हरदा टिमरनी/- रेलवे ओवर ब्रिज निर्माण बना जी का जंजाल ,बायपास मार्ग खस्ताहाल रहवासियों ने दिया धरना। ज्ञात हो कि विगत दो वर्षो से टिमरनी नगर में रेलवे ओव्हर ब्रिज निर्माण मंद गति से चल रहा है ।एप्रोच रोड ठेकेदार द्वारा नहीं बनाई गई जिसके चलते स्थानीय प्रशासन के द्वारा कुशवाहा कॉलोनी होते हुए वैकल्पिक बाईपास मार्ग बनाया गया लेकिन निर्माण एजेंसी एवं स्थानीय प्रशासन के द्वारा इस खस्ताहाल मार्ग का निर्माण नहीं किया जा रहा। कई बार धरने प्रदर्शन हो चुके विगत हफ्ते भी रहवासियों ने रोड जाम किया था वाहनों की लंबी लाइन लगी थी दो दिन के आश्वासन के बाद भी मार्ग का दुरुस्तीकरण नहीं किया गया। आज परेशान रहवासियों ने माधव नगर कॉलोनी के पास रोड जाम कर दिया धरना। सैकड़ो की संख्या में महिला पुरुष बच्चे धरने पर बैठे मार्ग के दोनों और एक-एक किलोमीटर लंबी वाहनों की लाइन लगी। प्रशासन की लापरवाही के चलते सैकड़ो भारी वाहन इस खस्ताहाल मार्ग से निकल रहे हैं जिसके चलते मार्ग में बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं आए दिन हो रही दुर्घटनाये तो वहीं धूल के गुबार में रहवासी रहने को मजबूर।नाराज रहवासियों ने आरोप लगाया कि स्थानीय प्रशासन की लापरवाही के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है ,दमा अस्थमा की तकलीफें हम लोगों को बढ़ रही है।इस मार्ग को पूर्ण दुरुस्त कर निर्माण किया जाए तब तक सभी वाहनों को प्रतिबंधित किया जाए ।इस दौरान राजस्व एवं पुलिस प्रशासन मौजूद रहा। एसडीएम संजीव कुमार नागू की उपस्थिति में धरना दे रहे लोगों ने भारी आक्रोश दिखाया। प्रशासन के आश्वासन के बाद धरना समाप्त हुआ। देखते हैं कि पूर्व की तरह यह आश्वासन महज कोरी बात निकलती है या धरातल पर कोई कार्य होता है जिससे रहवासियों की समस्या दूर हो सके। हालांकि रहवासियों ने कहा है कि यदि यह मार्ग दुरुस्त नहीं हुआ तो बस स्टेशन चौक पर अनिश्चितकालीन धरना स्थानीय नागरिकों के साथ दिया जाएगा।sdm ने ठेकेदार कर्मचारियों को गड्ढे भरने एव पानी के छिड़काव के निर्देश दिए।sdm नागू ने बताया कि कल pwd विभाग द्वारा इस मार्ग का सर्वे किया जाएगा।
हरदा टिमरनी/- रेलवे ओवर ब्रिज निर्माण बना जी का जंजाल ,बायपास मार्ग खस्ताहाल रहवासियों ने दिया धरना। ज्ञात हो कि विगत दो वर्षो से टिमरनी नगर में रेलवे ओव्हर ब्रिज निर्माण मंद गति से चल रहा है ।एप्रोच रोड ठेकेदार द्वारा नहीं बनाई गई जिसके चलते स्थानीय प्रशासन के द्वारा कुशवाहा कॉलोनी होते हुए वैकल्पिक बाईपास मार्ग बनाया गया लेकिन निर्माण एजेंसी एवं स्थानीय प्रशासन के द्वारा इस खस्ताहाल मार्ग का निर्माण नहीं किया जा रहा। कई बार धरने प्रदर्शन हो चुके विगत हफ्ते भी रहवासियों ने
रोड जाम किया था वाहनों की लंबी लाइन लगी थी दो दिन के आश्वासन के बाद भी मार्ग का दुरुस्तीकरण नहीं किया गया। आज परेशान रहवासियों ने माधव नगर कॉलोनी के पास रोड जाम कर दिया धरना। सैकड़ो की संख्या में महिला पुरुष बच्चे धरने पर बैठे मार्ग के दोनों और एक-एक किलोमीटर लंबी वाहनों की लाइन लगी। प्रशासन की लापरवाही के चलते सैकड़ो भारी वाहन इस खस्ताहाल मार्ग से निकल रहे हैं जिसके चलते मार्ग में बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं आए दिन
