logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई चंडी पवन कुमार एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई

4 hrs ago
user_Journalist Pawan Kumar Singh
Journalist Pawan Kumar Singh
कुनिहार, सोलन, हिमाचल प्रदेश•
4 hrs ago

एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई चंडी पवन कुमार एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई

More news from हिमाचल प्रदेश and nearby areas
  • एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई
    1
    एनएमएमएस परीक्षा में अक्षित कुमार ने 98 अंक प्राप्त कर राजकीय आदर्श माध्यमिक विद्यालय चंडी की प्रतिष्ठा बढ़ाई
    user_Journalist Pawan Kumar Singh
    Journalist Pawan Kumar Singh
    कुनिहार, सोलन, हिमाचल प्रदेश•
    4 hrs ago
  • शिमला में तिब्बती विमेंस एसोसिएशन ने 67वें तिब्बती महिला राष्ट्रीय विद्रोह दिवस पर चीन की नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन 67वें तिब्बती नेशनल विमेंस अपराइजिंग डे ( Tibetan Women's Uprising Day) के मौके पर, तिब्बती विमेंस एसोसिएशन ने गुरुवार को शिमला में तिब्बती समुदाय ने चीन की दमनकारी नीतियों के विरोध में आक्रोश रैली निकाली। यह रैली शेर-ए-पंजाब चौक से उपायुक्त कार्यालय तक निकाली गई. रैली के बाद आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत तिब्बत और भारत के राष्ट्रगान के साथ की गई। इस दौरान तिब्बत की आजादी के लिए आत्मदाह करने वाले लोगों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना भी की गई। तिब्बतियन वुमेन एसोसिएशन प्रतिनिधियों ने चीन सरकार की नीतियों की निंदा करते हुए तिब्बत की आजादी की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि तिब्बत की स्वतंत्रता न केवल तिब्बती लोगों के लिए बल्कि भारत की सुरक्षा के लिए भी महत्वपूर्ण है। साथ ही संयुक्त राष्ट्र और विश्व समुदाय से तिब्बत आंदोलन को समर्थन देने की अपील की गई। गौरतलब है कि यह पहला प्रोटेस्ट 10 मार्च को हुआ था, जब वे नोरबुलिंगका के बाहर इकट्ठा हुईं और 12 तारीख को तिब्बती महिलाएं सड़कों पर उतरीं और कई तिब्बती महिलाओं ने तिब्बत के लिए अपनी जान दे दी। इसलिए यह एक बहुत ही अहम और ऐतिहासिक पल है।उसी घटना की स्मृति में हर वर्ष 12 मार्च को तिब्बती समुदाय विश्वभर में जनक्रांति दिवस मनाता है। यह उस दिन को याद करने का इवेंट है जब तिब्बत के तीनों प्रोविंस की तिब्बती महिलाएं, तिब्बत के इतिहास में पहली बार, एक साथ खड़ी हुईं और 1959 में तिब्बत पर कब्ज़ा कर रही क्रूर चीनी मिलिट्री फोर्स के खिलाफ अपनी आवाज़ उठाई।
    2
    शिमला में तिब्बती विमेंस एसोसिएशन ने 67वें तिब्बती महिला राष्ट्रीय विद्रोह दिवस पर चीन की नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन
67वें तिब्बती नेशनल विमेंस अपराइजिंग डे ( Tibetan Women's Uprising Day)
के मौके पर, तिब्बती विमेंस एसोसिएशन ने गुरुवार को शिमला में तिब्बती समुदाय ने चीन की दमनकारी नीतियों के विरोध में आक्रोश रैली निकाली। यह रैली शेर-ए-पंजाब चौक से उपायुक्त कार्यालय तक निकाली गई.
