logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सम्मानीय जयनाथ सिंह केराम जी का उद्बोधन हम बिकने वाले नहीं,कोई ऐसा कागज का नोट नहीं बना जो हीरा जैसे विचार को किसी से समझौता कर सकता है

14 hrs ago
user_Ritesh singh tekam
Ritesh singh tekam
Salesperson सूरजपुर, सूरजपुर, छत्तीसगढ़•
14 hrs ago

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सम्मानीय जयनाथ सिंह केराम जी का उद्बोधन हम बिकने वाले नहीं,कोई ऐसा कागज का नोट नहीं बना जो हीरा जैसे विचार को किसी से समझौता कर सकता है

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • तुमसा झूठा कोई बेईमान नहीं है देश कि बपौती हिंदुस्तान नहीं है।
    1
    तुमसा झूठा कोई बेईमान नहीं है 
देश कि बपौती हिंदुस्तान नहीं है।
    user_Santlal Urre
    Santlal Urre
    Waiter/Waitress सूरजपुर, सूरजपुर, छत्तीसगढ़•
    4 hrs ago
  • गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सम्मानीय जयनाथ सिंह केराम जी का उद्बोधन हम बिकने वाले नहीं,कोई ऐसा कागज का नोट नहीं बना जो हीरा जैसे विचार को किसी से समझौता कर सकता है
    1
    गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सम्मानीय जयनाथ सिंह केराम जी का उद्बोधन
हम बिकने वाले नहीं,कोई ऐसा कागज का नोट नहीं बना जो हीरा जैसे विचार को किसी से समझौता कर सकता है
    user_Ritesh singh tekam
    Ritesh singh tekam
    Salesperson सूरजपुर, सूरजपुर, छत्तीसगढ़•
    14 hrs ago
  • पुरे छत्तीसगढ़ समेत कोरिया जिले में 26 वा राज्योंउत्स्व मनेगा
    1
    पुरे छत्तीसगढ़ समेत कोरिया जिले में 26 वा राज्योंउत्स्व मनेगा
    user_Editor In Chief vivekanand Pandey Swaranjali News
    Editor In Chief vivekanand Pandey Swaranjali News
    बैकुंठपुर, कोरिया, छत्तीसगढ़•
    3 hrs ago
  • पांच किलोमीटर का सफर, लेकिन सड़क पर हर कदम खतरे से खाली नहीं! आखिर कब जागेंगे जिम्मेदार? गड्ढों में गुम हुआ विकास का दावा मनेन्द्रगढ़/एमसीबी। मनेन्द्रगढ़ से नई लेदरी की ओर जाने वाला लगभग पांच किलोमीटर का सड़क मार्ग आज अपनी बदहाली पर आंसू बहाता नजर आ रहा है। झगराखाण्ड क्षेत्र में प्रवेश करते ही सड़क की हालत ऐसी बिगड़ती है कि नई लेदरी तक पहुंचते-पहुंचते जगह-जगह गड्ढे, उखड़ी हुई सड़क और जर्जर रास्ते राहगीरों के लिए मुसीबत बन जाते हैं। लगभग चार किलोमीटर का यह हिस्सा मानो सड़क कम और गड्ढों का रास्ता अधिक बन चुका है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इस सड़क की सुध लेने वाला कौन है? क्या जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को इस मार्ग की बदहाली दिखाई नहीं देती, या फिर इस रास्ते से गुजरने के बावजूद उन्हें आम नागरिकों की परेशानी महसूस नहीं होती? हैरानी की बात यह है कि इसी मार्ग से छत्तीसगढ़ के बड़े-बड़े नेता, मंत्री, अधिकारी, पदाधिकारी और एसईसीएल के स्थानीय यूनियन नेता भी अक्सर आवागमन करते हैं। इसके बावजूद सड़क की दशा सुधारने के लिए अब तक कोई ठोस पहल नजर नहीं आती। जब बड़े-बड़े जिम्मेदार लोग इसी रास्ते से गुजरते हैं, तो क्या उनकी गाड़ियों के पहिए इन गड्ढों से नहीं टकराते? क्या उन्हें हिचकोले खाते इस सफर में आम जनता की तकलीफ का एहसास नहीं होता? इस सड़क पर रोजाना दोपहिया वाहन चालक, चारपहिया वाहन, स्कूली बच्चे, नौकरीपेशा लोग और ग्रामीण आवागमन करते हैं। गड्ढों से बचने के प्रयास में वाहन चालकों को कभी इस तरफ तो कभी उस तरफ जाना