हो रही दुर्घटनाये तो वहीं धूल के गुबार में रहवासी रहने को मजबूर।नाराज रहवासियों ने आरोप लगाया कि स्थानीय प्रशासन की लापरवाही के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है ,दमा अस्थमा की तकलीफें हम लोगों को बढ़ रही है।इस मार्ग को पूर्ण दुरुस्त कर निर्माण किया जाए तब तक सभी वाहनों को प्रतिबंधित किया जाए ।इस दौरान राजस्व एवं पुलिस प्रशासन मौजूद रहा। एसडीएम संजीव कुमार नागू की उपस्थिति में धरना दे रहे लोगों ने भारी आक्रोश दिखाया। प्रशासन के आश्वासन के
बाद धरना समाप्त हुआ। देखते हैं कि पूर्व की तरह यह आश्वासन महज कोरी बात निकलती है या धरातल पर कोई कार्य होता है जिससे रहवासियों की समस्या दूर हो सके। हालांकि रहवासियों ने कहा है कि यदि यह मार्ग दुरुस्त नहीं हुआ तो बस स्टेशन चौक पर अनिश्चितकालीन धरना स्थानीय नागरिकों के साथ दिया जाएगा।sdm ने ठेकेदार कर्मचारियों को गड्ढे भरने एव पानी के छिड़काव के निर्देश दिए।sdm नागू ने बताया कि कल pwd विभाग द्वारा इस मार्ग का सर्वे किया जाएगा।
- हरदा टिमरनी/- रेलवे ओवर ब्रिज निर्माण बना जी का जंजाल ,बायपास मार्ग खस्ताहाल रहवासियों ने दिया धरना। ज्ञात हो कि विगत दो वर्षो से टिमरनी नगर में रेलवे ओव्हर ब्रिज निर्माण मंद गति से चल रहा है ।एप्रोच रोड ठेकेदार द्वारा नहीं बनाई गई जिसके चलते स्थानीय प्रशासन के द्वारा कुशवाहा कॉलोनी होते हुए वैकल्पिक बाईपास मार्ग बनाया गया लेकिन निर्माण एजेंसी एवं स्थानीय प्रशासन के द्वारा इस खस्ताहाल मार्ग का निर्माण नहीं किया जा रहा। कई बार धरने प्रदर्शन हो चुके विगत हफ्ते भी रहवासियों ने रोड जाम किया था वाहनों की लंबी लाइन लगी थी दो दिन के आश्वासन के बाद भी मार्ग का दुरुस्तीकरण नहीं किया गया। आज परेशान रहवासियों ने माधव नगर कॉलोनी के पास रोड जाम कर दिया धरना। सैकड़ो की संख्या में महिला पुरुष बच्चे धरने पर बैठे मार्ग के दोनों और एक-एक किलोमीटर लंबी वाहनों की लाइन लगी। प्रशासन की लापरवाही के चलते सैकड़ो भारी वाहन इस खस्ताहाल मार्ग से निकल रहे हैं जिसके चलते मार्ग में बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं आए दिन हो रही दुर्घटनाये तो वहीं धूल के गुबार में रहवासी रहने को मजबूर।नाराज रहवासियों ने आरोप लगाया कि स्थानीय प्रशासन की लापरवाही के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है ,दमा अस्थमा की तकलीफें हम लोगों को बढ़ रही है।इस मार्ग को पूर्ण दुरुस्त कर निर्माण किया जाए तब तक सभी वाहनों को प्रतिबंधित किया जाए ।इस दौरान राजस्व एवं पुलिस प्रशासन मौजूद रहा। एसडीएम संजीव कुमार नागू की उपस्थिति में धरना दे रहे लोगों ने भारी आक्रोश दिखाया। प्रशासन के आश्वासन के बाद धरना समाप्त हुआ। देखते हैं कि पूर्व की तरह यह आश्वासन महज कोरी बात निकलती है या धरातल पर कोई कार्य होता है जिससे रहवासियों की समस्या दूर हो सके। हालांकि रहवासियों ने कहा है कि यदि यह मार्ग दुरुस्त नहीं हुआ तो बस स्टेशन चौक पर अनिश्चितकालीन धरना स्थानीय नागरिकों के साथ दिया जाएगा।sdm ने ठेकेदार कर्मचारियों को गड्ढे भरने एव पानी के छिड़काव के निर्देश दिए।sdm नागू ने बताया कि कल pwd विभाग द्वारा इस मार्ग का सर्वे किया जाएगा।4
