रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र में एक घरेलू विवाद के दौरान पत्नी की हथौड़ी मारकर हत्या करने के आरोप में पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल की गई लोहे की हथौड़ी भी बरामद कर ली है। इस मामले पर रायगढ़ पुलिस ने महिलाओं के विरुद्ध हिंसक अपराधों पर त्वरित और कठोर वैधानिक कार्रवाई जारी रखने का स्पष्ट संदेश दिया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम बाँसजोर निवासी मेहतरीन बाई मंझवार की मृत्यु से संबंधित मर्ग डायरी जांच के लिए धरमजयगढ़ थाने को प्राप्त हुई थी, जिसके बाद थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े ने मर्ग क्रमांक 81/2026 के तहत जांच शुरू की। विवेचना के दौरान मृतिका के माता-पिता, सास, पार्षद सहित अन्य गवाहों के बयान दर्ज किए गए और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का परीक्षण किया गया। जांच में सामने आया कि 17 जून 2026 की सुबह करीब 7:30 बजे आरोपी श्यामलाल मंझवार (24 वर्ष) और उसकी पत्नी मेहतरीन बाई के बीच इलाज के लिए पैसे मांगने को लेकर विवाद हुआ था। कहासुनी बढ़ने पर आरोपी ने आक्रोशित होकर घर में रखी लोहे की हथौड़ी से पत्नी के सिर पर कई बार वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद घायल महिला को मेडिकल कॉलेज रायगढ़ में भर्ती कराया गया, जहां 20 जून 2026 की शाम करीब 6:30 बजे उसकी मौत हो गई। मर्ग जांच में हत्या की पुष्टि होने पर धरमजयगढ़ थाना में आरोपी श्यामलाल मंझवार, निवासी ग्राम बाँसजोर, थाना धरमजयगढ़ के विरुद्ध अपराध क्रमांक 168/2026 के तहत धारा 103(1) बीएनएस में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने तत्काल आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसके मेमोरेंडम के आधार पर वारदात में प्रयुक्त बेट लगा लोहे का हथौड़ा भी बरामद कर लिया गया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन तथा एडिशनल एसपी अनिल सोनी और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में की गई। इस दौरान थाना प्रभारी राजेश जांगड़े, एएसआई मंजु मिश्रा, प्रधान आरक्षक गंगाराम भगत सहित अन्य स्टाफ ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मामले पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने जोर देकर कहा कि महिलाओं के विरुद्ध हिंसा और गंभीर अपराध किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे और महिला सुरक्षा रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र में एक घरेलू विवाद के दौरान पत्नी की हथौड़ी मारकर हत्या करने के आरोप में पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल की गई लोहे की हथौड़ी भी बरामद कर ली है। इस मामले पर रायगढ़ पुलिस ने महिलाओं के विरुद्ध हिंसक अपराधों पर त्वरित और कठोर वैधानिक कार्रवाई जारी रखने का स्पष्ट संदेश दिया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम बाँसजोर निवासी मेहतरीन बाई मंझवार की मृत्यु से संबंधित मर्ग डायरी जांच के लिए धरमजयगढ़ थाने को प्राप्त हुई थी, जिसके बाद थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े ने मर्ग क्रमांक 81/2026 के तहत जांच शुरू की। विवेचना के दौरान मृतिका के माता-पिता, सास, पार्षद सहित अन्य गवाहों के बयान दर्ज किए
गए और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का परीक्षण किया गया। जांच में सामने आया कि 17 जून 2026 की सुबह करीब 7:30 बजे आरोपी श्यामलाल मंझवार (24 वर्ष) और उसकी पत्नी मेहतरीन बाई के बीच इलाज के लिए पैसे मांगने को लेकर विवाद हुआ था। कहासुनी बढ़ने पर आरोपी ने आक्रोशित होकर घर में रखी लोहे की हथौड़ी से पत्नी के सिर पर कई बार वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद घायल महिला को मेडिकल कॉलेज रायगढ़ में भर्ती कराया गया, जहां 20 जून 2026 की शाम करीब 6:30 बजे उसकी मौत हो गई। मर्ग जांच में हत्या की पुष्टि होने पर धरमजयगढ़ थाना में आरोपी श्यामलाल मंझवार, निवासी ग्राम बाँसजोर, थाना धरमजयगढ़ के विरुद्ध अपराध क्रमांक 168/2026 के तहत धारा 103(1) बीएनएस में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने तत्काल
आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसके मेमोरेंडम के आधार पर वारदात में प्रयुक्त बेट लगा लोहे का हथौड़ा भी बरामद कर लिया गया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन तथा एडिशनल एसपी अनिल सोनी और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में की गई। इस दौरान थाना प्रभारी राजेश जांगड़े, एएसआई मंजु मिश्रा, प्रधान आरक्षक गंगाराम भगत सहित अन्य स्टाफ ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मामले पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने जोर देकर कहा कि महिलाओं के विरुद्ध हिंसा और गंभीर अपराध किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे और महिला सुरक्षा रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
- रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र में एक घरेलू विवाद के दौरान पत्नी की हथौड़ी मारकर हत्या करने के आरोप में पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल की गई लोहे की हथौड़ी भी बरामद कर ली है। इस मामले पर रायगढ़ पुलिस ने महिलाओं के विरुद्ध हिंसक अपराधों पर त्वरित और कठोर वैधानिक कार्रवाई जारी रखने का स्पष्ट संदेश दिया है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम बाँसजोर निवासी मेहतरीन बाई मंझवार की मृत्यु से संबंधित मर्ग डायरी जांच के लिए धरमजयगढ़ थाने को प्राप्त हुई थी, जिसके बाद थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े ने मर्ग क्रमांक 81/2026 के तहत जांच शुरू की। विवेचना के दौरान मृतिका के माता-पिता, सास, पार्षद सहित अन्य गवाहों के बयान दर्ज किए गए और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का परीक्षण किया गया। जांच में सामने आया कि 17 जून 2026 की सुबह करीब 7:30 बजे आरोपी श्यामलाल मंझवार (24 वर्ष) और उसकी पत्नी मेहतरीन बाई के बीच इलाज के लिए पैसे मांगने को लेकर विवाद हुआ था। कहासुनी बढ़ने पर आरोपी ने आक्रोशित होकर घर में रखी लोहे की हथौड़ी से पत्नी के सिर पर कई बार वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद घायल महिला को मेडिकल कॉलेज रायगढ़ में भर्ती कराया गया, जहां 20 जून 2026 की शाम करीब 6:30 बजे उसकी मौत हो गई। मर्ग जांच में हत्या की पुष्टि होने पर धरमजयगढ़ थाना में आरोपी श्यामलाल मंझवार, निवासी ग्राम बाँसजोर, थाना धरमजयगढ़ के विरुद्ध अपराध क्रमांक 168/2026 के तहत धारा 103(1) बीएनएस में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने तत्काल आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसके मेमोरेंडम के आधार पर वारदात में प्रयुक्त बेट लगा लोहे का हथौड़ा भी बरामद कर लिया गया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन तथा एडिशनल एसपी अनिल सोनी और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में की गई। इस दौरान थाना प्रभारी राजेश जांगड़े, एएसआई मंजु मिश्रा, प्रधान आरक्षक गंगाराम भगत सहित अन्य स्टाफ ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मामले पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने जोर देकर कहा कि महिलाओं के विरुद्ध हिंसा और गंभीर अपराध किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे और महिला सुरक्षा रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।3