रैली के बाद आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत तिब्बत और भारत के राष्ट्रगान के साथ की गई। इस दौरान तिब्बत की आजादी के लिए आत्मदाह करने वाले लोगों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना भी की गई।
तिब्बतियन वुमेन एसोसिएशन प्रतिनिधियों ने चीन सरकार की नीतियों की निंदा करते हुए तिब्बत की आजादी की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि तिब्बत की स्वतंत्रता न केवल तिब्बती लोगों के लिए बल्कि भारत की सुरक्षा के लिए भी महत्वपूर्ण है। साथ ही संयुक्त राष्ट्र और विश्व समुदाय से तिब्बत आंदोलन को समर्थन देने की अपील की गई।
गौरतलब है कि यह पहला प्रोटेस्ट 10 मार्च को हुआ था, जब वे नोरबुलिंगका के बाहर इकट्ठा हुईं और 12 तारीख को तिब्बती महिलाएं सड़कों पर उतरीं और कई तिब्बती महिलाओं ने तिब्बत के लिए अपनी जान दे दी। इसलिए यह एक बहुत ही अहम और ऐतिहासिक पल है।उसी घटना की स्मृति में हर वर्ष 12 मार्च को तिब्बती समुदाय विश्वभर में जनक्रांति दिवस मनाता है।
यह उस दिन को याद करने का इवेंट है जब तिब्बत के तीनों प्रोविंस की तिब्बती महिलाएं, तिब्बत के इतिहास में पहली बार, एक साथ खड़ी हुईं और 1959 में तिब्बत पर कब्ज़ा कर रही क्रूर चीनी मिलिट्री फोर्स के खिलाफ अपनी आवाज़ उठाई।
    user_Roshan Sharma
    Roshan Sharma
    Local News Reporter Shimla (Urban), Himachal Pradesh•
    15 hrs ago
  • राज्यसभा चुनाव: हरियाणा कांग्रेस के विधायक पहुंचे शिमला ,कुफरी स्थित निजी होटल में रुकेंगे #HaryanaRajyaSabhaElection #CongressMLAs #shimlapolitics #Kufri #HimachalNews #HaryanaPolitics #BrightNews
    1
    राज्यसभा चुनाव: हरियाणा कांग्रेस के विधायक पहुंचे शिमला ,कुफरी स्थित निजी होटल में रुकेंगे 
#HaryanaRajyaSabhaElection  #CongressMLAs #shimlapolitics  #Kufri #HimachalNews #HaryanaPolitics #BrightNews
    user_Inform News
    Inform News
    बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
    1 hr ago
  • झंडूता के विधायक जीतराम कटवाल ने कहा कि किसान केवल अन्नदाता नहीं, बल्कि भारत की अर्थव्यवस्था और संस्कृति के आधार स्तंभ भी हैं। विकसित भारत का रास्ता गांवों और खेतों से होकर ही जाता है। जाहिर है कि भारत को मजबूत, आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र बनाने के लिए किसानों की समृद्धि और खुशहाली बेहद जरूरी है। इसी के मद्देनजर मोेदी सरकार ने वर्ष 2019 में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत की थी। इस योजना के माध्यम से देश के 11 करोड़ से अधिक किसानों को हर साल 6-6 हजार रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जा रही है। शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा असम के गुवाहाटी से पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किश्त जारी करने के अवसर पर कृषि विभाग द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र बरठीं में आयोजित जिला स्तरीय किसान गोष्ठी कोे बतौर मुख्य अतिथि संबोधित करते हुए जीतराम कटवाल ने कहा कि यह योजना किसानों की आर्थिक सुरक्षा और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। वर्ष 2019 में शुरू की गई इस योजना के तहत सभी पात्र किसानों को सालाना 6-6 हजार रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खाते में ट्रांसफर की जा रही है, ताकि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी की कोई गुंजाइश न रहे। शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने 22वीं किश्त के रूप में 18,650 करोड़ रुपये की राशि किसानों को जारी की है। अब तक 4.27 लाख करोड़ रुपये से अधिक राशि किसानों को जारी की जा चुकी है। जीतराम कटवाल ने कहा कि मोदी सरकार ने किसानों के कल्याण के लिए कई अन्य महत्वपूर्ण योजनाएं भी शुरू की हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के माध्यम से जहां किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान की भरपाई का सुरक्षा क्वच मिला है, वहीं प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के माध्यम से ‘हर खेत को पानी’ के लक्ष्य के साथ सिंचाई सुविधाओं का विस्तार किया गया है। मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना से किसानों को अपनी भूमि की उर्वरकता की सही जानकारी मिल रही है, जिससे वे बेहतर