- पेट्रोल पंपों का निरीक्षण, एसडीएम बोले पेट्रोल- डीजल की किल्लत नहीं, पैनिक से बचें सिवनी मालवा में पेट्रोल-डीजल को लेकर बनी अफरा-तफरी के बीच प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए आमजन से शांति बनाए रखने की अपील की है। एसडीएम के निर्देश पर कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी द्वारा नगर के विभिन्न पेट्रोल पंपों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान नागरिकों को समझाइश दी गई कि शहर में पेट्रोल-डीजल की किसी प्रकार की कमी नहीं है, इसलिए घबराने की आवश्यकता नहीं है। लोगों से आग्रह किया गया कि वे केवल जरूरत के अनुसार ही ईंधन लें और अनावश्यक रूप से स्टॉक करने से बचें। प्रशासन ने पेट्रोल पंप संचालकों को भी निर्देशित किया है कि टैंकर, कुप्पे या अन्य खुले बर्तनों में पेट्रोल-डीजल न दें, बल्कि केवल वाहनों में ही ईंधन उपलब्ध कराएं। कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी विनय सैनी ने बताया कि एसडीएम द्वारा सभी पेट्रोल पंप संचालकों की बैठक लेकर स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं और आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। वहीं एसडीएम विजय राय ने भी आमजन से अपील करते हुए कहा कि किसी प्रकार का पैनिक न करें। प्रशासन द्वारा स्थिति की पूरी निगरानी की जा रही है और पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति में किसी प्रकार की कोई कमी नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ लोग खुले बर्तनों और टैंकरों में पेट्रोल-डीजल भरकर स्टॉक करने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे अनावश्यक भीड़ और अव्यवस्था पैदा हो रही है। ऐसे में सभी नागरिकों से अपील है कि वे इस तरह की गतिविधियों से बचें और नियमों का पालन करें। घबराएं नहीं, केवल आवश्यकता अनुसार ही पेट्रोल-डीजल लें और पेट्रोल पंपों पर व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।1
- कन्नौद पुलिस ने रात्रि गस्त में पकड़े सागौन चोर गैंग के सदस्य,जप्त किये वृक्ष काटने तथा शिकार के औजार तथा वन्य प्राणी, कन्नौद,पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोत द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण श्रीमति सौम्या जैन, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस आदित्य तिवारी को अपने क्षेत्र में प्रभावी रात्रि गस्त एवं पेट्रोलिंग कर अपराधियों की धरपकड हेतु निर्देशित किया जिसके पालन में थाना कन्नौद पुलिस द्वारा क्षेत्र में पेट्रोलिंग एव सुबह तक प्रभावी गस्त की जा रही हैं, दिनांक 24.03.2026 की रात्रि में गस्त के दौरान पुलिस को सूचना प्राप्त हुई कि कस्बा कन्नौद के हरे भरे सागौन वृक्ष काटने वाली गैंग जंगल में जाती है और उनके कुछ लोग पुलिस की उपस्थितियों के संबंध में गैंग को बात कर उनका रास्ता क्लियर करवाते हैं और यह लोग अभी ग्राम देवसिराल्या के जंगल तरफ से आ रहे