गणेश चतुर्थी महोत्सव के अवसर पर नगर कन्नौद मैं संस्था माँ पार्वती परिवार की बहनो ने मिट्टी से गणेश मूर्ति बनाकर उसका निशुल्क वितरण किया, संस्था माँ पार्वती परिवार कन्नौद की बहनो ने किये मिट्टी की गणेश मुर्तियों का निशुल्क वितरण कन्नौद ---गणेश चतुर्थी महोत्सव के अवसर पर नगर कन्नौद मैं संस्था माँ पार्वती परिवार की बहनो ने मिट्टी से गणेश मूर्ति बनाकर उसका निशुल्क वितरण किया, संस्था माँ पार्वती परिवार कन्नौद की प्रमुख बहन संगीता आशापुरे ने जानकारी देते हुए बताया की गणेश चतुर्थी महोत्सव की पूर्व तैयारी करते हुए संस्था की बहनो दुवारा मिट्टी के गणेश मूर्तियों का निर्माण किया गया,,आज नगर कन्नौद मैं संस्था मैं बनी मिट्टी की गणेश मूर्तियों का वितरण निशुल्क कार्यक्रम आयोजित किया गया,, इस कार्यक्रम का शुभारम्भ नगर पंचायत अध्यक्ष श्रींमती गायत्री जाट एवं संस्था की अध्यक्ष डा. ललिता आशापुरे एवं पार्षद श्रींमती जाग्रति चौहान दुवारा किया गया,, नगर पंचायत अध्यक्ष श्रींमती गायत्री जाट ने अपने उद्बोधन में सभी को बताया की वर्तमान मैं गणेश उत्सव पर सभी नगर वासी मिट्टी से निर्मित गणेश मूर्ति अपने घरों मैं स्थापित कर पूजा करे, एवं गणेश विसर्जन भी घरों मैं ही करें इससे पर्यावरण सुरक्षित रहेगा, वही डॉ. ललिता आशापुरे ने अपने उद्बोधन मैं बताया की संस्था की बहने विगत आठ साल से प्रति वर्ष मिट्टी से गणेश मुर्तिया बनाती है,और मिट्टी से निर्मित गणेश मूर्तियों का नगर कन्नौद मैं निशुल्क वितरण करती है,,हमारे प्राचीन गंथो वेद, पुराणों मैं मिट्टी से निर्मित मूर्तियों को अधिक महत्वपूर्ण बताया है,, मिट्टी से बनी गणेश मूर्ति पर्यावरण को सुरक्षित रखती है,, पूजन के बाद आसानी से जल मैं विसर्जन हो जाती है,, इस उदेश्य को ध्यान मैं रखकर आज गणेश चतुर्थी महोत्सव के लिए मिट्टी की निःशुल्क गणेश मूर्तियों का वितरण किया गया,
गणेश चतुर्थी महोत्सव के अवसर पर नगर कन्नौद मैं संस्था माँ पार्वती परिवार की बहनो ने मिट्टी से गणेश मूर्ति बनाकर उसका निशुल्क वितरण किया, संस्था माँ पार्वती परिवार कन्नौद की बहनो ने किये मिट्टी की गणेश मुर्तियों का निशुल्क वितरण कन्नौद ---गणेश चतुर्थी महोत्सव के अवसर पर नगर कन्नौद मैं संस्था माँ पार्वती परिवार की बहनो ने मिट्टी से गणेश मूर्ति बनाकर उसका निशुल्क वितरण किया, संस्था माँ पार्वती परिवार कन्नौद की प्रमुख बहन संगीता आशापुरे ने जानकारी देते हुए बताया की गणेश चतुर्थी महोत्सव की पूर्व तैयारी करते हुए संस्था की बहनो दुवारा मिट्टी के गणेश मूर्तियों का निर्माण किया गया,,आज नगर कन्नौद मैं संस्था मैं बनी मिट्टी की गणेश मूर्तियों का वितरण निशुल्क कार्यक्रम आयोजित किया गया,, इस कार्यक्रम का शुभारम्भ नगर पंचायत अध्यक्ष श्रींमती गायत्री जाट एवं संस्था की अध्यक्ष डा. ललिता आशापुरे एवं पार्षद श्रींमती जाग्रति चौहान
