औरंगाबाद जिले के रफीगंज प्रखंड अंतर्गत कासमा थाना क्षेत्र के खैरी इटवा गांव में सोमवार की देर रात अज्ञात चोरों के एक गैंग ने कई घरों को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये की नगदी और आभूषण चोरी कर लिए। मंगलवार की सुबह जब ग्रामीणों की नींद खुली तो घरों के दरवाजे खुले और खिड़कियां टूटी मिलीं, जबकि अंदर अलमारी व बक्से तोड़कर जेवरात और नगदी गायब कर दिए गए थे। पहली बार गांव में एक साथ कई घरों में हुई इस बड़ी चोरी की घटना से ग्रामीणों के बीच डर और हड़कंप का माहौल व्याप्त है। पीड़ितों में गनौरी यादव के घर से ₹1.75 लाख नकद, लाला यादव के घर से ₹15 हजार नकद और करीब ₹30 हजार के आभूषण, धर्मेंद्र यादव के घर से ₹20 हजार नकद व करीब ₹3 लाख के जेवरात, मणि यादव के घर से ₹34 हजार नकद व ₹1 लाख के जेवरात, तथा रविंद्र यादव के घर से ₹22 हजार नकद व लगभग ₹1.70 लाख के आभूषण चोरी हुए हैं। इसके अलावा यदुनंदन यादव के घर से ₹30 हजार नकद और रिशु चंद्रवंशी के घर से करीब ₹4 लाख मूल्य के जेवरात चोरी होने की बात सामने आई है। वारदात की सूचना मिलते ही कासमा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह, सर्किल इंस्पेक्टर विनय कृष्णा और एफएसएल की टीम मौके पर पहुंची। थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह ने बताया कि अज्ञात चोरों के गैंग ने पांच घरों में स्प्रे का छिड़काव कर इस घटना को अंजाम दिया है। पुलिस और एफएसएल टीम ने मौके से वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि वैज्ञानिक अनुसंधान के आधार पर जल्द ही मामले का खुलासा कर आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
औरंगाबाद जिले के रफीगंज प्रखंड अंतर्गत कासमा थाना क्षेत्र के खैरी इटवा गांव में सोमवार की देर रात अज्ञात चोरों के एक गैंग ने कई घरों को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये की नगदी और आभूषण चोरी कर लिए। मंगलवार की सुबह जब ग्रामीणों की नींद खुली तो घरों के दरवाजे खुले और खिड़कियां टूटी मिलीं, जबकि अंदर अलमारी व बक्से तोड़कर जेवरात और नगदी गायब कर दिए गए थे। पहली बार गांव में एक साथ कई घरों में हुई इस बड़ी चोरी की घटना से ग्रामीणों के बीच डर और हड़कंप का माहौल व्याप्त है। पीड़ितों में गनौरी यादव के घर से ₹1.75 लाख नकद, लाला यादव के घर से ₹15 हजार नकद और करीब ₹30 हजार के आभूषण, धर्मेंद्र यादव के घर से ₹20 हजार नकद व करीब ₹3 लाख के जेवरात, मणि यादव के घर से ₹34 हजार नकद व ₹1 लाख के जेवरात, तथा रविंद्र यादव के घर से ₹22 हजार नकद व लगभग ₹1.70 लाख के आभूषण चोरी हुए हैं। इसके अलावा यदुनंदन यादव के घर से ₹30 हजार नकद और रिशु चंद्रवंशी के घर से करीब ₹4 लाख मूल्य के जेवरात चोरी होने की बात सामने आई है। वारदात की सूचना मिलते ही कासमा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह, सर्किल इंस्पेक्टर विनय कृष्णा और एफएसएल की टीम मौके पर पहुंची। थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह ने बताया कि अज्ञात चोरों के गैंग ने पांच घरों में स्प्रे का छिड़काव कर इस घटना को अंजाम दिया है। पुलिस और एफएसएल टीम ने मौके से वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष ने आश्वासन दिया है कि वैज्ञानिक अनुसंधान के आधार पर जल्द ही मामले का खुलासा कर आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- अरवल जिले के कलेर प्रखंड के ग्रामीण इलाकों में कम उम्र के बच्चों में नशे की बढ़ती प्रवृत्ति गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, महज 