*डोमेस्टिक गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं, कालाबाजारी पर होगी सख्त कार्रवाई : जिला पदाधिकारी।* *गैस सिलेंडर को लेकर अफवाहों पर जिला प्रशासन सख्त।* *जिला पदाधिकारी ने की 81 गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठक।* *ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के फिल्ड ऑफिसर रहे मौजूद।* बेतिया। जिले में गैस सिलेंडर की किल्लत को लेकर फैली अफवाहों के बीच जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए आमजन से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। इसी क्रम में समाहरणालय सभागार में जिलास्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें सभी अनुमंडल पदाधिकारियों की उपस्थिति में जिले की सभी 81 गैस एजेंसियों के संचालकों और ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के फिल्ड ऑफिसरों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक में एजेंसी संचालकों एवं फिल्ड ऑफिसरों ने स्पष्ट रूप से बताया कि घरेलू गैस सिलेंडर की उपलब्धता में कहीं भी कोई समस्या नहीं है और नियमित रूप से सप्लाई जारी है। जिला पदाधिकारी श्री तरनजोत सिंह ने कहा कि कुछ समाचार पत्रों में गैस सिलेंडर की किल्लत से संबंधित खबरें प्रकाशित हुई हैं, जिसके कारण आम लोगों में अफवाह फैल रही है। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर लोगों द्वारा गैस की कमी की बात भी कही जा रही है, जिससे उपभोक्ताओं में यह धारणा बन रही है कि गैस सप्लाई में कोई समस्या है। ऐसी स्थिति में सभी गैस एजेंसी संचालकों का सहयोग आवश्यक है, ताकि उपभोक्ताओं में किसी प्रकार की भ्रांति या अफवाह न फैले। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी एजेंसी संचालक अपने-अपने स्तर से यह व्यापक रूप से प्रचारित करें कि डोमेस्टिक गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं है, इसलिए लोग अनावश्यक रूप से एजेंसियों के बाहर लाइन न लगाएं। उन्होंने बताया कि सरकार के निर्देशानुसार शहरी क्षेत्रों में 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन के बाद ही नए गैस सिलेंडर के लिए नंबर लगाया जा सकता है। जिला पदाधिकारी ने सभी गैस एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया कि उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी कर एजेंसी परिसर में प्रदर्शित करें, ताकि किसी भी समस्या की स्थिति में उपभोक्ता सीधे संपर्क कर सकें। साथ ही उन्होंने अनुमंडल स्तर पर भी 24×7 हेल्पलाइन नंबर को सक्रिय रखने और उसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराने का निर्देश दिया। बैठक के दौरान एजेंसी संचालकों ने बारी-बारी से अपने-अपने गैस स्टॉक की जानकारी जिला पदाधिकारी को दी और बताया कि सप्लाई में कोई कमी नहीं है, बल्कि इन दिनों मांग बढ़ने के कारण दबाव अधिक है। कुछ एजेंसी संचालकों ने विधि-व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर भी जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया। जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी परिस्थिति में घरेलू गैस सिलेंडर की कालाबाजारी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार द्वारा निर्धारित दर पर ही सिलेंडर की बिक्री सुनिश्चित की जाए तथा डोमेस्टिक गैस को कमर्शियल उपयोग में परिवर्तित करने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को एजेंसियों की नियमित निगरानी करने, स्टॉक का सत्यापन कराने तथा ब्लैक मार्केटिंग की शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी श्री अनिल कुमार सिन्हा ने बताया कि उपभोक्ता घरेलू गैस की आपूर्ति से संबंधित किसी भी प्रकार की शिकायत दूरभाष संख्या 06254-247002 एवं 06254-247003 पर दर्ज़ करवा सकते हैं। बैठक में अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी श्री अनिल कुमार सिन्हा, विशेष कार्य पदाधिकारी जिला गोपनीय शाखा श्री सुजीत कुमार, एसडीएम बेतिया सदर श्री विकास कुमार तथा जिला सूचना एवं जनसम्पर्क पदाधिकारी श्री राकेश कुमार सहित सभी गैस एजेंसी संचालक और ऑयल मार्केटिंग कंपनी के फिल्ड ऑफिसर उपस्थित थे। वहीं नरकटियागंज और बगहा अनुमंडल के पदाधिकारी तथा एजेंसी संचालक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े रहे।