- बिलासपुर शहर में तेज रफ्तार का एक और भयावह रूप सामने आया है। सोमवार को तिफरा ओवरब्रिज पर हुए एक भीषण सड़क हादसे में एक परिवार का चिराग बुझ गया, जबकि एक अन्य युवक अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहा है। जानकारी के अनुसार, ओवरब्रिज से गुजर रहे दो बाइक सवार युवकों को पीछे से आ रहे एक अज्ञात तेज रफ्तार वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार सड़क पर उछलकर गिर पड़े। इसके बाद अनियंत्रित बाइक सामने से आ रहे एक छोटा हाथी वाहन से जा टकराई। इस दर्दनाक दुर्घटना में एक युवक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को तत्काल सिम्स अस्पताल पहुंचाया गया है, जहाँ उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। हादसे के बाद आरोपी वाहन चालक मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर डायल-112 और सिविल लाइन थाना पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची। ट्रैफिक एएसपी रामगोपाल करियारे ने स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और यातायात को सामान्य कराया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक को जब्त कर लिया है और फरार वाहन की पहचान के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही को ही इस हादसे का मुख्य कारण माना जा रहा है। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि सड़क पर कुछ सेकंड की लापरवाही पूरी जिंदगी छीन सकती है, जिससे तिफरा ओवरब्रिज एक बार फिर मौत का पुल बनकर सामने आया है।1
- आज दिल्ली से आए प्रसिद्ध इस्लामी स्कॉलर प्रोफेसर मुख्तार अशरफ साहब ने 'उसकी देन कमेटी' के मंच पर स्मारिका 'पैगाम-ए-कर्बला' का भव्य विमोचन किया। इस आयोजन में शेख नाजिरुद्दीन (छोटे), जो नगर निगम के पूर्व सभापति रह चुके हैं, ने सहयोग किया। 'पैगाम-ए-कर्बला' स्मारिका को जोगी जगत न्यूज़ नेटवर्क द्वारा प्रकाशित किया गया है।1
- सेंट जेवियर स्कूल दुष्कर्म मामले को लेकर जनता का भारी आक्रोश देखने को मिला है। इसी कड़ी में, सर्वसेन समाज के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट का घेराव किया गया, जहाँ दुष्कर्मी को तत्काल फांसी की सजा देने की जोरदार मांग उठाई गई। त्रिलोक चंद्र श्रीवास ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि अगले 10 दिनों में इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जाती है, तो पूरे प्रदेश भर में व्यापक आंदोलन छेड़ दिया जाएगा।1
- बिलासपुर-रायपुर हाईवे पर चलती क्रेटा कार की सनरूफ से बाहर निकलकर स्टंटबाजी करने वाले युवकों को यह हरकत महंगी पड़ गई। सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो वायरल होने के बाद चकरभाठा पुलिस ने इस पर संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की। पुलिस ने CG 10 BE 4400 नंबर की कार को जब्त कर लिया और आरोपी प्रशांत जायसवाल के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। कार में मौजूद लड़कियों को पुलिस ने चेतावनी देकर छोड़ दिया। पुलिस ने नियम तोड़ने वालों को सख्त चेतावनी भी जारी की है।1
- मुंगेली जिले के पथरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत सोढ़ी की महिलाओं ने कथित दबंगई के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रधानमंत्री सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत बस्ती में पानी की निकासी के लिए डाली गई पाइप को चोवाराम खुंटे और उनके परिवार ने दादागिरी दिखाते हुए मिट्टी डालकर बंद कर दिया है। ग्रामीण यह भी दावा कर रहे हैं कि आरोपी, पटवारी और आरआई द्वारा किए गए गलत सीमांकन का फायदा उठाकर उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं। महिलाओं ने बताया कि जब उन्होंने दूसरी जगह पाइप डालने की कोशिश की, तब भी आरोपियों ने उन्हें गाली गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। बरसात के मौसम में पानी निकासी बंद होने के कारण बच्चों और अन्य ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने थाना प्रभारी पथरिया को एक लिखित आवेदन दिया है, जिसमें चोवाराम खुंटे, रमेश खुंटे, सतीश खुंटे सहित कुल सात लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। इसके साथ ही, ग्रामीणों ने प्रशासन से पुरानी पाइप को तुरंत खुलवाने और पानी निकासी की व्यवस्था को दुरुस्त करने की भी गुहार लगाई है ताकि उनकी समस्या का समाधान हो सके।1
