बिजली पोल तोड़कर वायर चोरी करने वाला गिरोह पकड़ा, 4 आरोपी गिरफ्तार तिल्दा-नेवरा | 24 अप्रैल 2026 रायपुर (ग्रामीण) पुलिस के अंतर्गत तिल्दा नेवरा थाना पुलिस ने बिजली पोल तोड़कर वायर चोरी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 7 लाख रुपये की चोरी की सामग्री और वाहन जब्त किए हैं। 🔍 क्या है पूरा मामला ग्राम कोनारी में किसानों के कृषि पंप कनेक्शन के लिए स्थापित बिजली लाइन को अज्ञात चोरों ने नुकसान पहुंचाते हुए सीमेंट पोल तोड़ दिए और तार चोरी कर लिया। घटना 13-14 अप्रैल की दरम्यानी रात की बताई जा रही है, जिसके बाद विभाग की शिकायत पर तिल्दा नेवरा थाना में अपराध दर्ज किया गया। 🕵️♂️ ऐसे खुला मामला पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर सूचना और संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान खरोरा निवासी देव प्रसाद पारधी पर संदेह हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। 👥 गिरफ्तार आरोपी देव प्रसाद पारधी (38 वर्ष) मनमोहन नारंग (25 वर्ष) हेमलाल धृतलहरे (33 वर्ष) पंकज कुमार टंडन (19 वर्ष) ⚡ 5 वारदातों का खुलासा पूछताछ में आरोपियों ने तिल्दा नेवरा और खरोरा क्षेत्र में कुल 5 चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। वर्ष 2025 में भी इसी प्रकार की चोरी में इनकी संलिप्तता सामने आई है। 💰 क्या-क्या हुआ बरामद 5500 मीटर एल्यूमिनियम वायर 30 मीटर केबल वायर 4 व्ही क्रॉस एंगल 2 एल्यूमिनियम कटर मशीन 1 ओमनी कार व 1 दोपहिया वाहन 👉 कुल कीमत लगभग 7 लाख रुपये ⚖️ पहले भी जा चुके हैं जेल चारों आरोपी पूर्व में डकैती, मारपीट, आबकारी और अन्य गंभीर मामलों में जेल जा चुके हैं, जिससे इनके आपराधिक इतिहास की पुष्टि होती है। पुलिस की अहम भूमिका तिल्दा नेवरा पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों से इस गिरोह का पर्दाफाश संभव हो पाया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की है।
बिजली पोल तोड़कर वायर चोरी करने वाला गिरोह पकड़ा, 4 आरोपी गिरफ्तार तिल्दा-नेवरा | 24 अप्रैल 2026 रायपुर (ग्रामीण) पुलिस के अंतर्गत तिल्दा नेवरा थाना पुलिस ने बिजली पोल तोड़कर वायर चोरी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 7 लाख रुपये की चोरी की सामग्री और वाहन जब्त किए हैं। 🔍 क्या है पूरा मामला ग्राम कोनारी में किसानों के कृषि पंप कनेक्शन के लिए स्थापित बिजली लाइन को अज्ञात चोरों ने नुकसान पहुंचाते हुए सीमेंट पोल तोड़ दिए और तार चोरी कर लिया। घटना 13-14 अप्रैल की दरम्यानी रात की बताई जा रही है,
जिसके बाद विभाग की शिकायत पर तिल्दा नेवरा थाना में अपराध दर्ज किया गया। 🕵️♂️ ऐसे खुला मामला पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर सूचना और संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान खरोरा निवासी देव प्रसाद पारधी पर संदेह हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। 👥 गिरफ्तार आरोपी देव प्रसाद पारधी (38 वर्ष) मनमोहन नारंग (25 वर्ष) हेमलाल धृतलहरे (33 वर्ष) पंकज कुमार टंडन (19 वर्ष) ⚡ 5 वारदातों का खुलासा पूछताछ में आरोपियों ने तिल्दा नेवरा और खरोरा क्षेत्र में कुल 5 चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। वर्ष
2025 में भी इसी प्रकार की चोरी में इनकी संलिप्तता सामने आई है। 💰 क्या-क्या हुआ बरामद 5500 मीटर एल्यूमिनियम वायर 30 मीटर केबल वायर 4 व्ही क्रॉस एंगल 2 एल्यूमिनियम कटर मशीन 1 ओमनी कार व 1 दोपहिया वाहन 👉 कुल कीमत लगभग 7 लाख रुपये ⚖️ पहले भी जा चुके हैं जेल चारों आरोपी पूर्व में डकैती, मारपीट, आबकारी और अन्य गंभीर मामलों में जेल जा चुके हैं, जिससे इनके आपराधिक इतिहास की पुष्टि होती है। पुलिस की अहम भूमिका तिल्दा नेवरा पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों से इस गिरोह का पर्दाफाश संभव हो पाया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की है।
- छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले के बसंतपुर थाना से सामने आया मामला सिर्फ एक चोरी का नहीं, बल्कि पूरे पुलिस सिस्टम की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा करता है। जब पुलिस कस्टडी में रखी गई संपत्ति ही सुरक्षित नहीं है, तो आम नागरिक खुद को कितना सुरक्षित महसूस करेगा—यही सबसे बड़ा सवाल बनकर उभरा है। क्या है पूरा मामला? उत्तर प्रदेश निवासी मटुकधारी अपने पिकअप वाहन (UP 64 CT 4056) में 67 बोरी धान लेकर छत्तीसगढ़ आ रहे थे। इसी दौरान बसंतपुर थाना पुलिस ने वाहन को रोका और बाद में उसे अपने कब्जे में ले लिया। वाहन को थाना परिसर में रखा गया तहसीलदार के आदेश से वाहन जब्त किया गया 24 अप्रैल 2026 को कोर्ट आदेश के बाद वाहन रिलीज हुआ लेकिन जब मालिक गाड़ी लेने पहुंचे, तो मामला पलट चुका था। क्या-क्या गड़बड़ी सामने आई? वाहन मालिक के अनुसार— गाड़ी के 2 नए टायर गायब उनकी जगह पुराने और सड़े टायर लगाए गए 67 बोरी में से 4 बोरी धान कम मौके पर पहुंचे पत्रकार ने भी इन तथ्यों की पुष्टि की, जिससे संदेह और गहरा गया कि मामला साधारण लापरवाही नहीं हो सकता। पीड़ित का सीधा सवाल “जब थाना ही सुरक्षित नहीं है, तो आम जनता की सुरक्षा कैसे होगी?” मटुकधारी ने साफ कहा कि जब तक उनका पूरा सामान वापस नहीं मिलता, वे वाहन नहीं ले जाएंगे। पुलिस की प्रतिक्रिया पुलिस अधीक्षक से संपर्क नहीं हो सका डीएसपी विश्व दीपक त्रिपाठी ने जांच का भरोसा दिया दोषियों पर कार्रवाई की बात कही गई उठते बड़े सवाल क्या पुलिस कस्टडी में भी चोरी संभव है? क्या यह अंदरूनी मिलीभगत का मामला है? जब्त वाहनों की सुरक्षा का जिम्मेदार कौन? पहले भी हो चुका है ऐसा मामला यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले सरगुजा जिले के दरिमा थाना में भी ऐसा ही मामला सामने आया था— जब्त ट्रैक्टर से टायर और पार्ट्स चोरी जांच में पुलिसकर्मियों की संलिप्तता सामने आई आरोपी: संतोष कुमार गुप्ता (प्रधान आरक्षक) जगेश्वर बघेल (आरक्षक) कार्रवाई: तत्कालीन एसपी विजय अग्रवाल ने सख्त कदम उठाए एक को डिमोट किया गया, दूसरे को न्यूनतम वेतनमान पर रखा गया क्या फिर दोहराया गया वही पैटर्न? बसंतपुर का ताजा मामला पुराने केस की तरह ही संकेत दे रहा है— जब्त संपत्ति की सुरक्षा में भारी चूक निगरानी व्यवस्था कमजोर जवाबदेही तय नहीं निष्कर्ष लगातार सामने आ रहे ऐसे मामलों से यह साफ है कि— थानों में जब्त वाहनों की सुरक्षा अभी भी चुनौती बनी हुई है आंतरिक निगरानी और पारदर्शिता की कमी है सख्त और त्वरित कार्रवाई की जरूरत है अब सबकी नजर इस पर टिकी है कि प्रशासन इस बार क्या कदम उठाता है— क्या सिर्फ जांच होगी, या सिस्टम में बदलाव भी देखने को मिलेगा?4
- सोशल मीडिया के विवाद ने लिया हिंसक रूप धमकी भरा पोस्ट देखने के बाद युवकों ने मारपीट कर किया जिंदा जलाने की कोशिश सिटी कोतवाली पुलिस ने 1 नाबालिक समेत 9 आरोपीयो को किया गिरफ्तार खोरसीनाला के पास हुई थी घटना युवक को बुलाकर किया गया हमला क्रिकेट बैट, स्टिक और डंडों से बेरहमी से मारपीट फिर पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने की कोशिश इंस्टाग्राम पोस्ट बना विवाद की वजह, धमकी भरे स्टेटस से नाराज थे आरोपी1
- मुंगेली पुलिस लाइन में “डिजिटल, इलेक्ट्रॉनिक एवं डीएनए साक्ष्य” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें पुलिस अधिकारियों को आधुनिक तकनीकी साक्ष्यों के संग्रहण, संरक्षण और उपयोग का प्रशिक्षण दिया गया। फॉरेन्सिक विशेषज्ञों ने डिजिटल डेटा, सीसीटीवी फुटेज और डीएनए साक्ष्यों की अहम भूमिका पर विस्तार से जानकारी दी। इस पहल से अपराध अनुसंधान को और अधिक सशक्त और प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया। #MungeliPolice #DigitalEvidence #DNATest #ForensicScience #CyberCrime #PoliceTraining #ChhattisgarhNews #Investigation #CrimeNews #TechnologyInPolice1
