श्रीकुण्डेश्वर धाम में 29 जुलाई से शुरू होगा गुरु पूर्णिमा महोत्सव,एक माह तक चलेगा महामंत्र का अखंड जाप भिंड।शहर में कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम में गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार को गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम के महंत दयानंदजी महाराज नें बताया कि महोत्सव के अंतर्गत सुबह 8 बजे से सुंदरकांड पाठ एवं हवन होगा जबकि सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक गुरु पूजन किया जाएगा।इसके अलाबा 29 जुलाई से 28 अगस्त तक श्रावण मास के दौरान ॐ नमः शिवाय महामंत्र का अखंड जाप आयोजित किया जाएगा। आयोजन समिति ने सभी श्रद्धालुओं से परिवार सहित शामिल होकर जपयज्ञ एवं संकीर्तन में सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है।आयोजकों के अनुसार महिलाएं एवं बहनें भी अपने परिवार के साथ जपयज्ञ और रात्रि जागरण में भाग ले सकेंगी। विशेष रूप से प्रत्येक सोमवार को धार्मिक आयोजन होंगे। अखंड जाप में कोई भी श्रद्धालु दिन-रात 24 घंटे अपनी सुविधानुसार शामिल होकर महामंत्र का जाप कर सकता है।यह आयोजन श्री कुण्डेश्वर धाम उदासीन आश्रम सिटी कोतवाली के सामने भिंड में महंत दयानंदजी महाराज के सान्निध्य में संपन्न होगा। आयोजन समिति ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से उपस्थित होकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया है।
श्रीकुण्डेश्वर धाम में 29 जुलाई से शुरू होगा गुरु पूर्णिमा महोत्सव,एक माह तक चलेगा महामंत्र का अखंड जाप भिंड।शहर में कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम में गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार को गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम के महंत दयानंदजी महाराज नें बताया कि महोत्सव के अंतर्गत सुबह 8 बजे से सुंदरकांड पाठ एवं हवन होगा जबकि सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक गुरु पूजन किया जाएगा।इसके अलाबा 29 जुलाई से 28 अगस्त तक श्रावण मास के दौरान ॐ नमः शिवाय महामंत्र का अखंड जाप आयोजित किया जाएगा। आयोजन समिति ने सभी श्रद्धालुओं
से परिवार सहित शामिल होकर जपयज्ञ एवं संकीर्तन में सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है।आयोजकों के अनुसार महिलाएं एवं बहनें भी अपने परिवार के साथ जपयज्ञ और रात्रि जागरण में भाग ले सकेंगी। विशेष रूप से प्रत्येक सोमवार को धार्मिक आयोजन होंगे। अखंड जाप में कोई भी श्रद्धालु दिन-रात 24 घंटे अपनी सुविधानुसार शामिल होकर महामंत्र का जाप कर सकता है।यह आयोजन श्री कुण्डेश्वर धाम उदासीन आश्रम सिटी कोतवाली के सामने भिंड में महंत दयानंदजी महाराज के सान्निध्य में संपन्न होगा। आयोजन समिति ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से उपस्थित होकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया है।
- "पांच महाभूतों का रोकें क्षरण, तभी होगा प्रकृति संरक्षण" विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस के अवसर पर सामाजिक संस्था सुप्रयास द्वारा न्यू ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल, भिण्ड में "प्रकृति संरक्षण : हमारी संस्कृति, हमारी जिम्मेदारी" विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षत क्षमा शर्मा ने की। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता प्रोफेसर इकबाल अली रहे। इस अवसर पर सुप्रयास के सचिव डॉ. मनोज जैन, प्रतिभा भदौरिया एवं अमन राजावत ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए प्रकृति संरक्षण का सामूहिक संकल्प लिया। मुख्य वक्ता प्रोफेसर इकबाल अली ने अपने संबोधन में भारतीय संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण के गहरे संबंध को रेखांकित करते हुए कहा कि गोस्वामी तुलसीदास की चौपाई "छिति जल पावक गगन समीरा, पंच तत्व मिलि बना शरीरा" केवल आध्यात्मिक संदेश नहीं, बल्कि प्रकृति संरक्षण का शाश्वत वैज्ञानिक सिद्धांत है। उन्होंने कहा कि पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश—ये पंचमहाभूत केवल मानव शरीर के ही नहीं, बल्कि अमीबा जैसे सूक्ष्म जीव से लेकर विशाल ब्लू व्हेल तक सम्पूर्ण जीव-जगत के अस्तित्व का आधार हैं। यदि इन पंचमहाभूतों का संतुलन बिगड़ा, तो मानव सभ्यता का भविष्य भी संकट में पड़ जाएगा। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में प्रकृति को सदैव पूजनीय माना गया है। भवन निर्माण से पहले भूमि पूजन कर पृथ्वी का सम्मान किया जाता है। धार्मिक आयोजनों में कलश के माध्यम से जल का पूजन होता है। श्राद्ध और तर्पण में जल का विशेष महत्व है। हवन के माध्यम से अग्नि की आराधना की जाती है। भागवत कथा एवं अन्य धार्मिक आयोजनों में नवग्रह पूजन के माध्यम से आकाश का स्मरण किया जाता है तथा कलियुग में वायुपुत्र भगवान हनुमान की आराधना वायु तत्व के महत्व का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हमारे धार्मिक संस्कार हमें प्रकृति का सम्मान करना सिखाते हैं, इसलिए प्रकृति का संरक्षण हमारी सांस्कृतिक जिम्मेदारी भी है। प्रोफेसर अली ने कहा कि पृथ्वी का अंधाधुंध दोहन, अवैध रेत खनन, नदियों का प्रदूषण तथा प्राकृतिक संसाधनों का अनियंत्रित दोहन भविष्य में गंभीर पर्यावरणीय संकट पैदा करेगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि पृथ्वी का अनावश्यक छेदन एवं भेदन रोका जाए तथा वर्षा जल संचयन को जन-आंदोलन बनाया जाए, ताकि प्रकृति से प्राप्त जल पुनः प्रकृति को लौटाया जा सके। उन्होंने कहा कि वन हमारी प्राणवायु के स्रोत हैं। वनों का संरक्षण, वन्यजीवों की रक्षा, प्लास्टिक के उपयोग में कमी और ऊर्जा संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि अनावश्यक बिजली के उपकरण बंद रखें, सौर ऊर्जा एवं सोलर कुकर जैसे स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों को अपनाएँ तथा भोजन बनाने से पहले दाल और चावल को भिगोकर ऊर्जा की बचत करें। उन्होंने कहा कि मनुष्य अपने जीवन में जितनी ऑक्सीजन का उपयोग करता है, उसका सबसे बड़ा स्रोत वृक्ष हैं। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनका संरक्षण करने का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने शिक्षक दिवस, मातृ दिवस, पितृ दिवस, जन्मदिन तथा अन्य शुभ अवसरों पर पौधे उपहार में देने की परंपरा विकसित करने का सुझाव दिया। सुप्रयास के सचिव डॉ. मनोज जैन ने कहा कि विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि आत्मचिंतन का अवसर है। प्रकृति हमारी माता है, जो हमें शुद्ध वायु, स्वच्छ जल, अन्न और जीवन प्रदान करती है। महात्मा गांधी का यह कथन आज भी उतना ही प्रासंगिक है कि "प्रकृति मनुष्य की हर आवश्यकता पूरी कर सकती है, लेकिन उसके लालच को नहीं।" उन्होंने कहा कि आज ग्लोबल वार्मिंग, जलवायु परिवर्तन, घटते वन, प्रदूषित नदियाँ और प्लास्टिक प्रदूषण पूरी मानवता के सामने गंभीर चुनौती बन चुके हैं। यदि हमने अभी से प्रकृति की रक्षा नहीं की, तो आने वाली पीढ़ियों को इसका भारी मूल्य चुकाना पड़ेगा। डॉ. जैन ने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि वे अपने जीवन में छोटे-छोटे लेकिन प्रभावी कदम उठाएँ—हर वर्ष कम से कम एक पौधा लगाएँ और उसकी देखभाल करें, जल की प्रत्येक बूंद बचाएँ, वर्षा जल संचयन अपनाएँ, सिंगल-यूज़ प्लास्टिक का बहिष्कार करें, आवश्यकता न होने पर बिजली के उपकरण बंद रखें, सौर ऊर्जा का उपयोग बढ़ाएँ तथा Reduce, Reuse और Recycle के सिद्धांत को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाएँ। इस अवसर पर प्रतिभा भादौरिया एवं अमन राजावत ने भी प्रकृति संरक्षण के विभिन्न आयामों पर अपने विचार व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों से पर्यावरण संरक्षण को अपने जीवन का संस्कार बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं नागरिकों ने सामूहिक रूप से संकल्प लिया कि वे पंचमहाभूतों की रक्षा करेंगे, जल बचाएँगे, अधिक से अधिक वृक्ष लगाएंगे, ऊर्जा की बचत करेंगे, प्लास्टिक के उपयोग को कम करेंगे तथा प्रकृति के साथ संतुलित और जिम्मेदार जीवन जीने का प्रयास करेंगे। कार्यक्रम का समापन सुप्रयास के इस संदेश के साथ हुआ—3
