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*चित्रकूट विधानसभा के युवाओं की नजीर: बाढ़ पीड़ितों के निवाले के लिए संकटमोचक बने युवा कांग्रेस अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’,* सतना जिले की बिरसिंहपुर तहसील में आई भीषण आपदा और बाढ़ की इस कठिन घड़ी में युवा कांग्रेस चित्रकूट विधानसभा के अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’ अपने साथियों के साथ एक मिसाल बनकर उभरे हैं। उन्होंने राजनीति से ऊपर उठकर बाढ़ से प्रभावित हर जरूरतमंद और बेघर हुए परिवारों तक भरपेट भोजन पहुँचाने की कोशिश में निरंतर लगे हुए है। दिन-रात एक करके उनकी टीम धरातल पर डटी हुई है, ताकि आपदा के इस दौर में किसी भी बाढ़ पीड़ित को भूखे पेट न सोना पड़े। आपदा के समय युवाओं की यह पहल क्षेत्र में एक नई उम्मीद और राहत लेकर आई है।

20 hrs ago
user_उमेश पाठक सेमरिया रीवा
उमेश पाठक सेमरिया रीवा
सेमरिया, रीवा, मध्य प्रदेश•
20 hrs ago

*चित्रकूट विधानसभा के युवाओं की नजीर: बाढ़ पीड़ितों के निवाले के लिए संकटमोचक बने युवा कांग्रेस अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’,* सतना जिले की बिरसिंहपुर तहसील में आई भीषण आपदा और बाढ़ की इस कठिन घड़ी में युवा कांग्रेस चित्रकूट विधानसभा के अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’ अपने साथियों के साथ एक मिसाल बनकर उभरे हैं। उन्होंने राजनीति से ऊपर उठकर बाढ़ से प्रभावित हर जरूरतमंद और बेघर हुए परिवारों तक भरपेट भोजन पहुँचाने की कोशिश में निरंतर लगे हुए है। दिन-रात एक करके उनकी टीम धरातल पर डटी हुई है, ताकि आपदा के इस दौर में किसी भी बाढ़ पीड़ित को भूखे पेट न सोना पड़े। आपदा के समय युवाओं की यह पहल क्षेत्र में एक नई उम्मीद और राहत लेकर आई है।

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  • *चित्रकूट विधानसभा के युवाओं की नजीर: बाढ़ पीड़ितों के निवाले के लिए संकटमोचक बने युवा कांग्रेस अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’,* सतना जिले की बिरसिंहपुर तहसील में आई भीषण आपदा और बाढ़ की इस कठिन घड़ी में युवा कांग्रेस चित्रकूट विधानसभा के अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’ अपने साथियों के साथ एक मिसाल बनकर उभरे हैं। उन्होंने राजनीति से ऊपर उठकर बाढ़ से प्रभावित हर जरूरतमंद और बेघर हुए परिवारों तक भरपेट भोजन पहुँचाने की कोशिश में निरंतर लगे हुए है। दिन-रात एक करके उनकी टीम धरातल पर डटी हुई है, ताकि आपदा के इस दौर में किसी भी बाढ़ पीड़ित को भूखे पेट न सोना पड़े। आपदा के समय युवाओं की यह पहल क्षेत्र में एक नई उम्मीद और राहत लेकर आई है।
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    *चित्रकूट विधानसभा  के युवाओं की नजीर: बाढ़ पीड़ितों के निवाले के लिए संकटमोचक बने युवा कांग्रेस अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’,* 

सतना जिले की बिरसिंहपुर तहसील में आई भीषण आपदा और बाढ़ की इस कठिन घड़ी में युवा कांग्रेस चित्रकूट विधानसभा के अध्यक्ष अंकदेव सिंह ‘दिग्गी’ अपने साथियों के साथ एक मिसाल बनकर उभरे हैं। उन्होंने राजनीति से ऊपर उठकर बाढ़ से प्रभावित हर जरूरतमंद और बेघर हुए परिवारों  तक भरपेट भोजन पहुँचाने की कोशिश में निरंतर लगे हुए  है। दिन-रात एक करके उनकी टीम धरातल पर डटी हुई है, ताकि आपदा के इस दौर में किसी भी बाढ़ पीड़ित को भूखे पेट न सोना पड़े। आपदा के समय युवाओं की यह पहल क्षेत्र में एक नई उम्मीद और राहत लेकर आई है।
    user_उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    सेमरिया, रीवा, मध्य प्रदेश•
