खटिया बनी एंबुलेंस, पांच किमी पैदल चलकर मरीज को पहुंचाया मुख्य सड़क तक दातुखाड़ की बदहाली पर ग्राउंड रिपोर्ट रामप्रवेश गुप्ता खटिया बनी एंबुलेंस, पांच किमी पैदल चलकर मरीज को पहुंचाया मुख्य सड़क तक दातुखाड़ गांव में सड़क-पुल, बिजली और पानी की समस्या से जूझ रहे ग्रामीण, पांच साल से बंद पड़ी जलमीनार महुआडांड़ (लातेहार)। महुआडांड़ प्रखंड के परहाटोली पंचायत अंतर्गत सुदूरवर्ती दातुखाड़ गांव में बुनियादी सुविधाओं का अभाव ग्रामीणों के लिए बड़ी परेशानी बना हुआ है। सड़क और पुल-पुलिया की सुविधा नहीं होने का सबसे गंभीर असर बीमार और बुजुर्ग लोगों को उठाना पड़ रहा है। सोमवार को एक बार फिर गांव की बदहाल तस्वीर सामने आई, जब करीब 30 वर्षीय सिम्पल कोरवा की तबीयत बिगड़ने पर ग्रामीणों ने उन्हें खटिया पर लिटाकर करीब पांच किलोमीटर तक पैदल ढोया। ग्रामीणों के मुताबिक मरीज को मुख्य सड़क तक पहुंचाने के लिए रास्ते में नदी को दो बार पार करना पड़ा। कई ग्रामीणों ने मिलकर खटिया को कंधे पर उठाया और काफी मशक्कत के बाद मरीज को मुख्य सड़क तक पहुंचाया। इसके बाद ऑटो की मदद से उन्हें अस्पताल भेजा गया। ग्रामीणों का कहना है कि दातुखाड़ गांव तक पक्की सड़क नहीं होने और नदी पर पुल-पुलिया का निर्माण नहीं होने के कारण किसी के बीमार पड़ने पर समय पर अस्पताल पहुंचाना चुनौती बन जाता है। बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने पर स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। ऐसे समय में खटिया ही मरीजों को बाहर ले जाने का सहारा बनती है। पांच साल से खराब है जलमीनार सड़क की समस्या के साथ गांव में पेयजल संकट भी बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार गांव में लगाया गया जलमीनार पिछले करीब पांच वर्षों से खराब पड़ा है। इसकी मरम्मत नहीं होने के कारण लोगों को नदी के पानी पर निर्भर रहना पड़ रहा है। इसी पानी का इस्तेमाल पीने के साथ-साथ घरेलू कार्यों में भी किया जा रहा है। बिजली के खंभे तक नहीं पहुंचे दातुखाड़ के ग्रामीण आज भी बिजली जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित हैं। ग्रामीणों के अनुसार गांव में अब तक बिजली के खंभे तक नहीं लगाए गए हैं। बिजली नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है और शाम ढलने के बाद ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ जाती हैं। स्वास्थ्य सुविधा भी गांव से दूर ग्रामीणों ने बताया कि गांव में नियमित स्वास्थ्य शिविर और एएनएम की सुविधा नहीं है। किसी व्यक्ति के अचानक बीमार पड़ने पर उसे पैदल या खटिया के सहारे मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है। इसके बाद ही वाहन की मदद से अस्पताल पहुंचाया जा सकता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से दातुखाड़ गांव की समस्याओं का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। उन्होंने गांव तक सड़क निर्माण, नदी पर पुल-पुलिया बनाने, खराब जलमीनार की मरम्मत, स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था, बिजली के खंभे लगाने तथा नियमित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की
