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दो दुनिया, एक देश! 🇮🇳 क्या यही है शिक्षा का अधिकार? #shorts #education इस वीडियो में हमने भारत की शिक्षा व्यवस्था की कड़वी सच्चाई को दिखाया है, जहाँ एक तरफ प्राइवेट स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं (Labs, Playgrounds) हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों के गरीब बच्चे बदहाल कमरों और पानी के बीच पढ़ने को मजबूर हैं। ​क्या यह सच में "शिक्षा का अधिकार" है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं! ​Private school vs government school, Indian education system reality, Right to education India, Government school condition, Private school luxury, RTE Act India, Emotional education shorts, Legal Baba shorts, Two worlds one country education, Govt school vs private school comparison, Shiksha ka adhikar, Sarkari school vs private school, Trending shorts India, Social issue shorts

1 hr ago
user_𝐒𝐡𝐢𝐯𝐚𝐦 𝐒𝐰𝐚𝐫𝐧𝐤𝐚𝐫
𝐒𝐡𝐢𝐯𝐚𝐦 𝐒𝐰𝐚𝐫𝐧𝐤𝐚𝐫
Lawyer देवास, देवास, मध्य प्रदेश•
1 hr ago

दो दुनिया, एक देश! 🇮🇳 क्या यही है शिक्षा का अधिकार? #shorts #education इस वीडियो में हमने भारत की शिक्षा व्यवस्था की कड़वी सच्चाई को दिखाया है, जहाँ एक तरफ प्राइवेट स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं (Labs, Playgrounds) हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों के गरीब बच्चे बदहाल कमरों और पानी के बीच पढ़ने को मजबूर हैं। ​क्या यह सच में "शिक्षा का अधिकार" है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं! ​Private school vs government school, Indian education system reality, Right to education India, Government school condition, Private school luxury, RTE Act India, Emotional education shorts, Legal Baba shorts, Two worlds one country education, Govt school vs private school comparison, Shiksha ka adhikar, Sarkari school vs private school, Trending shorts India, Social issue shorts

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  • दो दुनिया, एक देश! 🇮🇳 क्या यही है शिक्षा का अधिकार? #shorts #education इस वीडियो में हमने भारत की शिक्षा व्यवस्था की कड़वी सच्चाई को दिखाया है, जहाँ एक तरफ प्राइवेट स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं (Labs, Playgrounds) हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों के गरीब बच्चे बदहाल कमरों और पानी के बीच पढ़ने को मजबूर हैं। ​क्या यह सच में "शिक्षा का अधिकार" है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं! ​Private school vs government school, Indian education system reality, Right to education India, Government school condition, Private school luxury, RTE Act India, Emotional education shorts, Legal Baba shorts, Two worlds one country education, Govt school vs private school comparison, Shiksha ka adhikar, Sarkari school vs private school, Trending shorts India, Social issue shorts
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    दो दुनिया, एक देश! 🇮🇳 क्या यही है शिक्षा का अधिकार? #shorts #education
इस वीडियो में हमने भारत की शिक्षा व्यवस्था की कड़वी सच्चाई को दिखाया है, जहाँ एक तरफ प्राइवेट स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं (Labs, Playgrounds) हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों के गरीब बच्चे बदहाल कमरों और पानी के बीच पढ़ने को मजबूर हैं।
​क्या यह सच में "शिक्षा का अधिकार" है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं!