पड़ता है। जरा सी चूक दुर्घटना का कारण बन जाती है। ऐसे कई दुर्घटनाएं इन गड्ढों से बचाने के चक्कर में हो चुके हैं। बरसात के दिनों में गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा लगाना भी मुश्किल हो जाता है। सबसे अधिक चिंता उन मरीजों और उनके परिजनों की है, जिन्हें इलाज के लिए एंबुलेंस या निजी वाहन से मनेन्द्रगढ़ अथवा अन्य अस्पतालों तक पहुंचना पड़ता है। सामान्य राहगीर का इस सड़क पर सफर करना मुश्किल है, तो गंभीर मरीज की पीड़ा का अंदाजा लगाना भी कठिन है। जिस समय मरीज को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने की जरूरत होती है, उस समय जर्जर सड़क उसकी परेशानी और बढ़ाता है। लोकतंत्र में विकास केवल मंचों से दिए जाने वाले भाषणों, चुनावी घोषणाओं और बड़े-बड़े दावों से नहीं मापा जाता। विकास की असली तस्वीर तो उन सड़कों पर दिखाई देती है, जिनसे आम जनता रोज गुजरती है। चुनाव के समय यही नेता जनता के उत्थान, क्षेत्र के विकास और बेहतर सुविधाओं के बड़े-बड़े वादे करते हैं। लेकिन चुनाव बीतने के बाद क्या जनता की बुनियादी समस्याएं भी भुला दी जाती हैं? आखिर पांच किलोमीटर के इस छोटे से मार्ग की बदहाली दूर करने के लिए कितने वर्षों तक इंतजार करना पड़ेगा? क्या इस सड़क की मरम्मत के लिए किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार किया जा रहा है? क्या जिम्मेदार विभाग किसी हादसे के बाद ही जागेगा? जनता को आश्वासन नहीं, सड़क पर काम चाहिए। निरीक्षण की औपचारिकता नहीं, स्थायी समाधान चाहिए। संबंधित विभाग, जनप्रतिनिधि और प्रशासन को चाहिए कि इस मार्ग का तत्काल निरीक्षण कराकर मरम्मत अथवा आवश्यकतानुसार नवीनीकरण की ठोस कार्ययोजना तैयार करें और काम शुरू कराएं। क्योंकि सड़क केवल आने-जाने का रास्ता नहीं होती, यह आम आदमी की जिंदगी, मरीज की उम्मीद और क्षेत्र के विकास की बुनियादी जरूरत होती है। सवाल सिर्फ सड़क के गड्ढों का नहीं, बल्कि उन जिम्मेदारियों का भी है जो लंबे समय से इन गड्ढों में कहीं खोती नजर आ रही हैं।
    1
    पांच किलोमीटर का सफर, लेकिन सड़क पर हर कदम खतरे से खाली नहीं! आखिर कब जागेंगे जिम्मेदार? गड्ढों में गुम हुआ विकास का दावा

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी।
मनेन्द्रगढ़ से नई लेदरी की ओर जाने वाला लगभग पांच किलोमीटर का सड़क मार्ग आज अपनी बदहाली पर आंसू बहाता नजर आ रहा है। झगराखाण्ड क्षेत्र में प्रवेश करते ही सड़क की हालत ऐसी बिगड़ती है कि नई लेदरी तक पहुंचते-पहुंचते जगह-जगह गड्ढे, उखड़ी हुई सड़क और जर्जर रास्ते राहगीरों के लिए मुसीबत बन जाते हैं। लगभग चार किलोमीटर का यह हिस्सा मानो सड़क कम और गड्ढों का रास्ता अधिक बन चुका है।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इस सड़क की सुध लेने वाला कौन है? क्या जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को इस मार्ग की बदहाली दिखाई नहीं देती, या फिर इस रास्ते से गुजरने के बावजूद उन्हें आम नागरिकों की परेशानी महसूस नहीं होती?
हैरानी की बात यह है कि इसी मार्ग से छत्तीसगढ़ के बड़े-बड़े नेता, मंत्री, अधिकारी, पदाधिकारी और एसईसीएल के स्थानीय यूनियन नेता भी अक्सर आवागमन करते हैं। इसके बावजूद सड़क की दशा सुधारने के लिए अब तक कोई ठोस पहल नजर नहीं आती। जब बड़े-बड़े जिम्मेदार लोग इसी रास्ते से गुजरते हैं, तो क्या उनकी गाड़ियों के पहिए इन गड्ढों से नहीं टकराते? क्या उन्हें हिचकोले खाते इस सफर में आम जनता की तकलीफ का एहसास नहीं होता?
