औरंगाबाद राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर परिवहन विभाग के साथ की गयी बैठक के बाद किये गये प्रेस वार्ता में दी गयी जानकारी, परिवहन चालान से सम्बन्धित त्रुटिपूर्ण पाये जाने पर किये जायेगें सुधार-सचिव, औरंगाबाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव श्रीमती तान्या पटेल के द्वारा 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर यातायात एवं परिवहन पदाधिकारी विभाग के साथ अपने प्रकोष्ठ में एक बैठक किया गया। सचिव श्रीमती तान्या पटेल द्वारा परिवहन विभाग से बैठक करने के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभा सदन में जिला के सभी संवाददाताओं के साथ प्रेस वार्ता की गयी। प्रेस वार्ता में सचिव द्वारा संवाददाताओं को जानकारी उपलब्ध कराया गया कि चालान से सम्बन्धित लम्बित वादों को राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से निस्तारण हेतु अलग से बेंच बनेगा और जो सुलहनीय यातायात से सम्बन्धित मामलें का आफ लाईन या आॅन लाईन चालान जमा करना चाहतें हैं उन्हें इसके लिए परिवहन व्हिकिल से सम्बन्धित निबन्धित मोबाईल नम्बर लाना होगा। सचिव द्वारा बताया गया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में चालान माफी का कोई प्रावधान नहीं है। जिला परिवहन द्वारा लगाये गये जुर्माना में अगर कोई त्रुटियाॅं हो या गलत तरीके से चालान काटा गया हो तो उसे ठीक कराने का एक अच्छा प्लेटफार्म मिलेगा और त्रुटियों से सम्बन्धित आवेदन लिखने में पारा विधिक स्वयं सेवक द्वारा सहयोग किया जायेगा जिसमें परिवहन विभाग से सम्बन्धित पदाधिकारी को अधिकृत एवं प्रतिनियुक्त करते हुए मामलें से सम्बन्धित बेंच पर उपस्थित रहकर राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन उक्त से सम्बन्धित मामलें के निस्तारण त्रुटि सुधार, आॅफ लाईन, आॅन लाई जुर्माना जमा करने हेतु आये वादकारियों को अपेक्षित सहयोग एवं उनके दावों पर औचित्यपूर्ण दावों पर विचार किया जायेगा। बाईट सचिव श्रीमती तान्या पटेल
औरंगाबाद राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर परिवहन विभाग के साथ की गयी बैठक के बाद किये गये प्रेस वार्ता में दी गयी जानकारी, परिवहन चालान से सम्बन्धित त्रुटिपूर्ण पाये जाने पर किये जायेगें सुधार-सचिव, औरंगाबाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव श्रीमती तान्या पटेल के द्वारा 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर यातायात एवं परिवहन पदाधिकारी विभाग के साथ अपने प्रकोष्ठ में एक बैठक किया गया। सचिव श्रीमती तान्या पटेल द्वारा परिवहन विभाग से बैठक करने के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभा सदन में जिला के सभी संवाददाताओं के साथ प्रेस वार्ता की गयी। प्रेस वार्ता में सचिव द्वारा संवाददाताओं को जानकारी उपलब्ध कराया गया कि चालान से सम्बन्धित लम्बित वादों को राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से निस्तारण हेतु अलग से बेंच बनेगा और जो सुलहनीय यातायात से सम्बन्धित मामलें का आफ लाईन या आॅन लाईन चालान जमा करना चाहतें हैं उन्हें इसके लिए परिवहन व्हिकिल से सम्बन्धित निबन्धित मोबाईल नम्बर लाना होगा। सचिव द्वारा बताया गया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में चालान माफी का कोई प्रावधान नहीं है। जिला परिवहन द्वारा लगाये गये जुर्माना में अगर कोई त्रुटियाॅं हो या गलत तरीके से चालान काटा गया हो तो उसे ठीक कराने का एक अच्छा प्लेटफार्म मिलेगा और त्रुटियों से सम्बन्धित आवेदन लिखने में पारा विधिक स्वयं सेवक द्वारा सहयोग किया जायेगा जिसमें परिवहन विभाग से सम्बन्धित पदाधिकारी को अधिकृत एवं प्रतिनियुक्त करते हुए मामलें से सम्बन्धित बेंच पर उपस्थित रहकर राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन उक्त से सम्बन्धित मामलें के निस्तारण त्रुटि सुधार, आॅफ लाईन, आॅन लाई जुर्माना जमा करने हेतु आये वादकारियों को अपेक्षित सहयोग एवं उनके दावों पर औचित्यपूर्ण दावों पर विचार किया जायेगा। बाईट सचिव श्रीमती तान्या पटेल
