गायत्री शक्ति पीठ निवाली में संपन्न हुआ चतुर्थ दिवस का नवकुंडी यज्ञ गायत्री शक्ति पीठ निवाली में संपन्न हुआ चतुर्थ दिवस का नवकुंडी यज्ञ निवाली (22 मार्च, रविवार): चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर गायत्री शक्ति पीठ निवाली में भक्तिमय वातावरण के बीच चतुर्थ दिवस का यज्ञ संपन्न हुआ। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर धर्म लाभ लिया। प्रमुख गतिविधियाँ: यज्ञ एवं पूजन: आज के मुख्य यजमान ओंकार धनगर रहे, जिन्होंने माताजी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और यज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। यज्ञ संचालन: प्रतिदिन की भांति श्री त्रिलोक चंद सोनी ने मंत्रोच्चार के साथ सफलतापूर्वक यज्ञ संपन्न कराया। उपस्थिति: इस धार्मिक आयोजन में समाज के विभिन्न गणमान्य जन उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से: श्री चंदू जी वाणी, जितेंद्र गुप्ता, गंगाराम गंगराडे। नरेन्द्र धनगर, सुशीला धनगर। महिला मंडल अध्यक्ष ऊषा वाणी। तहसील मीडिया प्रभारी प्रमोद यादव एवं अन्य श्रद्धालु शामिल हुए। शक्ति पीठ में नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन इसी प्रकार यज्ञ और साधना का क्रम जारी है, जिससे समूचा क्षेत्र भक्ति के रंग में सराबोर नजर आ रहा है। रिपोर्टर: स्वतंत्र पत्रकार सुनील सोनी
गायत्री शक्ति पीठ निवाली में संपन्न हुआ चतुर्थ दिवस का नवकुंडी यज्ञ गायत्री शक्ति पीठ निवाली में संपन्न हुआ चतुर्थ दिवस का नवकुंडी यज्ञ निवाली (22 मार्च, रविवार): चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर गायत्री शक्ति पीठ निवाली में भक्तिमय वातावरण के बीच चतुर्थ
दिवस का यज्ञ संपन्न हुआ। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर धर्म लाभ लिया। प्रमुख गतिविधियाँ: यज्ञ एवं पूजन: आज के मुख्य यजमान ओंकार धनगर रहे, जिन्होंने माताजी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और यज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। यज्ञ संचालन:
प्रतिदिन की भांति श्री त्रिलोक चंद सोनी ने मंत्रोच्चार के साथ सफलतापूर्वक यज्ञ संपन्न कराया। उपस्थिति: इस धार्मिक आयोजन में समाज के विभिन्न गणमान्य जन उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से: श्री चंदू जी वाणी, जितेंद्र गुप्ता, गंगाराम गंगराडे। नरेन्द्र धनगर, सुशीला धनगर। महिला मंडल अध्यक्ष ऊषा
वाणी। तहसील मीडिया प्रभारी प्रमोद यादव एवं अन्य श्रद्धालु शामिल हुए। शक्ति पीठ में नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन इसी प्रकार यज्ञ और साधना का क्रम जारी है, जिससे समूचा क्षेत्र भक्ति के रंग में सराबोर नजर आ रहा है। रिपोर्टर: स्वतंत्र पत्रकार सुनील सोनी
- गायत्री शक्ति पीठ निवाली में संपन्न हुआ चतुर्थ दिवस का नवकुंडी यज्ञ निवाली (22 मार्च, रविवार): चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर गायत्री शक्ति पीठ निवाली में भक्तिमय वातावरण के बीच चतुर्थ दिवस का यज्ञ संपन्न हुआ। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर धर्म लाभ लिया। प्रमुख गतिविधियाँ: यज्ञ एवं पूजन: आज के मुख्य यजमान ओंकार धनगर रहे, जिन्होंने माताजी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और यज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। यज्ञ संचालन: प्रतिदिन की भांति श्री त्रिलोक चंद सोनी ने मंत्रोच्चार के साथ सफलतापूर्वक यज्ञ संपन्न कराया। उपस्थिति: इस धार्मिक आयोजन में समाज के विभिन्न गणमान्य जन उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से: श्री चंदू जी वाणी, जितेंद्र गुप्ता, गंगाराम गंगराडे। नरेन्द्र धनगर, सुशीला धनगर। महिला मंडल अध्यक्ष ऊषा वाणी। तहसील मीडिया प्रभारी प्रमोद यादव एवं अन्य श्रद्धालु शामिल हुए। शक्ति पीठ में नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन इसी प्रकार यज्ञ और साधना का क्रम जारी है, जिससे समूचा क्षेत्र भक्ति के रंग में सराबोर नजर आ रहा है। रिपोर्टर: स्वतंत्र पत्रकार सुनील सोनी4