    20 hrs ago
  • आखिर जनता को कब तक बेवकूफ बनाते रहेंगे नेता लोग नही हो रहा आवागमन हाँथी दरवाजा खुटहA से हीराउँदि मार्ग मे पड़ने वाला हाँथी दरवाजा का रोड इतना ज्यादा खराब है की pooncho मत आने जाने वालों को इतना ज्यादा परेसानी है कि आये दिन मौत को दावत दे रही ये रोड 100metar se ज्यादा भी नहीं है पर इस 100 मीटर को पर करने मे 2kilomitar जितना टाइम खाता है अगर कोई नेता को खुद निकालाना हो तो पता चले
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    आखिर जनता को कब तक बेवकूफ बनाते रहेंगे नेता लोग नही हो रहा आवागमन हाँथी दरवाजा
खुटहA से हीराउँदि मार्ग मे पड़ने वाला हाँथी दरवाजा का रोड इतना ज्यादा खराब है की pooncho मत आने जाने वालों को इतना ज्यादा परेसानी है कि आये दिन मौत को दावत दे रही ये रोड 100metar se ज्यादा भी नहीं है पर इस 100 मीटर को पर करने मे 2kilomitar जितना टाइम खाता है अगर कोई नेता को खुद निकालाना हो तो पता चले
    user_Mahakal rudra Construction
    Mahakal rudra Construction
    Interior designer बीरसिंहपुर, सतना, मध्य प्रदेश•
    11 hrs ago
  • jawa sitalaha tamas nadi teji se bada hai kripiya sabadhan rahe surchit rahe jawa sitalaha tamas nadi teji se bada hai
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    jawa sitalaha tamas nadi teji se bada hai kripiya sabadhan rahe surchit rahe
jawa sitalaha tamas nadi teji se bada hai
    user_Rajesh Vishwakarma
    Rajesh Vishwakarma
    जावा, रीवा, मध्य प्रदेश•
    36 min ago
  • "रामपुर बाघेलान के वार्ड 11 में घरों में घुसा बारिश का पानी,मचा हड़कंप,, "सीएमओ पूजा द्विवेदी की तत्परता से भेजी गई JCB, तत्काल हुई पानी की निकासी, लोगों ने जताया आभार,, रामपुर बाघेलान/सतना तेज बारिश के चलते नगर परिषद रामपुर बाघेलान के वार्ड क्रमांक 11 में जलभराव की स्थिति बन गई। नाली जाम होने से बारिश का पानी लोगों के घरों में घुस गया,जिससे वार्ड वासियों में अफरा-तफरी मच गई,घटना की सूचना मिलते ही नगर परिषद सीएमओ सुश्री पूजा द्विवेदी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए संवेदनशीलता का परिचय दिया। सीएमओ ने तुरंत नगर परिषद की टीम और JCB मशीन को मौके पर भेजा "मौके पर पहुंची टीम,,राम विश्वास कुशवाहा और उनकी टीम के नेतृत्व में नालियों की सफाई कराकर जलभराव वाले स्थान से पानी की निकासी करवाई। करीब 1 घंटे की मशक्कत के बाद पानी का निकास हो सका और लोगों को राहत मिली। वार्ड वासियों ने सीएमओ पूजा द्विवेदी की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया है। सीएमओ "पूजा द्विवेदी ने कहा,,की नगरवासियों की समस्या हमारी प्राथमिकता है। सूचना मिलते ही टीम भेजकर पानी की निकासी कराई गई है। वार्ड 11 की नाली निर्माण का प्रस्ताव भी तैयार कराया जा रहा है,ताकि भविष्य में ऐसी समस्या न हो पूजा द्विवेदी,सीएमओ, नगर परिषद रामपुर बाघेलान।।
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    "रामपुर बाघेलान के वार्ड 11 में घरों में घुसा बारिश का पानी,मचा हड़कंप,,

"सीएमओ पूजा द्विवेदी की तत्परता से भेजी गई JCB, तत्काल हुई पानी की निकासी, लोगों ने जताया आभार,,