खटिया बनी एंबुलेंस, पांच किमी पैदल चलकर मरीज को पहुंचाया मुख्य सड़क तक दातुखाड़ की बदहाली पर ग्राउंड रिपोर्ट रामप्रवेश गुप्ता खटिया बनी एंबुलेंस, पांच किमी पैदल चलकर मरीज को पहुंचाया मुख्य सड़क तक दातुखाड़ गांव में सड़क-पुल, बिजली और पानी की समस्या से जूझ रहे ग्रामीण, पांच साल से बंद पड़ी जलमीनार महुआडांड़ (लातेहार)। महुआडांड़ प्रखंड के परहाटोली पंचायत अंतर्गत सुदूरवर्ती दातुखाड़ गांव में बुनियादी सुविधाओं का अभाव ग्रामीणों के लिए बड़ी परेशानी बना हुआ है। सड़क और पुल-पुलिया की सुविधा नहीं होने का सबसे गंभीर असर बीमार और बुजुर्ग लोगों को उठाना पड़ रहा है। सोमवार को एक बार फिर गांव की बदहाल तस्वीर सामने आई, जब करीब 30 वर्षीय सिम्पल कोरवा की तबीयत बिगड़ने पर ग्रामीणों ने उन्हें खटिया पर लिटाकर करीब पांच किलोमीटर तक पैदल ढोया। ग्रामीणों के मुताबिक मरीज को मुख्य सड़क तक पहुंचाने के लिए रास्ते में नदी को दो बार पार करना पड़ा। कई ग्रामीणों ने मिलकर खटिया को
कंधे पर उठाया और काफी मशक्कत के बाद मरीज को मुख्य सड़क तक पहुंचाया। इसके बाद ऑटो की मदद से उन्हें अस्पताल भेजा गया। ग्रामीणों का कहना है कि दातुखाड़ गांव तक पक्की सड़क नहीं होने और नदी पर पुल-पुलिया का निर्माण नहीं होने के कारण किसी के बीमार पड़ने पर समय पर अस्पताल पहुंचाना चुनौती बन जाता है। बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने पर स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। ऐसे समय में खटिया ही मरीजों को बाहर ले जाने का सहारा बनती है। पांच साल से खराब है जलमीनार सड़क की समस्या के साथ गांव में पेयजल संकट भी बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार गांव में लगाया गया जलमीनार पिछले करीब पांच वर्षों से खराब पड़ा है। इसकी मरम्मत नहीं होने के कारण लोगों को नदी के पानी पर निर्भर रहना पड़ रहा है। इसी पानी का इस्तेमाल पीने के साथ-साथ घरेलू कार्यों में भी किया जा
रहा है। बिजली के खंभे तक नहीं पहुंचे दातुखाड़ के ग्रामीण आज भी बिजली जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित हैं। ग्रामीणों के अनुसार गांव में अब तक बिजली के खंभे तक नहीं लगाए गए हैं। बिजली नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है और शाम ढलने के बाद ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ जाती हैं। स्वास्थ्य सुविधा भी गांव से दूर ग्रामीणों ने बताया कि गांव में नियमित स्वास्थ्य शिविर और एएनएम की सुविधा नहीं है। किसी व्यक्ति के अचानक बीमार पड़ने पर उसे पैदल या खटिया के सहारे मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है। इसके बाद ही वाहन की मदद से अस्पताल पहुंचाया जा सकता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से दातुखाड़ गांव की समस्याओं का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। उन्होंने गांव तक सड़क निर्माण, नदी पर पुल-पुलिया बनाने, खराब जलमीनार की मरम्मत, स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था, बिजली के खंभे लगाने तथा नियमित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की
- खनिज निगम के अधिकारियों की लापरवाही से दो वर्षों से बंद है सिकनी कोलियरी : रवि डे लातेहार।लातेहार सिकनी कोलियरी को पुनः चालू कराने की मांग को लेकर मजदूर संघ के बैनर तले सोमवार को कोलियरी परिसर में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मजदूर शामिल हुए और कोलियरी चालू कराने की मांग को लेकर विरोध जताया।धरना को संबोधित करते हुए मजदूर संघ के नेता एवं समाजसेवी रवि डे ने आरोप लगाया कि खनिज निगम के अधिकारियों की लापरवाही के कारण लातेहार जिले की लाइफ लाइन मानी जाने वाली सिकनी कोलियरी करीब दो वर्षों से बंद है। उन्होंने कहा कि कोलियरी बंद होने से हजारों लोग बेरोजगार होकर परेशान हैं, जबकि निगम के अधिकारी हर माह वेतन उठा रहे हैं।रवि डे ने कहा कि कोलियरी चालू कराने की मांग को लेकर मजदूर संघ अब आर-पार की लड़ाई लड़ेगा। मजदूर आंदोलन के लिए कमर कस चुके हैं। मजदूर संघ के अध्यक्ष सत्येंद्र यादव ने कहा कि निगम की लापरवाही के कारण लंबे समय से कोलियरी बंद है। इससे सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है। उन्होंने जल्द कोलियरी चालू कराने की मांग की। उन्होंने ने कहा कि मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखा जाएगा। इस मौके पर हजारों मजदूर उपस्थित थे2