दुवारा किया गया,, नगर पंचायत अध्यक्ष श्रींमती गायत्री जाट ने अपने उद्बोधन में सभी को बताया की वर्तमान मैं गणेश उत्सव पर सभी नगर वासी मिट्टी से निर्मित गणेश मूर्ति अपने घरों मैं स्थापित कर पूजा करे, एवं गणेश विसर्जन भी घरों मैं ही करें इससे पर्यावरण सुरक्षित रहेगा, वही डॉ. ललिता आशापुरे ने अपने उद्बोधन मैं बताया की संस्था की बहने विगत आठ साल से प्रति वर्ष मिट्टी से गणेश मुर्तिया बनाती है,और मिट्टी से निर्मित गणेश मूर्तियों का नगर कन्नौद मैं निशुल्क वितरण करती है,,हमारे प्राचीन गंथो वेद, पुराणों मैं मिट्टी से निर्मित मूर्तियों को अधिक महत्वपूर्ण बताया है,, मिट्टी से बनी गणेश मूर्ति पर्यावरण को सुरक्षित रखती है,, पूजन के बाद आसानी से जल मैं विसर्जन हो जाती है,, इस उदेश्य को ध्यान मैं रखकर आज गणेश चतुर्थी महोत्सव के लिए मिट्टी की निःशुल्क गणेश मूर्तियों का वितरण किया गया,
- किसानों की विभिन्न समस्याओं और सोयाबीन की फसल में फैल रहे पीला मोजेक रोग एवं अल्पवृष्टि से हो रहे नुकसान को लेकर भारतीय किसान संघ (भाकिसं) कन्नौद तहसील इकाई ने प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को मंगलवार दोपहर 2 बजे ज्ञापन सौंपा। किसान संघ ने मांग की कि खराब हो रही सोयाबीन फसल का तत्काल सर्वे करवाकर किसानों को उचित राहत एवं मुआवजा दिया जाए। पीला मोजेक से सोयाबीन फसल बर्बाद, तत्काल सर्वे की मांग भारतीय किसान संघ ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन, किसानों की समस्याओं पर उठाई आवाज कन्नौद। किसानों की विभिन्न समस्याओं और सोयाबीन की फसल में फैल रहे पीला मोजेक रोग एवं अल्पवृष्टि से हो रहे नुकसान को लेकर भारतीय किसान संघ (भाकिसं) कन्नौद तहसील इकाई ने प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को मंगलवार दोपहर 2 बजे ज्ञापन सौंपा। किसान संघ ने मांग की कि खराब हो रही सोयाबीन फसल का तत्काल सर्वे करवाकर किसानों को उचित राहत एवं मुआवजा दिया जाए। ज्ञापन में किसानों को उनकी फसल का लाभकारी मूल्य दिलाने, समर्थन मूल्य पर सोयाबीन एवं मक्का की खरीदी सुनिश्चित करने तथा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में सुधार की मांग की गई। संघ ने सैटेलाइट पद्धति को हटाकर क्रॉप कटिंग के आधार पर फसल नुकसान का मूल्यांकन करने की मांग भी रखी। किसान सम्मान निधि को 6 हजार से बढ़ाकर 10 हजार रुपये करने तथा आयात-निर्यात नीति में सुधार की मांग करते हुए कहा गया कि जब किसानों की फसल खलिहान में आने वाली हो, उस समय आयात नहीं किया जाना चाहिए, ताकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके। जंगली जानवरों से फसल बचाने की मांग किसानों ने रोजड़े, हिरण, जंगली सूअर, बंदर सहित अन्य जंगली जानवरों से फसलों को हो रहे नुकसान पर भी चिंता जताई। संघ ने इनके नियंत्रण के लिए प्रभावी व्यवस्था करने की मांग की, ताकि किसानों की मेहनत से तैयार फसल बर्बाद न हो। बिजली व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी ज्ञापन में नामांतरण एवं बंटवारे के प्रकरण समय-सीमा में निराकृत करने, बंदोबस्त की त्रुटियों को दूर करने तथा नक्शे एवं खसरा की समस्याओं के समाधान के लिए शिविर आयोजित करने की मांग की गई। किसानों ने बिजली व्यवस्था को लेकर भी अपनी समस्याएं रखीं। ओवरलोड ट्रांसफार्मर बदलने, जले हुए ट्रांसफार्मर 72 घंटे के भीतर बदलने, खराब केबल, झुके हुए विद्युत पोल एवं तारों को दुरुस्त करने की मांग की गई। अब सवाल यह है कि जब खेत में खड़ी सोयाबीन की फसल पीला मोजेक और अल्पवृष्टि से खराब हो रही है, तो किसानों को राहत देने के लिए सर्वे कब शुरू होगा? किसान संघ ने प्रशासन से मांगों पर शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा जताई है। ज्ञापन सौंपने के दौरान प्रांत प्रचार प्रमुख गोवर्धन पाटीदार, जिला सदस्य रामनिवास परमार, भीम सिंह सेंधव, तहसील अध्यक्ष हरिओम मंडलोई, मंत्री मुकेश लोवंशी सहित अनेक किसान उपस्थित रहे।3