*डोमेस्टिक गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं, कालाबाजारी पर होगी सख्त कार्रवाई : जिला पदाधिकारी।* *गैस सिलेंडर को लेकर अफवाहों पर जिला प्रशासन सख्त।* *जिला पदाधिकारी ने की 81 गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठक।* *ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के फिल्ड ऑफिसर रहे मौजूद।* बेतिया। जिले में गैस सिलेंडर की किल्लत को लेकर फैली अफवाहों के बीच जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए आमजन से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। इसी क्रम में समाहरणालय सभागार में जिलास्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें सभी अनुमंडल पदाधिकारियों की उपस्थिति में जिले की सभी 81 गैस एजेंसियों के संचालकों और ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के फिल्ड ऑफिसरों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक में एजेंसी संचालकों एवं फिल्ड ऑफिसरों ने स्पष्ट रूप से बताया कि घरेलू गैस सिलेंडर की उपलब्धता में कहीं भी कोई समस्या नहीं है और नियमित रूप से सप्लाई जारी है। जिला पदाधिकारी श्री तरनजोत सिंह ने कहा कि कुछ समाचार पत्रों में गैस सिलेंडर की किल्लत से संबंधित खबरें प्रकाशित हुई हैं, जिसके कारण आम लोगों में अफवाह फैल रही है। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर लोगों द्वारा गैस की कमी की बात भी कही जा रही है, जिससे उपभोक्ताओं में यह धारणा बन रही है कि गैस सप्लाई में कोई समस्या है। ऐसी स्थिति में सभी गैस एजेंसी संचालकों का सहयोग आवश्यक है, ताकि उपभोक्ताओं में किसी प्रकार की भ्रांति या अफवाह न फैले। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी एजेंसी संचालक अपने-अपने स्तर से यह व्यापक रूप से प्रचारित करें कि डोमेस्टिक गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं है, इसलिए लोग अनावश्यक रूप से एजेंसियों के बाहर लाइन न लगाएं। उन्होंने बताया कि सरकार के निर्देशानुसार शहरी क्षेत्रों में 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन के बाद ही नए गैस सिलेंडर के लिए नंबर लगाया जा सकता है। जिला पदाधिकारी ने सभी गैस एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया कि उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी कर एजेंसी परिसर में प्रदर्शित करें, ताकि किसी भी समस्या की स्थिति में उपभोक्ता सीधे संपर्क कर सकें। साथ ही उन्होंने अनुमंडल स्तर पर भी 24×7 हेल्पलाइन नंबर को सक्रिय रखने और उसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराने का निर्देश दिया। बैठक के दौरान एजेंसी संचालकों ने बारी-बारी से अपने-अपने गैस स्टॉक की जानकारी जिला पदाधिकारी को दी और बताया कि सप्लाई में कोई कमी नहीं है, बल्कि इन दिनों मांग बढ़ने के कारण दबाव अधिक है। कुछ एजेंसी संचालकों ने विधि-व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर भी जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया। जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी परिस्थिति में घरेलू गैस सिलेंडर की कालाबाजारी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार द्वारा निर्धारित दर पर ही सिलेंडर की बिक्री सुनिश्चित की जाए तथा डोमेस्टिक गैस को कमर्शियल उपयोग में परिवर्तित करने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को एजेंसियों की नियमित निगरानी करने, स्टॉक का सत्यापन कराने तथा ब्लैक मार्केटिंग की शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी श्री अनिल कुमार सिन्हा ने बताया कि उपभोक्ता