मोकामाघाट CRPF कैंप में धूमधाम से मनाया गया अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मोकामा (पटना): मोकामाघाट स्थित केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के ग्रुप केंद्र में आज शनिवार को 'अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस' का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ किया गया। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 8 मार्च को मनाया जाता है, लेकिन रविवार की छुट्टी होने के कारण इस कार्यक्रम को एक दिन पूर्व आज 7 मार्च को ही आयोजित किया गया। महिलाओं को जागरूक करने पर जोर इस विशेष अवसर पर क्षेत्रीय सीआरपीएफ फैमिली वेलफेयर एसोसिएशन (RCWA) की अध्यक्षा श्रीमती नीरू भगत ने ग्रुप केंद्र परिसर की लगभग 100 महिलाओं का हार्दिक स्वागत किया। महिलाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने समाज के हर क्षेत्र में उनकी भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने महिलाओं को उनके संवैधानिक और कानूनी अधिकारों की जानकारी दी और कहा: "समाज में महिलाओं के महत्व को समझने के लिए लोगों को जागरूक करना अनिवार्य है। हमें एक ऐसे समाज का निर्माण करना होगा जहाँ महिलाएँ खुद को सशक्त और सुरक्षित महसूस कर सकें।" प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम कार्यक्रम के अंतिम चरण में मनोरंजन और उत्साह बढ़ाने के लिए कई तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें 'म्यूजिकल चेयर' और 'सुई-धागा' जैसी पारंपरिक प्रतियोगिताएं आकर्षण का केंद्र रहीं। विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से: श्री रविन्द्र भगत (पुलिस उप महानिरीक्षक - DIG) श्रीमती नीरू भगत (कावा अध्यक्षा) डॉक्टर लीना केशव (उप महानिरीक्षक, चिकित्सा) डॉक्टर भावना कुमारी (मुख्य चिकित्सा अधिकारी) सुश्री तनीमा गुरें (सहायक कमांडेंट) इनके साथ-साथ भारी संख्या में बल की महिलाएँ और बच्चे उपस्थित रहे।
मोकामाघाट CRPF कैंप में धूमधाम से मनाया गया अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मोकामा (पटना): मोकामाघाट स्थित केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के ग्रुप केंद्र में आज शनिवार को 'अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस' का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ किया गया। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 8 मार्च को मनाया जाता है, लेकिन रविवार की छुट्टी होने के कारण इस कार्यक्रम को एक दिन पूर्व आज 7 मार्च को ही आयोजित किया गया। महिलाओं को जागरूक करने पर जोर इस विशेष अवसर पर क्षेत्रीय सीआरपीएफ फैमिली वेलफेयर एसोसिएशन (RCWA) की अध्यक्षा श्रीमती नीरू भगत ने ग्रुप केंद्र परिसर की लगभग 100 महिलाओं का हार्दिक स्वागत किया। महिलाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने समाज के हर क्षेत्र में उनकी भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने महिलाओं को उनके संवैधानिक और कानूनी अधिकारों की जानकारी दी और कहा: "समाज में महिलाओं के महत्व को समझने के लिए लोगों को जागरूक करना अनिवार्य है। हमें एक ऐसे समाज का निर्माण करना होगा जहाँ महिलाएँ खुद को सशक्त और सुरक्षित महसूस कर सकें।" प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम कार्यक्रम के अंतिम चरण में मनोरंजन और उत्साह बढ़ाने के लिए कई तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें 'म्यूजिकल चेयर' और 'सुई-धागा' जैसी पारंपरिक प्रतियोगिताएं आकर्षण का केंद्र रहीं। विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से: श्री रविन्द्र भगत (पुलिस उप महानिरीक्षक - DIG) श्रीमती नीरू भगत (कावा अध्यक्षा) डॉक्टर लीना केशव (उप महानिरीक्षक, चिकित्सा) डॉक्टर भावना कुमारी (मुख्य चिकित्सा अधिकारी) सुश्री तनीमा गुरें (सहायक कमांडेंट) इनके साथ-साथ भारी संख्या में बल की महिलाएँ और बच्चे उपस्थित रहे।
