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वख्त बदलते रहते हैं आप सब लोग जानते है वख्त वक्त की बात है आप की बात है भाई साहब सच्चाई का सब सा थ है . . शासन प्रशासन क्यों क्या हुवा 😂

4 hrs ago
user_Tohidalamansari tohidalam
Tohidalamansari tohidalam
गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
4 hrs ago

वख्त बदलते रहते हैं आप सब लोग जानते है वख्त वक्त की बात है आप की बात है भाई साहब सच्चाई का सब सा थ है . . शासन प्रशासन क्यों क्या हुवा 😂

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • कांवड़ मार्ग, शिविरों और यातायात प्रबंधन का किया निरीक्षण, श्रद्धालुओं की सुरक्षा को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता: जनपद गाजियाबाद में सावन माह में चल रही कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए गाजियाबाद पुलिस पूरी मुस्तैदी के साथ कार्य कर रही है। इसी क्रम में गुरुवार को डीसीपी सिटी/ट्रांसहिंडन धवल जायसवाल ने थाना मधुबन बापूधाम क्षेत्र में कांवड़ मार्ग एवं विभिन्न कांवड़ शिविरों का निरीक्षण कर सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान डीसीपी ने कांवड़ मार्ग पर स्थापित सीसीटीवी कैमरों की कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी कैमरों को हर समय सक्रिय एवं सुचारु रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से पूरे मार्ग पर कड़ी निगरानी रखी जाए, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। इसके अलावा उन्होंने मार्ग पर प्रकाश व्यवस्था का भी निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को जहां आवश्यकता हो, वहां तत्काल सुधार कराने के निर्देश दिए। कांवड़ शिविरों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए उन्होंने पुलिस अधिकारियों को नियमित गश्त बढ़ाने, पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखने के निर्देश दिए। डीसीपी ने यातायात व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि कांवड़ मार्ग के साथ-साथ आम नागरिकों की सुविधा का भी पूरा ध्यान रखा जाए। वैकल्पिक मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्जन का प्रभावी ढंग से पालन कराया जाए, ताकि श्रद्धालुओं और आम लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीं सीसीटीवी कैमरों और लगातार गश्त के माध्यम से पूरे कांवड़ मार्ग की निगरानी की जा रही है, जिससे यात्रा शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में संपन्न हो सके। — दुनिया डायरेक्ट राष्ट्रीय हिन्दी समाचार पत्र समीर चौधरी जिला संवाददाता,
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    कांवड़ मार्ग, शिविरों और यातायात प्रबंधन का किया निरीक्षण, श्रद्धालुओं की सुरक्षा को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता:
जनपद गाजियाबाद में सावन माह में चल रही कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए गाजियाबाद पुलिस पूरी मुस्तैदी के साथ कार्य कर रही है। इसी क्रम में गुरुवार को डीसीपी सिटी/ट्रांसहिंडन धवल जायसवाल ने थाना मधुबन बापूधाम क्षेत्र में कांवड़ मार्ग एवं विभिन्न कांवड़ शिविरों का निरीक्षण कर सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान डीसीपी ने कांवड़ मार्ग पर स्थापित सीसीटीवी कैमरों की कार्यप्रणाली की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी कैमरों को हर समय सक्रिय एवं सुचारु रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से पूरे मार्ग पर कड़ी निगरानी रखी जाए, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