- Post by गौतम चंद्रवंशी जी1
- औरंगाबाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव श्रीमती तान्या पटेल के द्वारा 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर यातायात एवं परिवहन पदाधिकारी विभाग के साथ अपने प्रकोष्ठ में एक बैठक किया गया। सचिव श्रीमती तान्या पटेल द्वारा परिवहन विभाग से बैठक करने के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभा सदन में जिला के सभी संवाददाताओं के साथ प्रेस वार्ता की गयी। प्रेस वार्ता में सचिव द्वारा संवाददाताओं को जानकारी उपलब्ध कराया गया कि चालान से सम्बन्धित लम्बित वादों को राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से निस्तारण हेतु अलग से बेंच बनेगा और जो सुलहनीय यातायात से सम्बन्धित मामलें का आफ लाईन या आॅन लाईन चालान जमा करना चाहतें हैं उन्हें इसके लिए परिवहन व्हिकिल से सम्बन्धित निबन्धित मोबाईल नम्बर लाना होगा। सचिव द्वारा बताया गया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में चालान माफी का कोई प्रावधान नहीं है। जिला परिवहन द्वारा लगाये गये जुर्माना में अगर कोई त्रुटियाॅं हो या गलत तरीके से चालान काटा गया हो तो उसे ठीक कराने का एक अच्छा प्लेटफार्म मिलेगा और त्रुटियों से सम्बन्धित आवेदन लिखने में पारा विधिक स्वयं सेवक द्वारा सहयोग किया जायेगा जिसमें परिवहन विभाग से सम्बन्धित पदाधिकारी को अधिकृत एवं प्रतिनियुक्त करते हुए मामलें से सम्बन्धित बेंच पर उपस्थित रहकर राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन उक्त से सम्बन्धित मामलें के निस्तारण त्रुटि सुधार, आॅफ लाईन, आॅन लाई जुर्माना जमा करने हेतु आये वादकारियों को अपेक्षित सहयोग एवं उनके दावों पर औचित्यपूर्ण दावों पर विचार किया जायेगा। बाईट सचिव श्रीमती तान्या पटेल1
- Post by Public Media news1
- आमस:- मगध विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग से श्रीमति शैलजा शालिनी को 25 फरवरी को Ph.D की उपाधि से सम्मानित किया गया । उनका शोध "कोडरमा जिला के सामाजिक - आर्थिक विकास में आधुनिक कृषि की भूमिका: भौगोलिक दृष्टि से एक अध्ययन" पर केंद्रित था, जिसमें उन्होंने कोडरमा जिले के सामाजिक और आर्थिक विकास में आधुनिक कृषि की भूमिका का विस्तृत विश्लेषण किया। प्रोफ़ेसर बासुदेव प्रसाद के मार्गदर्शन में उन्होंने यह शोध पूरा किया, जो उनकी मेहनत और समर्पण का फल है। यह उपलब्धि न केवल श्रीमति शैलजा शालिनी के लिए बल्कि उनके परिवार और सहयोगियों के लिए भी एक बड़ा सम्मान है। उनके पति नीरज कुमार राय आमस प्रखण्ड में बीडीओ के पद पर कार्यरत हैं,उन्होंने भी उनकी इस सफलता पर बधाई दी है। आमस बीडीओ एवं बुद्धजीवियों ने भी श्रीमति शैलजा शालिनी को बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उनकी इस सफलता से अन्य लोगों को भी प्रेरणा मिलेगी और वे अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रेरित होंगे।1
