बाराबंकी में राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य आगाज, 450 खिलाड़ियों ने साधा निशाना मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने किया शुभारंभ, बोले- सरकार खिलाड़ियों के साथ शशिकांत अवस्थी ब्यूरो चीफ बाराबंकी। पुलिस लाइन्स ग्राउंड में सोमवार को राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने गुब्बारा उड़ाकर और धनुष पर तीर चलाकर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। इस मौके पर जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह, पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय, मुख्य विकास अधिकारी पंकज वर्मा, संयुक्त मजिस्ट्रेट नवाबगंज गुंजिता अग्रवाल सहित जिले के तमाम अधिकारी और खेल प्रेमी मौजूद रहे। प्रतियोगिता में प्रदेश के कोने-कोने से आए करीब 450 बालक-बालिका तीरंदाजों ने प्रतिभाग किया है। खिलाड़ियों के जोश को देखते ही बन रहा था। मुख्य अतिथि अवनीश अवस्थी ने सभी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और कहा कि प्रदेश सरकार खेल और खिलाड़ियों को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सरकार की तरफ से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। अधिकारियों ने खिलाड़ियों को खेल योजनाओं, छात्रवृत्ति और सुविधाओं की जानकारी दी और खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जनपद और प्रदेश का नाम रोशन करने का आह्वान किया।
बाराबंकी में राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य आगाज, 450 खिलाड़ियों ने साधा निशाना मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने किया शुभारंभ, बोले- सरकार खिलाड़ियों के साथ शशिकांत अवस्थी ब्यूरो चीफ बाराबंकी। पुलिस लाइन्स ग्राउंड में सोमवार को राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने गुब्बारा उड़ाकर और धनुष पर तीर चलाकर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। इस मौके पर जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह, पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय, मुख्य विकास अधिकारी पंकज वर्मा, संयुक्त मजिस्ट्रेट नवाबगंज गुंजिता अग्रवाल सहित जिले के तमाम अधिकारी और खेल प्रेमी मौजूद रहे। प्रतियोगिता में प्रदेश के कोने-कोने से आए करीब 450 बालक-बालिका तीरंदाजों ने प्रतिभाग किया है। खिलाड़ियों के जोश को देखते ही बन रहा था। मुख्य अतिथि अवनीश अवस्थी ने सभी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और कहा कि प्रदेश सरकार खेल और खिलाड़ियों को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सरकार की तरफ से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। अधिकारियों ने खिलाड़ियों को खेल योजनाओं, छात्रवृत्ति और सुविधाओं की जानकारी दी और खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जनपद और प्रदेश का नाम रोशन करने का आह्वान किया।
- बाराबंकी में राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य आगाज, 450 खिलाड़ियों ने साधा निशाना मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने किया शुभारंभ, बोले- सरकार खिलाड़ियों के साथ शशिकांत अवस्थी ब्यूरो चीफ बाराबंकी। पुलिस लाइन्स ग्राउंड में सोमवार को राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने गुब्बारा उड़ाकर और धनुष पर तीर चलाकर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। इस मौके पर जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह, पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय, मुख्य विकास अधिकारी पंकज वर्मा, संयुक्त मजिस्ट्रेट नवाबगंज गुंजिता अग्रवाल सहित जिले के तमाम अधिकारी और खेल प्रेमी मौजूद रहे। प्रतियोगिता