इसके अलावा उन्होंने मार्ग पर प्रकाश व्यवस्था का भी निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को जहां आवश्यकता हो, वहां तत्काल सुधार कराने के निर्देश दिए। कांवड़ शिविरों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए उन्होंने पुलिस अधिकारियों को नियमित गश्त बढ़ाने, पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखने के निर्देश दिए।
डीसीपी ने यातायात व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि कांवड़ मार्ग के साथ-साथ आम नागरिकों की सुविधा का भी पूरा ध्यान रखा जाए। वैकल्पिक मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्जन का प्रभावी ढंग से पालन कराया जाए, ताकि श्रद्धालुओं और आम लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीं सीसीटीवी कैमरों और लगातार गश्त के माध्यम से पूरे कांवड़ मार्ग की निगरानी की जा रही है, जिससे यात्रा शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण  में संपन्न हो सके।
— दुनिया डायरेक्ट राष्ट्रीय हिन्दी समाचार पत्र
समीर चौधरी
जिला संवाददाता,
    user_समीर चौधरी
    समीर चौधरी
    Court reporter गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    56 min ago
  • गाजियाबाद के मुरादनगर मे देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति का 22वां विशाल शिव कांवड़ भण्डारा शुरू *देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति का 22वां विशाल शिव कांवड़ भण्डारा शुरू* *मुरादनगर, गाजियाबाद।* देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति द्वारा विगत 21 वर्षों की परंपरा को कायम रखते हुए 22वें विशाल शिव कांवड़ भण्डारे का शुभारंभ किया गया। यह भण्डारा पिलर नंबर 853, पकवान रेस्टोरेंट के सामने, राधेश्याम विहार फेस-1, गेट नंबर-2, मुरादनगर में आयोजित किया गया है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व महामंत्री महानगर भाजपा गाजियाबाद श्री गोपाल अग्रवाल रहे। उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि समिति पिछले 21 वर्षों से निरंतर सेवा कर रही है। उन्होंने हर वर्ष इस तरह के आयोजन में हर संभव मदद का आश्वासन भी दिया। इस अवसर पर सभासद भूपेंद्र पाल ने बताया कि हम 11 वर्ष तक स्वयं कांवड़ लाते रहे हैं और पिछले 21 वर्षों से इसी स्थान पर भण्डारे का आयोजन कर शिवभक्तों की सेवा कर रहे हैं। इस मौके पर माज़ुद् सभासद विनोद धनगर, अजीत पाल, विजेंद्र पाल, श्रीपाल, चंद्रभान, रविंद्र, जगदीश पाल सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।
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    गाजियाबाद के मुरादनगर मे देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति का 22वां विशाल शिव कांवड़ भण्डारा शुरू
*देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति का 22वां विशाल शिव कांवड़ भण्डारा शुरू*
*मुरादनगर, गाजियाबाद।* देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति द्वारा विगत 21 वर्षों की परंपरा को कायम रखते हुए 22वें विशाल शिव कांवड़ भण्डारे का शुभारंभ किया गया। 
यह भण्डारा पिलर नंबर 853, पकवान रेस्टोरेंट के सामने, राधेश्याम विहार फेस-1, गेट नंबर-2, मुरादनगर में आयोजित किया गया है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व महामंत्री महानगर भाजपा गाजियाबाद श्री गोपाल अग्रवाल रहे। उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि समिति पिछले 21 वर्षों से निरंतर सेवा कर रही है। उन्होंने हर वर्ष इस तरह के आयोजन में हर संभव मदद का आश्वासन भी दिया।