- मारपीट की घटना को लेकर पीड़ित पक्ष ने थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित शशिकांत कुमार ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया है कि 24 फरवरी 2026 को वह अपने घर पर था। इसी दौरान गांव के ही कुछ लोगों ने पुरानी रंजिश को लेकर उसके साथ मारपीट की। आरोप है कि मारपीट के दौरान उसे लात-घूंसों और डंडे से पीटा गया, जिससे वह घायल हो गया। पीड़ित ने अपने आवेदन में आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान जान से मारने की धमकी भी दी गई। घटना के बाद परिजनों की मदद से उसका इलाज कराया गया। पीड़ित ने रफीगंज थाना में लिखित आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। वहीं पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।1
- तापपुर थाना क्षेत्र के चट्टी अनंतपुर स्थित टोंगरी पहाड़ी के पास हुए दर्दनाक हादसे में मोटर ग्रेडर मशीन में फंसे शव को करीब 10 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। निर्माण कार्य में लगी कंपनी के कर्मियों की मदद से मशीन में फंसे शव को बाहर निकाला गया। हालांकि कंपनी की ओर से तत्काल मृतक के परिजनों को 20 हजार रुपये की सहायता राशि दी गई है। घटना के दौरान प्रतापपुर थाना प्रभारी आलोक चौधरी के नेतृत्व में पुलिस लगातार मौके पर मौजूद रही। बाद में शव और संबंधित वाहन को प्रतापपुर थाना लाया गया। बताया जाता है कि बिहार में बन रहे एक्सप्रेसवे निर्माण कार्य के लिए झारखंड से हाइवा के माध्यम से मिट्टी ले जाई जा रही थी। इसी दौरान सड़क समतलीकरण के कार्य में लगी मोटर ग्रेडर मशीन की चपेट में आने से बिहार के भटबीघा गांव निवासी शंकर यादव (50) की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही झारखंड और बिहार, दोनों राज्यों की पुलिस मौके पर पहुंच गई। हालांकि दुर्घटना झारखंड क्षेत्र में होने के कारण शव और मोटर ग्रेडर मशीन को प्रतापपुर थाना लाया गया। मृतक के परिजनों ने प्रशासन से 20 लाख रुपये मुआवजे की मांग की है। वहीं शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल चतरा भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। समाजसेवी की सूझबूझ से मोटर ग्रेडर चालक की बची जान घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने मोटर ग्रेडर मशीन के चालक के साथ मारपीट शुरू कर दी। इसी बीच समाजसेवी भीभ सिंह ने सूझबूझ दिखाते हुए चालक को आक्रोशित ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ाकर पुलिस के हवाले कर दिया। बताया जाता है कि अगर वे समय पर वहां नहीं पहुंचते तो चालक की जान को भी खतरा हो सकता था। हालांकि आक्रोशित लोगों ने चालक की जमकर पिटाई कर दी थी।1
- Post by Sandeep Singh1
- औरंगाबाद राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन को लेकर प्रधान जिला जज द्वारा किया गया प्रेस कॉफ्रेंस औरंगाबाद प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार श्री राजीव रंजन कुमार द्वारा जिला के विभिन्न समाचार पत्रो, प्रिट मिडिया, इलेक्ट्र्ॉनिक मिडिया के साथ जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सभागार में एक प्रेस कान्फ्रेंस का आयोजन किया गया जिसमें दिनांक 14-03-2026 को आयोजित होने वाले इस वर्ष का प्रथम राष्ट्रीय लोक अदालत के सम्बन्ध में प्राधिकार के द्वारा किये किये गये कार्यो के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी विभिन्न संवाददाताओं को उपलब्ध कराया गया। प्रधान जिला जज ने न्यायालयों से सम्बन्धित सुलहनीय वादों में अबतक की गयी कार्रवाई का विस्तृत ब्यौरा सभी संवाददाताओं को उपलब्ध कराया गया। प्रधान जिला जज द्वारा बताया कि दिनांक 