रामपुर बाघेलान/सतना तेज बारिश के चलते नगर परिषद रामपुर बाघेलान के वार्ड क्रमांक 11 में जलभराव की स्थिति बन गई। नाली जाम होने से बारिश का पानी लोगों के घरों में घुस गया,जिससे वार्ड वासियों में अफरा-तफरी मच गई,घटना की सूचना मिलते ही नगर परिषद सीएमओ सुश्री पूजा द्विवेदी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए संवेदनशीलता का परिचय दिया। सीएमओ ने तुरंत नगर परिषद की टीम और JCB मशीन को मौके पर भेजा "मौके पर पहुंची टीम,,राम विश्वास कुशवाहा और उनकी टीम के नेतृत्व में नालियों की सफाई कराकर जलभराव वाले स्थान से पानी की निकासी करवाई। करीब 1 घंटे की मशक्कत के बाद पानी का निकास हो सका और लोगों को राहत मिली। वार्ड वासियों ने सीएमओ पूजा द्विवेदी की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया है। सीएमओ "पूजा द्विवेदी ने कहा,,की  नगरवासियों की समस्या हमारी प्राथमिकता है। सूचना मिलते ही टीम भेजकर पानी की निकासी कराई गई है। वार्ड 11 की नाली निर्माण का प्रस्ताव भी तैयार कराया जा रहा है,ताकि भविष्य में ऐसी समस्या न हो पूजा द्विवेदी,सीएमओ, नगर परिषद रामपुर बाघेलान।।
    user_ऋषिकेश त्रिपाठी
    ऋषिकेश त्रिपाठी
    रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें देखिए, #जनसंपर्क_खबरें 🗓️ 2 सितम्बर 2026 मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें देखिए, #जनसंपर्क_खबरें 🗓️ 2 सितम्बर 2026 मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें देखिए, #जनसंपर्क_खबरें 🗓️ 2 सितम्बर 2026
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    मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें
देखिए, #जनसंपर्क_खबरें

🗓️ 2 सितम्बर 2026 
मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें
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🗓️ 2 सितम्बर 2026 

मध्यप्रदेश से जुड़ी आज की बड़ी खबरें
देखिए, #जनसंपर्क_खबरें
🗓️ 2 सितम्बर 2026
    user_रामदत्त दाहिया
    रामदत्त दाहिया
    Firefighter रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • सकरौहा में बारिश का कहर: घरों में घुसा तीन फीट पानी, दर्जनों कच्चे मकान धराशायी गृहस्थी बर्बाद, सड़कों और नालियों का मिटा नामोनिशान; ओवरफ्लो अमृत सरोवर ने बढ़ाई ग्रामीणों की मुसीबत मानिकपुर/चित्रकूट। लगातार हो रही बारिश ने मानिकपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत सकरौहा में ग्रामीणों की जिंदगी को बेहाल कर दिया है। गांव की सड़कें और गलियां जलमग्न हैं, वहीं कई घरों में करीब तीन फीट तक पानी भर गया है। कई दिनों से घरों में पानी भरे रहने के कारण दर्जनों कच्चे मकान भरभराकर गिर गए, जिससे गरीब ग्रामीणों की वर्षों की मेहनत से जुटाई गई गृहस्थी पलभर में बर्बाद हो गई। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने और अमृत सरोवर के ओवरफ्लो होने से बारिश का पानी घरों और रास्तों में जमा हो गया है। हालात यह हैं कि लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो गया है और ग्रामीणों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। ग्रामीण ओम प्रकाश विश्वकर्मा ने बताया कि लगातार बारिश के कारण तालाब ओवरफ्लो हो गया। गांव का पानी बाहर निकालने के लिए पर्याप्त नाली नहीं होने से पानी घरों में भरता रहा। कई दिनों तक पानी भरे रहने के कारण उनका कच्चा मकान कमजोर होकर आखिरकार गिर गया। उनका कहना है कि यदि समय रहते जिम्मेदार अधिकारी-कर्मचारियों ने जल निकासी की उचित व्यवस्था कर दी होती तो शायद यह स्थिति पैदा नहीं होती। बताया गया कि पंकज, केशव, राजेश, रामबाबू, सुशील पाण्डेय, रमेश पाण्डेय, घनश्याम सेन, चंद्रपाल, तीरथ, छोटा, कलुवा, मंगल समेत कई ग्रामीणों के घर भी कई दिनों तक पानी में डूबे रहने के कारण क्षतिग्रस्त होकर गिर गए हैं। मलबे में तब्दील हुई गृहस्थी, मदद की आस में ग्रामीण