फरार आरोपी एवं वारंटियों के लिए चलाया गया काम्बिंग आपरेशन *फरार आरोपी एवं वारंटियों के लिए चलाया गया काम्बिंग आपरेशन* पुलिस अधीक्षक कटनी श्री अभिनय विश्वकर्मा के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डा. संतोष डेहरिया के मार्गदर्शन में जिले में विगत रात्रि काम्बिंग आपरेशन चलाया गया, आपरेशन की तैयारी एवं क्रियान्वयन हेतु पुलिस अधीक्षक श्री विश्वकर्मा द्वारा कन्ट्रोल रूम में आपरेशन में शामिल अधिकारियों की ब्रीफिंग की गई। आपरेशन में शामिल टीमः काम्बिंग आपरेशन दौरान थाना रीठी के आपराधिक डेरा बिरुहली एवं कुठला क्षेत्र में ग्राम खडोला डेरा में फरार आरोपियों तथा वारंटियों की तलाश में दबिश दी गई। दबिश हेतु उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय कटनी रत्नेश मिश्रा एवं नगर पुलिस अधीक्षक कटनी नेहा पच्चीसिया के नेतृत्व में 02 टीमों द्वारा, जिनमें निरीक्षक राजेन्द्र मिश्रा, मोहम्मद शाहिद, विजय विश्वकर्मा, अखलेश दाहिया, अनूप सिंह, शैलेन्द्र यादव, महिमा रघुवंशी, उपनिरीक्षक रूपेन्द्र राजपूत, किशोर द्विवेदी, रश्मि सोनकर, सिद्धार्थ राय, अनिल यादव, दिनेश चौहान, राजेश दुबे, नेहा मौर्य, प्रतीक्षा सिंह चंदेल, संतोष बड़गैयां, कृष्ण कुमार पटेल, अरुणपाल सिंह, मानसिंह मार्को, योगेश मिश्रा, दीपू कुशवाहा, सूबेदार संजीव रावत, अंजू लकड़ा तथा थाना कुठला, रीठी, एनकेजे, बस स्टैन्ड चौकी, पुलिस कार्यालय तथा रक्षित केन्द्र के करीब 100 के संख्या बल शामिल थे, सर्चिग आपरेशन किया गया। काम्बिंग आपरेशन में पहली बार ड्रोन का इस्तेमाल किया गया जिससे आरोपी भागनें में असफल रहे। ▫️सर्चिग आपरेशन में 15 संदिग्ध आरोपी एवं फरारी बदमाश पकड़े गए। ▫️बदमाशों से बरामदगीः 07 पेटी अवैध शराब का जखीरा बरामद किया गया । ▫️01 भरमार बंदूक, 02 कारतूस, 01 एयर गन तथा भारी मात्रा में धारदार हथियार बरामद किए गए। ▫️करीब 2500-3000 नकली सोनें के सिक्के बरामद किए गए। 15 संदिग्ध मोटरसाईकिल जप्त की गई। बदमाशों की पूर्व के लंबित अपराधों में गिरफ्तारी कर पूंछताछ, बरामदगी की कार्यवाही जारी है। पवन श्रीवास्तव जिला ब्यूरो,कटनी
फरार आरोपी एवं वारंटियों के लिए चलाया गया काम्बिंग आपरेशन *फरार आरोपी एवं वारंटियों के लिए चलाया गया काम्बिंग आपरेशन* पुलिस अधीक्षक कटनी श्री अभिनय विश्वकर्मा के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डा. संतोष डेहरिया के मार्गदर्शन में जिले में विगत रात्रि काम्बिंग आपरेशन चलाया गया, आपरेशन की तैयारी एवं क्रियान्वयन हेतु पुलिस अधीक्षक श्री विश्वकर्मा द्वारा कन्ट्रोल रूम में आपरेशन में शामिल अधिकारियों की ब्रीफिंग की गई। आपरेशन में शामिल टीमः काम्बिंग आपरेशन दौरान थाना रीठी के आपराधिक डेरा बिरुहली एवं कुठला क्षेत्र में ग्राम खडोला डेरा में फरार आरोपियों तथा वारंटियों की तलाश में दबिश दी गई। दबिश हेतु उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय कटनी रत्नेश मिश्रा एवं नगर पुलिस अधीक्षक कटनी नेहा पच्चीसिया के नेतृत्व में 02 टीमों द्वारा, जिनमें निरीक्षक राजेन्द्र मिश्रा, मोहम्मद शाहिद, विजय विश्वकर्मा, अखलेश दाहिया, अनूप सिंह, शैलेन्द्र यादव, महिमा रघुवंशी, उपनिरीक्षक रूपेन्द्र राजपूत, किशोर