​Private school vs government school, Indian education system reality, Right to education India, Government school condition, Private school luxury, RTE Act India, Emotional education shorts, Legal Baba shorts, Two worlds one country education, Govt school vs private school comparison, Shiksha ka adhikar, Sarkari school vs private school, Trending shorts India, Social issue shorts
    user_𝐒𝐡𝐢𝐯𝐚𝐦 𝐒𝐰𝐚𝐫𝐧𝐤𝐚𝐫
    𝐒𝐡𝐢𝐯𝐚𝐦 𝐒𝐰𝐚𝐫𝐧𝐤𝐚𝐫
    Lawyer देवास, देवास, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर किसानों से लाखों की धोखाधड़ी का आरोप, हरणगांव थाने में शिकायत चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर किसानों से लाखों की धोखाधड़ी का आरोप, हरणगांव थाने में शिकायत हरणगांव, देवास। चंदन के पौधे लगवाने और भविष्य में मोटा रिटर्न दिलाने का झांसा देकर किसानों से लाखों रुपये की धोखाधड़ी किए जाने का आरोप सामने आया है। मामले को लेकर ग्राम सातरागांव सहित आसपास के कई गांवों के किसानों ने 15 सितंबर 2026 को हरणगांव थाना प्रभारी को लिखित शिकायत देकर जांच और कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता बालम पिता बद्रीप्रसाद जाट, निवासी सातरागांव, ने शिकायत में बताया कि दिसंबर 2025 में Hariyali Boi Planted Limited नामक कंपनी के माध्यम से प्रमोद जाट निवासी भटनावर (राजस्थान) और मोहित जाट निवासी लोहारखेड़ी, जिला उज्जैन द्वारा क्षेत्र में किसानों को चंदन के पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया। 270 रुपये का पौधा, 40 हजार रुपये मिलने का दावा शिकायत के अनुसार किसानों को बताया गया कि कंपनी से एक चंदन का पौधा करीब 270 रुपये में मिलेगा। पौधा लगाने के बाद कंपनी की ओर से एग्रीमेंट कराने, खाद-दवाई नि:शुल्क देने और पौधा खराब होने पर दोबारा पौधा देने की बात कही गई। किसानों को यह भी बताया गया कि तीन महीने बाद कंपनी प्रति पौधा 1000 रुपये के हिसाब से रिटर्न देना शुरू करेगी और पांच साल तक हर छह महीने में भुगतान किया जाएगा। इसके अलावा आठ वर्ष बाद एक पौधे के 40 हजार रुपये मिलने का दावा भी किया गया। इन दावों पर भरोसा कर क्षेत्र के कई किसानों ने अपने खेतों में बड़ी संख्या में चंदन के पौधे लगवाए। शिकायत में किशनपुर, सातरागांव, करोंद, आमला, धर्मालीपुर, सुकेड़ी, मनोरा, गुनापासी, बुर्ज और पारसली सहित कई गांवों का उल्लेख किया गया है। शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ किसानों ने 100 से 200 तक पौधे भी लगवाए। एग्रीमेंट की बात आने पर बढ़ा विवाद किसानों का आरोप है कि जब उन्होंने संबंधित लोगों से एग्रीमेंट कराने और भुगतान को लेकर जानकारी मांगी तो मार्च 2026 के बाद दोनों लोगों ने क्षेत्र में आना बंद कर दिया। शिकायत के अनुसार उनके मोबाइल फोन भी बंद आने लगे। इसके बाद किसानों को कथित योजना को लेकर संदेह हुआ। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि किसानों को दिए गए चंदन के पौधे नर्सरी में करीब 10 रुपये में उपलब्ध होने की जानकारी बाद में मिली, जबकि किसानों से 270 रुपये प्रति पौधा लिए गए। किसानों का दावा है कि चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर क्षेत्र के कई किसानों से लाखों रुपये की राशि ली गई है। पुलिस ने कही जांच के बाद कार्रवाई की बात मामले में किसानों ने थाना प्रभारी से पूरे प्रकरण की जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग की है। हरणगांव थाना प्रभारी का कहना है कि शिकायत प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर उचित वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। नोट: किसानों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
