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बाल विकास पुष्टाहार परियोजना कार्यक्रम में क्या बोले मुख्य अतिथि सहित जिम्मेदार रिपोर्टर शुभम साहू घाटमपुर घाटमपुर कस्बे के ब्लॉक परिसर घाटमपुर में बाल विकास पुष्टाहार परियोजना विभाग के द्वारा नव नियुक्त आंगनवाड़ी सहायिका नियुक्त पत्र वितरण पोषण पखवाड़ा और गर्भवती महिला गोदभराई कार्यक्रम किया गया जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक सरोज कुरील ब्लॉक प्रमुख इंद्रजीत सिंह कछवाहा मौजूद रहे।
Shubham sahu Reporter
बाल विकास पुष्टाहार परियोजना कार्यक्रम में क्या बोले मुख्य अतिथि सहित जिम्मेदार रिपोर्टर शुभम साहू घाटमपुर घाटमपुर कस्बे के ब्लॉक परिसर घाटमपुर में बाल विकास पुष्टाहार परियोजना विभाग के द्वारा नव नियुक्त आंगनवाड़ी सहायिका नियुक्त पत्र वितरण पोषण पखवाड़ा और गर्भवती महिला गोदभराई कार्यक्रम किया गया जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक सरोज कुरील ब्लॉक प्रमुख इंद्रजीत सिंह कछवाहा मौजूद रहे।
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- कानपुर नगर के नरवल तहसील क्षेत्र में स्थित बेहटा गम्भीरपुर गांव में सार्वजनिक उपयोग के लिए निर्धारित सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने इस संबंध में चौकी प्रभारी साढ़ को एक लिखित शिकायत दी है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि कुछ प्रभावशाली व्यक्तियों द्वारा गांव की सरकारी भूमि पर कब्जा कर निर्माण कार्य धड़ल्ले से जारी है। शिकायतकर्ताओं ने स्पष्ट किया है कि ग्राम समाज की भूमि, जिसका गाटा संख्या 596 बताया गया है, पर गैरकानूनी तरीके से कब्जा किया गया है। ग्रामीणों ने विकल यादव, छोटे यादव और मूलचंद यादव पर इस अवैध निर्माण को अंजाम देने का आरोप लगाया है। इस कब्जे के कारण गांव की सामान्य सुविधाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं और ग्राम समाज की भूमि का मौलिक स्वरूप भी बिगड़ रहा है। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और गहन जांच कराने की मांग की है। उनकी प्रमुख मांग है कि इस अवैध कब्जे को तत्काल प्रभाव से हटाया जाए और जो लोग इसमें दोषी पाए जाते हैं, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।2
- हमीरपुर जिले के मौदहा कोतवाली इलाके के खंडेह गांव में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ तालाब में नहाने गए तीन बच्चों की डूबने से मौत हो गई। बच्चों के तालाब में डूबने की सूचना पर ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे और तीनों बच्चों को बाहर निकाला। इसके बाद ग्रामीणों ने बच्चों को डॉक्टर को दिखाया। मौदहा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में चिकित्सकों की टीम ने प्राथमिक उपचार के बाद तीनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया। इस दुखद घटना के बाद बच्चों के परिजनों में गहरा हड़कंप मच गया है।4
- हमीरपुर में एक महिला ने अपने ससुरालियों पर अभद्रता करने, मारपीट कर घर से बाहर निकालने और उसके बेटे को जबरन छीनने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला ने इस संबंध में पुलिस थाना में तहरीर दी है। मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के लौड़ी थाना क्षेत्र के सरवई गांव की निवासी सीमा पत्नी वीरेंद्र वर्मा का विवाह आठ साल पहले बिवांर थाना क्षेत्र के अतरार गांव में हुआ था। उनके आठ साल का पुत्र आयुष और पांच साल की पुत्री है। महिला का