कार दोस्तों आज़ हम आपको जालौन जिले के जालौन कोतवाली क्षेत्र के जालौन नगर क्षेत्र से जुड़ी खबर दिखाने जा रहे हैं जहां नगर क्षेत्र के दबगरान मुहल्ले में स्थित एक मस्जिद के पीछे पड़ी जमीन पर मदरसे का निर्माण कार्य शुरू किया गया तो माहौल बिगडने पर पुलिस तथा प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने जांच में निर्माण कार्य अवैध पाया तो तत्काल ढहाया गया4
- जालौन से बड़ी खबर नदियों के घटते जलस्तर से प्रशासन ने ली राहत जालौन। जिले में नदियों के जलस्तर में लगातार कमी आने से प्रशासन ने राहत की सांस ली है। यमुना नदी का जलस्तर फिलहाल 100.60 मीटर दर्ज किया गया है, जबकि खतरे का निशान 108 मीटर निर्धारित है। ऐसे में वर्तमान स्थिति में बाढ़ का कोई प्रत्यक्ष खतरा नहीं है। हालांकि प्रशासन संभावित बाढ़ की स्थिति को लेकर पूरी तरह अलर्ट है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को सभी आवश्यक तैयारियां पूरी रखने और संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार नजर बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन द्वारा नदी के जलस्तर की नियमित निगरानी की जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल आवश्यक कदम उठाए जा सकें।1
- कदौरा विकास खंड ग्राम पंचायत उड़नपुर से कुसमरा तक रोड की हालत बहुत खराब है जिसमें बच्चों को स्कूल जाने में होती है | कुसमरा की सड़क बनी मुसीबत, 10 मिनट का सफर 45 मिनट में! कदौरा विकासखंड के ग्राम पंचायत कुसमरा में सड़क की बदहाली से ग्रामीण परेशान कदौरा विकासखंड की ग्राम पंचायत कुसमरा में सड़क की हालत बेहद खराब होने से ग्रामीणों, राहगीरों और स्कूली बच्चों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की दुर्दशा के चलते जो रास्ता महज 10 मिनट में पूरा होना चाहिए, उसमें करीब 45 मिनट तक लग रहे हैं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इस रास्ते से एंबुलेंस नहीं गुजरती? अगर किसी मरीज को तत्काल अस्पताल पहुंचाना पड़े तो खराब सड़क के कारण उसकी जान जोखिम में पड़ सकती है। इसी रास्ते से स्कूल के बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं और रोजाना आने-जाने वाले राहगीर गुजरते हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि लंबे समय से सड़क की हालत खराब है, लेकिन जिम्मेदारों की नजर इस गंभीर समस्या पर नहीं पड़ रही। ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि सड़क की तत्काल जांच कराकर निर्माण/मरम्मत कार्य कराया जाए, ताकि लोगों को आवागमन की समस्या से राहत मिल सके। 📍 स्थान: ग्राम पंचायत कुसमरा, विकासखंड कदौरा, जनपद जालौन सवाल साफ है—आखिर कब सुधरेगी कुसमरा की सड़क?1
- कोंच,ताहरपुरा गांव में जेठ और पति पर महिला से मारपीट व अभद्रता का आरोप, घर से निकालने की शिकायत, पीड़िता ने पुलिस से की शिकायत जालौन के कोंच कोतवाली क्षेत्र के ग्राम ताहरपुरा निवासी चन्द्रकली पत्नी रामनरायन ने अपने जेठ चिन्तामन और पति रामनरायन पर मारपीट, गाली-गलौज और घर से निकालने का आरोप लगाते हुए पुलिस से कार्रवाई की मांग की है। महिला ने मंगलवार दोपहर 2:30 बजे पुलिस को तहरीर पत्र देकर पूरे मामले की शिकायत की। शिकायत के अनुसार, दोपहर करीब 12:30 बजे उसके जेठ चिन्तामन और पति रामनरायन उसके पुत्र-पुत्री को गालियां दे रहे थे। विरोध करने पर दोनों ने कथित रूप से महिला के साथ मारपीट की, जिससे उसके चेहरे पर चोट लगने और खून निकलने की बात कही गई है। महिला का आरोप है कि मारपीट के बाद उसे घर से बाहर निकाल दिया गया। शिकायती पत्र में महिला ने यह भी आरोप लगाया कि उसका पति उसे खर्च नहीं देता और आए दिन उसके साथ अभद्रता की जाती है। महिला ने जेठ पर उसकी पुत्री के संबंध में आपत्तिजनक टिप्पणी करने का भी आरोप लगाया है। इसके अलावा बिजली-पानी बंद करने तथा उसके पुत्र पंकज के साथ लाठी और गुम्मे से मारपीट कर घायल करने की बात भी शिकायत में कही गई है। महिला ने पुलिस से रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने तथा उसे उसके घर में रहने की अनुमति दिलाने की मांग की है।1
- सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद फूटा परिजनों का गुस्सा, शव रखकर लगाया जाम लोडर चालक पर कार्रवाई न होने से नाराज परिजन, पुलिस पर लगाया लापरवाही का आरोप; मौके पर पहुंचे एसडीएम राकेश कुमार सोनी कुठौंद। सड़क हादसे में युवक की मौत के बाद मंगलवार को परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने शव को माधौगढ़ चौराहे पर सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। करीब आधा सैकड़ा ग्रामीण भी परिजनों के समर्थन में जाम में शामिल हो गए। परिजनों का आरोप है कि हादसे को 24 घंटे बीत जाने के बाद भी दुर्घटना में शामिल लोडर को पुलिस पकड़ नहीं सकी है। पुलिस की कार्रवाई से नाराज परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाते हुए जिम्मेदार वाहन चालक के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। जाम के चलते मार्ग पर आवागमन प्रभावित हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया।1