- जानलेवा सफर प्रशासन क्यों बेखबर।ड्रम वाली नांव पर रस्सी से बांध कर नदी का करना पड़ रहा जानलेवा सफर ड्रम के जुगाड़ वाली नाव, जोखिम वाला सफर। जान जोखिम में डालकर नदी पार करते ग्रामीण। मंदसौर से करीब 17 किलोमीटर दूर स्थित ,दमदम गांव में आज भी ग्रामीण, मूलभूत सुविधा के अभाव में ,अपनी जान जोखिम में डालकर सोमली नदी पार करने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने नदी पार करने के लिए चार ड्रम ,और लकड़ी की मदद से एक जुगाड़ वाली नाव, तैयार कर रखी है। इसी नाव के सहारे दमदम, आक्या सहित आसपास के गांवों के ग्रामीण, रोजाना नदी पार कर अपने खेतों तक पहुंचते हैं। किसी भी दिन बड़ी घटना होने की संभावना बनी रहती है।हालात का तत्काल प्रभाव से जायजा लेते हुए जिला प्रशासन को समय रहते ध्यान देना चाहिए ।अब देखना यह है कि, आखिर ग्रामिणो को जोखिम भरे नाव के सफ़र से छुटकारा कब मिलेगा यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा। जानलेवा सफर क्या बड़ी घटना का है इंतजार, प्रशासन सुस्त1
- *छिपानेर घाट पर रेड, अवैध रेत उत्खनन में प्रयुक्त पनडुब्बी पकड़ी गई* *खनिज विभाग विभाग की मिलीभगत से बगैर रायल्टी चोरी हो रही है नर्मदा नदी से उत्खनन कर रेत चोरी। तीन साल से बंद है खदान *नर्मदा नदी में अवैध रेत उत्खनन पर पुलिस का शिकंजा* *छिपानेर घाट पर रेड, अवैध रेत उत्खनन में प्रयुक्त पनडुब्बी पकड़ी गई* हरदा/करताना- पुलिस अधीक्षक जिला हरदा के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जिला हरदा के मार्गदर्शन तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस), टिमरनी के मार्गदर्शन में अवैध रेत उत्खनन एवं परिवहन के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना टिमरनी एवं पुलिस चौकी करताना द्वारा छिपानेर घाट, नर्मदा नदी पर कार्रवाई करते हुए अवैध रेत उत्खनन में प्रयुक्त एक पनडुब्बी पकड़ी गई। *छिपानेर घाट पर पुलिस की रेड कार्रवाई* थाना प्रभारी टिमरनी निरीक्षक मुकेश गौड के नेतृत्व में पुलिस चौकी करताना की टीम के साथ छिपानेर घाट, नर्मदा नदी क्षेत्र में कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान नदी में अवैध रेत उत्खनन के लिए प्रयुक्त एक पनडुब्बी पुलिस के हाथ लगी। पुलिस टीम द्वारा मौके पर आवश्यक कार्रवाई करते हुए उक्त पनडुब्बी को जप्त किया कर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की गई । *अवैध रेत उत्खनन के विरुद्ध सख्त कार्रवाई जारी* नर्मदा नदी में अवैध रेत उत्खनन एवं परिवहन करने वालों के विरुद्ध पुलिस द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। अवैध गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों एवं उनके संसाधनों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अवैध खनन एवं परिवहन के विरुद्ध पुलिस की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।4