पैदावार हासिल कर रहे हैं। प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना के तहत छोटे किसानों के लिए पेंशन की व्यवस्था की गई है। इसकेे अलावा आधुनिक तकनीकों, ड्रोन, जैविक खेती और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देकर खेती को लाभकारी बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्हांेने किसानों का आह्वान किया कि वे खेतीबाड़ी की नई तकनीकों से उत्पादन बढ़ाएं। उनके बाजार से जुड़ने से देश तेजी के साथ विकास की नई बुलंदियां हासिल करेगा। इस मौके पर भाजपा शाहतलाई मंडल अध्यक्ष रामप्रकाश शर्मा, उपाध्यक्ष मनोज लक्खा, डाॅ. सीमा व सुदर्शन चंदेल समेत लगभग 120 किसान मौजूद थे।
    1
    झंडूता के विधायक जीतराम कटवाल ने कहा कि किसान केवल अन्नदाता नहीं, बल्कि भारत की अर्थव्यवस्था और संस्कृति के आधार स्तंभ भी हैं। विकसित भारत का रास्ता गांवों और खेतों से होकर ही जाता है। जाहिर है कि भारत को मजबूत, आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र बनाने के लिए किसानों की समृद्धि और खुशहाली बेहद जरूरी है। इसी के मद्देनजर मोेदी सरकार ने वर्ष 2019 में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत की थी। इस योजना के माध्यम से देश के 11 करोड़ से अधिक किसानों को हर साल 6-6 हजार रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जा रही है।
शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा असम के गुवाहाटी से पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किश्त जारी करने के अवसर पर कृषि विभाग द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र बरठीं में आयोजित जिला स्तरीय किसान गोष्ठी कोे बतौर मुख्य अतिथि संबोधित करते हुए जीतराम कटवाल ने कहा कि यह योजना किसानों की आर्थिक सुरक्षा और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। वर्ष 2019 में शुरू की गई इस योजना के तहत सभी पात्र किसानों को सालाना 6-6 हजार रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खाते में ट्रांसफर की जा रही है, ताकि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी की कोई गुंजाइश न रहे। शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने 22वीं किश्त के रूप में 18,650 करोड़ रुपये की राशि किसानों को जारी की है। अब तक 4.27 लाख करोड़ रुपये से अधिक राशि किसानों को जारी की जा चुकी है।
जीतराम कटवाल ने कहा कि मोदी सरकार ने किसानों के कल्याण के लिए कई अन्य महत्वपूर्ण योजनाएं भी शुरू की हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के माध्यम से जहां किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान की भरपाई का सुरक्षा क्वच मिला है, वहीं प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के माध्यम से ‘हर खेत को पानी’ के लक्ष्य के साथ सिंचाई सुविधाओं का विस्तार किया गया है। मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना से किसानों को अपनी भूमि की उर्वरकता की सही जानकारी मिल रही है, जिससे वे बेहतर पैदावार हासिल कर रहे हैं। प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना के तहत छोटे किसानों के लिए पेंशन की व्यवस्था की गई है। इसकेे अलावा आधुनिक तकनीकों, ड्रोन, जैविक खेती और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देकर खेती को लाभकारी बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्हांेने किसानों का आह्वान किया कि वे खेतीबाड़ी की नई तकनीकों से उत्पादन बढ़ाएं। उनके बाजार से जुड़ने से देश तेजी के साथ विकास की नई बुलंदियां हासिल करेगा। इस मौके पर भाजपा शाहतलाई मंडल अध्यक्ष रामप्रकाश शर्मा, उपाध्यक्ष मनोज लक्खा, डाॅ. सीमा व सुदर्शन चंदेल समेत लगभग 120 किसान मौजूद थे।
    user_Sanjeev ranout
    Sanjeev ranout
    बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
    3 hrs ago
  • Post by Dev Raj Thakur
    1
    Post by Dev Raj  Thakur
    user_Dev Raj  Thakur
    Dev Raj Thakur
    Farmer निरमंड, कुल्लू, हिमाचल प्रदेश•
    11 hrs ago
  • Post by Dinesh Kumar
    1
    Post by Dinesh Kumar
    user_Dinesh Kumar
    Dinesh Kumar
    Farmer भोटा, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    17 hrs ago