- मजिस्ट्रेट सरकार हनुमान जी महाराज श्री कांक्षी सरकार की आज के मंगलवार की आरती के दिव्य दर्शन लाभ प्राप्त कर अपने जीवन को धन्य बनाएं मजिस्ट्रेट सरकार हनुमान जी महाराज श्री कांक्षी सरकार की आज के मंगलवार की आरती के दिव्य दर्शन लाभ प्राप्त कर अपने जीवन को धन्य बनाएं1
- लोड सेटिंग के नाम पर घंटो कटौती किसान परेशान चारों तरफ मची हाहाकार *लोड सेटिंग के नाम पर घंटो कटौती किसान परेशान चारों तरफ मची हाहाकार* *लहार मे किसानों ने बिद्युत बिभाग के अधिकारी महोदय के छुए पैर फिर भी नहीं रेंगी अधिकारियो के कानो मे जूँ* आज कल लहार क्षेत्र मे लोड सेटिंग के नाम पर घंटो कटौती जारी है जिससे क्षेत्र मे आम नागरिकों से लेकर किसान सभी मे हाहा कार मची हुई है जिसको लेकर किसान लगातार बिधुत बिभाग के चक़्कर काटकर परेशान होते नजर आ रहे है यहाँ आपको बता दें की अभी किसानों की धान की फ़सल की पौध लग रही है और भीसड गर्मी की वजह से खेतो को पानी की अति आवश्यकता है पर लाइट का हाल बुरा है यहाँ किसान को समस्या समाधान के नाम पर सिर्फ लोड सेटिंग या फिर लाइन फॉल्ट का बहाना मिलता है और *किसान बेचारे अधिकारियो को दंडवत प्रणाम करके बिजली के लिए गुजारिश करते है* फिर भी उन्हें अधिकारियो का ऐटिटूड झेलना पड़ता है और जबाब मे लोड सेटिंग या लाइन फॉल्ट का बहाना या जल्दी ही समस्या का समाधान होगा झूटी आसा दिलासा देकर चलता कर दिया जाता है *ताजे मामले के अनुसार आज आलमपुर मे छात्रों ने बिधुत बिभाग के खराब रवैये के चलते धरना किया हुआ है* और *लहार मे ग्राम टोला,भटपुरा,मेहरा,नानपुरा एवं छिवाउली* के किसान अपना जमावड़ा लगाए हुए है अब देखना ये है की उनकी समस्या का समाधान होता है या केवल झूठी दिलासा से ही मन भरने को मजबूर होना पड़ेगा। *सुनिए क्या बोले अधिकारी* किसान आये थे उनसे उनकी समस्या के बारे मे लम्बी चर्चा भी हुई है जल्दी ही टीम वर्क करवाकर समस्या का समाधान किया जाएगा ।। *राजेश तन्वर डिवीजन इंचार्ज बिधुत बिभाग लहार*1
- गुरु पूर्णिमा के अवसर पर 29 जुलाई से निकलेगी देशभर में कलश यात्रा पूर्व मंत्री लालसिंह आर्य ने दी जानकारी गुरु पूर्णिमा के अवसर पर 29 जुलाई से उत्तरप्रदेश से विशाल कलश यात्रा निकाली जायेगी।जो रथ के माध्यम से देशभर में भ्रमण करेगी। वहीं रथ में रखे हुए कलश का जगह जगह पूजन किया जायेगा। उक्त जानकारी भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालसिंह आर्य ने मीडिया के माध्यम से दी।जिसका वीडियो भी मंगलवार को लगभग 4 बजे सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है1
- 🎥 ब्रह्माणी देवी मेले की तैयारियों का SDM और CO ने किया निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस 🎥 ब्रह्माणी देवी मेले की तैयारियों का SDM और CO ने किया निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा जसवंतनगर क्षेत्र के बलरई थाना अंतर्गत स्थित प्राचीन ब्रह्माणी देवी माता मंदिर में आयोजित होने वाले प्रसिद्ध लख्खी मेले की तैयारियों का उपजिलाधिकारी अभिषेक प्रताप सिंह और क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने मंदिर परिसर और आसपास की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लेते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को लेकर संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान दर्शनार्थियों के लिए बनाई गई कतार व्यवस्था, पुलिस के ड्यूटी प्वाइंट, राजस्व विभाग के लेखपालों की तैनाती तथा साफ-सफाई की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने मेले में आने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत रखने पर जोर दिया। इस अवसर पर बलरई थाना प्रभारी निरीक्षक आलोक कुमार सिंह अपनी पुलिस टीम के साथ मौजूद रहे। अधिकारियों ने मंदिर प्रबंधन समिति से भी बातचीत कर श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, स्वच्छता, सुगम आवागमन तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं को समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। प्रशासन का कहना है कि मेले के दौरान सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा तथा सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करेंगे, ताकि श्रद्धालु शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में माता के दर्शन कर सकें।1
- आगरा- शाहगंज पुलिस व सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई!!! बंद मकान में चोरी करने वाले दो शातिर चोर अवदेश और रूपकिशोर पुलिस के हत्थे चढ़े आगरा- शाहगंज पुलिस व सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई!!! बंद मकान में चोरी करने वाले दो शातिर चोर अवदेश और रूपकिशोर पुलिस के हत्थे चढ़े करीब 33.50 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवर बरामद रुपकिशोर पर पूर्व में गैंगस्टर का है मुकदमा दर्ज तमंचा, कारतूस, चाकू, बाइक और नकदी भी बरामद 17 जुलाई की चोरी का पुलिस ने किया खुलासा... थाना शाहगंज की पृथ्वीनाथ चौकी इंचार्ज कुशल पाल व टीम का बहुत बहुत धन्यवाद...... वाईट :-Ad. DCP अपराध हिमांशु गौरव...2
- श्रीकुण्डेश्वर धाम में 29 जुलाई से शुरू होगा गुरु पूर्णिमा महोत्सव,एक माह तक चलेगा महामंत्र का अखंड जाप भिंड।शहर में कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम में गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार को गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। कुण्डेश्वर महादेव मंदिर उदासीन आश्रम के महंत दयानंदजी महाराज नें बताया कि महोत्सव के अंतर्गत सुबह 8 बजे से सुंदरकांड पाठ एवं हवन होगा जबकि सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक गुरु पूजन किया जाएगा।इसके अलाबा 29 जुलाई से 28 अगस्त तक श्रावण मास के दौरान ॐ नमः शिवाय महामंत्र का अखंड जाप आयोजित किया जाएगा। आयोजन समिति ने सभी श्रद्धालुओं से परिवार सहित शामिल होकर जपयज्ञ एवं संकीर्तन में सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है।आयोजकों के अनुसार महिलाएं एवं बहनें भी अपने परिवार के साथ जपयज्ञ और रात्रि जागरण में भाग ले सकेंगी। विशेष रूप से प्रत्येक सोमवार को धार्मिक आयोजन होंगे। अखंड जाप में कोई भी श्रद्धालु दिन-रात 24 घंटे अपनी सुविधानुसार शामिल होकर महामंत्र का जाप कर सकता है।यह आयोजन श्री कुण्डेश्वर धाम उदासीन आश्रम सिटी कोतवाली के सामने भिंड में महंत दयानंदजी महाराज के सान्निध्य में संपन्न होगा। आयोजन समिति ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से उपस्थित होकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया है।2
- कूलर सुधारते समय करंट लगा, 60 वर्षीय बुजुर्ग मजदूर की मौत भिंड। नयागांव थाना क्षेत्र में मंगलवार शाम कूलर सुधारते समय करंट लगने से बुजुर्ग की मौत हो गई। परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया।जानकारी के अनुसार नयागांव निवासी तोफिक खान (60) मंगलवार शाम करीब 4:30 बजे अपने घर पर कूलर ठीक कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने कूलर के बिजली के तार को मुंह से छीलने का प्रयास किया।तभी अचानक करंट की चपेट में आ गए। घटना के बाद परिजन उन्हें निजी वाहन से जिला अस्पताल लेकर पहुंचे लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। परिजनों नें पीएम कराने से माना कर दिया है।बताया गया कि तोफिक खान अहमदाबाद में मजदूरी का काम करते थे और करीब आठ दिन पहले ही अपने घर नयागांव आए थे।1