द्विवेदी, रश्मि सोनकर, सिद्धार्थ राय, अनिल यादव, दिनेश चौहान, राजेश दुबे, नेहा मौर्य, प्रतीक्षा सिंह चंदेल, संतोष बड़गैयां, कृष्ण कुमार पटेल, अरुणपाल सिंह, मानसिंह मार्को, योगेश मिश्रा, दीपू कुशवाहा, सूबेदार संजीव रावत, अंजू लकड़ा तथा थाना कुठला, रीठी, एनकेजे, बस स्टैन्ड चौकी, पुलिस कार्यालय तथा रक्षित केन्द्र के करीब 100 के संख्या बल शामिल थे, सर्चिग आपरेशन किया गया। काम्बिंग आपरेशन में पहली बार ड्रोन का इस्तेमाल किया गया जिससे आरोपी भागनें में असफल रहे। ▫️सर्चिग आपरेशन में 15 संदिग्ध आरोपी एवं फरारी बदमाश पकड़े गए। ▫️बदमाशों से बरामदगीः 07 पेटी अवैध शराब का जखीरा बरामद किया गया । ▫️01 भरमार बंदूक, 02 कारतूस, 01 एयर गन तथा भारी मात्रा में धारदार हथियार बरामद किए गए। ▫️करीब 2500-3000 नकली सोनें के सिक्के बरामद किए गए। 15 संदिग्ध मोटरसाईकिल जप्त की गई। बदमाशों की पूर्व के लंबित अपराधों में गिरफ्तारी कर पूंछताछ, बरामदगी की कार्यवाही जारी है। पवन श्रीवास्तव जिला ब्यूरो,कटनी
- ओलावृष्टि से किसानों की खड़ी पकी फसल पूरी तरह से बर्बाद खेतों में बैठकर किसान कर रहे सर्वे करने वालों का इंतजार उमरिया मानपुर तहसील अंतर्गत राजस्व मंडल चिल्हारी के राजस्व ग्राम चिल्हारी एवं बम्हनगमा में बुधवार की रात्रि लगभग 2 बजे अचानक बेमौसम बारिश के साथ ओला एवं तूफान से किसानों की खड़ी फसल गेहूं, चना,अरहर,की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है किसान चिंतित परेशान हैं किसानों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है ओला वृष्टि से प्रभावित क्षेत्र चिल्हारी का कुछ भाग एवं बम्हनगमा ग्राम है पीड़ित किसानों द्वारा तीन दिन बीत जाने के बाद भी प्रशासन द्वारा फसल नुकसान का आकलन करने कोई भी प्रशासनिक राजस्व अधिकारी आज तक नहीं पहुंचे, पीड़ित किसानों द्वारा जिला कलेक्टर शासन प्रशासन से गुहार लगाई है अधिकारी खेतों में पहुंचकर खराब हुई फसलों का सर्वे करा तुरंत मुआवजा राशि प्रदान की जाए जिससे किसान वह अपना जीवकोपार्जन एवं अगली खेती कर सके l1
- मैहर में तेज रफ्तार ऑटो का कहर: खड़ी कार से टकराकर पलटा, छात्रा गंभीर घायल, चालक मौके से फरार मैहर। शहर के व्यस्त काली माता चौक में आज सुबह एक बड़ा सड़क हादसा सामने आया। तेज रफ्तार से आ रहा एक बेलगाम ऑटो चालक नियंत्रण खो बैठा और सड़क किनारे खड़ी अल्टो कार से जा भिड़ा। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ऑटो पलट गया। हादसे में ऑटो में सवार स्कूल जा रही एक छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गई। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए छात्रा को तुरंत बाहर निकाला और जिला अस्पताल मैहर पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ऑटो चालक काफी तेज गति से वाहन चला रहा था, जिसके चलते वह वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और यह दुर्घटना हुई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हादसे के बाद ऑटो चालक मौके से फरार हो गया1
- Post by RAKES PRATAP SINGH SIKARWAR3
- वरिष्ठ अधिवक्ता का बड़ा आरोप? देखे पूरा वीडियो #sntnewspinch #adv #advocate #rti #righttoeducation1