- Post by गोविंद राम 92947315371
- 10 साल बाद रायपुर में आईपीएल का रोमांच… देखिए मेरी स्पेशल कवरेज! 🎙️🏏1
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- किरायेदार और मकान मालिक के बीच मारपीट, मामूली बात पर शुरू हुआ विवाद हाथापाई तक पहुंचा, जमकर चले लात-घूंसे राजधानी रायपुर के टिकरापारा थाना क्षेत्र (Raipur Marpit Viral Video) में किराएदारों और मकान मालिक के बीच विवाद का मामला सामने आया है। घटना 23 अप्रैल की रात करीब 11 बजे की बताई जा रही है। मकान मालिक अपने घर पर मौजूद था। जानकारी के अनुसार, मकान मालिक ने बताया कि, मोटर पंप चालू होने से पानी बह रहा था, जिस पर उसने अपने किराएदारों को पंप बंद करने के लिए कहा। इसी बात को लेकर विवाद बढ़ गया। आरोप है कि किराएदार सूरज सेन, टिकेश्वरी तिवारी और भारती सेन मौके पर पहुंचे और मोहल्ले के बाहर निकल गाली-गलौज करने लगे। मकान मालिक द्वारा गाली देने से मना करने पर आरोपियों ने कथित तौर पर उसके साथ हाथ मुक्के लात से मारपीट की। शिकायत के अनुसार, उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई और जानलेवा हमला किया गया, जिससे पीड़ित को गर्दन और चेहरे में खरोंच तथा पीठ में दर्द की शिकायत हुई है। इसके अलावा, आरोप है कि टिकेश्वरी तिवारी ने घर में खड़ी एक्टिवा और होंडा साइन बाइक पर तोड़फोड़ कर क्षतिग्रस्त कर दिया। घटना के दौरान कमल तांडी, बिट्टू साहू और ब्रिजेश नाम के लोगों ने पूरी घटना को देखा और सुना। पीड़ित ने टिकरापारा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।1
- तिल्दा-नेवरा | 24 अप्रैल 2026 रायपुर (ग्रामीण) पुलिस के अंतर्गत तिल्दा नेवरा थाना पुलिस ने बिजली पोल तोड़कर वायर चोरी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 7 लाख रुपये की चोरी की सामग्री और वाहन जब्त किए हैं। 🔍 क्या है पूरा मामला ग्राम कोनारी में किसानों के कृषि पंप कनेक्शन के लिए स्थापित बिजली लाइन को अज्ञात चोरों ने नुकसान पहुंचाते हुए सीमेंट पोल तोड़ दिए और तार चोरी कर लिया। घटना 13-14 अप्रैल की दरम्यानी रात की बताई जा रही है, जिसके बाद विभाग की शिकायत पर तिल्दा नेवरा थाना में अपराध दर्ज किया गया। 🕵️♂️ ऐसे खुला मामला पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर सूचना और संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान खरोरा निवासी देव प्रसाद पारधी पर संदेह हुआ। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। 👥 गिरफ्तार आरोपी देव प्रसाद पारधी (38 वर्ष) मनमोहन नारंग (25 वर्ष) हेमलाल धृतलहरे (33 वर्ष) पंकज कुमार टंडन (19 वर्ष) ⚡ 5 वारदातों का खुलासा पूछताछ में आरोपियों ने तिल्दा नेवरा और खरोरा क्षेत्र में कुल 5 चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। वर्ष 2025 में भी इसी प्रकार की चोरी में इनकी संलिप्तता सामने आई है। 💰 क्या-क्या हुआ बरामद 5500 मीटर एल्यूमिनियम वायर 30 मीटर केबल वायर 4 व्ही क्रॉस एंगल 2 एल्यूमिनियम कटर मशीन 1 ओमनी कार व 1 दोपहिया वाहन 👉 कुल कीमत लगभग 7 लाख रुपये ⚖️ पहले भी जा चुके हैं जेल चारों आरोपी पूर्व में डकैती, मारपीट, आबकारी और अन्य गंभीर मामलों में जेल जा चुके हैं, जिससे इनके आपराधिक इतिहास की पुष्टि होती है। पुलिस की अहम भूमिका तिल्दा नेवरा पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों से इस गिरोह का पर्दाफाश संभव हो पाया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की है।3