- देवास पुलिस का 'ऑपरेशन प्रहार' : जुए के बड़े ठिकाने पर छापा, 14 आरोपी गिरफ्तार !1
- वेस्ट समाज का महासम्मेलन पांच जिलों से भी आए लोग गूंज उठा नारों से1
- सीहोर मे भारतीय किसान संघ, मध्य भारत प्रान्त किसानों ने सीहोर कलेक्टर को सौपा ज्ञापन। *लोकेशन सीहोर* हेमन्त त्रिपाठी *भारतीय किसान संघ ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, किसानों के धरने की बात के बाद मिले कलेक्टर* सीहोर में भारतीय किसान संघ (मध्यभारत प्रांत) ने किसानों की ज्वलंत समस्याओं को लेकर कलेक्टर कार्यालय में जोरदार प्रदर्शन किया।अनोखे अंदाज गायन के माध्यम से राखी किसानों ने समस्या शुरुआत में जब अन्य विभागीय अधिकारियों ने ज्ञापन लेने का प्रयास किया, तो किसान असंतुष्ट होकर कलेक्ट्रेट परिसर में ही धरने पर बैठ गए। किसानों की स्पष्ट मांग थी कि वे अपना ज्ञापन केवल कलेक्टर को ही सौंपेंगे। काफी बहस के बाद, किसानों की अटूट एकजुटता के आगे प्रशासन को झुकना पड़ा। आखिरकार, सीहोर कलेक्टर बालगुरु के. खुद किसानों से मिले किसान प्रतिनिधियों ने कलेक्टर के समक्ष ही ज्ञापन का वाचन किया। कलेक्टर बालगुरु के. ने किसानों की सभी समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना और उनकी मांगों का जल्द से जल्द समाधान करने का ठोस आश्वासन दिया। इस दौरान संभाग उपाध्यक्ष सहित जिला व तहसील कार्यकारिणी के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में क्षेत्र के किसान उपस्थित रहे।2
- दिव्यांगजनों ने 10 सूत्रीय मांगों को लेकर उठाई आवाज, पेंशन बढ़ाने से रोजगार और शिक्षा तक की मांग मध्य प्रदेश से रिपोर्टर देवेंद्र सिंह मीना दिव्यांग कल्याण एवं विकास परिषद की महत्वपूर्ण बैठक भोपाल में आयोजित हुई। बैठक में राष्ट्रीय एवं प्रदेश पदाधिकारियों के साथ विभिन्न जिलों के प्रतिनिधि शामिल हुए। इस दौरान दिव्यांगजनों की समस्याओं और 10 सूत्रीय मांगों को लेकर दिव्यांगजन आयुक्त डॉ. अजय खेमरिया एवं राज्य दिव्यांग आयोग के सदस्य राजेश शुक्ला के समक्ष अपनी बात रखी गई। परिषद ने सरकार से वर्तमान 600 रुपये मासिक पेंशन को बढ़ाकर 5 हजार रुपये करने, दिव्यांग छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा निशुल्क देने, निशुल्क उपचार, रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की मांग की। इसके साथ ही सरकारी दुकानों में 6 प्रतिशत आरक्षण, दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम-2016 को प्रभावी रूप से लागू करने, विशेष भर्ती अभियान को ऑनलाइन शुरू करने और प्रत्येक जिले में दिव्यांगजनों का वर्गवार सर्वे कर उनकी योग्यता के अनुसार रोजगार उपलब्ध कराने की मांग भी रखी गई। बैठक में 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले लोगों को स्वरोजगार के लिए वाहन उपलब्ध कराने सहित अन्य मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष हिम्मत सिंह तवर, राष्ट्रीय सचिव अजमेर सिंह पाल, राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष चंदा चौहान, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी सुखवेन्द्र