- पानसेमल नगर के मारवाड़ी समाज द्वारा हर्ष उल्लास के साथ गणगौर उत्सव मनाया,अंतिम दिवस दूल्हा दुल्हन का धूमधाम से बाना निकला।जिसमे युवतियां जमकर नृत्य करते नजर आई।1
- थाना क्षेत्र के ग्राम घोघसा में पुलिस ने गुरुवार रात में मुखबिर की सूचना पर अवैध गौवंश पर कार्रवाई की है। जंगल के रास्ते से पैदल लेकर जा रहे मवेशियों को पकड़ा है। पुलिस को आशंका है कि इन मवेशियों को महाराष्ट्र के कत्लखानों में ले जाया जा रहा था। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो लोग 7 बेलों को लेकर जंगल के रास्ते पैदल महाराष्ट्र की ओर जा रहे है। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की। मौके से दो लोग जंगल के रास्ते से भाग गए। पुलिस को देखकर आरोपी फरार थाना प्रभारी रामदास यादव ने बताया कि 7 बेलों को जब्त कर लिया है। इस मामले में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है। वही बेलों को गौशाला में भेजा गया है।1
- निमाड में गणगौर का आगमन एक त्यौहार जो धर्म आस्था और किसानों को आमजनजीवन के करीब और पूजा कर्म से जोड़ने का कार्य करता है1
- बड़वानी जिले के मंडवाड़ा में गणगौर पर्व के अवसर पर पारंपरिक तखत कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। इस दौरान हजारों की संख्या में ग्रामीण मंडवाड़ा पहुंचे और आयोजन में उत्साहपूर्वक शामिल हुए। ट्रैक्टर-ट्रॉली पर बनाए गए मंच (तखत) पर युवाओं ने महिलाओं के वेश में रंगारंग नृत्य प्रस्तुतियां दीं, जिसने उपस्थित दर्शकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम शनिवार सुबह से शुरू होकर दोपहर तक चला, जिसमें आसपास के लगभग 50 गांवों की टीमों ने भाग लिया। ग्राम तकियापुर, मोहीपुरा, पानिया और मुंडियापुरा से आई टीमों के युवाओं ने क्षेत्रीय भाषा और फिल्मी गीतों पर आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों को देखने के लिए दूर-दूर से आए ग्रामीणों में खासा उत्साह देखने को मिला। यह अनूठा तखत कार्यक्रम हर वर्ष गणगौर पर्व पर आयोजित किया जाता है, जिसमें क्षेत्र के युवा, ग्रामीण और जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल होते हैं। इस वर्ष भी मंडवाड़ा में जनसैलाब उमड़ पड़ा, जो इस पारंपरिक आयोजन का साक्षी बना। गणगौर पर्व पूरे निमाड़ क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दौरान श्रद्धालु माता रणुबाई को एक दिन के लिए अपने घर ले जाकर पूजा-अर्चना करते हैं और रातभर भजन-कीर्तन होता है। मन्नत पूरी होने पर कुछ श्रद्धालु माता को एक दिन और घर में विराजित रखते हैं, जिसके बाद तीसरे दिन गणगौर घाट पर विधि-विधान से विसर्जन किया जाता है।1
- बड़वानी, 21 मार्च 2026। 🗓️ . बड़वानी जिले में आज खुशियों और भाईचारे का मुकद्दस पर्व ईद-उल-फितर पूरी अकीदत और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी के मार्गदर्शन में 30 रोजे मुकम्मल होने के बाद आज शनिवार सुबह शहर के बावनगजा मार्ग स्थित मुख्य ईदगाह पर हजारों समाजजनों ने एक साथ सफों में खड़े होकर नमाज अदा की। ✨🌙 . निर्धारित समय पर मुकम्मल हुई नमाज 🕋🙏 ईदगाह पर सुबह 9:00 बजे मुख्य नमाज अदा की गई, जिसके बाद 9:30 बजे जामा मस्जिद में भी नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। सुन्नत मुस्लिम जमात के प्रबंधन और दारुल कज़ात के