14-03-2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत के लिए न्यायालय में लम्बित सभी तरह के सुलहनीय वादों से सम्बन्धित नोटिस को विभिन्न थाना के माध्यम से पक्षकार को हस्तगत कराया गया है साथ ही तामिला प्रतिवेदन पर प्राप्त मोबाईल संख्या के आधार पर कार्यालय द्वारा उन्हें राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन उपस्थित रहने हेतु भी सूचित किया गया है। प्रधान जिला जज द्वारा जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा पूर्ववर्ती आयोजित हुई राष्ट्रीय लोक अदालत से सम्बन्धित विविध गतिविधियों में अपने अखबार एवं इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से बृहत प्रचार-प्रसार करने के लिए सभी पत्रकारो का महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्ति पर आभार व्यक्त किया गया। साथ ही साथ 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत में सभी का महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हो रहा है इसके लिए आभार व्यक्त किया गया। साथ ही साथ आगे भी पूर्ण सहयोग सभी संवाददाताओं का मिलता रहेगा, ऐसा सभी संवाददाताओं से अपेक्षा की गयी है। प्रधान जिला जज द्वारा सभी विभागों द्वारा अपने विभाग अन्तर्गत लम्बित सुलहनीय वादों की सूची उपलब्ध कराने हेतु दिये गये निर्देश से संवाददाताओं को अवगत कराया गया। जिला जज ने बताया कि सभी सम्बन्धित विभागों न्यायालय तथा सम्बन्धित पदाधिकारियों के साथ कई दौर की बैठक का आयोजन किया गया है। मीडिया द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत के लिए किये गये सार्थक सहयोग के प्रतिफल के रूप में राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन इसका साकारात्मक परिणाम मिलने की प्रबल संभावना है। इस प्रेस कान्फ्रेस में प्रधान जिला जज ने संवाददाताओं को बताया कि परिवारिक मामलों के निस्तारण में इस जिला पूर्व में भी अच्छा रहा है और इसे और अब्बल बनाने की प्रक्रिया जारी रहेगी और इसके लिए कई वादों का चयन किया गया है। इस प्रेस कान्फ्रेंन्स में वादों के सम्बन्ध में प्राधिकार के सचिव तान्या पटेल ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रारम्भिक स्तर पर अभी तक 3560 सुलहनीय वाद जो न्यायालय में लम्बित है चिन्ह्ति किया गया है तथा 70 वादों में निस्तारण हेतु सहमति प्रदान किया गया है तथा तथा 600 वादों का निस्तारण का लक्ष्य से सम्बन्धित ब्यौरा संवाददाताओं का उपलब्ध कराया गया। साथ ही प्री-लिटिगेशन के अन्तर्गत 5610 से अधिक बैंक ऋण सम्बन्धी मामलों में पक्षकारों को नोटिस किया गया है तथा 1500 से अधिक मामलो को इस लोक अदालत में निस्तारण का लक्ष्य रखा गया है और इनसे सम्बन्धित नोटिस प्रेषण की कार्रवाई की जा चुकी है, जिसे आगे बढ़ने की संभावना है। साथ ही साथ प्रेस वार्ता के समय बताया गया कि न्यायालय स्तर से बड़े पैमाने पर नोटिस प्रेषित करने की कार्रवाई की गयी है जिससे कि न्यायालय में लम्बित सभी तरह के सुलहनीय मामलों का अधिक से अधिक निस्तारण संभव हो सकेगा। *संवाददाता सम्मेलन में उपस्थित प्रधान जिला जज एवं सचिव द्वारा जिला वासियों से संयुक्त रूप से आह्वान किया गया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत का ज्यादा-से ज्यादा लाभ उठायें। प्रधान जिला जज द्वारा यह भी कहा गया है कि बहुत सारे सोसल मीडिया पर बिजली विपत्र माफी एवं यातायात चालान माफी से सम्बन्धित वीडिया को प्रसारित किया जा रहा है जो बिल्कुल गलत है और इस तरह के मामलों में माफी की कोई योजना नहीं है इस कारण इस तरह के सोसल मीडिया पर प्रसारित किसी भी तरह की अफवाह की ओर लोगों को ध्यान नहीं देने का अपील किया गया है।