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    चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर किसानों से लाखों की धोखाधड़ी का आरोप, हरणगांव थाने में शिकायत
चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर किसानों से लाखों की धोखाधड़ी का आरोप, हरणगांव थाने में शिकायत
हरणगांव, देवास। चंदन के पौधे लगवाने और भविष्य में मोटा रिटर्न दिलाने का झांसा देकर किसानों से लाखों रुपये की धोखाधड़ी किए जाने का आरोप सामने आया है। मामले को लेकर ग्राम सातरागांव सहित आसपास के कई गांवों के किसानों ने 15 सितंबर 2026 को हरणगांव थाना प्रभारी को लिखित शिकायत देकर जांच और कार्रवाई की मांग की है।
शिकायतकर्ता बालम पिता बद्रीप्रसाद जाट, निवासी सातरागांव, ने शिकायत में बताया कि दिसंबर 2025 में Hariyali Boi Planted Limited नामक कंपनी के माध्यम से प्रमोद जाट निवासी भटनावर (राजस्थान) और मोहित जाट निवासी लोहारखेड़ी, जिला उज्जैन द्वारा क्षेत्र में किसानों को चंदन के पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया।
270 रुपये का पौधा, 40 हजार रुपये मिलने का दावा
शिकायत के अनुसार किसानों को बताया गया कि कंपनी से एक चंदन का पौधा करीब 270 रुपये में मिलेगा। पौधा लगाने के बाद कंपनी की ओर से एग्रीमेंट कराने, खाद-दवाई नि:शुल्क देने और पौधा खराब होने पर दोबारा पौधा देने की बात कही गई।
किसानों को यह भी बताया गया कि तीन महीने बाद कंपनी प्रति पौधा 1000 रुपये के हिसाब से रिटर्न देना शुरू करेगी और पांच साल तक हर छह महीने में भुगतान किया जाएगा। इसके अलावा आठ वर्ष बाद एक पौधे के 40 हजार रुपये मिलने का दावा भी किया गया।
इन दावों पर भरोसा कर क्षेत्र के कई किसानों ने अपने खेतों में बड़ी संख्या में चंदन के पौधे लगवाए। शिकायत में किशनपुर, सातरागांव, करोंद, आमला, धर्मालीपुर, सुकेड़ी, मनोरा, गुनापासी, बुर्ज और पारसली सहित कई गांवों का उल्लेख किया गया है। शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ किसानों ने 100 से 200 तक पौधे भी लगवाए।
एग्रीमेंट की बात आने पर बढ़ा विवाद
किसानों का आरोप है कि जब उन्होंने संबंधित लोगों से एग्रीमेंट कराने और भुगतान को लेकर जानकारी मांगी तो मार्च 2026 के बाद दोनों लोगों ने क्षेत्र में आना बंद कर दिया। शिकायत के अनुसार उनके मोबाइल फोन भी बंद आने लगे। इसके बाद किसानों को कथित योजना को लेकर संदेह हुआ।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि किसानों को दिए गए चंदन के पौधे नर्सरी में करीब 10 रुपये में उपलब्ध होने की जानकारी बाद में मिली, जबकि किसानों से 270 रुपये प्रति पौधा लिए गए। किसानों का दावा है कि चंदन के पौधे लगवाने के नाम पर क्षेत्र के कई किसानों से लाखों रुपये की राशि ली गई है।
पुलिस ने कही जांच के बाद कार्रवाई की बात
मामले में किसानों ने थाना प्रभारी से पूरे प्रकरण की जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
हरणगांव थाना प्रभारी का कहना है कि शिकायत प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर उचित वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
नोट: किसानों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
    user_Journalist shubham
    Journalist shubham
    Dewas, Madhya Pradesh•
    6 hrs ago
  • भगवान श्री देवनारायण की कथा मैं हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हुए हाटपिपल्या,ग्राम शादीपुरा में भगवान श्री देवनारायण सप्तम दिवस की कथा का समापन हुआ शोभा यात्रा के साथ झूमते गाते भक्त जन भगवान श्री देवनारायण एवं कथा वाचक श्री धर्मेंद्र सिंह जी भगत का पूरे गांव में घर-घर स्वागत सम्मान कर भगवान देवनारायण की पोथी का पूजन किया तथा भगवान श्री देवनारायण कथा, सेवा समिति ने लगातार 5 वर्ष श्री देवनारायण कथा करवाने का संकल्प लिया