- सीधी-रीवा | मध्य भारत न्यूज़ प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान मानवीय संवेदनाएं उस वक्त तार-तार हो गईं, जब अपना घर बचाने के लिए महिलाएं अधिकारियों के पैरों में गिरकर गिड़गिड़ाती रहीं। मामला सीधी-रीवा क्षेत्र का है, जहां अतिक्रमण हटाने या खुदाई की कार्रवाई के दौरान छह परिवारों के आशियाने पर संकट गहरा गया है। मलबे में तब्दील हुई जीवन भर की पूंजी 70 वर्षीय लक्ष्मीकांत द्विवेदी का दर्द किसी की भी आंखें नम कर सकता है। उन्होंने बताया कि कई बार आवेदन देने के बाद भी जब कार्रवाई नहीं रुकी, तो उन्होंने मजबूर होकर एसडीएम (SDM) के पैर पकड़ लिए। उन्होंने गुहार लगाई— "साहब! मेरा घर मत गिराइए, यही मेरा सब कुछ है।" लेकिन उनकी एक न सुनी गई और देखते ही देखते उनका घर मलबे के ढेर में बदल गया। असुरक्षित हुए मकान, कभी भी गिर सकते हैं मौके पर मौजूद महिलाओं का रो-रोकर बुरा हाल है। पीड़ित परिवारों का कहना है कि प्रशासन द्वारा चारों ओर खुदाई करवा दी गई है, जिससे बचे हुए मकान भी अब पूरी तरह असुरक्षित हो गए हैं। नींव कमजोर होने के कारण घरों के कभी भी गिरने का खतरा बना हुआ है, जिससे 6 परिवारों की जान जोखिम में है। "जहां कभी बच्चों की हंसी गूंजती थी, वहां अब सिर्फ धूल और सन्नाटा पसरा हुआ है।" — लक्ष्मीकांत द्विवेदी (पीड़ित) रिपोर्ट: ब्यूरो चीफ, मध्य भारत न्यूज़1
- राजेन्द्र भारती के मामले में विधि सम्मत कार्रवाई: मध्य प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर मध्य प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने मीडिया से चर्चा में कहा कि दतिया से निर्वाचित विधायक श्री राजेन्द्र भारती को माननीय विशेष जिला न्यायालय, नई दिल्ली ने तीन वर्ष के कारावास एवं 1 लाख रूपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई है। इस आदेश के उपरांत माननीय सर्वोच्च न्यायालय के 10 जुलाई, 2013 के आदेश का पालन करते हुए श्री राजेन्द्र भारती की सदस्यता 2 अप्रैल, 2026 से शून्य कर दी गई है। इस आदेश का पालन करते हुए विधानसभा सचिवालय ने एक स्थान रिक्त होने का गजट नोटिफिकेशन जारी किया है।लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 8 (3) का प्रावधान है कि यदि किसी व्यक्ति का दोषसिद्ध होने पर दो वर्ष या उससे अधिक की कारावास की सजा दी जाती है, तो वह दोषसिद्धि की तिथि से ही अयोग्य हो जाता है। श्री राजेंद्र भारती के मामले में 3 वर्ष की सजा होने से यह प्रावधान पूरी तरह लागू होता है तथा विधायक की सीट स्वतः रिक्त हो जाती है। अत: यह कार्रवाई विधि सम्मत हुई है। यह पहला मामला नहीं है जब यह कार्रवाई हुई है। पूर्व में भी श्रीमती आशा रानी सिंह की सदस्यता उन्हें 10 वर्ष की सज़ा होने पर इसी आधार समाप्त की गई थी। 