- झामुमो जिला कार्यालय में भाजपा कार्यकर्ताओं ने थामा झामुमो का दामन - राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम व जिलाध्यक्ष लाल मोती नाथ शाहदेव ने किया स्वागत लातेहार लातेहार में भाजपा के कई कार्यकर्ताओं ने सोमवार को राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम एवं झामुमो जिलाध्यक्ष लाल मोती नाथ शाहदेव के समक्ष झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की सदस्यता ग्रहण की। पार्टी में शामिल होने वाले कार्यकर्ताओं का राज्यसभा सांसद और जिलाध्यक्ष ने फूल-माला पहनाकर एवं पार्टी का अंगवस्त्र भेंट कर स्वागत किया। इस दौरान राजू साहू, संजीव साव, संजू साव, अजय साव एवं रमेश विश्वकर्मा ने झामुमो की सदस्यता ग्रहण की। मौके पर पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए संगठन को मजबूत बनाने के लिए मिलकर कार्य करने की बात कही।जिलाध्यक्ष लाल मोती नाथ शाह ने कहा कि मुख्य मंत्री हेमंत सोरेन और झामुमो के सिद्धांतों से प्रभावित होकर उपरोक्त लोगों ने झामुमो की सदस्यता ग्रहण की है। जिससे चंदवा प्रखंड में पार्टी को और मजबूती मिलेगी।जो मिल का पत्थर साबित होगा।1
- एन एच 343 पर यूवक का हाई भोलटेज ड्रमा शराब पिकर सडक पर लेटा एन एच 343 पर यूवक का हाई भोलटेज ड्रमा शराब पिकर सडक पर लेटा1
- जर्जर सड़क दुर्घटना को आमंत्रित कर रहा है राहगीरों व वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बना उक्त दृश्य लोहरदगा जिला के सेन्हा प्रखंड अंतर्गत कुंदगड़ी मोड़ के समीप निर्मित पुल एवं जोगना मोड़ के समीप देखने को मिल रहा है। जर्जर सड़क के कारण राहगीरों,वाहन चालकों एवं स्कूली बच्चों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। सड़क की खस्ता हालत पर स्थानीय लोग जनप्रतिनिधि एवं शासन प्रशासन के प्रति जताया नराजगी कहा आये दिन छोटी छोटी घटना आम हो गया है। जबकि कुंदगड़ी मोड़ के समीप निर्मित पुल पर गधे तथा निकला छड़ बड़ी घटना को आमंत्रित कर रहा है।1
- 12 घंटे में हत्या मामले में पुलिस ने किया उद्भेदन, तीन आरोपित गिरफ्तार एसडीपीओ ने प्रेस वार्ता कर दी जानकारी रूपेश कुमार, लातेहार: पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव के निर्देश पर लातेहार पुलिस ने नाबालिग युवक के साथ मारपीट कर हत्या के मामले का त्वरित उद्भेदन करते हुए 12 घंटे के अंदर तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। मामले का उद्भेदन एसडीपीओ संदीप कुमार गुप्ता के नेतृत्व में गठित छापामारी दल के सूचना के आधार पर किया। सोमवार को एसडीपीओ ने लातेहार थाना में प्रेस वार्ता कर पूरे मामले की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार 27 सितंबर को लातेहार थाना क्षेत्र के पतकी पुलिस पिकेट के समीप श्याम किशोर पासवान के नाबालिग पुत्र का अपहरण कर उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई थी। आरोप है कि आरोपितों ने उसकी हत्या की नीयत से उसे मुख्य सड़क से गुजर रहे हाइवा के नीचे धक्का दे दिया। गंभीर रूप से घायल नाबालिग की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर एसडीपीओ के नेतृत्व में विशेष छापामारी दल गठित किया गया। पुलिस जांच