में प्रदेश के कोने-कोने से आए करीब 450 बालक-बालिका तीरंदाजों ने प्रतिभाग किया है। खिलाड़ियों के जोश को देखते ही बन रहा था। मुख्य अतिथि अवनीश अवस्थी ने सभी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और कहा कि प्रदेश सरकार खेल और खिलाड़ियों को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सरकार की तरफ से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। अधिकारियों ने खिलाड़ियों को खेल योजनाओं, छात्रवृत्ति और सुविधाओं की जानकारी दी और खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जनपद और प्रदेश का नाम रोशन करने का आह्वान किया।1
- तेज हवाएं और बरसात ने 3 दिनों से ढाया कहर ग्राम में जगह-जगह जल भराव खुली विकास की पोल महीनो से सफाई कर्मचारी के नदारत रहने से ग्राम में पट्टि-पढी नालिया हैजा जैसी भयंकर बीमारियों को दे रही गंदगी न्योता आखिरकार कैसे होती है बगैर हाजिरी के सफाई कर्मचारी के पैरोल पर दस्तक नहीं उठाना उचित समझा रहे Ado पंचायत सूरतगंज पत्रकारों का फोन ब्यूरो चीफ समित अवस्थी बाराबंकी/जहां एक तरफ योगी सरकार स्वच्छता को बढ़ावा दे रही है और ग्राम पंचायत में ग्रामों की साफ सफाई हेतु सफाई कर्मचारियों को नियुक्त कर वेतन भुगतान कर रही है वही एक मामला सामने आया है विकासखंड सूरतगंज क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत करमुल्लापुर के ग्राम भिटौली का जहां पर पिछले कई महीनो से सफाई कर्मचारी नदारत रहे हैं और पहले कभी अगर कभी आ भी गए तो एक ही जगह की बार-बार हर एक एंगल से फोटो खींच करके शासन व प्रशासन को भेज देते हैं इस बार की 3 दिनों में बरसात व काफी तेज हवाएं चली बरसात में स्वच्छता की पोल खोलते हुए नजर आ रही है गांव के अंदर जगह-जगह गंदा पानी भरा हुआ है और स्थिर बना हुआ है क्योंकि गांव के अंदर की नालियां सारी पटी पड़ी है जिससे कि गांव के अंदर का गंदा पानी बाहर नहीं निकल पा रहा है और वहीं दूसरी ओर वह गंदा पानी गांव में हैजा जैसे भयंकर बीमारियों को न्योता दे रहा है हालांकि गौर करने लायक यह बात है कि जब सफाई कर्मचारी ग्राम में साफ सफाई करने नहीं आते हैं महीनों तक नदारत रहते हैं तो उनके पैरोल पर दस्तखत कैसे हो जाते हैं आखिरकार कौन इसका जिम्मेदार बगैर काम किया कैसे निकल रही है कैसे मिल रहा है उनको भुगतान इस विषय में जब Ado पंचायत सूरतगंज से फोन द्वारा संपर्क किया गया तो उन्होंने फोन उठाना उचित नहीं समझा हालांकि खबर प्रशासन के बाद अब देखना यह है कि शासन प्रशासन इस गंभीर समस्या पर क्या ठोस कदम उठाता है फिलहाल फैसला समय की गोद में2
- घाघरा का कहर जारी।नदी में समाई मस्जिद ऐतिहासिक मंदिर के अस्तित्व को खतरा सूरतगंज (बाराबंकी)। सूरतगंज ब्लॉक क्षेत्र के हेतमापुर में सरयू-घाघरा नदी का रौद्र रूप रविवार को और विकराल हो गया। लगातार हो रही तेज बारिश के बीच नदी में कटान की रफ्तार अचानक बढ़ गई। कई दिनों से नदी के मुहाने पर खड़ी मस्जिद आखिरकार तेज धारा की चपेट में आकर नदी में समा गई। वहीं अब कटान बाबा नारायण दास मंदिर के बेहद करीब पहुंच गई है। दूसरी ओर हेतमापुर स्थित पशु चिकित्सालय भी कटान की जद में आ गया है। अस्पताल की बाउंड्री पहले ही नदी में समा चुकी है, जिसके बाद भवन को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी सामान बाहर निकालने का काम शुरू कर दिया गया है। तेजी से बदलते हालात ने आसपास के ग्रामीणों में दहशत बढ़ा दी है।