इस अवसर पर सभासद भूपेंद्र पाल ने बताया कि हम 11 वर्ष तक स्वयं कांवड़ लाते रहे हैं और पिछले 21 वर्षों से इसी स्थान पर भण्डारे का आयोजन कर शिवभक्तों की सेवा कर रहे हैं।
इस मौके पर माज़ुद् सभासद विनोद धनगर, अजीत पाल, विजेंद्र पाल, श्रीपाल, चंद्रभान, रविंद्र, जगदीश पाल सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।
    user_पत्रकार  धीरेंद्र त्रिपाठी
    पत्रकार धीरेंद्र त्रिपाठी
    Local News Reporter गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • पोर्टर का असली जाल! डिजिटल गुलामी और बेंगलुरु कोर्ट का सच | Porter Vendor Agreement Exposed - Part 2 🙏🙏 पोर्टर (Porter) एग्रीमेंट के काले सच का पार्ट 2 आ चुका है! 🚨 ​पिछली वीडियो में हमने एक्सीडेंट और 500 रुपये के मुआवजे का पर्दाफाश किया था। इस वीडियो में हम बात करने वाले हैं पोर्टर के उन खतरनाक नियमों की—जैसे डिजिटल गुलामी (VPN या ऐप बैन), वॉलेट से पैसे काटना, और सबसे बड़ा फंदा... कि अगर कोई विवाद हुआ तो केस सिर्फ बेंगलुरु कोर्ट में ही लड़ा जाएगा! ⚖️ ​ड्राइवर भाइयों, सिर्फ मेहनत मत करो, अपने कानूनी अधिकारों को भी जानो। वीडियो को अंत तक ज़रूर देखें और अपने हर ट्रांसपोर्ट ग्रुप में शेयर करें! ​⚠️ Disclaimer: यह वीडियो केवल जागरूकता और शिक्षा के उद्देश्य से बनाई गई है। इसका मकसद किसी कंपनी की छवि खराब करना नहीं, बल्कि लीगल एग्रीमेंट के नियमों से ड्राइवरों को अवगत कराना है। वीडियो में दी गई जानकारी पोर्टर के वेंडर एग्रीमेंट के दस्तावेजों पर आधारित है। ​👇 हमारे चैनल को सपोर्ट करें: 'अपना कार्गो पार्टनर' को सब्सक्राइब करें और हर ज़रूरी अपडेट सबसे पहले पाएं! #Porter #PorterDriver #GigWorkers #ApnaCargoPartner #DriverAwareness #PorterAgreement #DeliveryBoy #LegalAgreement #TransportBusiness #Part2
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    पोर्टर का असली जाल! डिजिटल गुलामी और बेंगलुरु कोर्ट का सच | Porter Vendor Agreement Exposed - Part 2 🙏🙏

पोर्टर (Porter) एग्रीमेंट के काले सच का पार्ट 2 आ चुका है! 🚨
​पिछली वीडियो में हमने एक्सीडेंट और 500 रुपये के मुआवजे का पर्दाफाश किया था। इस वीडियो में हम बात करने वाले हैं पोर्टर के उन खतरनाक नियमों की—जैसे डिजिटल गुलामी (VPN या ऐप बैन), वॉलेट से पैसे काटना, और सबसे बड़ा फंदा... कि अगर कोई विवाद हुआ तो केस सिर्फ बेंगलुरु कोर्ट में ही लड़ा जाएगा! ⚖️
​ड्राइवर भाइयों, सिर्फ मेहनत मत करो, अपने कानूनी अधिकारों को भी जानो। वीडियो को अंत तक ज़रूर देखें और अपने हर ट्रांसपोर्ट ग्रुप में शेयर करें!
​⚠️ Disclaimer:
यह वीडियो केवल जागरूकता और शिक्षा के उद्देश्य से बनाई गई है। इसका मकसद किसी कंपनी की छवि खराब करना नहीं, बल्कि लीगल एग्रीमेंट के नियमों से ड्राइवरों को अवगत कराना है। वीडियो में दी गई जानकारी पोर्टर के वेंडर एग्रीमेंट के दस्तावेजों पर आधारित है।
​👇 हमारे चैनल को सपोर्ट करें:
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    user_Apna Cargo Partner
    Apna Cargo Partner
    Content Creator (YouTuber) गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • वख्त बदलते रहते हैं आप सब लोग जानते है वख्त वक्त की बात है आप की बात है भाई साहब सच्चाई का सब सा थ है . . शासन प्रशासन क्यों क्या हुवा 😂
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    वख्त बदलते रहते हैं आप सब लोग जानते है                               वख्त वक्त की बात है 
आप की बात है भाई साहब सच्चाई का सब सा थ है                                                                                     .                                             .                     शासन प्रशासन क्यों क्या हुवा 😂