2019 में प्रह्लाद लोधी की भी सदस्यता इसी प्रकार 2 वर्ष की सज़ा होने पर समाप्त की गई थी फिर वह हाई कोर्ट से स्थग्न ले आये थे तो उनकी सदस्यता बहाल की गई थी। एक प्रश्न के जवाब में श्री तोमर ने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष के रूप में उन्होंने सदैव दलगत राजनीति से ऊपर उठ कर कार्य किया है। विधानसभा के प्रमुख सचिव श्री अरविंद शर्मा गुरुवार रात दिल्ली से लौटे थे। वे गुरुवार रात को आवश्यक शासकीय कार्य करने के लिए सचिवालय आए थे। साथ में उनका स्टाफ भी था। रविवार 5 अप्रैल को विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष माननीय यज्ञदत्त शर्मा जी की जयंतीú समारोपूर्वक मनाई जाना है। शुक्रवार 3 अप्रैल को गुड फ्राडडे तथा 4 अप्रैल को शनिवार का अवकाश है। इस कारण सचिवालय 5 अप्रैल के आयोजन की तैयारी कर रहा था। श्री तोमर ने कहा कि अदालत के आदेश का पालन किया गया है। आगे भी न्यायालय जैसा निर्णय देगा हम वैसा पालन करेंगे।1
- **घंटाघर क्षेत्र में मंदिर के सामने शराब दुकान का विरोध, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन** कटनी। शहर के घंटाघर क्षेत्र में स्थित हनुमान मंदिर के ठीक सामने संचालित हो रही शराब दुकान को लेकर स्थानीय नागरिकों और व्यापारी वर्ग में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। इस संबंध में आज दिनांक 31 मार्च 2026 को जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर महोदय के समक्ष शिकायत आवेदन प्रस्तुत कर शीघ्र कार्रवाई की मांग की गई। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि उक्त शराब दुकान मंदिर के बेहद नजदीक संचालित हो रही है, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं। आरोप है कि कई लोग मंदिर के सामने ही बैठकर शराब का सेवन करते हैं और वहीं शराब की बोतलें व चकना के खाली पैकेट फेंक कर चले जाते हैं। इससे मंदिर में पूजा-अर्चना करने आने वाले श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, शराब दुकान से लगभग 10 फुट की दूरी पर श्री हनुमान जी का मंदिर, 40 फुट की दूरी पर मां काली जी का मंदिर एवं लगभग 35 मीटर की दूरी पर खेर माता मंदिर स्थित है। ऐसे धार्मिक क्षेत्र में शराब की दुकान होने से महिलाओं, बच्चों और राहगीरों को काफी असुविधा हो रही है। व्यापारी वर्ग का कहना है कि सुबह से लेकर रात तक यहां शराब पीने वालों का जमावड़ा लगा रहता है। कई बार शराब के नशे में लोग गाली-गलौज करते हैं और कांच की बोतलें फोड़ देते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। खासकर स्कूली बच्चों और महिलाओं को यहां से गुजरने में परेशानी होती है। आमजन और व्यापारियों ने चेतावनी दी है कि यदि इस स्थान पर शराब दुकान का संचालन जारी रहा या दोबारा अनुमति दी गई, तो वे इसके खिलाफ उग्र विरोध प्रदर्शन करेंगे और आवश्यकता पड़ने पर रोड जाम भी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी संभावित घटना या दुर्घटना की जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। फिलहाल, नागरिकों ने प्रशासन से जल्द से जल्द इस मामले में उचित कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि क्षेत्र में शांति और धार्मिक वातावरण बना रहे।1