- मोकामा (पटना): मोकामाघाट स्थित केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के ग्रुप केंद्र में आज शनिवार को 'अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस' का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ किया गया। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 8 मार्च को मनाया जाता है, लेकिन रविवार की छुट्टी होने के कारण इस कार्यक्रम को एक दिन पूर्व आज 7 मार्च को ही आयोजित किया गया। महिलाओं को जागरूक करने पर जोर इस विशेष अवसर पर क्षेत्रीय सीआरपीएफ फैमिली वेलफेयर एसोसिएशन (RCWA) की अध्यक्षा श्रीमती नीरू भगत ने ग्रुप केंद्र परिसर की लगभग 100 महिलाओं का हार्दिक स्वागत किया। महिलाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने समाज के हर क्षेत्र में उनकी भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने महिलाओं को उनके संवैधानिक और कानूनी अधिकारों की जानकारी दी और कहा: "समाज में महिलाओं के महत्व को समझने के लिए लोगों को जागरूक करना अनिवार्य है। हमें एक ऐसे समाज का निर्माण करना होगा जहाँ महिलाएँ खुद को सशक्त और सुरक्षित महसूस कर सकें।" प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम कार्यक्रम के अंतिम चरण में मनोरंजन और उत्साह बढ़ाने के लिए कई तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें 'म्यूजिकल चेयर' और 'सुई-धागा' जैसी पारंपरिक प्रतियोगिताएं आकर्षण का केंद्र रहीं। विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से: श्री रविन्द्र भगत (पुलिस उप महानिरीक्षक - DIG) श्रीमती नीरू भगत (कावा अध्यक्षा) डॉक्टर लीना केशव (उप महानिरीक्षक, चिकित्सा) डॉक्टर भावना कुमारी (मुख्य चिकित्सा अधिकारी) सुश्री तनीमा गुरें (सहायक कमांडेंट) इनके साथ-साथ भारी संख्या में बल की महिलाएँ और बच्चे उपस्थित रहे।1
- आखिरकार प्रशांत किशोर की आशंका सही निकली!1
- हिंदू सम्मेलन में सामाजिक एकता और संस्कृति पर दिया गया जोर बाढ़: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में देशभर में आयोजित किए जा रहे हिंदू सम्मेलनों की कड़ी में रविवार को बाढ़ नगर के गायत्री बस्ती में भव्य हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बाढ़ नगर परिषद के अध्यक्ष संजय कुमार थे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता आरती माला ने की। इस अवसर पर बिहार प्रांत के बौद्धिक सह प्रमुख अजीत कुमार ने भारतीय संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज को जोड़ने का कार्य करते हैं और आपसी सहयोग तथा भाईचारे की भावना को मजबूत बनाते हैं। सम्मेलन के दौरान संघ द्वारा बताए गए पंच परिवर्तन—सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, स्व का भाव, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक कर्तव्य—पर विशेष चर्चा की गई। वक्ताओं ने लोगों से आग्रह किया कि वे इन मूल्यों को अपने दैनिक जीवन में अपनाकर समाज की उन्नति में योगदान दें। साथ ही युवाओं को अपनी संस्कृति, परंपराओं और नैतिक मूल्यों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया गया। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि सम्मेलन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक सोच का प्रसार करना और लोगों को एक मंच पर लाकर विचारों के आदान-प्रदान को बढ़ावा देना है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। धन्यवाद ज्ञापन हिंदू आयोजन समिति की अध्यक्ष आरती माला ने किया। इस मौके पर सह सचिव शुभम सिंह, अजीत रंजन, सनी प्रकाश, संजीत साह, चुनूं कुमार, अनिल कुमार, नवीन कुमार, उमाशंकर कुमार, केशव कुमार, दयानंद प्रसाद, सुमित कुमार, संजय कुमार सहित कई लोग मौजूद थे।1