आरोप है कि उसका राजमिस्त्री पति वीरेंद्र वर्मा आए दिन शराब के नशे में उसके साथ अभद्रता और मारपीट कर प्रताड़ित करता रहा है। उसने यह भी आरोप लगाया कि पति ने एक बार मिट्टी का तेल डालकर उसे आग लगाने की कोशिश भी की थी। इसके अलावा, सास, जेठ और ससुर ने भी उसके साथ मारपीट कर उसे घर से बाहर निकाल दिया। घर से निकाले जाने के बाद, महिला ने अपने भाई को बुलाकर मायके में शरण ली। बाद में, पति ने जबरन उसके पुत्र आयुष को छीनकर अपने घर ले गया और फोन पर उसे तलाक लेने की धमकी भी दी। इन घटनाओं से आहत होकर, महिला अपने भाई, पिता और मां के साथ थाना पहुंची और ससुरालियों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई। थानाध्यक्ष नंदराम प्रजापति ने बताया कि महिला द्वारा मिली तहरीर के आधार पर मामले की जांच की जाएगी और उसके ससुरालियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।1
- उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में थाना सासनी गेट इलाके से एक वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक व्यक्ति के साथ मारपीट की घटना सामने आई है, जिसे स्थानीय स्तर पर 'उजड़े चमन' के नाम से पहचाने जाने वाले यूट्यूबर के तौर पर बताया जा रहा है।1
- आज 25 मई, सोमवार को कानपुर के नेशनल मीडिया प्रेस क्लब में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान, पीड़ित भोलानाथ और श्रीमती विमला पाठक ने बताया कि बार-बार प्रार्थना पत्र देने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। उन्होंने वीडियो के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपनी आपबीती सुनाई, जिसमें मंदिर का कमरा बनाने के नाम पर लाखों की ठगी, मंदिर की जमीन कब्जाने का प्रयास और पुजारी को जान से मारने की धमकी जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। पीड़ितों ने प्रेस वार्ता के जरिए शासन-प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। यह मामला कानपुर के नवाबगंज थाना अंतर्गत आजाद नगर स्थित पत्थेश्वर मंदिर से जुड़ा है, जहाँ सैकड़ों वर्ष प्राचीन मंदिर की पुजारी श्रीमती विमला पाठक, जो भोलानाथ की पत्नी हैं, ने बताया कि उनका परिवार तीन पीढ़ियों से इस मंदिर प्रांगण की सेवा करता आ रहा है। मंदिर के पीछे एक कमरा था जिसकी छत टीन की थी। उनके पड़ोसी योगी मिश्रा ने प्रस्ताव दिया कि वह कम खर्च में टीन की छत की जगह पक्की छत डलवा देगा। पीड़िता इस पर सहमत हो गईं और उन्होंने ऑनलाइन माध्यम से 4,50,000/- रुपए योगी मिश्रा को दिए। छत डलवाने के बाद, योगी मिश्रा ने जमीन पर कब्जा करने की नीयत से मंदिर के कमरे का ताला तोड़कर अपना ताला लगा लिया और दावा किया कि यह जगह अब उसकी हो गई है। तब पीड़िता को अपने साथ हुई ठगी और धोखाधड़ी का एहसास हुआ। उन्होंने पुलिस प्रशासन को प्रार्थना पत्र दिया, जिसमें योगी मिश्रा पर साढ़े चार लाख रुपए की ठगी करने और दबंगई व गुंडई दिखाकर मंदिर की जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया। हालाँकि, पुलिस प्रशासन से आश्वासन तो मिला लेकिन कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई, जिससे दबंग योगी मिश्रा के हौसले बुलंद हैं। पीड़िता ने आरोप लगाया कि आए दिन अराजक तत्व गाड़ियों से आकर गाली गलौज करते हैं और मंदिर परिसर खाली कराने के लिए जान से मारने की धमकी देते हैं, हालांकि क्षेत्रीय लोगों के विरोध के कारण वे कब्जा करने में असफल रहते हैं। थाने से लेकर पुलिस आयुक्त तक सभी जगह प्रार्थना पत्र