ग्रामीणों के मुताबिक पिछले कई दिनों से नदी लगातार किनारे की जमीन को काट रही थी। शनिवार को पशु चिकित्सालय नदी के मुख्य कटाव वाले हिस्से से करीब 10 मीटर दूर बताया जा रहा था, लेकिन इसी बीच उसकी बाउंड्री नदी की तेज धारा में समा गई। इसके बाद कटान तेजी से अस्पताल भवन की ओर बढ़ने लगी। रविवार को स्थिति और गंभीर हो गई। नदी की तेज धारा जमीन को लगातार काटकर अपने साथ बहा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कटान की यही रफ्तार जारी रही तो पशु चिकित्सालय का भवन भी सुरक्षित नहीं रह पाएगा। बाबा नारायण दास मंदिर के आसपास भी कटान का असर दिखाई देने लगा है, जिससे श्रद्धालुओं और ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। कई दिनों से नदी के मुहाने पर खड़ी मस्जिद का हिस्सा लगातार कटान की चपेट में आ रहा था। शनिवार के बाद नदी की धारा और तेज हुई और रविवार को मस्जिद पूरी तरह नदी की चपेट में आकर समा गई। मस्जिद के नदी में समाने के बाद ग्रामीणों को नदी की कटान की भयावहता का अंदाजा हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि नदी जिस तेजी से जमीन काट रही है, उससे आसपास के घरों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी खतरा बढ़ गया है। लगातार बढ़ती कटान की सूचना पर रविवार को रामनगर एसडीएम आकांक्षा गुप्ता हेतमापुर पहुंचीं और कटान प्रभावित क्षेत्र का मौके पर जायजा लिया। उन्होंने नदी की तेज धारा से हो रहे भू-कटान, संवेदनशील स्थानों और चल रहे बचाव कार्य की जानकारी ली। एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को कटान रोकने के लिए युद्धस्तर पर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने संवेदनशील स्थानों पर पत्थर, बोल्डर और अन्य जरूरी संसाधनों की व्यवस्था तेज करने तथा बचाव कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही न बरतने को कहा। साथ ही नदी के जलस्तर और कटान की स्थिति पर लगातार निगरानी रखने तथा प्रभावित परिवारों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। हेतमापुर में लगातार बिगड़ती स्थिति को देखते हुए एडीएम निरंकार सिंह, एडिशनल एसपी और सीओ ने भी मौके पर पहुंचकर कटान प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने नदी की तेज धारा से हो रहे कटाव और संवेदनशील स्थानों की स्थिति देखी तथा मौके पर मौजूद अधिकारियों से बचाव कार्य की जानकारी ली।अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने, ग्रामीणों को सतर्क रखने और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। प्रशासनिक अधिकारियों के लगातार मौके पर पहुंचने से ग्रामीणों को राहत तो मिली, लेकिन नदी की बढ़ती कटान को लेकर चिंता बरकरार है। उधर, सरयू-घाघरा नदी में बढ़ती कटान और बाढ़ की स्थिति को देखते हुए रविवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. रंजन गौतम ने भी हेतमापुर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने कटान प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण करने के साथ ग्रामीणों से भी जानकारी ली।सीएमओ ने बाढ़ राहत केंद्र पर संचालित स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्थाएं देखीं और स्वास्थ्यकर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढ़ और कटान प्रभावित ग्रामीणों को उपचार के लिए किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।सरयू-घाघरा की लगातार बढ़ती कटान से उन परिवारों की चिंता भी बढ़ गई है, जिनके घर अभी नदी की चपेट से बचे हुए हैं। कई परिवार अपने घरों से जरूरी सामान निकालकर सुरक्षित स्थानों की ओर जाने लगे हैं।ग्रामीण दिलीप वर्मा, राजू, मोहम्मद शरीफ, सलीम, रामू, श्यामू, रामराज, राजित, आयुधिया, रघुराई, मैकू लाल, लोटन, दुवारिका, रमेश, लतीफ, सलीम कबाड़ी, सलीम दर्जी, सफीक, सूरज, दीपक, रामपाती और यूनुस आदि का कहना है कि नदी की कटान इतनी तेजी से हो रही है कि कुछ ही घंटों में हालात बदल जा रहे हैं।ग्रामीणों का कहना है कि लगातार बारिश के कारण नदी का बहाव तेज है और किनारों की मिट्टी कमजोर हो चुकी है। ऐसे में यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा तो कटान और बढ़ सकती है।हेतमापुर में एक तरफ मस्जिद नदी में समा चुकी है, दूसरी तरफ पशु चिकित्सालय की बाउंड्री बह चुकी है और बाबा नारायण दास मंदिर के बेहद करीब कटान पहुंच गई है। ऐसे में ग्रामीणों की नजर अब प्रशासन द्वारा कराए जा रहे बचाव कार्य पर टिकी है।4