  • राज्यसभा चुनाव से पहले हरियाणा कांग्रेस के विधायकों को हिमाचल के रिजॉर्ट ले जाने की तैयारी चंडीगढ़/शिमला: हरियाणा में होने वाले राज्यसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस पार्टी अपने विधायकों को हिमाचल प्रदेश के एक रिजॉर्ट में ले जाने की तैयारी कर रही है। यह कदम संभावित क्रॉस-वोटिंग के खतरे को देखते हुए उठाया जा रहा है।  सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस ने हरियाणा के सभी 37 विधायकों को एकजुट रखने के लिए उन्हें कुछ दिनों के लिए हिमाचल प्रदेश के सुरक्षित स्थान पर ठहराने की योजना बनाई है। बताया जा रहा है कि विधायकों को ले जाने के लिए दो लग्जरी बसों की बुकिंग भी की गई है और वहां पहुंचने पर पुलिस सुरक्षा भी दी जाएगी।  दरअसल, हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए 16 मार्च को मतदान होना है। बीजेपी ने संजय भाटिया को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कांग्रेस ने दलित नेता कर्मवीर बौद्ध को मैदान में उतारा है। इसके अलावा निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल के चुनाव लड़ने से मुकाबला और दिलचस्प हो गया है।  राज्यसभा चुनाव में जीत के लिए कम से कम 31 वोटों की जरूरत होती है। हरियाणा विधानसभा में कांग्रेस के पास 37 विधायक हैं, इसलिए गणित के अनुसार पार्टी अपने उम्मीदवार को जिता सकती है। हालांकि, पिछले चुनावों में क्रॉस-वोटिंग के कारण कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ा था, इसलिए इस बार पार्टी कोई जोखिम नहीं लेना चाहती।  राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि विधायकों को रिजॉर्ट में रखने की रणनीति को आम तौर पर “रिजॉर्ट पॉलिटिक्स” कहा जाता है, जिसका उद्देश्य चुनाव से पहले विधायकों को विपक्ष के संपर्क से दूर रखना और पार्टी एकजुटता बनाए रखना होता है।
    1
    राज्यसभा चुनाव से पहले हरियाणा कांग्रेस के विधायकों को हिमाचल के रिजॉर्ट ले जाने की तैयारी
चंडीगढ़/शिमला:
हरियाणा में होने वाले राज्यसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस पार्टी अपने विधायकों को हिमाचल प्रदेश के एक रिजॉर्ट में ले जाने की तैयारी कर रही है। यह कदम संभावित क्रॉस-वोटिंग के खतरे को देखते हुए उठाया जा रहा है।  
सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस ने हरियाणा के सभी 37 विधायकों को एकजुट रखने के लिए उन्हें कुछ दिनों के लिए हिमाचल प्रदेश के सुरक्षित स्थान पर ठहराने की योजना बनाई है। बताया जा रहा है कि विधायकों को ले जाने के लिए दो लग्जरी बसों की बुकिंग भी की गई है और वहां पहुंचने पर पुलिस सुरक्षा भी दी जाएगी।  
दरअसल, हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए 16 मार्च को मतदान होना है। बीजेपी ने संजय भाटिया को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कांग्रेस ने दलित नेता कर्मवीर बौद्ध को मैदान में उतारा है। इसके अलावा निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल के चुनाव लड़ने से मुकाबला और दिलचस्प हो गया है।  
राज्यसभा चुनाव में जीत के लिए कम से कम 31 वोटों की जरूरत होती है। हरियाणा विधानसभा में कांग्रेस के पास 37 विधायक हैं, इसलिए गणित के अनुसार पार्टी अपने उम्मीदवार को जिता सकती है। हालांकि, पिछले चुनावों में क्रॉस-वोटिंग के कारण कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ा था, इसलिए इस बार पार्टी कोई जोखिम नहीं लेना चाहती।  
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि विधायकों को रिजॉर्ट में रखने की रणनीति को आम तौर पर “रिजॉर्ट पॉलिटिक्स” कहा जाता है, जिसका उद्देश्य चुनाव से पहले विधायकों को विपक्ष के संपर्क से दूर रखना और पार्टी एकजुटता बनाए रखना होता है।
    user_MINAKSHII BHARDWAJ
    MINAKSHII BHARDWAJ
    रामपुर, शिमला, हिमाचल प्रदेश•
    3 hrs ago