मकान गिरने से ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ा संकट आशियाने और गृहस्थी बचाने का खड़ा हो गया है। घरों में रखा अनाज, कपड़े, बिस्तर, घरेलू सामान समेत जरूरी सामग्री पानी और मलबे की भेंट चढ़ गई। गरीब परिवारों के लिए यह नुकसान किसी बड़ी त्रासदी से कम नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि बारिश प्राकृतिक आपदा हो सकती है, लेकिन जल निकासी की व्यवस्था करना जिम्मेदार तंत्र की जिम्मेदारी है। यदि समय रहते नालियों और पानी की निकासी का इंतजाम किया गया होता तो कई परिवारों को अपना घर और गृहस्थी नहीं गंवानी पड़ती। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर क्षति का सर्वे कराने, जल निकासी की व्यवस्था कराने, प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराने तथा मकान गिरने से हुए नुकसान का उचित मुआवजा एवं सरकारी सहायता दिलाने की मांग की है। बड़ा सवाल: जल निकासी की व्यवस्था क्यों नहीं हुई? सकरौहा में बारिश के बाद पैदा हुए हालात ने गांव की जल निकासी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यदि गांव में समय रहते नालियों और जल निकासी की व्यवस्था होती तो बारिश का पानी इस तरह घरों में नहीं घुसता। अब देखना यह है कि दर्जनों परिवारों के आशियाने उजड़ने के बाद जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचकर राहत पहुंचाते हैं या फिर ग्रामीण इसी तरह पानी और मलबे के बीच मदद की बाट जोहते रहेंगे।
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    सकरौहा में बारिश का कहर: घरों में घुसा तीन फीट पानी, दर्जनों कच्चे मकान धराशायी

गृहस्थी बर्बाद, सड़कों और नालियों का मिटा नामोनिशान; ओवरफ्लो अमृत सरोवर ने बढ़ाई ग्रामीणों की मुसीबत

मानिकपुर/चित्रकूट। लगातार हो रही बारिश ने मानिकपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत सकरौहा में ग्रामीणों की जिंदगी को बेहाल कर दिया है। गांव की सड़कें और गलियां जलमग्न हैं, वहीं कई घरों में करीब तीन फीट तक पानी भर गया है। कई दिनों से घरों में पानी भरे रहने के कारण दर्जनों कच्चे मकान भरभराकर गिर गए, जिससे गरीब ग्रामीणों की वर्षों की मेहनत से जुटाई गई गृहस्थी पलभर में बर्बाद हो गई।
ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने और अमृत सरोवर के ओवरफ्लो होने से बारिश का पानी घरों और रास्तों में जमा हो गया है। हालात यह हैं कि लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो गया है और ग्रामीणों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।
ग्रामीण ओम प्रकाश विश्वकर्मा ने बताया कि लगातार बारिश के कारण तालाब ओवरफ्लो हो गया। गांव का पानी बाहर निकालने के लिए पर्याप्त नाली नहीं होने से पानी घरों में भरता रहा। कई दिनों तक पानी भरे रहने के कारण उनका कच्चा मकान कमजोर होकर आखिरकार गिर गया। उनका कहना है कि यदि समय रहते जिम्मेदार अधिकारी-कर्मचारियों ने जल निकासी की उचित व्यवस्था कर दी होती तो शायद यह स्थिति पैदा नहीं होती।
बताया गया कि पंकज, केशव, राजेश, रामबाबू, सुशील पाण्डेय, रमेश पाण्डेय, घनश्याम सेन, चंद्रपाल, तीरथ, छोटा, कलुवा, मंगल समेत कई ग्रामीणों के घर भी कई दिनों तक पानी में डूबे रहने के कारण क्षतिग्रस्त होकर गिर गए हैं।
मलबे में तब्दील हुई गृहस्थी, मदद की आस में ग्रामीण
मकान गिरने से ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ा संकट आशियाने और गृहस्थी बचाने का खड़ा हो गया है। घरों में रखा अनाज, कपड़े, बिस्तर, घरेलू सामान समेत जरूरी सामग्री पानी और मलबे की भेंट चढ़ गई। गरीब परिवारों के लिए यह नुकसान किसी बड़ी त्रासदी से कम नहीं है।