- सीएम योगी की मंशा को धरातल पर उतार रहीं मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल, 30 साल पुराने नजूल भूमि प्रकरण में बड़ा मोड़ *सीएम योगी की मंशा को धरातल पर उतार रहीं मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल, 30 साल पुराने नजूल भूमि प्रकरण में बड़ा मोड़* *30 साल पुराने मामले में विवादित नजूल भूखंड से वादी ने खुद हटाया कब्जा* *गोण्डा।* करीब 30 साल से सरकारी नजूल भूमि को लेकर चल रही कानूनी लड़ाई में बड़ा मोड़ आया है। देवीपाटन मंडल की मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल की सतत निगरानी और प्रभावी पैरवी के बाद सरकारी भूमि विवाद में वादी दयानंद मिश्रा ने न्यायालय के समक्ष शपथ-पत्र देकर आगे पैरवी न करने और कार्यवाही समाप्त करने का अनुरोध किया है। सबसे अहम बात यह है कि दयानंद मिश्रा ने सरकारी भूमि से अपना 30 साल पुराना कब्जा भी स्वयं हटा लिया है। इससे यह प्रकरण अब शासकीय भूमि की सुरक्षा और उसके निर्धारित उपयोग की दिशा में आगे बढ़ता दिख रहा है। यह मामला गोण्डा में आयुक्त कार्यालय एवं भवन के लिए आरक्षित नजूल भूखंड संख्या 514, 515, 524 और 525 से संबंधित है। प्रकरण वर्ष 1997 से न्यायालय में लंबित था। वर्ष 2008 में स्थगन आदेश पारित होने के बाद भी विधिक पैरवी जारी रही। सरकारी भूमि को कब्जामुक्त कराने के अभियान के दौरान यह पुराना प्रकरण प्रशासन के संज्ञान में आया। *तीन दशक पुरानी फाइल पर कमिश्नर की नजर* मामला सामने आने के बाद मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने अभिलेखों और न्यायालयीन स्थिति की पड़ताल कराकर सरकारी पक्ष मजबूती से रखने के निर्देश दिए। जांच में भूमि पर अवैध विद्यालय संचालित होने की बात सामने आई थी, लेकिन मौके पर कोई विद्यार्थी और शिक्षक नहीं मिला। इसके बाद भूमि की स्थिति की लगातार निगरानी की गई। *कोर्ट में पीछे हटे, मौके से भी हटाया कब्जा* वादी/अतिक्रमणकारी दयानन्द मिश्र, एडवोकेट, निवासी ग्राम छावनी सरकार आनंदपुरी, सिविल लाइन, गोण्डा की ओर से न्यायालय में शपथ-पत्र प्रस्तुत कर वाद में आगे पैरवी न करने का अनुरोध किया गया है। इस प्रकरण का सबसे महत्वपूर्ण पहलू यह है कि संबंधित पक्ष ने न्यायालय में पैरवी से पीछे हटने के साथ ही मौके से कब्जा भी हटा लिया। *1997 से चली फाइल, 2026 में कब्जे से बाहर हुई जमीन* वर्ष 1997 में शुरू हुआ यह विवाद 2026 में जाकर सुलझता दिख रहा है। अब प्रशासन के सामने इन भूखंडों को सुरक्षित रखते हुए निर्धारित शासकीय प्रयोजन में उपयोग सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी है। शासकीय भूमि के संरक्षण के लिए पुराने एवं लंबित मामलों की समीक्षा की जा रही है। इसी क्रम में यह फाइल फिर खुली। *मंडलायुक्त का बयान* > “मा. मुख्यमंत्री जी की मंशानुरूप शासकीय भूमि का संरक्षण व जनहित में उपयोग सर्वोच्च प्राथमिकता है। लगभग 30 वर्षों से लंबित इस प्रकरण में अंततः सत्य की विजय हुई और शासकीय भूमि कब्जामुक्त हुई। संबंधित पक्ष ने न्यायालय में आगे पैरवी न करने का अनुरोध करते हुए मौके से भी कब्जा हटा लिया है। अब भूमि को सुरक्षित रखते हुए निर्धारित शासकीय प्रयोजन में उपयोग सुनिश्चित किया गया।4