10 से 12 वर्ष की आयु के बच्चे भी सिगरेट और अन्य धूम्रपान उत्पादों का सेवन करते देखे जा रहे हैं। पहले जहां इस उम्र के बच्चे खेलकूद और पढ़ाई में समय बिताते थे, वहीं अब गलत संगति और आसानी से उपलब्ध तंबाकू उत्पादों के कारण बच्चे नशे की ओर आकर्षित हो रहे हैं, जिससे अभिभावकों की चिंता लगातार बढ़ रही है। शिक्षकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि कम उम्र में धूम्रपान की यह आदत बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है। इसके साथ ही पढ़ाई से दूरी, अनुशासनहीनता और अन्य सामाजिक समस्याओं का खतरा भी बढ़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर प्रभावी रोक नहीं लगाई गई, तो इसका असर आने वाली पीढ़ी के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य पर पड़ सकता है। इस बढ़ती समस्या को देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि स्कूलों और गांवों के आसपास नाबालिगों को तंबाकू एवं सिगरेट की बिक्री पर कड़ी निगरानी रखी जाए। साथ ही विशेष जागरूकता अभियान चलाकर बच्चों और अभिभावकों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया जाए। लोगों का मानना है कि परिवार, विद्यालय, समाज और प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से ही इस समस्या पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है।1
- गयाजी के टिकारी पंचानपुर थाना क्षेत्र में बदमाशों ने एक फौजी के घर को निशाना बनाकर डकैती की बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। देर रात धावा बोलने वाले बदमाशों ने घर में मौजूद फौजी के बुजुर्ग माता-पिता के साथ बेरहमी से मारपीट की और वहां रखे सोने-चांदी के गहने व कीमती सामान लूटकर फरार हो गए। पीड़ित फौजी के मुताबिक, वारदात के वक्त देर रात करीब 10 से 12 की संख्या में नकाबपोश बदमाश घर में घुसे थे। इस बीच जब फौजी की बुजुर्ग मां जाग गईं और उन्होंने शोर मचाते हुए बदमाशों को पहचान लेने की बात कही, तो डकैतों ने पहले उनका गला दबा दिया और फिर बेरहमी से उनकी पिटाई कर दी। इस बर्बर हमले में बुजुर्ग महिला के हाथ की हड्डी टूट गई है और शरीर पर गंभीर चोटें आई हैं, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है।1
- बिहार में धान रोपाई का मुद्दा अब एक बड़ी राजनीतिक जंग का रूप ले चुका है। तनुश्री ने दीपा मांझी पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं, जिससे राज्य के राजनीतिक गलियारों में भारी विवाद खड़ा हो गया है। इस पूरे घटनाक्रम ने अब एक तीखे राजनीतिक संग्राम की शक्ल ले ली है।1
- बिहार के अरवल में शराब के नशे में धुत्त एक वनरक्षक का हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला है। वनरक्षक द्वारा नशे की हालत में जमकर हंगामा किए जाने का मामला सामने आया है।1
- बिहार में खान सर पर तीखा निशाना साधते हुए उनके दोहरे व्यवहार को उजागर किया गया है। खान सर वही हैं जो पहले गाना गाने और नाचने वाले लोगों को 'नचनिया' कहकर संबोधित करते थे और उन्हें नीचा दिखाते थे। लेकिन आज वे खुद सबके सामने नाच रहे हैं, जिससे यह साफ तौर पर साबित होता है कि वे खुद भी एक 'नचनिया' ही हैं।1