इस सड़क पर रोजाना दोपहिया वाहन चालक, चारपहिया वाहन, स्कूली बच्चे, नौकरीपेशा लोग और ग्रामीण आवागमन करते हैं। गड्ढों से बचने के प्रयास में वाहन चालकों को कभी इस तरफ तो कभी उस तरफ जाना पड़ता है। जरा सी चूक दुर्घटना का कारण बन जाती है। ऐसे कई दुर्घटनाएं इन गड्ढों से बचाने के चक्कर में हो चुके हैं। बरसात के दिनों में गड्ढों में पानी भर जाने से उनकी गहराई का अंदाजा लगाना भी मुश्किल हो जाता है।
सबसे अधिक चिंता उन मरीजों और उनके परिजनों की है, जिन्हें इलाज के लिए एंबुलेंस या निजी वाहन से मनेन्द्रगढ़ अथवा अन्य अस्पतालों तक पहुंचना पड़ता है। सामान्य राहगीर का इस सड़क पर सफर करना मुश्किल है, तो गंभीर मरीज की पीड़ा का अंदाजा लगाना भी कठिन है। जिस समय मरीज को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने की जरूरत होती है, उस समय जर्जर सड़क उसकी परेशानी और बढ़ाता है।
लोकतंत्र में विकास केवल मंचों से दिए जाने वाले भाषणों, चुनावी घोषणाओं और बड़े-बड़े दावों से नहीं मापा जाता। विकास की असली तस्वीर तो उन सड़कों पर दिखाई देती है, जिनसे आम जनता रोज गुजरती है। चुनाव के समय यही नेता जनता के उत्थान, क्षेत्र के विकास और बेहतर सुविधाओं के बड़े-बड़े वादे करते हैं। लेकिन चुनाव बीतने के बाद क्या जनता की बुनियादी समस्याएं भी भुला दी जाती हैं?
आखिर पांच किलोमीटर के इस छोटे से मार्ग की बदहाली दूर करने के लिए कितने वर्षों तक इंतजार करना पड़ेगा? क्या इस सड़क की मरम्मत के लिए किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार किया जा रहा है? क्या जिम्मेदार विभाग किसी हादसे के बाद ही जागेगा?
जनता को आश्वासन नहीं, सड़क पर काम चाहिए। निरीक्षण की औपचारिकता नहीं, स्थायी समाधान चाहिए। संबंधित विभाग, जनप्रतिनिधि और प्रशासन को चाहिए कि इस मार्ग का तत्काल निरीक्षण कराकर मरम्मत अथवा आवश्यकतानुसार नवीनीकरण की ठोस कार्ययोजना तैयार करें और काम शुरू कराएं।
क्योंकि सड़क केवल आने-जाने का रास्ता नहीं होती, यह आम आदमी की जिंदगी, मरीज की उम्मीद और क्षेत्र के विकास की बुनियादी जरूरत होती है। सवाल सिर्फ सड़क के गड्ढों का नहीं, बल्कि उन जिम्मेदारियों का भी है जो लंबे समय से इन गड्ढों में कहीं खोती नजर आ रही हैं।
    user_M.D. KASIM
    M.D. KASIM
    चिरमिरी, मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर, छत्तीसगढ़•
    7 hrs ago
  • ग्राम पंचायत महुली ब्लॉक ओडगी जिला सूरजपुर छत्तीसगढ़
    1
    ग्राम पंचायत महुली ब्लॉक ओडगी जिला सूरजपुर छत्तीसगढ़
    user_Mahesh kumar khairwar
    Mahesh kumar khairwar
    औदगी, सूरजपुर, छत्तीसगढ़•
    15 hrs ago
  • mainpat barima bauxite khadan mein jitne bhi majdur log kam kar rahe the unke paksh mein hamare yuva neta Ganesh Yadav ke dwara samarthan Kiya Gaya aur unki mangon ko sabke samksh Rakha Gaya
    4
    mainpat barima bauxite khadan mein jitne bhi majdur log kam kar rahe the unke paksh mein hamare yuva neta Ganesh Yadav ke dwara samarthan Kiya Gaya aur unki mangon ko sabke samksh Rakha Gaya
    user_Dhanesh yadav
    Dhanesh yadav
    मैनपाट, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    8 hrs ago
  • इंदौर के शिव सिटी में जल संकट नर्मदा पाइपलाइन टूटने से रहवासी परेशान
    1
    इंदौर के शिव सिटी में जल संकट नर्मदा पाइपलाइन टूटने से रहवासी परेशान
    user_Sarju Kumar Patrakar
    Sarju Kumar Patrakar
    कोरबा, कोरबा, छत्तीसगढ़•
    9 hrs ago
  • वोट बचाओ देश बचाओ अभियान को लेकर आज छत्तीसगढ़ के हजारों कार्यकर्ता उपस्थित रहेंगे रामलीला मैदान दिल्ली में
    1
    वोट बचाओ देश बचाओ अभियान को लेकर आज छत्तीसगढ़ के हजारों कार्यकर्ता उपस्थित रहेंगे रामलीला मैदान दिल्ली में
    user_Dwarika prasad Yadaw
    Dwarika prasad Yadaw
    Farmer हरदीबाजार, कोरबा, छत्तीसगढ़•
    16 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.