में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपित अरबाज आलम का मृतक की बहन के साथ प्रेम प्रसंग था। मृतक इसका विरोध करता था। इसी को लेकर बदले की भावना से अरबाज ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर घटना को अंजाम देने की योजना बनाई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटना के 24 घंटे के भीतर तीनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपितों में अरबाज आलम (21), पिता शमीम अंसारी, ग्राम बेन्दी; समीर अंसारी (19), पिता नौशाद अंसारी, वर्तमान पता बेन्दी तथा कमलेश कुमार सिंह (19), पिता हरिनाम सिंह, ग्राम पतकी शामिल हैं। पुलिस ने आरोपितों के पास से तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। घटनास्थल से मृतक का ब्लड सैंपल भी जांच के लिए लिया गया है। इस छापामारी दल में थाना प्रभारी अशोक कुमार पासवान,पुअनि कामता कुमार, पुअनि शशि कुमार, पुअनि रमाकांत गुप्ता, पुअनि राजा दिलावर, राहुल सिन्हा, संतोष कुमार, अरविंद तिवारी समेत लातेहार थाना के पुलिस पदाधिकारी, तकनीकी शाखा के कर्मी व सशस्त्र बल शामिल थे।3
- प्राइवेट हॉस्पिटल में महिला की जान लेने की कोशिश का आरोप.?🤔😱1
- दातूखार ग्राम में आज भी ग्रामीण बीमार मरीजों को एंबुलेंस की वजह खाट की डोली में अस्पताल ले जाने को विवश है । सोमवार की सुबह 11:00 बजे के करीब दातूखार ग्राम निवासी 30 वर्षीय आदिम जनजाति युवक सिंपल कोरबा की जब अचानक तबीयत खराब हुई तो गांव के ग्रामीण आपसी सहयोग से उसे खाट की डोली बनाकर अस्पताल ले जाते दिखे। मामले पर उपायुक्त संदीप कुमार ने कहा कि गांव की भौगोलिक स्थिति को देखकर सड़क बनवाया जाएगा।1
- सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम को लेकर 48 वाहनों का ई-चालान, 50,500 रुपये जुर्माना संतोष कुमार लातेहार। उपायुक्त लातेहार संदीप कुमार के निर्देशानुसार सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम एवं यातायात नियमों के पालन को लेकर सोमवार को लातेहार थाना क्षेत्र में दुपहिया एवं तीनपहिया वाहनों की जांच अभियान चलाया गया।लातेहार थाना क्षेत्र के सर्किट हाउस के समीप जिला परिवहन पदाधिकारी उमेश मंडल, पुलिस उपाधीक्षक प्रदीप कुमार, प्रशिक्षु पुलिस उपाधीक्षक राम लखन बर्नवाल एवं थाना प्रभारी अशोक कुमार पासवान एस आई अरविंद तिवारी दल बल सहित ने वाहनों की जांच की गई।जांच के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए कुल 48 वाहनों से 50,500 रुपये का ई-चालान किया गया। अधिकारियों ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने, हेलमेट पहनने तथा सुरक्षित वाहन चलाने के प्रति जागरूक किया। अधिकारियों ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए वाहन जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा।2
- 17 जंगली हाथियों का झुंड पहुंचा पालकोट, ग्रामीणों में दहशत का माहौल सिमडेगा जिले में उत्पात मचाने के बाद 17 जंगली हाथियों का झुंड गुमला जिला के पालकोट प्रखंड में प्रवेश कर गया है। बताया जा रहा है कि पालकोट के सनईडीह में बीती रात जंगली हाथियों का झुंड पहुंचने से ग्रामीण काफी दहशत में है। ग्रामीणों को अपनी फसल के नुकसान होने का खतरा सता रहा है, हालांकि अभी तक किसी तरह के जान माल के नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन बताया जा रहा है कि जंगली हाथियों का झुंड गाँव के समीप जंगल में अभी भी जमा हुआ है। वन विभाग की टीम लगातार जंगली हाथियों को सुरक्षित छत्तीसगढ़ की ओर भेजने में लगी हुई है। वही वन विभाग ने ग्रामीणों से जंगली हाथियों के नजदीक ना जाने की सलाह दी है।1