घरेलू गैस की आपूर्ति से संबंधित किसी भी प्रकार की शिकायत दूरभाष संख्या 06254-247002 एवं 06254-247003 पर दर्ज़ करवा सकते हैं। बैठक में अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी श्री अनिल कुमार सिन्हा, विशेष कार्य पदाधिकारी जिला गोपनीय शाखा श्री सुजीत कुमार, एसडीएम बेतिया सदर श्री विकास कुमार तथा जिला सूचना एवं जनसम्पर्क पदाधिकारी श्री राकेश कुमार सहित सभी गैस एजेंसी संचालक और ऑयल मार्केटिंग कंपनी के फिल्ड ऑफिसर उपस्थित थे। वहीं नरकटियागंज और बगहा अनुमंडल के पदाधिकारी तथा एजेंसी संचालक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े रहे।
- योगापट्टी प्रखंड क्षेत्र में बुधवार को दोपहर करीब 12:00 बजे स्वास्थ्य विभाग की ओर से आंगनबाड़ी केंद्रों पर विशेष टीकाकरण अभियान चलाया गया। इस दौरान छोटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को विभिन्न बीमारियों से बचाव के लिए इंजेक्शन लगाए गए। कार्यक्रम का उद्देश्य मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को बेहतर बनाना और उन्हें संक्रमण से सुरक्षित रखना था। एएनएम सुजाता सिन्हा ने बताया कि गर्भवती महिलाओं और बच्चों को समय-समय पर टीकाकरण कराना बेहद जरूरी है, ताकि वे गंभीर बीमारियों से सुरक्षित रह सकें। उन्होंने यह भी कहा कि गर्भावस्था के दौरान संतुलित आहार लेना, पर्याप्त पानी पीना और नियमित स्वास्थ्य जांच कराना अत्यंत आवश्यक है। खाली पेट रहने से गैस जैसी समस्याएं हो सकती हैं, इसलिए खान-पान पर विशेष ध्यान देना चाहिए। इस अवसर पर आशा कार्यकर्ता रमिता देवी, सेविका निशा देवी, सहायिका जानकी देवी सहित कई स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम में दर्जनों महिलाएं और बच्चे शामिल हुए तथा स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया।1
- दिनदहाड़े किराना दुकान में लूटपाट, दुकानदार घायल मारपीट कर एक लाख रुपये व सोने की चेन लूटकर फरार हुए आरोपी बेतिया (लौरिया)। लौरिया प्रखंड के बहुअरवा पंचायत अंतर्गत जमुनिया चौक स्थित ब्रह्मस्थान के समीप बुधवार को दिनदहाड़े एक किराना दुकान में घुसकर लूटपाट और मारपीट की सनसनीखेज घटना सामने आई है। इस घटना में दुकानदार गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए जीएमसीएच बेतिया रेफर किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, जमुनिया गांव वार्ड संख्या-2 निवासी नथुनी साह के 28 वर्षीय पुत्र दिनेश साह अपनी दुकान पर मौजूद थे। इसी दौरान गांव के ही तीन युवक दुकान में पहुंचे और अचानक उनके साथ मारपीट करने लगे। आरोप है कि हमलावरों ने गल्ले में रखे करीब एक लाख रुपये निकाल लिए। विरोध करने पर आरोपितों ने दुकानदार के साथ जमकर मारपीट की, जिससे वह घायल हो गया। इस दौरान उसके गले से सोने की चेन भी छीन ली गई। साथ ही दुकान में रखे कुछ सामान को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया। घटना के दौरान शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर जुटने लगे, जिसके बाद तीनों आरोपी वहां से फरार हो गए। घायल दुकानदार ने बताया कि घटना की सूचना तत्काल डायल 112 पर दी गई, जिसके बाद वह परिजनों के साथ थाना पहुंचा। इसके बाद उसे इलाज के लिए स्थानीय सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद जीएमसीएच बेतिया रेफर कर दिया गया। इस संबंध में लौरिया थानाध्यक्ष रमेश कुमार शर्मा ने बताया कि मामले की सूचना मिल चुकी है और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।1
- बेतिया श्री चित्रगुप्त धाम में भगवान श्री चित्रगुप्त जी के पुराने मंदिर को नया बनाने के लिए बेतिया चित्रांश के सचिव माननीय श्री राकेश शरण पुन्नू जी द्वारा नींव रखी गई। जय चित्रांश। 15.04.2026.1