दांगी, प्रदेश अध्यक्ष आरजी सोनी सहित विभिन्न पदाधिकारी मौजूद रहे। वहीं जिला भोपाल अध्यक्ष गुलाब सिंह मेवाड़ा, उपाध्यक्ष चंद्र सिंह मेवाड़ा, महिला खिलाड़ी राधा बडगूजर, सीमा वर्मा, सारिका दीदी, मनीषा राय, विष्णु दांगी, जिला सीहोर मीडिया प्रभारी पर्वत वर्मा और दिव्यांग सलाहकार एवं ई-सुविधा केंद्र संचालक अर्जुन कुलस्तिया सहित अन्य सदस्य भी बैठक में शामिल हुए। परिषद ने सरकार से दिव्यांगजनों की 10 सूत्रीय मांगों पर गंभीरता से विचार कर जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की है। संगठन का कहना है कि दिव्यांगजनों को केवल सहायता नहीं, बल्कि समान अवसर, सम्मान और आत्मनिर्भर बनने का अधिकार मिलना चाहिए। रिपोर्टर देवेन्द्र सिंह मीना1
- प्रसिद्ध संत कथावाचक पंडित कमल किशोर नागर जी को सुरक्षा व्यवस्था दी जाए भक्तों ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन प्रसिद्ध संत कथावाचक पंडित कमल किशोर नागर जी को सुरक्षा व्यवस्था दी जाए भक्तों ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन हरदा/टिमरनी-प्रसिद्ध कथावाचक, गौसेवक, परमश्रद्धेय पूज्य पंडित श्री कमलकिशोर जी नागर महाराज को सपरिवार जान से मारने की धमकी भरे पत्र देने वाले अज्ञात आरोपी की शीघ्र गिरफ्तारी, कठोर दण्डात्मक कार्यवाही और पूज्य गुरूदेव को सपरिवार सुरक्षा प्रदान करने हेतु सन्त नागर जी के भक्तों ने ज्ञापन दिया। परमपूज्य संत श्री पंडित कमलकिशोर जी नागर, गौरक्षा भागवत कथा एवं जनजागरण आदि कार्यों में निरन्तर सक्रिय रहते है पूज्य नागर जी महाराज द्वारा गौ तस्करी, धर्मांतरण आदि गतिविधियो के विरुद्ध जनजागरण एवं गौरक्षा के संबंध में सामाजिक एवं धार्मिक जागरूकता के कार्यक्रम आयोजित किये जाते है संत श्री नागरजी महाराज के सानिध्य में कई आदिवासी लोग धर्मांतरण करने रूक गये हैं और कई धर्मातरिक लोगो को पुनः हिन्दू धर्म में वापसी कराई गई। इसी कम में गौरक्षा एवं प्रसिद्ध भागवत कथा वाचक संत पूज्य श्री पंडित कमलकिशोर जी नागर द्वारा दिनांक 04.09.2026 को जिला झाबुआ के भुराडाबरा स्थित श्री गुरु कृपा शबरी गौशाला में श्रीकृष्ण जन्माष्ठमी महोत्सव पर रात्रिकालीन भब्य सतसंग आयोजित किया गया था इस कार्यकम के दौरान पूज्य गुरुदेव और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी भरा पत्र प्राप्त हुआ पत्र की भाषा एवं विषयवस्तु को देखते हुए यह मामला अत्यन्त गंभीर एवं सुरक्षा की दृष्टि से चिंताजनक प्रतीत होता हैं। प्राप्त पत्र में आरोपियो द्वारा गौरक्षण एवं लोकहितैषीजन जागरण कार्यों को बंद करने की धमकी देते हुए उन्हें एवं अनेक परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई। यह घटना एक संत के विरूद्ध नहीं बल्कि समस्त सनातन समाज और गौ भक्तो की भावनाओं पर कुठाराघात हैं चुकिं पूज्य गुरुदेव हमारे पूज्यनीय एवं सम्मानिय संत हैं। अतः इस धमकी भरे प्रत्र को पूरी गंभीरत से लिया जावे एवं इसकी निष्पक्ष जांच करवाकर पत्र भेजने वाले व्यक्ति की पहचान करवाकर उसके विरूद्ध ठोस आवश्यक दण्डात्मक वैधानिक कार्यवाही की जावे एवं पूज्य गुरुदेव नागर जी महाराज एवं उनके परिवार की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जावे।4