हैं, जिनकी धरपकड हेतु पुलिस टीम द्वारा जंगल क्षेत्र की घेराबंदी की गई तो पुलिस टीम को देखकर जंगल में भागने लगे पुलिस टीम द्वारा घेराबंदी कर दो आरोपियों को पकडा दोनो के कब्जे से शिकार किये हुये वन्य प्राणी दो खरगोश व शिकार की सामग्री जप्त की गई, तथा पेड़ काटने के औजार भी जप्त किए गए आरोपी लाडखां पिता चांद खां, मकबूल पिता रासत खां निवासी मेवाती मोहल्ला कन्नौद को गिरफतार कर, माननीय न्यायालय पेश किया गया, शिकार किए हुए वन्य प्राणी खरगोश और शिकार सामग्री वन विभाग को सुपुर्द की गई जिनके द्वारा पृथक से कार्रवाई की जा रही है l उपरोक्त कार्यवाही में उनि दीपक भोण्डे, विलियम खलको, आर देवेन्द्र, कन्हैयालाल का सराहनीय योगदान रहा।1
- पुलिस अधीक्षक जिला नर्मदापुरम श्री साई कृष्णा एस. थोटा ( IPS ) के मार्गदर्शन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नर्मदापुरम श्री अभिषेक राजन के मार्गदर्शन में *दिनांक 24/03/26* को अनुविभागीय अधिकारी ( पुलिस) जितेन्द्र पाठक के नेतृत्व मे निरी0 कंचन सिंह ठाकुर, थाना प्रभारी थाना कोतवाली नर्मदापुरम द्वारा हमराह स्टाफ के साथ सतरास्ता से इंद्रा चौक होते हुये अस्पताल तिराहे तक रोड पेट्रोलिंग की गयी | दौराने पेट्रोलिंग के पीए सिस्टम से अनाउंसमेंट किया गया कि रोड पर किए गए अतिक्रम ( कूलर, फ्रिज एवं अन्य दुकानों की वस्तुओ ) को आमजन के उपयोग मे लायी जा रही पर न रखे | यदि उक्त कृत्य किसी प्रतिष्ठान के संचालक के द्वरा किया जाता है तो उसके विरुद्ध नियामानुसार विधिसंगत कार्यवाही की जावेगी | आज *दिनांक 25/3/26* को मे थाना कोतवाली नर्मदापुरम की पुलिस टीम द्वारा पैदल रोड पेट्रोलिंग की गयी, पेट्रोलिंग के दौरान *शिव फर्नीचर एवं अनिल बूट हाउस* के संचालको द्वारा उक्त समझाइस को न मानते हुये *पुनः सार्वजनिक रोड पर मार्ग अवरुद्ध कर जनसामान्य के यातायात के उपयोग मे लाये जाने वाले मार्ग पर दुकान का स्टेंड एवं कूलर, व उसके खाली खोके आदि रखकर व्यवधान उत्तपन किया* | जिस पर *शिव फर्नीचर एवं अनिल बूट हाउस के संचालको के विरुद्ध धारा 285 भारतीय न्याय संहिता* के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना मे लिया गया है | प्रकरण मे शीघ्र ही चालान न्यायालय मे पेश किया जावेगा | एवं उक्त कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी.1
- Post by ABDUL1
- केंद्रीय कृषि मशीनरी प्रशिक्षण एवं परीक्षण बुधनी में आयोजित राष्ट्रीय उन्नत कृषि यंत्रीकरण प्रदर्शनी एवं किसान संवाद कार्यक्रम संस्थान (CFMTTI), बुधनी में आयोजित राष्ट्रीय उन्नत कृषि यंत्रीकरण प्रदर्शनी एवं किसान संवाद कार्यक्रम में क्षेत्रीय विधायक गोपालसिंह इंजीनियर ने सहभागिता की कार्यक्रम में माननीय पूर्व मुख्यमंत्री व वर्तमान केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह जी चौहान एवं विधायकगण की गरिमामयी उपस्थिति रही। भविष्य की खेती का खाका है। ड्रोन से लेकर आधुनिक उपकरणों तक, हर तकनीक यह बता रही है कि भारत का किसान अब दुनिया के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रहा है।1