ग्रामीणों का कहना है कि बारिश प्राकृतिक आपदा हो सकती है, लेकिन जल निकासी की व्यवस्था करना जिम्मेदार तंत्र की जिम्मेदारी है। यदि समय रहते नालियों और पानी की निकासी का इंतजाम किया गया होता तो कई परिवारों को अपना घर और गृहस्थी नहीं गंवानी पड़ती।
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर क्षति का सर्वे कराने, जल निकासी की व्यवस्था कराने, प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराने तथा मकान गिरने से हुए नुकसान का उचित मुआवजा एवं सरकारी सहायता दिलाने की मांग की है।
बड़ा सवाल: जल निकासी की व्यवस्था क्यों नहीं हुई?
सकरौहा में बारिश के बाद पैदा हुए हालात ने गांव की जल निकासी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यदि गांव में समय रहते नालियों और जल निकासी की व्यवस्था होती तो बारिश का पानी इस तरह घरों में नहीं घुसता।
अब देखना यह है कि दर्जनों परिवारों के आशियाने उजड़ने के बाद जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचकर राहत पहुंचाते हैं या फिर ग्रामीण इसी तरह पानी और मलबे के बीच मदद की बाट जोहते रहेंगे।
    user_अजय पाण्डेय पत्रकार
    अजय पाण्डेय पत्रकार
    मानिकपुर, चित्रकूट, उत्तर प्रदेश•
    10 hrs ago
  • *अल्ट्राटेक के खिलाफ युवाओं की हुंकार* *दिलीप दुबे के नेतृत्व में भारी बारिश के बीच प्लांट गेट पर डटे सैकड़ों युवा, छह सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन* मैहर। अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट के खिलाफ युवाओं का आंदोलन सोमवार को जोरदार तरीके से सामने आया। युवा नेता दिलीप दुबे के नेतृत्व में सैकड़ों युवाओं ने भारी बारिश के बावजूद प्लांट गेट पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। युवाओं ने स्थानीय रोजगार, ओवरलोडिंग सहित छह सूत्रीय मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन और प्रशासन के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की। बारिश लगातार जारी रहने के बावजूद प्रदर्शनकारी प्लांट गेट पर डटे रहे। युवाओं का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से औद्योगिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं, लेकिन स्थानीय युवाओं को रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं मिल पा रहे हैं। उनका आरोप है कि स्थानीय स्तर पर रोजगार और अन्य सुविधाओं में क्षेत्र के युवाओं को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। *ओवरलोडिंग का भी उठाया मुद्दा* प्रदर्शन के दौरान ओवरलोड वाहनों की आवाजाही का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। युवाओं का कहना है कि भारी वाहनों की आवाजाही और कथित ओवरलोडिंग से सड़क सुरक्षा प्रभावित होने के साथ ही आम लोगों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। प्रदर्शनकारियों ने संबंधित विभागों से इस दिशा में प्रभावी कार्रवाई की मांग की। *छह सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन* दिलीप दुबे के नेतृत्व में युवाओं ने छह सूत्रीय मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन के समक्ष अपनी बात रखी। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उनकी मांगें क्षेत्र के युवाओं और स्थानीय लोगों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों से संबंधित हैं। इन मांगों पर कंपनी और प्रशासन को गंभीरता से विचार कर ठोस कदम उठाने चाहिए। भारी बारिश के बीच भी बड़ी संख्या में युवाओं की मौजूदगी से आंदोलन को लेकर चर्चा तेज हो गई। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक पहल नहीं होती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जा सकता है। युवाओं ने प्रशासन से मांग की कि कंपनी प्रबंधन और स्थानीय प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं का समाधान कराया जाए, ताकि क्षेत्र में रोजगार, परिवहन और अन्य स्थानीय मुद्दों को लेकर बनी नाराजगी दूर हो सके।