    user_Tohidalamansari tohidalam
    Tohidalamansari tohidalam
    गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • वीरेंद्र कुमार पत्रकार नेशनल टुडे न्यूज़ शिकायत का हुआ असर: नूरगंज में लटकी ABC केबल ठीक हुई, लेकिन मुरादनगर में अब भी कई जगह मंडरा रहा खतरा। मुरादनगर (गाजियाबाद)। हेल्प एशियन फाउंडेशन के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष एवं समाजसेवी युसूफ खान द्वारा नूरगंज मोहल्ले में जमीन के बेहद करीब लटकी एबीसी (ABC) केबल की शिकायत किए जाने के बाद विद्युत विभाग ने मामले का संज्ञान लेते हुए केबल को ठीक करा दिया। शिकायत जिलाधिकारी गाजियाबाद तथा विद्युत विभाग के संबंधित अधिकारियों को भेजी गई थी। स्थानीय लोगों के अनुसार शिकायत के बाद विभाग की टीम मौके पर पहुंची और लटकी हुई केबल को सुरक्षित ऊंचाई पर व्यवस्थित करा दिया, जिससे क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली। हालांकि, इस कार्रवाई के बाद एक बड़ा सवाल भी खड़ा हो गया है। यदि शिकायत के बाद समस्या का समाधान संभव था, तो क्या यह कार्य पहले नहीं किया जा सकता था? स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते निरीक्षण और रखरखाव होता, तो शिकायत की नौबत ही नहीं आती। क्षेत्रवासियों का कहना है कि नूरगंज मोहल्ले की समस्या तो दूर हो गई, लेकिन मुरादनगर के कई अन्य इलाकों में आज भी एबीसी केबलें निर्धारित ऊंचाई से नीचे लटकी दिखाई देती हैं। बरसात के मौसम में यह स्थिति और अधिक संवेदनशील हो जाती है। गलियों से प्रतिदिन बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और आम नागरिक गुजरते हैं। ऐसे में यदि कहीं केबल क्षतिग्रस्त हो जाए या किसी कारण से दुर्घटना हो जाए, तो उसके गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि मुरादनगर क्षेत्र में पूर्व में भी विद्युत संबंधी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इसलिए विद्युत विभाग को केवल शिकायत मिलने पर कार्रवाई करने के बजाय नियमित निरीक्षण अभियान चलाना चाहिए। सुरक्षा संबंधी कमियों की पहचान कर उन्हें समय रहते दूर करना विभाग की जिम्मेदारी है। हेल्प एशियन फाउंडेशन के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष युसूफ खान ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी अधिकारी या कर्मचारी को निशाना बनाना नहीं, बल्कि जनहित में संभावित दुर्घटनाओं को रोकना है। उन्होंने मांग की कि पूरे मुरादनगर क्षेत्र में एबीसी केबलों और विद्युत लाइनों का व्यापक सुरक्षा सर्वे कराया जाए तथा जहां भी सुरक्षा मानकों का उल्लंघन मिले, वहां तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई की जाए। अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या विद्युत वितरण खंड 33/11 डिवीजन मुरादनगर पूरे क्षेत्र में व्यापक निरीक्षण अभियान चलाकर भविष्य के संभावित हादसों को रोकने की दिशा में ठोस कदम उठाएगा, या फिर कार्रवाई केवल शिकायत मिलने तक ही सीमित रहेगी।
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    वीरेंद्र कुमार पत्रकार नेशनल टुडे न्यूज़ शिकायत का हुआ असर: नूरगंज में लटकी ABC केबल ठीक हुई, लेकिन मुरादनगर में अब भी कई जगह मंडरा रहा खतरा।