- देवास, वैश्विक स्तर पर चल रहे वर्तमान परिदृश्य को दृष्टिगत रखते हुए उद्योगों को गैस की कमी से बचाने और उत्पादन को प्रभावित होने से रोकने के उद्देश्य से उद्योगपतियों की एक महत्वपूर्ण बैठक 24 मार्च को देवास औद्योगिक क्षेत्र स्थित एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज के कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में एमपीआईडीसी, आपूर्ति विभाग, गैस कंपनियों और उद्योग प्रतिनिधियों ने शामिल होकर समस्याओं और उनके समाधान पर विस्तार से चर्चा की। सभी संबंधित पक्षों ने भरोसा दिलाया कि वर्तमान स्थिति चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन सामूहिक प्रयासों से जल्द सुधार किया जाएगा। बैठक में एमपीआईडीसी क्षेत्रीय कार्यालय उज्जैन के जनरल मैनेजर श्री विनयप्रताप सिंह तोमर ने कहा कि मौजूदा हालात को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। शासन, प्रशासन और गैस कंपनियां मिलकर काम कर रही हैं ताकि उद्योगों पर इसका न्यूनतम असर पड़े। उन्होंने उद्योगपतियों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि किसी भी समस्या की तत्काल जानकारी दें, जिससे उसका त्वरित समाधान किया जा सके। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने गैस कोटे का 5 प्रतिशत हिस्सा उद्योगों के लिए आरक्षित किया है, जिससे काफी हद तक गैस संकट से राहत मिलेगी। साथ ही उद्योगों को वैकल्पिक ईंधन अपनाने और पाइप गैस कनेक्शन लेने की सलाह भी दी गई। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसी भी इकाई को अनावश्यक परेशानी नहीं होने दी जाएगी और सभी समस्याओं का समाधान प्राथमिकता से किया जाएगा। उद्योगपतियों ने रखी अपनी समस्याएं एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष श्री अशोक खंडेलिया ने बताया कि वर्तमान में गैस सप्लाई का 6 माह का एवरेज लिया जा रहा है। इसमें सीजनल उतार-चढ़ाव शामिल हो जाता है इसलिए उन्होंने इसे 3 माह का करने की मांग की। वहीं पहले उद्योगों को मिलने वाला 80 प्रतिशत गैस कोटा 65 प्रतिशत कर दिया गया है। इससे अधिक खपत पर पेनल्टी रेट लगाने की बात कही जा रही है, लेकिन 15 मार्च के बाद की दरें स्पष्ट नहीं हैं, जिससे उद्योगपति असमंजस में हैं। इसके अलावा उन्होंने कैंटीन के लिए कमर्शियल एलपीजी की कमी, बिजली कटौती और डीजल आपूर्ति जैसे मुद्दे भी उठाए। बैठक में उद्योगपतियों ने कहा कि 65 प्रतिशत गैस कोटा डेली बेसिस पर लागू होने से संचालन प्रभावित हो रहा है। मशीनों को गर्म करने में ही रोजाना काफी गैस खर्च हो जाती है, जिससे सीमित कोटे में हर दिन काम करना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने सुझाव दिया कि बिलिंग साइकिल 15 दिन की कर दी जाए, जिससे वे बेहतर योजना बनाकर उत्पादन कर सकें। कुछ उद्योगपतियों ने बिजली कटौती और संडे शटडाउन की समस्या भी बताई, जिससे उत्पादन बाधित हो रहा है। वहीं, गैस प्रेशर कम होने की आशंका को लेकर भी चिंता जताई गई। केंद्र से तय होता है कोटा गेल कंपनी के प्रतिनिधि ने बताया कि गैस कोटे का निर्धारण केंद्रीय मंत्रालय से होता है। वे उद्योगपतियों का सुझाव वहां भेज देंगे। उन्होंने कहा कि गैस सप्लाई का