  • राजस्व एवं बागवानी मंत्री जगत नेगी पर भाजपा का हमला, भाजपा नेता सूरत नेगी बोले मानसिक संतुलन खो चुके हैं मंत्री। एंकर,,,हिमाचल प्रदेश में जनजातीय मुद्दों को लेकर सियासत तेज हो गई है। भाजपा ने जनजातीय मंत्री जगत सिंह नेगी के उस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने राज्यपाल को लेकर टिप्पणी की थी। भाजपा नेता सूरत नेगी ने इसे संवैधानिक पद की गरिमा के खिलाफ बताया है। और जगत नेगी पर हमला बोलते हुए जगत नेगी का मानसिक संतुलन खोने की बात कही है। वीओ किन्नौर से भाजपा के पूर्व प्रत्याशी सूरत नेगी ने शिमला में पत्रकार वार्ता करते हुए कहा कि जनजातीय मंत्री जगत सिंह नेगी मानसिक संतुलन खो चुके हैं और ट्राइबल मंत्री के रूप में पूरी तरह असफल साबित हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह की बेतुकी बयानबाजी से मंत्री ने जनजातीय समाज के हितों को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि नौतोड़ जैसे संवेदनशील मुद्दे का समाधान करने में मंत्री विफल रहे हैं और अब अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल को निशाना बना रहे हैं। सूरत नेगी ने कहा कि नौतोड़ का मुद्दा नया नहीं है, बल्कि पिछले 20–25 वर्षों से चर्चा में है। वर्ष 2014 में कांग्रेस सरकार ने जनता को गुमराह किया। उस समय फॉरेस्ट कंजर्वेशन एक्ट, 1980 को आंशिक रूप से निलंबित करने की बात कही गई, लेकिन 2006 में लगाई गई “लैंडलेस” की शर्त को नहीं हटाया गया। उन्होंने कहा कि 2017 में जयराम ठाकुर के नेतृत्व में बनी भाजपा सरकार ने इस पूरे मामले का अध्ययन किया और उस शर्त को हटाने का रास्ता निकाला, ताकि जनजातीय क्षेत्रों के लोगों को नौतोड़ का लाभ मिल सके। हालांकि उस समय मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित होने के कारण तत्काल फैसला संभव नहीं हो पाया। सूरत नेगी ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के समय ट्राइबल सब प्लान के तहत लगभग 400 करोड़ रुपये का बजट तीनों जनजातीय विधानसभा क्षेत्रों के लिए रखा गया था, जिसे वर्तमान कांग्रेस सरकार ने घटाकर करीब 150 करोड़ रुपये कर दिया है। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव नजदीक आते ही राजनीतिक लाभ के लिए मंत्री राज्यपाल पर बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं। बाइट सूरत नेगी, भाजपा नेता व पूर्व प्रत्याशी, किन्नौर।
    2
    राजस्व एवं बागवानी मंत्री जगत नेगी पर भाजपा का हमला, भाजपा नेता सूरत नेगी बोले मानसिक संतुलन खो चुके हैं मंत्री।
एंकर,,,हिमाचल प्रदेश में जनजातीय मुद्दों को लेकर सियासत तेज हो गई है। भाजपा ने जनजातीय मंत्री जगत सिंह नेगी के उस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने राज्यपाल को लेकर टिप्पणी की थी। भाजपा नेता सूरत नेगी ने इसे संवैधानिक पद की गरिमा के खिलाफ बताया है। और जगत नेगी पर हमला बोलते हुए जगत नेगी का मानसिक संतुलन खोने की बात कही है।
वीओ
किन्नौर से भाजपा के पूर्व प्रत्याशी सूरत नेगी ने शिमला में पत्रकार वार्ता करते हुए कहा कि जनजातीय मंत्री जगत सिंह नेगी मानसिक संतुलन खो चुके हैं और ट्राइबल मंत्री के रूप में पूरी तरह असफल साबित हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह की बेतुकी बयानबाजी से मंत्री ने जनजातीय समाज के हितों को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि नौतोड़ जैसे संवेदनशील मुद्दे का समाधान करने में मंत्री विफल रहे हैं और अब अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल को निशाना बना रहे हैं। सूरत नेगी ने कहा कि नौतोड़ का मुद्दा नया नहीं है, बल्कि पिछले 20–25 वर्षों से चर्चा में है। वर्ष 2014 में कांग्रेस सरकार ने जनता को गुमराह किया। उस समय फॉरेस्ट कंजर्वेशन एक्ट, 1980 को आंशिक रूप से निलंबित करने की बात कही गई, लेकिन 2006 में लगाई गई “लैंडलेस” की शर्त को नहीं हटाया गया। उन्होंने कहा कि 2017 में जयराम ठाकुर के नेतृत्व में बनी भाजपा सरकार ने इस पूरे मामले का अध्ययन किया और उस शर्त को हटाने का रास्ता निकाला, ताकि जनजातीय क्षेत्रों के लोगों को नौतोड़ का लाभ मिल सके। हालांकि उस समय मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित होने के कारण तत्काल फैसला संभव नहीं हो पाया। सूरत नेगी ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के समय ट्राइबल सब प्लान के तहत लगभग 400 करोड़ रुपये का बजट तीनों जनजातीय विधानसभा क्षेत्रों के लिए रखा गया था, जिसे वर्तमान कांग्रेस सरकार ने घटाकर करीब 150 करोड़ रुपये कर दिया है। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव नजदीक आते ही राजनीतिक लाभ के लिए मंत्री राज्यपाल पर बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं।
बाइट
सूरत नेगी, भाजपा नेता व पूर्व प्रत्याशी, किन्नौर।
    user_Roshan Sharma
    Roshan Sharma
    Local News Reporter Shimla (Urban), Himachal Pradesh•
    15 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.