सहयोग से तमाम व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रहीं। . प्रमुख उलेमाओं की गरिमामयी मौजूदगी 🤲📖 इस वर्ष ईद की नमाज और रस्मों को शहर के प्रमुख धर्मगुरुओं ने व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया: नमाज का तरीका: शाही मस्जिद के इमाम मौलाना हजीरुद्दीन साहब। नमाज-ए-ईद: उस्मानिया मस्जिद के इमाम हाफिज इमरान शाबरी साहब। खुत्बा: सऊद मस्जिद के इमाम कलीम रजा साहब। दुआ: जामा मस्जिद के इमाम अल्लामा मौलाना अब्दुल जब्बार नूरी साहब ने मुल्क की खुशहाली के लिए विशेष दुआ कराई। . जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने दी मुबारकबाद 🤝❤️ ईद के इस मुबारक मौके पर ईदगाह पहुंचकर और शुभकामना संदेशों के माध्यम से शहर की प्रमुख हस्तियों ने समाजजनों को गले लगकर बधाई दी। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी सदर कय्यूम कुरैशी एडवोकेट, क्षेत्रीय विधायक राजन मंडलोई, नेता प्रतिपक्ष राकेश सिंह जाधव, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मण चौहान, अजय सिंह ठाकुर, मुजीब कुरैशी, युवा नेता अरुण यादव, विष्णु बंडे, इम्तियाज खान (इंटू), पत्रकार आसिफ मेमन, मो. मुस्तफा मेमन, सय्यद मुनाफ अली, अमजद खान सहित अन्य गणमान्य नागरिकों और समाजजनों ने एक-दूसरे को ईद की दिली मुबारकबाद पेश की। . पुलिस-प्रशासन की मुस्तैद सुरक्षा व्यवस्था 👮♂️🚔 सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए एएसपी धीरज बब्बर, टीआई बलजीत सिंह बिसेन और यातायात प्रभारी विनोद कुमार बघेल सहित भारी पुलिस बल तैनात रहा। सुचारू आवागमन के लिए पार्किंग की पुख्ता व्यवस्था की गई थी, जिससे शांतिपूर्ण वातावरण में त्यौहार संपन्न हुआ।4
- बड़वानी, 21 मार्च 2026। निमाड़ दस्तक न्यूज (ब्यूरो रिपोर्ट) ✍️ . बड़वानी जिले में आज खुशियों और भाईचारे का मुकद्दस पर्व ईद-उल-फितर पूरे अकीदत और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी के मार्गदर्शन में रमजान के 30 रोजे मुकम्मल होने के बाद आज शनिवार सुबह शहर के बावनगजा मार्ग स्थित मुख्य ईदगाह पर हजारों मुस्लिम समाजजनों ने एक साथ सफों में खड़े होकर ईद की विशेष नमाज अदा की। 🕌 निर्धारित समय पर मुकम्मल हुई नमाज ईदगाह परिसर में सुबह से ही नमाजियों का सैलाब उमड़ना शुरू हो गया था। सुन्नत मुस्लिम जमात के प्रबंधन और दारुल कज़ात के सहयोग से नमाज की व्यवस्थाएं बेहद चाक-चौबंद रहीं। तय समय के अनुसार सुबह 9:00 बजे ईदगाह पर मुख्य नमाज अदा की गई, जिसके बाद सुबह 9:30 बजे जामा मस्जिद में भी नमाज शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। 🤲 प्रमुख उलेमाओं की गरिमामयी मौजूदगी इस वर्ष ईद की नमाज और उससे जुड़ी रस्मों को शहर के प्रमुख धर्मगुरुओं ने बहुत ही व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया: नमाज का तरीका: शाही मस्जिद के इमाम मौलाना हजीरुद्दीन साहब ने नमाज के तरीके पर विस्तार से प्रकाश डाला। नमाज-ए-ईद: उस्मानिया मस्जिद के इमाम हाफिज इमरान शाबरी साहब ने ईद की विशेष नमाज अदा कराई। खुत्बा: सऊद मस्जिद के इमाम कलीम रजा साहब ने खुत्बा पढ़ा। दुआ: नमाज के अंत में जामा मस्जिद के इमाम अल्लामा मौलाना अब्दुल जब्बार नूरी साहब ने खुसूसी दुआ कराई। 🤝 जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने दी मुबारकबाद ईद के इस मुबारक मौके पर ईदगाह पहुंचकर और शुभकामना संदेशों के माध्यम से शहर की प्रमुख हस्तियों ने समाजजनों को गले लगकर बधाई दी। सुन्नत मुस्लिम जमात व दारुल कज़ात बड़वानी सदर कय्यूम कुरैशी एडवोकेट, क्षेत्रीय विधायक राजन मंडलोई, नेता प्रतिपक्ष राकेश सिंह जाधव, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मण चौहान, अजय सिंह ठाकुर, मुजीब कुरैशी, युवा नेता अरुण यादव, विष्णु बंडे, इम्तियाज खान (इंटू), पत्रकार आसिफ मेमन, मो. मुस्तफा मेमन, सय्यद मुनाफ अली, अमजद खान सहित अन्य गणमान्य नागरिकों और समाजजनों ने एक-दूसरे को ईद की दिली मुबारकबाद पेश की। 