मुरादनगर (गाजियाबाद)। हेल्प एशियन फाउंडेशन के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष एवं समाजसेवी युसूफ खान द्वारा नूरगंज मोहल्ले में जमीन के बेहद करीब लटकी एबीसी (ABC) केबल की शिकायत किए जाने के बाद विद्युत विभाग ने मामले का संज्ञान लेते हुए केबल को ठीक करा दिया। शिकायत जिलाधिकारी गाजियाबाद तथा विद्युत विभाग के संबंधित अधिकारियों को भेजी गई थी। स्थानीय लोगों के अनुसार शिकायत के बाद विभाग की टीम मौके पर पहुंची और लटकी हुई केबल को सुरक्षित ऊंचाई पर व्यवस्थित करा दिया, जिससे क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली।
हालांकि, इस कार्रवाई के बाद एक बड़ा सवाल भी खड़ा हो गया है। यदि शिकायत के बाद समस्या का समाधान संभव था, तो क्या यह कार्य पहले नहीं किया जा सकता था? स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते निरीक्षण और रखरखाव होता, तो शिकायत की नौबत ही नहीं आती।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि नूरगंज मोहल्ले की समस्या तो दूर हो गई, लेकिन मुरादनगर के कई अन्य इलाकों में आज भी एबीसी केबलें निर्धारित ऊंचाई से नीचे लटकी दिखाई देती हैं। बरसात के मौसम में यह स्थिति और अधिक संवेदनशील हो जाती है। गलियों से प्रतिदिन बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और आम नागरिक गुजरते हैं। ऐसे में यदि कहीं केबल क्षतिग्रस्त हो जाए या किसी कारण से दुर्घटना हो जाए, तो उसके गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि मुरादनगर क्षेत्र में पूर्व में भी विद्युत संबंधी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इसलिए विद्युत विभाग को केवल शिकायत मिलने पर कार्रवाई करने के बजाय नियमित निरीक्षण अभियान चलाना चाहिए। सुरक्षा संबंधी कमियों की पहचान कर उन्हें समय रहते दूर करना विभाग की जिम्मेदारी है।
हेल्प एशियन फाउंडेशन के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष युसूफ खान ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी अधिकारी या कर्मचारी को निशाना बनाना नहीं, बल्कि जनहित में संभावित दुर्घटनाओं को रोकना है। उन्होंने मांग की कि पूरे मुरादनगर क्षेत्र में एबीसी केबलों और विद्युत लाइनों का व्यापक सुरक्षा सर्वे कराया जाए तथा जहां भी सुरक्षा मानकों का उल्लंघन मिले, वहां तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई की जाए।
अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या विद्युत वितरण खंड 33/11 डिवीजन मुरादनगर पूरे क्षेत्र में व्यापक निरीक्षण अभियान चलाकर भविष्य के संभावित हादसों को रोकने की दिशा में ठोस कदम उठाएगा, या फिर कार्रवाई केवल शिकायत मिलने तक ही सीमित रहेगी।
    user_Virender Kumar
    Virender Kumar
    Social Media Manager Ghaziabad, Uttar Pradesh•
    7 hrs ago
  • पत्नी पुलिस कांस्टेबल पति रोब दिखाकर लोगों से करता दबंगई, 60 हजार का माल हड़पा, मांगने पर दी जान से मारने की धमकी, 75 वर्षीय बुजुर्ग व्यवसायी ने मुख्यमंत्री से लगाई न्याय की गुहार। ​गाजियाबाद :- मोदीनगर थाना क्षेत्र के फफराना रोड निकट, गायत्री पैलेस के निवासी, 75 वर्षीय वृद्ध और हृदय रोगी, रामेश्वर दयाल पुत्र रामजीलाल ने अपनी, आपबीती बताते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री और पुलिस आयुक्त से न्याय की गुहार लगाई है। ​पीड़ित रामेश्वर दयाल प्लास्टिक दाना विक्रय छोटे पैमाने पर ग्राइंडर कारखाने का कार्य करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि लगभग तीन वर्ष पूर्व ऊँची सड़क, निवाड़ी रोड निवासी जोनी त्यागी, उसकी पत्नी मीनाक्षी त्यागी और मोंटी त्यागी उनकी दुकान पर आए थे। उन्होंने चेकिंग के बाद करीब 60 हजार रुपये का प्लास्टिक दाना खरीदा और पैसे अगले दिन भिजवाने या आते-जाते ले लेने की बात कही। पीड़ित ने उन पर भरोसा करके माल दे दिया। ​हालांकि, जब बुजुर्ग कारोबारी ने अपने