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    भगवान श्री देवनारायण की कथा मैं हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हुए
हाटपिपल्या,ग्राम शादीपुरा में भगवान श्री देवनारायण सप्तम दिवस की कथा का समापन हुआ
शोभा यात्रा के साथ झूमते गाते भक्त जन भगवान श्री देवनारायण एवं कथा वाचक श्री धर्मेंद्र सिंह जी भगत का पूरे गांव में घर-घर स्वागत सम्मान कर भगवान देवनारायण की पोथी का पूजन किया
तथा भगवान श्री देवनारायण कथा, सेवा समिति ने लगातार 5 वर्ष  श्री देवनारायण कथा करवाने का संकल्प लिया
    user_ब्लांक अध्यक्ष भारतीय किसान हा
    ब्लांक अध्यक्ष भारतीय किसान हा
    Farmer देवास, देवास, मध्य प्रदेश•
    21 hrs ago
  • ग्राम रोजगार सहायता संघ मनरेगा ग्राम रोजगार सहायक महासंघ
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    ग्राम रोजगार सहायता संघ मनरेगा ग्राम रोजगार सहायक महासंघ
    user_V k Vishwakarma
    V k Vishwakarma
    Photographer इंदौर, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    8 min ago
  • मोदी सरकार जनता की जेब काटने का नया तरीका लेकर आई नया प्लान
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    मोदी सरकार जनता की जेब काटने का नया तरीका लेकर आई नया प्लान
    user_Vishal Jadhav
    Vishal Jadhav
    पत्रकार NCR समाचार इंदौर, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    17 min ago
  • ड्यूटी से बढ़कर निभाया मानवता का फर्ज, कांस्टेबल सोनाली सोनी ने घायल को पहुंचाया अस्पताल पलासिया चौराहे पर ड्यूटी कर रही कांस्टेबल सोनाली सोनी ने सड़क पर एक व्यक्ति को घायल अवस्था में पड़ा देखा। उन्होंने तत्काल एम्बुलेंस को सूचना दी, लेकिन घायल की हालत को देखते हुए प्रतीक्षा करने के बजाय उसे ऑटो रिक्शा से एमवाय अस्पताल पहुंचाया और उपचार शुरू करवाया। इसके बाद घायल के पास मिले कीपैड मोबाइल से उसके परिजनों से संपर्क कर घटना की जानकारी दी। कांस्टेबल सोनाली सोनी की तत्परता और संवेदनशीलता से घायल व्यक्ति को समय पर उपचार मिल सका। उनके इस मानवीय कार्य की सराहना की जा रही है
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    ड्यूटी से बढ़कर निभाया मानवता का फर्ज, कांस्टेबल सोनाली सोनी ने घायल को पहुंचाया अस्पताल
पलासिया चौराहे पर ड्यूटी कर रही कांस्टेबल सोनाली सोनी ने सड़क पर एक व्यक्ति को घायल अवस्था में पड़ा देखा। उन्होंने तत्काल एम्बुलेंस को सूचना दी, लेकिन घायल की हालत को देखते हुए प्रतीक्षा करने के बजाय उसे ऑटो रिक्शा से एमवाय अस्पताल पहुंचाया और उपचार शुरू करवाया। इसके बाद घायल के पास मिले कीपैड मोबाइल से उसके परिजनों से संपर्क कर घटना की जानकारी दी। कांस्टेबल सोनाली सोनी की तत्परता और संवेदनशीलता से घायल व्यक्ति को समय पर उपचार मिल सका। उनके इस मानवीय कार्य की सराहना की जा रही है
    user_SUNDARAM EXPRESS NEWS
    SUNDARAM EXPRESS NEWS
    Media company मल्हारगंज, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    35 min ago