प्रेशर कम नहीं होने दिया जाएगा और सभी तकनीकी समस्याओं का जल्द समाधान किया जाएगा। जहां पाइप कनेक्शन नहीं है, वहां कनेक्शन देने के लिए तेजी से काम किया जाएगा। कैंटीन गैस सप्लाई में तकनीकी दिक्कतें हैं, क्योंकि कहीं लो-प्रेशर और कहीं हाई-प्रेशर लाइन मौजूद है। जहां संभव होगा, वहां 15 दिनों के भीतर नई लाइन डालकर कनेक्शन उपलब्ध कराया जाएगा। डाटा के आधार पर योजनाबद्ध निकालेंगे समाधान सहायक सप्लाई अधिकारी श्री बीएस राय ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में कमर्शियल सिलेंडर की उपलब्धता बहुत कम है, इसलिए आपूर्ति संभव नहीं हो पा रही है। उन्होंने उद्योगों को गेल कंपनी से पाइप गैस कनेक्शन लेने की सलाह दी और कहा कि जहां लाइन उपलब्ध नहीं है या जहां लो प्रेशर लाइन नहीं है, वहां भी समाधान निकाला जाएगा। उन्होंने सभी उद्योगों से मासिक खपत और डीजल उपयोग का डेटा मांगा, ताकि सही योजना बनाकर समस्या का समाधान किया जा सके। साथ ही डीजल को बैरल में उपलब्ध कराने के लिए कलेक्टर से अनुमति दिलाने का प्रयास करने की बात भी कही। टीम वर्क से होगा बेहतर काम बैठक के अंत में जीएम श्री तोमर ने एक बार फिर उद्योगपतियों को आश्वस्त किया कि यह एक अस्थायी स्थिति है और सभी विभाग मिलकर इसे जल्द सामान्य करेंगे। उन्होंने टीमवर्क पर जोर देते हुए कहा कि प्रशासन और उद्योग मिलकर काम करेंगे तो इस संकट से आसानी से बाहर निकला जा सकता है। उन्होंने कहा कि उद्योगों के सुचारू संचालन के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं और आने वाले समय में हालात निश्चित रूप से बेहतर होंगे।2
- कोठरा के पंचमुखी वेयरहाउस में बड़ा घोटाला: 900 क्विंटल गेहूं गायब, वेयरहाउस सील, दो दिन तक चलेगी जांच सिवनी मालवा क्षेत्र के ग्राम कोठरा स्थित पंचमुखी वेयरहाउस में शासकीय गेहूं की भारी गड़बड़ी सामने आई है। एसडीएम के निरीक्षण के दौरान पहले लगभग 800 क्विंटल गेहूं की कमी पाई गई थी, जो अब बढ़कर करीब 900 क्विंटल तक पहुंच गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए मंगलवार को जिला स्तर की टीम मौके पर जांच के लिए पहुंची। जांच टीम ने देर रात लगभग 11 बजे तक वेयरहाउस का निरीक्षण किया और इसके बाद वेयरहाउस को सील कर दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, अब अगले दो दिनों तक वेयरहाउस में रखी सभी गेहूं की बोरियों की गिनती की जाएगी, जिससे वास्तविक कमी का आंकड़ा और स्पष्ट हो सके। मामले में मप्र वेयरहाउसिंग एंड लॉजिस्टिक कॉर्पोरेशन के जिला प्रबंधक वासुदेव डावंडे ने गंभीर आशंका जताई है। उन्होंने साफ कहा कि इतनी बड़ी मात्रा में गेहूं की हेराफेरी बिना विभागीय मिलीभगत के संभव नहीं है। उन्होंने बताया कि वेयरहाउस की चाबी संचालक और शाखा प्रबंधक के पास रहती है और दोनों की मौजूदगी के बिना वेयरहाउस खोला ही नहीं जा सकता। अधिकारियों का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर गड़बड़ी का आंकड़ा और बढ़ सकता है। फिलहाल पूरे मामले ने क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है और अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई है।1