* इस अवसर पर सभी संवाददाताओं ने भी राष्ट्रीय लोक अदालत के वृहत प्रचार-प्रसार में अपनी भूमिका को पुरी तरह से निर्वह्न करने का भरोसा दिया गया और कहा गया कि पूर्व में भी हमलोगो का सहयोग मिला है और यह निरंतर जारी रहेगा। सचिव ने राष्ट्रीय लोक अदालत में त्वरित निस्तारण हेतु गठित बेंच के बारे में जानकारी देते संवाददाताओं को बताया कि व्यवहार न्यायालय औरंगाबाद एवं अनुमण्डलीय न्यायालय, दाउदनगर को मिलाकर कुल 12 बेंचों का गठन किया गया है जिसमें वादों का त्वरित निष्पादन किया जायेगा। सचिव ने बताया कि औरंगाबाद व्यवहार न्यायालय में राष्ट्रीय लोक में वादों के निष्पादन हेतु बेंच संख्या 01 भरण-पोषण वाद तथा पारिवारिक मामलें, बेंच संख्या संख्या 2 पर मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी के न्यायालय से सम्बन्धित मामलें। बेंच संख्या 3 पर मोटर दुर्घटना वाद, ईजराय वाद, बेंच संख्या 4 पर औरंगाबाद जिला के सभी बैंक ऋण से सम्बन्धित मामलें, बेंच संख्या 05 पर अपर मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, तृतीय (खाली न्यायालय) एवं चतुर्थ तथा पंचम के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय वाद एवं श्री राजीव कुमार न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय मामलें, बेंच संख्या 06 पर अपर मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी षष्टम एवं सप्तम् के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय आपराधिक वाद तथा एनआई अधिनियम से सम्बन्धित मामलें, बेंच संख्या 07 पर अनुमण्डलीय न्यायिक दण्डाधिकारी के न्यायालय श्री ओम प्रकाश नारायण सिंह, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी के न्यायालय से सम्बन्धित सूलहनीय वाद एवं अन्य न्यायालय जो अभी खाली है, बेंच संख्या 08 पर खनिज, वन, श्रम एवं विद्युत, मापतौल से सम्बन्धित मामलें, बेंच संख्या 09 पर श्री शुभान्कर शुक्ला न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी के न्यायालय से सम्बन्धित मामलें एवं द0प्र0सं0 की धारा 107 एवं 144 से सम्बन्धित वाद बेंच संख्या 10 पर अनुमण्डलीय न्यायिक दण्डाधिकारी, दाउदनगर के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय मामलें एवं द0प्र0सं0 की धारा 107 एवं 144 से सम्बन्धित वाद का निस्तारण किया जायेगा। बेंच संख्या 11 पर श्री आशीष कुमार एवं श्वेताभ शाण्डील्य न्यायिक दण्डाधिकारी के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय आपराधिक वाद का निस्तारण किया जायेगा, तथा एक अतिरिक्त बेंच संख्या 12 के माध्यम से अपर मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम के न्यायालय से सम्बन्धित सुलहनीय आपराधिक मामलें, तथा दीवानी से सम्बन्धित सुलहनीय मामलें एवं दूरभाष से सम्बन्धित मामलें का निस्तारण किया जायेगा। सचिव द्वारा जिला वासियों से यह अपील भी किया गया कि राष्ट्रीय लोक अदालत का अधिक से अधिक फायदा उठायें और राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन आकर अपने वादों को निस्तारण कराने में विशेष रूचि लें और राष्ट्रीय लोक अदालत का फायदा जिलावासियों को अधिक से अधिक मिले इसके लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार तत्पर है। सचिव द्वारा यह भी बताया कि बेंच से सम्बन्धित विस्तृत विवरणी जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सूचना-पट्ट पर चश्चा कराया गया है जिससे कि न्यायालय आने वाले लोगो को बेंच से सम्बन्धित सूचना प्राप्त करने में सुविधा हो।1