  • इंदौर के राजवाड़ा स्थित वनखंडी हनुमान मंदिर पर छात्रों की गूंज की सफलता के लिए किया गया हवन इंदौर में 19 सितंबर को प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को सफल बनाने और आयोजन में आ रही कथित बाधाओं के निवारण के लिए कांग्रेस नेता दीपक पिंटू जोशी सन्नी पठारे एडवोकेट साक्षी शुक्ला ( डागा ) और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया गया। यह धार्मिक आयोजन राजवाड़ा स्थित प्राचीन वनखंडी हनुमान मंदिर के परिसर में किया गया वही इस दौरान यज्ञ, हवन और पूजन कर कार्यक्रम की सफलता की कामना भी की गई। इंदौर के राजवाड़ा स्थित प्राचीन वनखंडी हनुमान मंदिर परिसर में आयोजित यज्ञ और हवन में कांग्रेस नेता दीपक पिंटू जोशी सन्नी पठारे एडवोकेट साक्षी शुक्ला डागा और कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। दरअसल, आगामी 19 सितंबर को रिजनल पार्क मैदान में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम प्रस्तावित है, जिसमें नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के छात्रों से रूबरू होकर सीधे संवाद करने की बात कही गई है। वही इस कार्यक्रम के आयोजक और विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 3 के प्रभारी दीपक जोशी पिंटू, पूर्व प्रदेश महासचिव सन्नी पठारे, महिला कांग्रेस प्रदेश महासचिव एडवोकेट साक्षी शुक्ला डागा, ब्लॉक अध्यक्ष रोहित जोशी और संजय यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यक्रम के लिए एक लाख से अधिक रजिस्ट्रेशन होने का दावा किया है। वही आयोजकों के मुताबिक देशभर से छात्र इस कार्यक्रम से जुड़ने के लिए आगे भी आ रहे हैं। वही कांग्रेस नेताओं ने यह आरोप लगाया कि कार्यक्रम की सफलता को देखते हुए कुछ लोग इसमें बाधाएं उत्पन्न करने का प्रयास भी कर रहे हैं। वही आयोजकों का दावा है कि कार्यक्रम की अनुमति देने में देरी की जा रही है और कथित तौर पर अधिक कीमत की रसीद कटवाकर अनुमति देने जैसी समस्याएं भी खड़ी की जा रही है हालांकि इन आरोपों पर संबंधित पक्ष का पक्ष सामने नहीं आया है। इन्हीं कथित बाधाओं के निवारण और 19 सितंबर को होने वाले ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की सफलता की कामना को लेकर आज राजबाड़ा स्थित वनखंडी हनुमान मंदिर परिसर में यज्ञ, हवन और पूजन का सफल आयोजन किया गया।
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    इंदौर के राजवाड़ा स्थित वनखंडी हनुमान मंदिर पर छात्रों की गूंज की सफलता के लिए किया गया हवन                             इंदौर में 19 सितंबर को प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को सफल बनाने और आयोजन में आ रही कथित बाधाओं के निवारण के लिए कांग्रेस नेता दीपक पिंटू जोशी सन्नी पठारे एडवोकेट साक्षी शुक्ला   ( डागा ) और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया गया। यह धार्मिक आयोजन राजवाड़ा स्थित प्राचीन वनखंडी हनुमान मंदिर के परिसर में किया गया वही इस दौरान यज्ञ, हवन और पूजन कर कार्यक्रम की सफलता की कामना भी की गई।
इंदौर के राजवाड़ा स्थित प्राचीन वनखंडी हनुमान मंदिर परिसर में आयोजित यज्ञ और हवन में कांग्रेस नेता दीपक पिंटू जोशी सन्नी पठारे एडवोकेट साक्षी शुक्ला डागा और कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। दरअसल, आगामी 19 सितंबर को रिजनल पार्क मैदान में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम प्रस्तावित है, जिसमें नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के छात्रों से रूबरू होकर सीधे संवाद करने की बात कही गई है। वही इस कार्यक्रम के आयोजक और विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 3 के प्रभारी दीपक जोशी पिंटू, पूर्व प्रदेश महासचिव सन्नी पठारे, महिला कांग्रेस प्रदेश महासचिव एडवोकेट साक्षी शुक्ला डागा, ब्लॉक अध्यक्ष रोहित जोशी और संजय यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यक्रम के लिए एक लाख से अधिक रजिस्ट्रेशन होने का दावा किया है। वही आयोजकों के मुताबिक देशभर से छात्र इस कार्यक्रम से जुड़ने के लिए आगे भी आ रहे हैं। वही कांग्रेस नेताओं ने यह आरोप लगाया कि कार्यक्रम की सफलता को देखते हुए कुछ लोग इसमें बाधाएं उत्पन्न करने का प्रयास भी कर रहे हैं। वही आयोजकों का दावा है कि कार्यक्रम की अनुमति देने में देरी की जा रही है और कथित तौर पर अधिक कीमत की रसीद कटवाकर अनुमति देने जैसी समस्याएं भी खड़ी की जा रही है हालांकि इन आरोपों पर संबंधित पक्ष का पक्ष सामने नहीं आया है। इन्हीं कथित बाधाओं के निवारण और 19 सितंबर को होने वाले ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की सफलता की कामना को लेकर आज राजबाड़ा स्थित वनखंडी हनुमान मंदिर परिसर में यज्ञ, हवन और पूजन का सफल आयोजन किया गया।