- पुलिस लाइन्स में राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का शुभारंभ प्रदेशभर से पहुंचे 450 बालक-बालिका खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा बाराबंकी। पुलिस लाइन्स में सोमवार को राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी ने किया। प्रतियोगिता में प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से करीब 450 बालक एवं बालिका खिलाड़ियों ने प्रतिभाग किया। उद्घाटन समारोह में जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह, पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय, मुख्य विकास अधिकारी पंकज वर्मा तथा संयुक्त मजिस्ट्रेट/उप जिलाधिकारी नवाबगंज गुंजिता अग्रवाल समेत अन्य अधिकारी और गणमान्यजन मौजूद रहे। मुख्य अतिथि अवनीश अवस्थी समेत अन्य अतिथियों ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और उन्हें प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने तथा बेहतर प्रदर्शन के माध्यम से जनपद और प्रदेश का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया। समारोह के दौरान खिलाड़ियों को उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से खेल एवं खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं और सुविधाओं की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने खिलाड़ियों से इन सुविधाओं का लाभ उठाकर अपने खेल कौशल को और बेहतर बनाने का आह्वान किया। प्रतियोगिता में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए खिलाड़ियों के बीच तीरंदाजी के मुकाबले होंगे।1
- हेतमापुर में 150 साल पुरानी मस्जिद नदी में सवाई नदी का मंदिर पर निशाना बाराबंकी के सूरतगंज क्षेत्र के खेतमापुर में नेपाल से छोड़ा गया पानी और लगातार बारिश से आज नदी किनारे बनी 150 साल पुरानी मस्जिद नदी में समा चुकी है और नदी ने 1100 साल पुराने बाबा नारायण दास मंदिर पर खतरा बना हुआ लगातार हुई कटान से प्रशासन के बड़े अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और कटान को रोकने के लिए मशीनों के जरिए पत्थर मिट्टी डालकर रोकने का प्रयास किया जा रहा है1
- *आंधी-तूफान से करनैलगंज में तबाही, किसानों के बीच पहुंचे विधायक अजय सिंह* *बोले- 'पत्ती-पत्ती का दिलाएंगे मुआवजा'* *करनैलगंज (गोण्डा)।* जिले में आंधी-तूफान और भारी बारिश ने किसानों की मेहनत पर कहर बरपा दिया है। खेतों में खड़ी फसलें बर्बाद होने से किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से आपदा से प्रभावित किसानों को क्षतिपूर्ति दिए जाने के निर्देश के बाद प्रशासन भी नुकसान के आकलन में जुटा है। इसी क्रम में करनैलगंज के भाजपा विधायक अजय सिंह ने राजस्व टीम के साथ तूफान प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर पीड़ितों का हाल जाना। विधायक ने प्रभावित लोगों से मुलाकात कर उन्हें राहत चैकेट वितरित किए और हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। विधायक अजय सिंह ने सबसे पहले तहसील पहुंचकर आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त हुए अधिवक्ताओं के चेंबरों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से मुलाकात कर नुकसान की जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों से क्षति का आकलन कराने की बात कही। तूफान के चलते तहसील परिसर में कई पेड़ धराशायी होने के साथ अधिवक्ताओं के चेंबर भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसके बाद विधायक अजय सिंह राजस्व टीम व एसडीएम के साथ परसपुर क्षेत्र के त्योंसली समेत कई प्रभावित गांवों में पहुंचे। यहां उन्होंने किसानों और पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। त्योंसली क्षेत्र में केले की खेती करने वाले किसानों को भी तूफान से भारी नुकसान हुआ है। वहीं गन्ना-धान की फसल को भी बड़े पैमाने पर क्षति पहुंचने की बात सामने आई। विधायक अजय सिंह ने