- औरंगाबाद के नवीनगर रोड स्टेशन स्थित एक घर में 23 वर्षीय युवती द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने का मामला सामने आया है। मृतका की पहचान झारखंड के जपला निवासी स्वर्गीय मनोज चंद्रवंशी की पुत्री शितानी कुमारी के रूप में हुई है। वह अपने नाना बनवारी प्रसाद के नवीनगर रोड स्टेशन स्थित आवास पर रह रही थी। इस घटना के बाद से मृतका के परिजनों में कोहराम मच गया है और पूरे इलाके में शोक का माहौल है। परिजनों के अनुसार, शितानी कुमारी ने कानपुर निवासी एक गुपचुप (गोलगप्पा) विक्रेता से प्रेम विवाह किया था। विवाह के कुछ ही महीने बाद उसका पति करीब दो वर्ष पहले उसे छोड़कर कहीं चला गया। इसके बाद उसने न तो कभी अपनी पत्नी से संपर्क किया और न ही उसकी सुध ली। पति के इस उपेक्षित व्यवहार के कारण शितानी लंबे समय से भारी मानसिक तनाव से गुजर रही थी। इसी तनाव के चलते बीती रात उसने अपने नाना के घर में फंदे से लटककर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों की भारी भीड़ जुट गई। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई में जुट गई। नवीनगर थानाध्यक्ष मृत्युंजय उपाध्याय ने बताया कि आत्महत्या के वास्तविक कारणों का पता पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा और पुलिस मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है।1
- बिहार के गया में स्थित सबसे बड़े सरकारी अस्पताल अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज सह अस्पताल (ANMMCH) की एक बेहद ही मार्मिक तस्वीर सामने आई है। यहाँ के आपातकालीन विभाग में एक मासूम बच्चा अपनी माँ के साथ स्ट्रेचर खींचकर अपने बीमार पिता को इलाज के लिए ले जाता दिखाई दिया। यह दृश्य सीधे तौर पर स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है और अस्पताल में मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं की स्थिति को पूरी तरह उजागर करता है। इस हृदयविदारक घटना के सामने आने के बाद जिम्मेदार प्रशासन और विभाग पर सवाल उठने लगे हैं। क्या अस्पताल में मरीजों के लिए पर्याप्त संख्या में वार्ड बॉय और स्ट्रेचर की व्यवस्था नहीं है? आखिर जिम्मेदार विभाग इस गंभीर स्थिति पर कब ध्यान देगा?1
- चतरा के हंटरगंज अंतर्गत वशिष्ठ नगर जोरी थाना क्षेत्र के घंघरी गांव के समीप मंगलवार अहले सुबह चतरा-डोभी मुख्य पथ के किनारे एक युवक का शव संदेहास्पद स्थिति में मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान घंघरी निवासी मुकेश यादव (पिता- महाबीर यादव) के रूप में हुई है। घटना की खबर मिलते ही गांव में मातम पसर गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण तथा परिजन मौके पर पहुंच गए। परिजनों ने मुकेश की हत्या किए जाने की आशंका जताई है और निष्पक्ष जांच व दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। इस घटना से आक्रोशित होकर ग्रामीणों और परिजनों ने चतरा-डोभी मुख्य पथ को पूरी तरह जाम कर दिया। सड़क जाम होने की वजह से दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बाधित हो गया। प्रदर्शन कर रहे लोग मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और मृतक के परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग पर अड़े रहे। सड़क जाम की सूचना पर वशिष्ठ नगर जोरी थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और नाराज लोगों को समझाकर जाम हटवाने का प्रयास किया। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस द्वारा घटनास्थल की जांच की जा रही है और आसपास के लोगों से पूछताछ भी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने और विस्तृत जांच के बाद ही हो सकेगा।1
- जंतर-मंतर प्रोटेस्ट के दौरान बच्चों पर बीजेपी की पुलिस द्वारा भारी ज़ुल्म ढाया गया है। इस विरोध-प्रदर्शन में शामिल बच्चों पर पुलिस ने घोर अत्याचार और अमानवीय व्यवहार किया है।1