    user_Naseem Khan
    Naseem Khan
    इंदौर, इंदौर, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • 🚨 AI फोटो एडिटिंग के बढ़ते इस्तेमाल के बीच डिजिटल प्राइवेसी को लेकर सावधानी जरूरी AI टूल्स से फोटो एडिटिंग आसान, लेकिन गलत इस्तेमाल से बन सकते हैं फर्जी और आपत्तिजनक डीपफेक नई दिल्ली/भोपाल। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फोटो एडिटिंग टूल्स के बढ़ते इस्तेमाल के बीच लोगों की डिजिटल प्राइवेसी और तस्वीरों की सुरक्षा को लेकर चिंता भी बढ़ रही है। AI की मदद से फोटो का बैकग्राउंड बदलने, कपड़े और स्टाइल बदलने तथा पुरानी तस्वीरों को नया रूप देने जैसे कई काम कुछ ही सेकंड में किए जा सकते हैं। हालांकि, इन्हीं तकनीकों का गलत और गैर-सहमति वाला इस्तेमाल किसी व्यक्ति की तस्वीर को आपत्तिजनक या फर्जी रूप में प्रस्तुत करने के लिए किया जा सकता है। ऐसे मामलों में बनाई गई तस्वीर वास्तविक नहीं होती, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इससे संबंधित व्यक्ति की छवि, सम्मान और निजता को नुकसान पहुंच सकता है। वायरल पोस्ट में AI टूल्स के जरिए फोटो में कपड़े बदलने अथवा हटाने जैसे दावों को लेकर चेतावनी दी गई है। हालांकि, हर AI ऐप ऐसी सुविधा उपलब्ध कराता हो, यह जरूरी नहीं है। इसलिए किसी वायरल दावे को बिना जांचे सच मानने के बजाय उसके स्रोत और संबंधित AI टूल की वास्तविक क्षमताओं की पुष्टि करना जरूरी है। ⚠️ फोटो शेयर करते समय रखें सावधानी अपनी निजी तस्वीरें अनजान AI ऐप या वेबसाइट पर अपलोड करने से बचें। किसी भी ऐप को फोटो अपलोड करने से पहले उसकी Privacy Policy और Data Usage जरूर देखें। अनजान लिंक या संदिग्ध AI ऐप डाउनलोड न करें। अपनी तस्वीर के दुरुपयोग की आशंका होने पर स्क्रीनशॉट और लिंक जैसे सबूत सुरक्षित रखें। किसी व्यक्ति की फोटो को उसकी अनुमति के बिना आपत्तिजनक रूप में बनाना या प्रसारित करना गंभीर मामला हो सकता है। डिजिटल दौर में AI एक उपयोगी तकनीक है, लेकिन इसका इस्तेमाल जिम्मेदारी और सावधानी के साथ करना उतना ही जरूरी है। 🚨 AI फोटो एडिटिंग के बढ़ते इस्तेमाल के बीच डिजिटल प्राइवेसी को लेकर सावधानी जरूरी AI टूल्स से फोटो एडिटिंग आसान, लेकिन गलत इस्तेमाल से बन सकते हैं फर्जी और आपत्तिजनक डीपफेक नई दिल्ली/भोपाल। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फोटो एडिटिंग टूल्स के बढ़ते इस्तेमाल के बीच लोगों की डिजिटल प्राइवेसी और तस्वीरों की सुरक्षा को लेकर चिंता भी बढ़ रही है। AI की मदद से फोटो का बैकग्राउंड बदलने, कपड़े और स्टाइल बदलने तथा पुरानी तस्वीरों को नया रूप देने जैसे कई काम कुछ ही सेकंड में किए जा सकते हैं। हालांकि, इन्हीं तकनीकों का गलत और गैर-सहमति वाला इस्तेमाल किसी व्यक्ति की तस्वीर को आपत्तिजनक या फर्जी रूप में प्रस्तुत करने के लिए किया जा सकता है। ऐसे मामलों में बनाई गई तस्वीर वास्तविक नहीं होती, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इससे संबंधित व्यक्ति की छवि, सम्मान और निजता को नुकसान पहुंच सकता है। वायरल पोस्ट में AI टूल्स के जरिए फोटो में कपड़े बदलने अथवा हटाने जैसे दावों को लेकर चेतावनी दी गई है। हालांकि, हर AI ऐप ऐसी सुविधा उपलब्ध