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    *अल्ट्राटेक के खिलाफ युवाओं की हुंकार*

*दिलीप दुबे के नेतृत्व में भारी बारिश के बीच प्लांट गेट पर डटे सैकड़ों युवा, छह सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन*

मैहर। अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट के खिलाफ युवाओं का आंदोलन सोमवार को जोरदार तरीके से सामने आया। युवा नेता दिलीप दुबे के नेतृत्व में सैकड़ों युवाओं ने भारी बारिश के बावजूद प्लांट गेट पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। युवाओं ने स्थानीय रोजगार, ओवरलोडिंग सहित छह सूत्रीय मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन और प्रशासन के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की।
बारिश लगातार जारी रहने के बावजूद प्रदर्शनकारी प्लांट गेट पर डटे रहे। युवाओं का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से औद्योगिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं, लेकिन स्थानीय युवाओं को रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं मिल पा रहे हैं। उनका आरोप है कि स्थानीय स्तर पर रोजगार और अन्य सुविधाओं में क्षेत्र के युवाओं को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। *ओवरलोडिंग का भी उठाया मुद्दा*
प्रदर्शन के दौरान ओवरलोड वाहनों की आवाजाही का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। युवाओं का कहना है कि भारी वाहनों की आवाजाही और कथित ओवरलोडिंग से सड़क सुरक्षा प्रभावित होने के साथ ही आम लोगों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। प्रदर्शनकारियों ने संबंधित विभागों से इस दिशा में प्रभावी कार्रवाई की मांग की। *छह सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन*
दिलीप दुबे के नेतृत्व में युवाओं ने छह सूत्रीय मांगों को लेकर कंपनी प्रबंधन के समक्ष अपनी बात रखी। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उनकी मांगें क्षेत्र के युवाओं और स्थानीय लोगों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों से संबंधित हैं। इन मांगों पर कंपनी और प्रशासन को गंभीरता से विचार कर ठोस कदम उठाने चाहिए। भारी बारिश के बीच भी बड़ी संख्या में युवाओं की मौजूदगी से आंदोलन को लेकर चर्चा तेज हो गई। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक पहल नहीं होती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जा सकता है। युवाओं ने प्रशासन से मांग की कि कंपनी प्रबंधन और स्थानीय प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं का समाधान कराया जाए, ताकि क्षेत्र में रोजगार, परिवहन और अन्य स्थानीय मुद्दों को लेकर बनी नाराजगी दूर हो सके।
    user_उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    उमेश पाठक सेमरिया रीवा
    सेमरिया, रीवा, मध्य प्रदेश•
    21 hrs ago