👮 पुलिस-प्रशासन की चाक चौबंद सुरक्षा व्यवस्था पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। एएसपी धीरज बब्बर ने स्वयं ईदगाह पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान टीआई बलजीत सिंह बिसेन, यातायात प्रभारी विनोद कुमार बघेल सहित बड़ी संख्या में पुलिस जवान तैनात रहे। सुचारू आवागमन के लिए ईदगाह के पूर्व ही पार्किंग की पुख्ता व्यवस्था कराई गई थी। शहर की सभी मस्जिदों के बाहर भी पुलिस बल मुस्तैद रहा ताकि शांतिपूर्ण वातावरण में त्यौहार संपन्न हो सके।4
- आस्था और लोक संस्कृति का अनूठा संगम: निवाली सहित मालवा-निमाड़ में गणगौर उत्सव की धूम निवाली | स्वतंत्र पत्रकार, सुनील सोनी शनिवार, 21 मार्च 2026 निवाली। राजस्थान और मध्य प्रदेश के लोक-जीवन का सबसे आत्मीय पर्व 'गणगौर' आज चैत्र शुक्ल तृतीया के पावन अवसर पर श्रद्धा और उल्लास के साथ प्रारंभ हो गया। मालवा और निमाड़ अंचल के बड़वानी, धार, खरगोन, खंडवा, हरदा और बुरहानपुर जिलों में आज सुबह 5 बजे 'जवारों की बाड़ी' खुलने के साथ ही उत्सव की अलख जग गई। सोलह श्रृंगार और बाड़ी पूजन की गूँज प्रातः काल से ही समूचा निवाली नगर भक्तिमय वातावरण में सराबोर नजर आया। सुहागिन महिलाओं ने पारंपरिक सोलह श्रृंगार कर पंडितों के निवास पर स्थापित 'माता की बाड़ी' (गेहूं के जवारे) का पूजन किया। हाथ में पूजन थाली, केसरिया चुनरी और मधुर लोक गीतों के साथ बाड़ी पूजन का यह दृश्य भारतीय संस्कृति की जीवंतता को दर्शा रहा था। भक्तों ने माता को नारियल और मिष्ठान अर्पित कर सुख-समृद्धि की कामना की। बेटी की तरह विदा होकर घर पधारीं रणुबाई माता जिन परिवारों में माता की 'मन्नत' थी, वे ढोल-धमाकों और पारंपरिक नृत्य के साथ माता के रथ लेकर पंडितों के घर पहुंचे। यहाँ गणगौर (रणुबाई माता) और धनिया राजा के स्वरूप जवारों की टोकरियों को रथों में विराजित किया गया। श्रृद्धालु इन रथों को सिर पर उठाकर गाजे-बाजे के साथ अपने घर ले गए। आगामी दो दिनों तक माता को घर की बेटी के समान मानकर उनकी सेवा की जाएगी। लोक परंपरा के अनुसार माता को समय-समय पर पानी, दूध और भोजन 'जिमाने' (खिलाने) की रस्म निभाई जाएगी। गीतों के माध्यम से माता को रोकने और लाड लड़ाने का यह क्रम दो दिनों तक चलेगा, जिसके पश्चात तीसरे दिन नम आंखों से विसर्जन किया जाएगा। नगर परिषद की सराहनीय व्यवस्था निवाली नगर में पंडित राकेश जी के निवास पर बोई गई बाड़ी के पूजन हेतु प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम किए। मंदिर चौक और पंडित परिवार के घर के समक्ष नगर परिषद द्वारा टेंट लगाया गया और धूल से बचाव के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव करवाया गया। यहाँ घंटों तक माता के रथों के 'रमने' (खेलने) का कार्यक्रम चलता रहा, जिसे देखने के लिए सैकड़ों की संख्या में जनसैलाब उमड़ पड़ा। बाजारों में रौनक और श्रद्धा का सैलाब उत्सव के चलते बाजारों में भी भारी चहल-पहल देखी गई। माता और धनिया राजा के मुखौटे, चुनरी, चूड़ियाँ और श्रृंगार सामग्री की दुकानों पर खरीदारों की भीड़ रही। श्रद्धा का आलम यह था कि लोग माता के रथों के चरण पखार रहे थे और अपने बच्चों को माता की गोद में रखकर आशीर्वाद दिलवा रहे थे। पंडित परिवारों को भी श्रद्धापूर्वक 'सीदा थाली' (कच्चा राशन) और नकद राशि भेंट कर इस प्राचीन परंपरा का निर्वहन किया गया। दोपहर तक पूरा नगर 'माता के जयकारों' से गुंजायमान रहा4