- मंगलवार की रात अशोक ले लॉन का छह पहिया ट्रक मझौलिया थाना क्षेत्र के धनौती नदी के तट पर अहवर छठ घाट के पास 20 फ़ीट गढ्ढ़े में पलट कर चारों खाने चित हो गया।नीलगाय के झुंड को अचानक सामने आने पर यह हादसा हुआ। इस हादसे में योगापट्टी निवासी ट्रक चालक प्रदुमन कुमार यादव आंशिक रूप से जख्मी हुए। जिन्हें निजी क्लीनिक में प्राथमिक उपचार के बाद छोड़ दिया गया।रात का वक्त होने से घटना स्थल पर कोई नही था अन्यथा बड़ी घटना हो जाती।सूचना पर रात में ही पहुंची 112 पुलिस की टीम ने प्राथमिक उपचार कराया। बताया गया है कि ट्रक को नानोसती से जगदीशपुर के रास्ते अरेराज होते हुए हाजीपुर जाना था।तभी अहवर छठ घाट के पास नीलगाय का झुंड तेजी के साथ रोड पर क्रॉस किया।नीलगाय को बचाने के क्रम में ट्रक नंबर BR 06 G H 2033 अनियंत्रित होकर पलट गया।इस प्रकार ट्रक चारों खाने चित हो गया।ट्रक पर नयी एवन साईकल लदा है।एसएचओ मझौलिया अमर कुमार ने बताया कि रात में ही ट्रक मालिक लौरिया निवासी रौशन मिश्रा को सूचित कर दिया गया।हादसे में कोई गंभीर रूप से घायल नहीं है।4
- पश्चिम चंपारण जिले के बैरिया प्रखंड अंतर्गत लौकरिया पंचायत के वार्ड संख्या 3 और 5 में 10 अप्रैल को लगी भीषण आग ने करीब डेढ़ सौ घरों को राख में बदल दिया। इस अग्निकांड में कई परिवारों की जिंदगी भर की जमा पूंजी जलकर खाक हो गई, वहीं कई घरों में शादियों की तैयारियां भी पूरी तरह बर्बाद हो गईं। घटना के बाद स्थानीय विधायक और बिहार सरकार के आपदा प्रबंधन मंत्री नारायण प्रसाद मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने पीड़ितों को जल्द मुआवजा और राहत सामग्री उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया था। लेकिन घटना के पांच दिन बीत जाने के बाद भी ना तो पर्याप्त भोजन की व्यवस्था हो सकी है और ना ही मुआवजा राशि का वितरण शुरू हो पाया है। पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं और प्रशासनिक मदद का इंतजार कर रहे हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आखिर आपदा के समय त्वरित राहत देने की व्यवस्था कितनी प्रभावी है। सरकार और जिला प्रशासन की सुस्ती से पीड़ितों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।1
- सुगौली थाना में दर्ज हत्या कांड के फरार चल रहे नामजद को पुलिस ने किया गिरफ्तार,भेजा न्यायिक हिरासत में।1
- बिहार के नए नवेले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को लेकर फिर एक्टिव हुए जनसुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने भाजपा को भी बहुत कुछ बोले1
- मीना बाजार क्षेत्र में डबल लेन सड़क व नाला निर्माण का टेंडर जारी करीब 3 करोड़ की योजना से शहर की ‘लाइफ लाइन’ सड़क होगी विकसित बेतिया। नगर निगम प्रशासन ने शहर के सघन शहरी क्षेत्र की प्रमुख सड़क के चौड़ीकरण और नवनिर्माण को लेकर बड़ी पहल की है। महापौर गरिमा देवी सिकारिया की अध्यक्षता में सोवा बाबू चौक से अवंतिका चौक होते हुए शीतला माई स्थान तक तथा ट्रैफिक चौक से जंगी मस्जिद होकर खुदाबख्श चौक तक डबल लेन पीसीसी सड़क एवं आरसीसी नाला निर्माण के लिए ई-टेंडर जारी किया गया है। महापौर ने बताया कि इस योजना की कुल प्राक्कलित लागत 2 करोड़ 99 लाख 96 हजार 667 रुपये है, जिसे राज्य योजना मद से स्वीकृति मिली है। यह सड़क शहर के मीना बाजार क्षेत्र की “लाइफ लाइन” मानी जाती है, जहां प्रतिदिन भारी आवागमन होता है। इस योजना में सड़क निर्माण के साथ-साथ नाला निर्माण भी शामिल है, जिससे क्षेत्र में जल निकासी की समस्या का स्थायी समाधान किया जाएगा। सड़क के चौड़ीकरण से यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और मीना बाजार में लगने वाले जाम से लोगों को राहत मिलेगी। साथ ही, व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। नगर निगम द्वारा जारी ई-टेंडरिंग प्रक्रिया के तहत इच्छुक संवेदक 6 मई 2026 तक ऑनलाइन निविदा जमा कर सकते हैं, जबकि तकनीकी बिड 7 मई 2026 को खोली जाएगी। इस कार्य को पूरा करने के लिए 9 माह की समयसीमा निर्धारित की गई है। महापौर ने उम्मीद जताई है कि इस योजना के क्रियान्वयन से शहर की आधारभूत संरचना में उल्लेखनीय सुधार होगा और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।1