  • देवतालाब में दर्दनाक हादसा: तेज बहाव में 12 वर्षीय किशोर बहा, तलाश जारी* मऊगंज। देवतालाब विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत हटवा सोरौहान में भारी बारिश के चलते नदी का *देवतालाब में दर्दनाक हादसा: तेज बहाव में 12 वर्षीय किशोर बहा, तलाश जारी* मऊगंज। देवतालाब विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत हटवा सोरौहान में भारी बारिश के चलते नदी का जलस्तर बढ़ गया। इसी दौरान हटवा निवासी सेन परिवार का 12 वर्षीय किशोर नदी के तेज बहाव में बह गया। किशोर के नदी में बहने की सूचना मिलते ही प्रशासन को जानकारी दी गई। सूचना मिलते ही एसडीओपी सच्ची पाठक, एसपी सुरेंद्र जैन, कलेक्टर संजय जैन, तहसीलदार और थाना प्रभारी सहित पुलिस बल प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। वही कांग्रेस से देवतालाब प्रत्यासी रहे पदमेश गौतम मौके पर पहुंचे घटना की जानकारी ली। वहीं SDERF की राहत एवं बचाव टीम भी मौके पर पहुंच गई है। टीम द्वारा नदी के तेज बहाव और खराब मौसम के बीच किशोर की तलाश के लिए लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। फिलहाल 12 वर्षीय किशोर का कोई पता नहीं चल सका है। नदी में उसकी तलाश लगातार जारी है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं पूरे क्षेत्र में चिंता और मातम का माहौल बना हुआ है। *सावधानी* ⚠️ बारिश का कहर जारी है, नदी-नाले उफान पर हैं। ऐसे में सभी लोगों से अपील है कि किसी भी तेज बहाव वाले रास्ते, नदी, नाले या पुल-पुलिया को पार करने की कोशिश न करें। पानी का बहाव कम होने का इंतजार करें और बच्चों को ऐसे स्थानों से दूर रखें। एक छोटी सी लापरवाही जिंदगी पर भारी पड़ सकती है। सुरक्षित रहें, सावधान रहें। #mauganjnews #MPNews
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    देवतालाब में दर्दनाक हादसा: तेज बहाव में 12 वर्षीय किशोर बहा, तलाश जारी* मऊगंज। देवतालाब विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत हटवा सोरौहान में भारी बारिश के चलते नदी का
*देवतालाब में दर्दनाक हादसा: तेज बहाव में 12 वर्षीय किशोर बहा, तलाश जारी* 
मऊगंज। देवतालाब विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत हटवा सोरौहान में भारी बारिश के चलते नदी का जलस्तर बढ़ गया। इसी दौरान हटवा निवासी सेन परिवार का 12 वर्षीय किशोर नदी के तेज बहाव में बह गया।
किशोर के नदी में बहने की सूचना मिलते ही प्रशासन को जानकारी दी गई। सूचना मिलते ही एसडीओपी सच्ची पाठक, एसपी सुरेंद्र जैन, कलेक्टर संजय जैन, तहसीलदार और थाना प्रभारी सहित पुलिस बल प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। वही कांग्रेस से देवतालाब प्रत्यासी रहे पदमेश गौतम मौके पर पहुंचे घटना की जानकारी ली।
वहीं SDERF की राहत एवं बचाव टीम भी मौके पर पहुंच गई है। टीम द्वारा नदी के तेज बहाव और खराब मौसम के बीच किशोर की तलाश के लिए लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
फिलहाल 12 वर्षीय किशोर का कोई पता नहीं चल सका है। नदी में उसकी तलाश लगातार जारी है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं पूरे क्षेत्र में चिंता और मातम का माहौल बना हुआ है।
*सावधानी* 
⚠️ बारिश का कहर जारी है, नदी-नाले उफान पर हैं। ऐसे में सभी लोगों से अपील है कि किसी भी तेज बहाव वाले रास्ते, नदी, नाले या पुल-पुलिया को पार करने की कोशिश न करें। पानी का बहाव कम होने का इंतजार करें और बच्चों को ऐसे स्थानों से दूर रखें।
एक छोटी सी लापरवाही जिंदगी पर भारी पड़ सकती है। सुरक्षित रहें, सावधान रहें।
#mauganjnews #MPNews
    user_सोशल मीडिया पंडित विकास पत्रका
    सोशल मीडिया पंडित विकास पत्रका
    हुजूर, रीवा, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
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