- रायगढ़ जिले के लैलूंगा थाना क्षेत्र में जमीन विवाद को लेकर घर में घुसकर मारपीट, तोड़फोड़ और बलवा करने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। लैलूंगा पुलिस ने इस मामले में 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई एक क्रेटा कार और मारपीट में प्रयुक्त डंडा भी जब्त किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए स्पष्ट कहा है कि कानून हाथ में लेने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम बरखोरिया निवासी पुष्पा यादव (35 वर्ष) ने 22 जून को थाना लैलूंगा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनके परिवार द्वारा हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी कब्जे की कृषि भूमि में धान की बुआई की गई थी। इसी दौरान दोपहर करीब 2 बजे कृष्णा यादव, लिंगराज यादव, जागेश्वर यादव, हलधर यादव, पूर्णचंद्र चौबे, बसंत यादव, विनेश यादव उर्फ बबलू, रघुवीर टंडन, सूरज ओगरे और संजय बरेठ एकजुट होकर खेत में जबरन जोताई और धान बुआई करने लगे। प्रार्थिया के विरोध करने पर आरोपी कथित रूप से उनके घर और आंगन में घुस गए। आरोप है कि सभी ने मिलकर छप्पर और घरेलू सामान में तोड़फोड़ की, गाली-गलौज की, जान से मारने की धमकी दी और मारपीट की। शिकायत के आधार पर थाना लैलूंगा में अपराध क्रमांक 202/2026 के तहत धारा 296, 115(2), 351(3), 190, 191(2), 333 एवं 324(4) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। मामले की सूचना वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह तक पहुंचने पर उन्होंने थाना प्रभारी लैलूंगा को आरोपियों के खिलाफ तत्काल और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। थाना प्रभारी उप निरीक्षक गिरधारी साव ने टीम के साथ आरोपियों की पतासाजी कर उन्हें हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने घटना में शामिल होना स्वीकार किया। पुलिस ने उनके कब्जे से वारदात में प्रयुक्त काले रंग की क्रेटा कार क्रमांक CG-11-AN-0911 तथा मारपीट में इस्तेमाल डंडा जब्त किया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर कृष्ण कुमार यादव उर्फ कृष्णा यादव, जागेश्वर यादव, हलधर यादव, पूर्णचंद्र चौबे, बसंत यादव, विनेश यादव उर्फ बबलू यादव, रघुवीर टंडन उर्फ रघु टंडन, सूरज ओगरे और संजय बरेठ सहित कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से सभी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने इस कार्रवाई के बाद सख्त संदेश देते हुए कहा है कि रायगढ़ पुलिस जमीन विवाद या किसी भी अन्य कारण से कानून अपने हाथ में लेने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रखेगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि किसी भी विवाद का समाधान कानून और प्रशासनिक प्रक्रिया के माध्यम से करें, न कि हिंसा और दबाव के जरिए।1
- बुधवार सुबह 11:00 बजे हिर्री पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात 10:00 बजे एक कॉलर से फोन पर सूचना प्राप्त हुई कि हिर्री स्थित शासकीय शराब दुकान के चखना सेंटर के बाहर एक व्यक्ति ने अज्ञात कारणों से अपने ही गले पर धारदार वस्तु से वार कर लिया है। वह लहूलुहान स्थिति में बैठा था और अस्पताल जाने को तैयार नहीं हो रहा था। सूचना मिलने पर डायल 112 की टीम तत्काल घटना स्थल पर पहुँची। घटनास्थल पर टीम को एक व्यक्ति मिला, जिसने केवल पैंट पहना हुआ था और उसके हाथ व बांह पर टैटू बने थे। उसके गर्दन पर किसी धारदार वस्तु से चोट के निशान थे और खून बह रहा था। पूछताछ करने पर उसने खुद को बिलासपुर के मिनी बस्ती का निवासी बताया और यह भी कहा कि वह उसी चखना सेंटर का संचालक है। हालांकि, जब उससे घटना के संबंध में पूछताछ की गई, तो उसने कोई जवाब नहीं दिया और न ही अस्पताल जाने पर राजी हुआ। फिलहाल, इस संबंध में हिर्री थाने में अब तक किसी प्रकार की कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई है।1