बकाया पैसे मांगना शुरू किया, तो आरोपियों का असली चेहरा सामने आ गया। पीड़ित का आरोप है कि पैसे मांगने पर तीनों आरोपियों ने उनके साथ गाली-गलौज, बदतमीजी और हाथापाई करने का प्रयास किया। इतना ही नहीं, आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी और पुलिस का रौब दिखाते हुए कहा कि उनकी घरवाली मीनाक्षी त्यागी मुजफ्फरनगर पुलिस में कार्यरत है। ​अत्यंत वृद्ध, बीमार और हृदय रोग से पीड़ित होने के बावजूद बुजुर्ग रामेश्वर दयाल को लगातार डर और दहशत के साये में जीने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने पत्र में लिखा है कि उन्हें अपनी हत्या या किसी बड़ी आपराधिक घटना का अंदेशा बना रहता है। किसी भी स्तर पर सुनवाई न होने से निराश होकर बुजुर्ग पीड़ित ने अब माननीय मुख्यमंत्री और पुलिस आयुक्त गाजियाबाद को पत्र भेजकर थाना मोदीनगर में FIR दर्ज कराने और दबंगों के खौफ से मुक्ति दिलाने की मांग की है।
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    पत्नी पुलिस कांस्टेबल पति  रोब दिखाकर लोगों से करता दबंगई, 60 हजार का माल हड़पा, मांगने पर दी जान से मारने की धमकी, 75 वर्षीय बुजुर्ग व्यवसायी ने मुख्यमंत्री से लगाई न्याय की गुहार। 
​गाजियाबाद :- मोदीनगर थाना क्षेत्र के फफराना रोड निकट, गायत्री पैलेस के निवासी, 75 वर्षीय वृद्ध और हृदय रोगी, रामेश्वर दयाल पुत्र रामजीलाल ने अपनी, आपबीती बताते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री और पुलिस आयुक्त से न्याय की गुहार लगाई है।
​पीड़ित रामेश्वर दयाल प्लास्टिक दाना विक्रय छोटे पैमाने पर ग्राइंडर कारखाने का कार्य करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि लगभग तीन वर्ष पूर्व ऊँची सड़क, निवाड़ी रोड निवासी जोनी त्यागी, उसकी पत्नी मीनाक्षी त्यागी और मोंटी त्यागी उनकी दुकान पर आए थे। उन्होंने चेकिंग के बाद करीब 60 हजार रुपये का प्लास्टिक दाना खरीदा और पैसे अगले दिन भिजवाने या आते-जाते ले लेने की बात कही। पीड़ित ने उन पर भरोसा करके माल दे दिया।
​हालांकि, जब बुजुर्ग कारोबारी ने अपने बकाया पैसे मांगना शुरू किया, तो आरोपियों का असली चेहरा सामने आ गया। पीड़ित का आरोप है कि पैसे मांगने पर तीनों आरोपियों ने उनके साथ गाली-गलौज, बदतमीजी और हाथापाई करने का प्रयास किया। इतना ही नहीं, आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी और पुलिस का रौब दिखाते हुए कहा कि उनकी घरवाली मीनाक्षी त्यागी मुजफ्फरनगर पुलिस में कार्यरत है।
​अत्यंत वृद्ध, बीमार और हृदय रोग से पीड़ित होने के बावजूद बुजुर्ग रामेश्वर दयाल को लगातार डर और दहशत के साये में जीने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने पत्र में लिखा है कि उन्हें अपनी हत्या या किसी बड़ी आपराधिक घटना का अंदेशा बना रहता है। किसी भी स्तर पर सुनवाई न होने से निराश होकर बुजुर्ग पीड़ित ने अब माननीय मुख्यमंत्री और पुलिस आयुक्त गाजियाबाद को पत्र भेजकर थाना मोदीनगर में FIR दर्ज कराने और दबंगों के खौफ से मुक्ति दिलाने की मांग की है।
    user_पत्रकार जितेन्द्र ठाकुर
    पत्रकार जितेन्द्र ठाकुर
    Media house गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