पीड़ितों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि अभी सरकार संकट की इस घड़ी में किसानों और प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि राजस्व टीम के माध्यम से नुकसान का आकलन कराया जा रहा है और शासन के निर्देशों के अनुसार पीड़ितों को क्षतिपूर्ति दिलाई जाएगी। विधायक अजय सिंह ने कहा कि वह स्वयं किसान के बेटे हैं और किसानों के दर्द को समझते हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों पर वह गांव-गांव पहुंचकर प्रभावित किसानों और परिवारों से मुलाकात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि तूफान से हुए नुकसान का आकलन कराने के साथ-साथ शासन से सहायता दिलाने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा। कोई भी किसान सहायता से वंचित नहीं रहेगा। सरकार उनके साथ है। *आंधी-तूफान से करनैलगंज में तबाही, किसानों के बीच पहुंचे विधायक अजय सिंह* *बोले- 'पत्ती-पत्ती का दिलाएंगे मुआवजा'* *करनैलगंज (गोण्डा)।* जिले में आंधी-तूफान और भारी बारिश ने किसानों की मेहनत पर कहर बरपा दिया है। खेतों में खड़ी फसलें बर्बाद होने से किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से आपदा से प्रभावित किसानों को क्षतिपूर्ति दिए जाने के निर्देश के बाद प्रशासन भी नुकसान के आकलन में जुटा है। इसी क्रम में करनैलगंज के भाजपा विधायक अजय सिंह ने राजस्व टीम के साथ तूफान प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर पीड़ितों का हाल जाना। विधायक ने प्रभावित लोगों से मुलाकात कर उन्हें राहत चैकेट वितरित किए और हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। विधायक अजय सिंह ने सबसे पहले तहसील पहुंचकर आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त हुए अधिवक्ताओं के चेंबरों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से मुलाकात कर नुकसान की जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों से क्षति का आकलन कराने की बात कही। तूफान के चलते तहसील परिसर में कई पेड़ धराशायी होने के साथ अधिवक्ताओं के चेंबर भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसके बाद विधायक अजय सिंह राजस्व टीम व एसडीएम के साथ परसपुर क्षेत्र के त्योंसली समेत कई प्रभावित गांवों में पहुंचे। यहां उन्होंने किसानों और पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। त्योंसली क्षेत्र में केले की खेती करने वाले किसानों को भी तूफान से भारी नुकसान हुआ है। वहीं गन्ना-धान की फसल को भी बड़े पैमाने पर क्षति पहुंचने की बात सामने आई। विधायक अजय सिंह ने पीड़ितों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि अभी सरकार संकट की इस घड़ी में किसानों और प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि राजस्व टीम के माध्यम से नुकसान का आकलन कराया जा रहा है और शासन के निर्देशों के अनुसार पीड़ितों को क्षतिपूर्ति दिलाई जाएगी। विधायक अजय सिंह ने कहा कि वह स्वयं किसान के बेटे हैं और किसानों के दर्द को समझते हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों पर वह गांव-गांव पहुंचकर प्रभावित किसानों और परिवारों से मुलाकात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि तूफान से हुए नुकसान का आकलन कराने के साथ-साथ शासन से सहायता दिलाने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा। कोई भी किसान सहायता से वंचित नहीं रहेगा। सरकार उनके साथ है।4
- *दिल्ली* *मंत्री प्रवेश वर्मा का थप्पड़ मारने का वीडियो* *दिल्ली सरकार में मंत्री हैं प्रवेश वर्मा* *मंत्री को घटिया सड़क निर्माण दिखा रहे थे लोग* *मंत्री प्रवेश वर्मा ने कैमरामैन को थप्पड़ मारा* *वीडियो बना रहे शख्स को मारा थप्पड़* *दिल्ली के तिलक नगर इलाके का मामला*1