- नौरोजाबाद में नल-जल योजना में बड़ा घोटाला! करोड़ों की योजना में भ्रष्टाचार का खेल, शिकायतों के बाद भी नहीं हुई जांच करोड़ों की योजना में भ्रष्टाचार का खेल जांच की मांग! नगर परिषद नौरोजाबाद में संचालित मुख्यमंत्री नल-जल योजना में भारी अनियमितताओं और संभावित भ्रष्टाचार के आरोप सामने आए हैं। स्थानीय नागरिकों द्वारा लगातार शिकायतें की जा रही हैं कि योजना के अंतर्गत पाइपलाइन बिछाने, सड़क खुदाई, निर्माण कार्य एवं सामग्री के उपयोग में गंभीर लापरवाही बरती जा रही है, जिससे शासन की करोड़ों रुपये की योजना पर सवाल खड़े हो गए हैं। सीएमओ, इंजीनियर और ठेकेदार पर मिलीभगत के आरोप नगरवासियों का आरोप है कि नगर परिषद नौरोजाबाद के जिम्मेदार अधिकारी, सीएमओ, इंजीनियर एवं ठेकेदार के बीच मिलीभगत के चलते कार्य मनमाने तरीके से किया जा रहा है। बिना तकनीकी मानकों और नियमों का पालन किए पाइपलाइन बिछाई जा रही है, जिससे भविष्य में पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने की संभावना बनी हुई है। नई और पुरानी सड़कों को खोदकर डाली जा रही पाइपलाइन, योजना पर खतरा डिंडोरी रोड सहित अन्य प्रमुख मार्गों पर पाइपलाइन डालने को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जानकारी के अनुसार, डिंडोरी रोड का निर्माण कार्य अभी पूर्ण नहीं हुआ है, लेकिन उससे पहले ही जुहिला नदी से लाई गई मुख्य सप्लाई पाइपलाइन बिछा दी गई है। ऐसे में जब सड़क का निर्माण होगा, तो पाइपलाइन को निकालना पड़ेगा या उसके क्षतिग्रस्त होने की पूरी संभावना बनी हुई है। इससे स्पष्ट है कि कार्य बिना उचित योजना और तकनीकी मानकों के किया जा रहा है, जिससे शासन की योजना को नुकसान पहुंच सकता है। शासन के पैसे खुलेआम दरुपयोग जिम्मेदार मौन नगर के अंदर भी कई स्थानों पर नई और पुरानी सड़कों को खोदकर पाइपलाइन डाली गई है और लगातार डाली जा रही है, जिससे सड़कों की स्थिति खराब हो रही है। नगर परिषद नौरोजाबाद जाने वाले मुख्य मार्ग को भी बीच सड़क से खोदकर पाइपलाइन बिछाई गई है, जो नियमों के विपरीत प्रतीत होता है। इस प्रकार के कार्यों से आम जनता को भारी परेशानी हो रही है और शासन के धन का भी दुरुपयोग हो रहा है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि इस नुकसान की भरपाई कौन करेगा — ठेकेदार या जिम्मेदार अधिकारी? जबकि नियमानुसार पहले पाइपलाइन बिछाकर उसके बाद सड़क निर्माण होना चाहिए। इसके उलट कार्य किए जाने से सड़कों की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है और सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है। बिना NOC के सड़क खुदाई, नियमों की खुली अनदेखी स्थानीय निवासी देवेंद्र प्यासी का कहना है कि राज्य मार्ग (हिंडोरी रोड) पर बिना सक्षम प्राधिकारी से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लिए ही सड़क को जगह-जगह तोड़कर पाइपलाइन डाली जा रही है, जो नियमों के विपरीत है। इस संबंध में उनके द्वारा लिखित शिकायत भी की गई है, लेकिन अब तक न जांच हुई और न ही कोई कार्रवाई, जिससे जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं इसी तरह SECL जुहिला क्षेत्र नौरोजाबाद से भी बिना कोई NOC लिए नगर परिषद नौरोजाबाद दौरा निर्माण कार्य और नल जल योजना का कम चल रहा है। शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार मौन इस पूरे मामले को लेकर संबंधित विभाग और अधिकारियों को अलग-अलग शिकायत आवेदन भी सौंपे गए हैं। पहला आवेदन नगर परिषद नौरोजाबाद के मुख्य नगर परिषद अधिकारी को दिया गया, जिसमें वर्ष 2016 से अधूरी पड़ी नल-जल योजना, गुणवत्ताहीन कार्य, बार-बार सड़कों की खुदाई, पाइपलाइन की खराब गुणवत्ता एवं आम नागरिकों को हो रही परेशानियों का उल्लेख करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की गई है। दूसरा आवेदन एम.