छात्राओ को काली बाई भील योजना के अंतर्गत स्कूटी नहीं मिलने से नाराज छात्राओं ने सौंपा ज्ञापन धौलपुर।अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद धौलपुर इकाई के द्वारा विभिन्न राजकीय महाविद्यालय में अध्यनरत छात्राओं को कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना के अंतर्गत स्कूटी नहीं मिलने पर कलेक्टर महोदय को सौंपा ज्ञापन । ज्ञापन में जिला संयोजक समरथ गुर्जर व नगरमंत्री सूरज ने बताया कि राजस्थान सरकार द्वारा संचालित कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना के लाभार्थी छात्राओं को शिक्षा क्षेत्र में प्रोत्साहन करने एवं आवगमन की सूविधा के उद्देश्य से यह योजना शुरू की गई थी परन्तु अभी महाविद्यालय से जानकारी प्राप्त हुई है कि सरकार के द्वारा स्कूटी न देकर स्कूटी के स्थान पर लगभग सत्तर हजार रुपए की राशि प्रदान की जाएगी महाविद्यालय इकाई अध्यक्ष अभिषेक जाट एवं श्लोक शर्मा ने बताया कि जिन छात्राओं को कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना के अंतर्गत चयन हुआ है उन सभी छात्राओं को स्कूटी न मिलने के कारण आक्रोश में है उन्होंने तय राशि लेने से इनकार करते हुए स्कूटी ही प्रदान करने की मांग राजस्थान सरकार से रखी है । वहीं छात्राओं के अभिभावको के अनुसार बताया कि यदि योजना का मूल उद्देश्य अनुसार सभी छात्राओं को स्कूटी प्रदान की जाए वही महाविद्यालय इकाई सचिव तमन्ना व सोनिया खान ने बताया कि स्कूटी हम छात्राओं के लिए केवल एक वाहन नहीं बल्कि शिक्षा केंद्र तक सुगम पहुंचने का माध्यम है। उन्हें आने जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है इसलिए हम सभी छात्राओं की भावना एवं समस्या को समझते हुए हमे राशि न देकर स्कूटी दी जाए तो उचित रहेगा ।इस दौरान इकाई अध्यक्ष अभिषेक जाट,इकाई उपाध्यक्ष सानिया, गुनगुन, इकाई सचिव तमन्ना, सानिया खान, वाशिंका सिंह ,तनु, सुधा,श्लोक, ओमकार शर्मा,सचिन गुर्जर,सागर कश्यप,,अंकित,अमित दिवाकर एवं कई छात्र छात्राएं उपस्थित थी।
छात्राओ को काली बाई भील योजना के अंतर्गत स्कूटी नहीं मिलने से नाराज छात्राओं ने सौंपा ज्ञापन धौलपुर।अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद धौलपुर इकाई के द्वारा विभिन्न राजकीय महाविद्यालय में अध्यनरत छात्राओं को कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना के अंतर्गत स्कूटी नहीं मिलने पर कलेक्टर महोदय को सौंपा ज्ञापन । ज्ञापन में जिला संयोजक समरथ गुर्जर व नगरमंत्री सूरज ने बताया कि राजस्थान सरकार द्वारा संचालित कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी
योजना के लाभार्थी छात्राओं को शिक्षा क्षेत्र में प्रोत्साहन करने एवं आवगमन की सूविधा के उद्देश्य से यह योजना शुरू की गई थी परन्तु अभी महाविद्यालय से जानकारी प्राप्त हुई है कि सरकार के द्वारा स्कूटी न देकर स्कूटी के स्थान पर लगभग सत्तर हजार रुपए की राशि प्रदान की जाएगी महाविद्यालय इकाई अध्यक्ष अभिषेक जाट एवं श्लोक शर्मा ने बताया कि जिन छात्राओं को कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना के अंतर्गत
चयन हुआ है उन सभी छात्राओं को स्कूटी न मिलने के कारण आक्रोश में है उन्होंने तय राशि लेने से इनकार करते हुए स्कूटी ही प्रदान करने की मांग राजस्थान सरकार से रखी है । वहीं छात्राओं के अभिभावको के अनुसार बताया कि यदि योजना का मूल उद्देश्य अनुसार सभी छात्राओं को स्कूटी प्रदान की जाए वही महाविद्यालय इकाई सचिव तमन्ना व सोनिया खान ने बताया कि स्कूटी हम छात्राओं के लिए केवल एक
वाहन नहीं बल्कि शिक्षा केंद्र तक सुगम पहुंचने का माध्यम है। उन्हें आने जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है इसलिए हम सभी छात्राओं की भावना एवं समस्या को समझते हुए हमे राशि न देकर स्कूटी दी जाए तो उचित रहेगा ।इस दौरान इकाई अध्यक्ष अभिषेक जाट,इकाई उपाध्यक्ष सानिया, गुनगुन, इकाई सचिव तमन्ना, सानिया खान, वाशिंका सिंह ,तनु, सुधा,श्लोक, ओमकार शर्मा,सचिन गुर्जर,सागर कश्यप,,अंकित,अमित दिवाकर एवं कई छात्र छात्राएं उपस्थित थी।
- राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड 9 और 10 मई को प्रयोगशाला सहायक भर्ती परीक्षाएँ आयोजित करेगा। धौलपुर में निष्पक्ष और नकल-रहित परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। यह नियंत्रण कक्ष 10 मई को परीक्षा समाप्त होने तक कार्यरत रहेगा।1
- अमृता बोस ने अपना कॉर्पोरेट करियर छोड़कर ग्रामीण बच्चों के लिए मुफ्त अंग्रेजी स्कूल खोला और माताओं के लिए रोजगार शुरू किया। TMC नेताओं ने उनसे 2 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी, इनकार करने पर स्कूल लूट लिया गया और बंद कर दिया गया। अब राजनीतिक बदलाव के बाद स्कूल फिर से खुल गया है, जो भ्रष्टाचार पर उम्मीद की जीत है।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना में कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। इसमें पार्टी के कई बड़े नेताओं और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया।1
- उत्तर प्रदेश के आगरा में ताजमहल घूमने आए दो विवाहित जोड़े अपनी कम लंबाई के कारण आकर्षण का केंद्र बन गए। लोगों ने ताजमहल से ज़्यादा उन कपल्स को निहारा और उनके वीडियो बनाए। उनकी प्यार भरी जोड़ी ने सभी का ध्यान खींचा।1
- मुरैना से चोरी हुई 68 भैंसों में से 60 को पुलिस ने राजस्थान के डांग बसई गांव से बरामद किया है। चोरों ने इन भैंसों को दूसरे राज्य में छिपा रखा था, जिसके बाद पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। बाकी भैंसों की तलाश जारी है, जिससे पशुपालकों को बड़ी राहत मिली है।1
- अम्बाह पी.जी. कॉलेज में निजी कॉलेजों की परीक्षा के कारण मुख्य सड़क पर भीषण जाम लग रहा है। कॉलेज में पार्किंग की जगह होने के बावजूद, प्रशासन गाड़ियों को अंदर लगाने की अनुमति नहीं दे रहा, जिससे यात्री परेशान हैं।1
- कूनो नेशनल पार्क से धौलपुर पहुंचे एक चीते ने सरमथुरा के जंगलों में पहली बार शिकार कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। इस सफल शिकार को चीते के नए वातावरण में ढलने और खुद को सुरक्षित महसूस करने का अहम संकेत माना जा रहा है। वन विभाग ने ग्रामीणों को सतर्क रहने और जंगल क्षेत्र से दूर रहने की अपील की है।1
- पश्चिम बंगाल के संदेशखाली में पुलिस पर फायरिंग होने से हड़कंप मच गया है। इस घटना के बाद TMC पर गंभीर आरोप लगे हैं कि वह हार के बावजूद इस्तीफा नहीं दे रही और राज्य में हिंसा भड़का रही है।1
- नंद का पुरा में रास्ता बंद होने से ग्रामीण परेशान, कलेक्टर से लगाई गुहार पोरसा । जिले के नंद का पुरा गांव में रास्ता बंद होने का मामला सामने आया है, जिससे ग्रामीणों और किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में ग्रामीणों द्वारा प्रशासन को लिखित आवेदन देकर रास्ता खुलवाने की मांग की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव के पास स्थित शासकीय भूमि सर्वे नंबर 517 से गुजरने वाला पुराना रास्ता, जो नंद का पुरा और चक बुधारा को जोड़ता है, वर्तमान में अवरुद्ध हो गया है। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों द्वारा रास्ते को तोड़कर उसे अपने खेत में मिला लिया गया है, जिससे आम रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है। ग्रामीणों का कहना है कि इस रास्ते से रोजाना किसान अपने खेतों तक जाते थे और आमजन का आवागमन भी इसी मार्ग से होता था। रास्ता बंद होने के कारण किसानों को लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा है, जिससे समय और मेहनत दोनों बढ़ रही है। आवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि पूर्व में 24 मार्च 2021 को भी इस संबंध में अधिकारियों को शिकायत दी गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों ने कलेक्टर से मांग की है कि मौके पर निरीक्षण कर शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाया जाए और पुराने रास्ते को पुनः चालू कराया जाए, ताकि गांव के लोगों को राहत मिल सके।2