कराता हो, यह जरूरी नहीं है। इसलिए किसी वायरल दावे को बिना जांचे सच मानने के बजाय उसके स्रोत और संबंधित AI टूल की वास्तविक क्षमताओं की पुष्टि करना जरूरी है। ⚠️ फोटो शेयर करते समय रखें सावधानी अपनी निजी तस्वीरें अनजान AI ऐप या वेबसाइट पर अपलोड करने से बचें। किसी भी ऐप को फोटो अपलोड करने से पहले उसकी Privacy Policy और Data Usage जरूर देखें। अनजान लिंक या संदिग्ध AI ऐप डाउनलोड न करें। अपनी तस्वीर के दुरुपयोग की आशंका होने पर स्क्रीनशॉट और लिंक जैसे सबूत सुरक्षित रखें। किसी व्यक्ति की फोटो को उसकी अनुमति के बिना आपत्तिजनक रूप में बनाना या प्रसारित करना गंभीर मामला हो सकता है। डिजिटल दौर में AI एक उपयोगी तकनीक है, लेकिन इसका इस्तेमाल जिम्मेदारी और सावधानी के साथ करना उतना ही जरूरी है।
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    🚨 AI फोटो एडिटिंग के बढ़ते इस्तेमाल के बीच डिजिटल प्राइवेसी को लेकर सावधानी जरूरी

AI टूल्स से फोटो एडिटिंग आसान, लेकिन गलत इस्तेमाल से बन सकते हैं फर्जी और आपत्तिजनक डीपफेक

नई दिल्ली/भोपाल। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फोटो एडिटिंग टूल्स के बढ़ते इस्तेमाल के बीच लोगों की डिजिटल प्राइवेसी और तस्वीरों की सुरक्षा को लेकर चिंता भी बढ़ रही है। AI की मदद से फोटो का बैकग्राउंड बदलने, कपड़े और स्टाइल बदलने तथा पुरानी तस्वीरों को नया रूप देने जैसे कई काम कुछ ही सेकंड में किए जा सकते हैं।

हालांकि, इन्हीं तकनीकों का गलत और गैर-सहमति वाला इस्तेमाल किसी व्यक्ति की तस्वीर को आपत्तिजनक या फर्जी रूप में प्रस्तुत करने के लिए किया जा सकता है। ऐसे मामलों में बनाई गई तस्वीर वास्तविक नहीं होती, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इससे संबंधित व्यक्ति की छवि, सम्मान और निजता को नुकसान पहुंच सकता है।

वायरल पोस्ट में AI टूल्स के जरिए फोटो में कपड़े बदलने अथवा हटाने जैसे दावों को लेकर चेतावनी दी गई है। हालांकि, हर AI ऐप ऐसी सुविधा उपलब्ध कराता हो, यह जरूरी नहीं है। इसलिए किसी वायरल दावे को बिना जांचे सच मानने के बजाय उसके स्रोत और संबंधित AI टूल की वास्तविक क्षमताओं की पुष्टि करना जरूरी है।

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डिजिटल दौर में AI एक उपयोगी तकनीक है, लेकिन इसका इस्तेमाल जिम्मेदारी और सावधानी के साथ करना उतना ही जरूरी है।
🚨 AI फोटो एडिटिंग के बढ़ते इस्तेमाल के बीच डिजिटल प्राइवेसी को लेकर सावधानी जरूरी
AI टूल्स से फोटो एडिटिंग आसान, लेकिन गलत इस्तेमाल से बन सकते हैं फर्जी और आपत्तिजनक डीपफेक
नई दिल्ली/भोपाल। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फोटो एडिटिंग टूल्स के बढ़ते इस्तेमाल के बीच लोगों की डिजिटल प्राइवेसी और तस्वीरों की सुरक्षा को लेकर चिंता भी बढ़ रही है। AI की मदद से फोटो का बैकग्राउंड बदलने, कपड़े और स्टाइल बदलने तथा पुरानी तस्वीरों को नया रूप देने जैसे कई काम कुछ ही सेकंड में किए जा सकते हैं।
हालांकि, इन्हीं तकनीकों का गलत और गैर-सहमति वाला इस्तेमाल किसी व्यक्ति की तस्वीर को आपत्तिजनक या फर्जी रूप में प्रस्तुत करने के लिए किया जा सकता है। ऐसे मामलों में बनाई गई तस्वीर वास्तविक नहीं होती, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इससे संबंधित व्यक्ति की छवि, सम्मान और निजता को नुकसान पहुंच सकता है।
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डिजिटल दौर में AI एक उपयोगी तकनीक है, लेकिन इसका इस्तेमाल जिम्मेदारी और सावधानी के साथ करना उतना ही जरूरी है।
    user_Journalist shubham
    Journalist shubham
    Dewas, Madhya Pradesh•
    6 hrs ago
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