पी.आर.डी.सी. (MPRDC) को दिया गया, जिसमें डिंडोरी राज्य मार्ग (हिंडोरी हाईवे) को बिना अनुमति एवं अनापत्ति प्रमाण पत्र के क्षतिग्रस्त कर पाइपलाइन बिछाने की शिकायत की गई है। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि सड़क को जगह-जगह तोड़कर अव्यवस्थित तरीके से पाइपलाइन डाली जा रही है, जिससे सड़क की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है और दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है। पाइप उखाड़कर ले गए कर्मचारी, पानी को तरसे लोग नगर के कृष्णा कॉलोनी एवं वार्ड क्रमांक 03 में बिछाई गई पाइपलाइन को ठेकेदार के कर्मचारियों द्वारा उखाड़कर ले जाने के आरोप भी सामने आए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले ही गड्ढा खोदकर पाइपलाइन कनेक्शन दिया गया था, लेकिन बाद में कर्मचारी आकर उसी पाइप को उखाड़कर ले गए।लोगों ने इसका विरोध भी किया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। लोगों का कहना है कि जब जिम्मेदार अधिकारी ही ठेकेदार को खुली छूट दे रहे हैं, तो आम जनता की परेशानी स्वाभाविक है। सवाल यह भी उठता है कि जिन घरों में कनेक्शन दिया गया था, उन्हें किस आदेश और नियम के तहत हटाया गया? भीषण गर्मी में लोगों को पानी से वंचित करना बेहद गंभीर मामला है नल तो लगा हुआ है लेकिन जल के लिए तरस रहे नगरवासी जल्दी पाइप लाइन जोड़ने की मांग कर रहे है और जिम्मेदार ठेकदार और उसके कर्मचारी के ऊपर कार्यवाही की वार्ड वासी मांग कर रहा है सीएम हेल्पलाइन 181 में भी शिकायत दर्ज मामले की गंभीरता को देखते हुए नागरिकों ने मध्य प्रदेश सरकार की सीएम हेल्पलाइन 181 में भी शिकायत दर्ज कराई है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इन बिंदुओं पर जांच की मांग नगरवासियों ने मांग की है कि पाइपलाइन में उपयोग की गई सामग्री की गुणवत्ता जांची जाए, किस वार्ड में कितने कनेक्शन दिए गए, इसका सत्यापन किया जाए, उपयोग की गई सामग्री और खर्च की जांच हो, सड़क खुदाई एवं निर्माण कार्य की तकनीकी जांच हो, ठेकेदार के बिल भुगतान एवं वित्तीय अनियमितताओं की जांच की जाए। जांच कर सख्त कार्रवाई की मांग रवासियों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी पाए जाने पर अधिकारी, इंजीनियर एवं ठेकेदार के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाए। स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि पूर्व में भी शिकायतें की गईं और पानी टंकी में लीकेज जैसी समस्याएं सामने आईं, लेकिन उसके बाद भी न ठेकेदार पर कोई कार्रवाई हुई और न ही उसे ब्लैकलिस्ट किया गया। इससे साफ प्रतीत होता है कि सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है और जिम्मेदार अधिकारी इस ओर गंभीर नहीं हैं। वही लोगों ने जिला प्रशासन और मध्य प्रदेश शासन द्वारा एक उच्चस्तरीय टीम गठित कर पूरे कार्य की तकनीकी जांच कराई जाए, जिसमें टेंडर प्रक्रिया, बिल भुगतान, पाइपलाइन बिछाने का कार्य, उपयोग की गई सामग्री एवं गुणवत्ता की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।1
- Post by भगवत सिंह लोधी पत्रकार1