देने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं हुई है, यहाँ तक कि मंदिर के कमरे में रखा सामान भी उठा ले जाया गया है, जिसे वापस नहीं किया जा रहा है। पुजारी और उनके जान-माल को लगातार खतरा बना हुआ है, और चेतावनी दी गई है कि यदि पुजारी या उनके परिवार के साथ कोई घटना होती है, तो इसके लिए योगी मिश्रा ही दोषी होंगे। यह स्थिति एक बड़ा प्रश्नचिन्ह खड़ा करती है, क्योंकि उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के भू-माफिया को 'मिट्टी में मिला देने' के निर्देश के बावजूद, एक प्राचीन मंदिर पर कब्जा करने वाले के खिलाफ पुलिस प्रशासन द्वारा कोई कार्यवाही सुनिश्चित नहीं की गई। प्रेस वार्ता में यह सवाल उठाया गया कि जब सरकार सनातन धर्म की रक्षक होने का दावा करती है, तब भी सनातन धर्म ही सुरक्षित क्यों नहीं है। पीड़ितों का कहना है कि ऑनलाइन भुगतान के सभी सबूत और दो से तीन दर्जन क्षेत्रीय लोगों की गवाही उनके आरोपों को सही साबित करती है। पीड़ित मंदिर पुजारी ने न्यायहित में चेतावनी दी है कि यदि पुलिस प्रशासन उचित कार्यवाही नहीं करता है, तो वे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में शिकायत करेंगी और न्याय मांगेंगी, क्योंकि नेशनल मीडिया प्रेस क्लब के माध्यम से सूचना देने के बाद भी उनकी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है।1
- कानपुर में आईटीबीपी जवान का हाथ काटे जाने से जुड़े बहुचर्चित मामले की जाँच में एक नया मोड़ आया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) द्वारा गठित मेडिकल टीम की संशोधित जाँच रिपोर्ट में पारस अस्पताल और कृष्णा अस्पताल पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए गए हैं। रिपोर्ट में साफ तौर पर कहा गया है कि दोनों अस्पतालों द्वारा उपचार में अत्यधिक देरी की गई, जिसके कारण पीड़ित का हाथ काटना पड़ा। इस संबंध में, कानपुर नगर के पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि पहले प्राप्त मेडिकल रिपोर्ट निर्णायक नहीं थी और उसमें दोष का निर्धारण स्पष्ट रूप से नहीं किया गया था। इसके बाद, पुलिस ने मेडिकल टीम से बिंदुवार स्पष्टीकरण और जिम्मेदारी तय करते हुए एक संशोधित रिपोर्ट मांगी थी। संशोधित रिपोर्ट मिलने के बाद, पुलिस ने इलाज में हुई देरी को गंभीर चिकित्सीय लापरवाही मानते हुए दोनों अस्पतालों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस आयुक्त ने आईटीबीपी और पुलिस के बीच किसी भी प्रकार के विवाद या टकराव की खबरों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले की जाँच के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा और सीएमओ स्तर पर विस्तृत परीक्षण के लिए आईटीबीपी के कमांडेंट और मेडिकल ऑफिसर को पुलिस कार्यालय में आमंत्रित किया गया था। पुलिस के अनुसार, इस बैठक के दौरान आईटीबीपी अधिकारी बड़ी संख्या में बल के साथ पहुँचे थे, जिससे पुलिस कार्यालय के बाहर भारी बल की मौजूदगी के कारण मीडिया में गलत संदेश गया। इस पर कमांडेंट को तत्काल अतिरिक्त बल वापस भेजने का निर्देश दिया गया। पुलिस आयुक्त ने यह भी जानकारी दी कि पूरे प्रकरण की सूचना आईटीबीपी मुख्यालय और महानिदेशक को पत्र भेजकर दे दी गई है, साथ ही संबंधित स्तर पर विभागीय और अनुशासनात्मक जाँच कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का अनुरोध भी किया गया है।1