- Post by संवाद डिजिटल टीवी न्यूज1
- कसार थाना क्षेत्र में पुलिस ने शराब के नशे में एक युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया। इस संबंध में जानकारी देते हुए कसार थानाध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक युवक को शराब के नशे की हालत में पकड़ा। गिरफ्तार युवक की पहचान बरूणी गांव निवासी बबलू मांझी के रूप में की गई है। पुलिस द्वारा पूछताछ के बाद उसे आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शनिवार की शाम करीब 5 बजे न्यायालय भेज दिया गया।थानाध्यक्ष ने बताया कि क्षेत्र में शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस गश्ती के दौरान युवक को संदिग्ध अवस्था में पाया गया, जिसके बाद जांच करने पर उसके शराब के नशे में होने की पुष्टि हुई। पुलिस ने बताया कि शराबबंदी कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा। थाना क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने तथा शराबबंदी कानून के पालन को लेकर पुलिस लगातार सतर्क है।1
- बिहार में जहां शराबबंदी कानून है वहीं धरातल से सुख नशा का इस्तेमाल हो रहा है. कॉलेज परिसर में सुख नशा का ज्यादा इस्तेमाल लोग कर रहे हैं.2
- देखें अधिकारी ने क्या कहा शेखपुरा - शहर के दल्लु चौक स्थित नगर परिसद के द्वारा किया गया स्विमिंग पुल का शुभारम्भ.1
- बाढ़: कृषि यंत्रीकरण मेले में किसानों को मिले आधुनिक खेती के गुर, जैविक खेती पर जोर बाढ़ (अजीत): पटना जिले के बाढ़ अंतर्गत अगवानपुर स्थित कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) में जिला स्तरीय कृषि यंत्रीकरण मेला-सह-प्रदर्शनी का शानदार आयोजन किया गया। इस मेले का मुख्य उद्देश्य किसानों को आधुनिक कृषि यंत्रों से परिचित कराना और उन्हें जैविक तथा प्राकृतिक खेती के प्रति जागरूक करना था। आधुनिक मशीनों का प्रदर्शन और सब्सिडी की जानकारी मेले में खेती-किसानी में इस्तेमाल होने वाली विभिन्न प्रकार की आधुनिक मशीनों का प्रदर्शन किया गया। इस दौरान पटना जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि सरकार किसानों को आधुनिक यंत्र खरीदने के लिए भारी सब्सिडी दे रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि: अलग-अलग यंत्रों पर सरकार द्वारा अलग-अलग सब्सिडी निर्धारित है। छोटे और सीमांत किसानों के लिए भी विशेष छोटी मशीनें उपलब्ध हैं, जिससे श्रम कम और पैदावार अधिक हो सके। बैंक भी किसानों को किस्त (EMI) पर मशीनें उपलब्ध कराने में सहयोग कर रहे हैं। जैविक खेती की ओर बढ़ते कदम कृषि विज्ञान केंद्र की वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान, रीता सिंह ने बताया कि अब किसान रासायनिक खेती के दुष्प्रभावों को समझ रहे हैं और धीरे-धीरे जैविक (Organic) तथा प्राकृतिक खेती की ओर रुख कर रहे हैं। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि बाढ़ क्षेत्र के लगभग 20 से 25 प्रतिशत किसान अब जैविक खेती अपना चुके हैं, जिनमें से अधिकांश किसान सब्जी उत्पादन में इसका सफल प्रयोग कर रहे हैं। प्रखंड स्तर पर जागरूकता जिला कृषि पदाधिकारी के अनुसार, इस तरह के मेले साल में दो बार प्रत्येक प्रखंड में आयोजित किए जाते हैं ताकि नई तकनीकों की जानकारी गांव-गांव तक पहुँच सके और अधिक से अधिक किसान सरकारी योजनाओं का लाभ उठा सकें।1