  • ​पोर्टर का काला सच! गाड़ी आपकी, रिस्क आपका? | Porter Vendor Agreement Exposed - Part 1 ⚠️ क्या आप भी पोर्टर (Porter) में अपनी गाड़ी लगाकर महीने के 30-40 हज़ार रुपये कमाने का सपना देख रहे हैं? तो ज़रा रुक जाइए! ​इस वीडियो में हमने पोर्टर के उस लीगल एग्रीमेंट (Legal Agreement) का कच्चा-चिट्ठा खोला है, जिस पर ड्राइवर्स बिना पढ़े 'I Accept' क्लिक कर देते हैं। इस 9 पन्ने के एग्रीमेंट में कंपनी ने ड्राइवर को सिर्फ एक 'मशीन' मान लिया है। जानिए एक्सीडेंट, चोट और 500 रुपये के मुआवजे का पूरा सच! ​वीडियो को अंत तक ज़रूर देखें और अपने हर ड्राइवर भाई के साथ शेयर करें। पार्ट 2 बहुत जल्द आने वाला है! ​⚠️ Disclaimer: > यह वीडियो केवल जागरूकता और शिक्षा के उद्देश्य से बनाई गई है। इसका मकसद किसी कंपनी की छवि खराब करना नहीं, बल्कि लीगल एग्रीमेंट के नियमों से ड्राइवरों को अवगत कराना है। वीडियो में दी गई जानकारी पोर्टर के वेंडर एग्रीमेंट के दस्तावेजों पर आधारित है। ​👇 हमारे चैनल को सपोर्ट करें: 'अपना कार्गो पार्टनर' को सब्सक्राइब करें और हर ज़रूरी अपडेट सबसे पहले पाएं! #Porter #PorterDriver #GigWorkers #ApnaCargoPartner #DriverAwareness #DeliveryBoy #LegalAgreement #TransportBusiness #DriverLife
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    ​पोर्टर का काला सच! गाड़ी आपकी, रिस्क आपका? | Porter Vendor Agreement Exposed - Part 1 ⚠️


क्या आप भी पोर्टर (Porter) में अपनी गाड़ी लगाकर महीने के 30-40 हज़ार रुपये कमाने का सपना देख रहे हैं? तो ज़रा रुक जाइए!
​इस वीडियो में हमने पोर्टर के उस लीगल एग्रीमेंट (Legal Agreement) का कच्चा-चिट्ठा खोला है, जिस पर ड्राइवर्स बिना पढ़े 'I Accept' क्लिक कर देते हैं। इस 9 पन्ने के एग्रीमेंट में कंपनी ने ड्राइवर को सिर्फ एक 'मशीन' मान लिया है। जानिए एक्सीडेंट, चोट और 500 रुपये के मुआवजे का पूरा सच!
​वीडियो को अंत तक ज़रूर देखें और अपने हर ड्राइवर भाई के साथ शेयर करें। पार्ट 2 बहुत जल्द आने वाला है!
​⚠️ Disclaimer: > यह वीडियो केवल जागरूकता और शिक्षा के उद्देश्य से बनाई गई है। इसका मकसद किसी कंपनी की छवि खराब करना नहीं, बल्कि लीगल एग्रीमेंट के नियमों से ड्राइवरों को अवगत कराना है। वीडियो में दी गई जानकारी पोर्टर के वेंडर एग्रीमेंट के दस्तावेजों पर आधारित है।
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    Content Creator (YouTuber) गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    6 hrs ago
  • रांची के सरकारी अस्पताल का वीडियो आया सामने,पानी भरने से मरीज परेशान ! यह है झारखंड की राजधानी रांची का RIMS अस्पताल, जहां इलाज से पहले मरीजों को मुफ़्त में "स्वीमिंग पूल" का अनुभव कराया जा रहा है। अस्पताल के परिसर में जलभराव सिर्फ़ बदइंतज़ामी नहीं, बल्कि मरीजों की ज़िंदगी के साथ खिलवाड़ है इलाज के लिए आए लोगों को संक्रमण और नई बीमारियों का ख़तरा झेलना पड़ रहा है। क्या यही है सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल? जवाबदेही तय होनी चाहिए और इस लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए।
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    रांची के सरकारी अस्पताल का वीडियो आया सामने,पानी भरने से मरीज परेशान ! 
यह है झारखंड की राजधानी रांची का RIMS अस्पताल, जहां इलाज से पहले मरीजों को मुफ़्त में "स्वीमिंग पूल" का अनुभव कराया जा रहा है।
अस्पताल के परिसर में जलभराव सिर्फ़ बदइंतज़ामी नहीं, बल्कि मरीजों की ज़िंदगी के साथ खिलवाड़ है इलाज के लिए आए लोगों को संक्रमण और नई बीमारियों का ख़तरा झेलना पड़ रहा है।
क्या यही है सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था का हाल? जवाबदेही तय होनी चाहिए और इस लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए।
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    आदर्श भारत TV
    TV News Anchor सदरपुर, गाजियाबाद•
    1 hr ago
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