- आज, 25 मई 2026 को, समाजवादी पार्टी की वरिष्ठ नेत्री और बिल्हौर विधानसभा की पूर्व विधायक प्रत्याशी श्रीमती रचना सिंह गौतम ने शिवराजपुर विद्युत उपकेंद्र पहुँचकर अवर अभियंता (JE) शिवराजपुर को एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन शिवराजपुर क्षेत्र में हो रही अघोषित एवं भीषण बिजली कटौती के विरोध में दिया गया। श्रीमती रचना सिंह गौतम ने आरोप लगाया कि वर्तमान भाजपा सरकार के शासनकाल में शिवराजपुर सहित पूरी बिल्हौर विधानसभा में 12-14 घंटे की अघोषित बिजली कटौती हो रही है, जिससे भीषण गर्मी में किसान, छात्र, व्यापारी और आम जनता त्रस्त है। उन्होंने बताया कि किसानों की धान की नर्सरी सूख रही है, बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है, और बुजुर्गों एवं मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ज्ञापन के माध्यम से प्रमुख माँगें रखी गईं, जिनमें शिवराजपुर क्षेत्र में अघोषित बिजली कटौती को तत्काल प्रभाव से बंद करना; ग्रामीण क्षेत्रों में शासनादेश के अनुरूप 18 घंटे निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना; जले हुए ट्रांसफार्मरों को 24 घंटे के अंदर बदलना; और लो-वोल्टेज की समस्या का स्थायी समाधान करना शामिल है। श्रीमती गौतम ने चेतावनी दी कि यदि 7 दिन के अंदर विद्युत व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो समाजवादी पार्टी PDA के हजारों सिपाहियों के साथ सड़क पर उतरकर एक बड़ा आंदोलन करेगी, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी जिला प्रशासन एवं विद्युत विभाग की होगी। उन्होंने कहा कि बिल्हौर की 83,000 जनता ने जो जनादेश दिया है, उसकी आवाज को दबने नहीं दिया जाएगा। श्रीमती गौतम ने अखिलेश यादव जी की सरकार के दौरान 22 घंटे बिजली मिलने का हवाला देते हुए कहा कि आज भाजपा के राज में 8 घंटे भी बिजली नसीब नहीं हो रही है। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष विनय यादव, सहिर हुसैन (जिला उपाध्यक्ष), कपूर कटियार, प्रकाश कटियार, जितेंद्र सेनी, सभासद अरुण यादव, सभासद हबीब अली, पुनीत कटियार, बिंदा गौतम, शशिकांत पाल, राहुल यादव, आशीष कटियार, ब्लाक अध्यक्ष आरपी पाठक, सरदार टेलर (सेक्टर) तथा बड़ी संख्या में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता एवं क्षेत्रीय जनता उपस्थित रही।2
- हमीरपुर जिले के बिवांर थाना क्षेत्र के भुगैचा गांव में एक युवक पर उसके घर के बाहर चबूतरे में बैठे होने के दौरान तीन नशे में धुत युवकों ने लाठी-डंडों से हमला कर उसे घायल कर दिया। पीड़ित युवक अनिल कुमार रात करीब 11 बजे अपने घर के बाहर बैठा था, तभी गांव के उमेश (चिरंगी श्रीवास का पुत्र) और लाला (फक्कड़ का पुत्र) शराब के नशे में वहाँ आकर अभद्रता करने लगे और हंगामा मचाया। जब अनिल कुमार ने उन्हें रोका, तो शोर सुनकर रामकिशन (सुखलाल का पुत्र) भी आ गया, और तीनों ने मिलकर उस पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। हमलावर युवक अनिल कुमार को जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए। इस मामले में पीड़ित की मां ज्ञान देवी (जगराम प्रजापति की पत्नी) ने थाना बिवांर में तीनों हमलावर युवकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने घायल अनिल कुमार को छानी सीएचसी ले जाकर उसका डॉक्टरी परीक्षण कराया और उपचार दिलवाया। थानाध्यक्ष नंदराम प्रजापति ने बताया कि घायल युवक की मां की तहरीर के आधार पर धारा 115(2), 352, 351(3) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब तीनों आरोपियों की तलाश कर रही है और उनके खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।1