*कौशाम्बी | नियमों को ताक पर रखकर शराब बिक्री, जिम्मेदार मौन क्यों?* *कौशांबी संदेश संवाददाता* थाना सैनी क्षेत्र के कमासिन–सयारा मार्ग स्थित देसी शराब की दुकान पर तय समय से काफी पहले शराब की बिक्री किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ₹75 की देसी शराब खुलेआम ₹90 में बेची जा रही है, जो न सिर्फ नियमों का उल्लंघन है बल्कि आम जनता की जेब पर सीधा डाका भी है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि सुबह-सुबह शराब उपलब्ध होने से नशाखोरी तेजी से बढ़ रही है। क्षेत्र में आए दिन झगड़े, घरेलू कलह और असामाजिक गतिविधियों में इजाफा देखा जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार महकमा आंख मूंदे बैठा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि “इस दुकान को लेकर कई बार शिकायतें की गईं, मीडिया में बार-बार खबरें प्रकाशित हुईं, फिर भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।” यह सवाल अब आम लोगों के मन में उठने लगा है कि— क्या दुकान संचालक को किसी का संरक्षण प्राप्त है? क्या आबकारी विभाग और स्थानीय पुलिस को सब कुछ दिखते हुए भी नहीं दिख रहा? या फिर कार्रवाई न होने के पीछे कोई अनकहा गठजोड़ है? नियमों के अनुसार शराब बिक्री का निर्धारित समय तय है और ओवररेटिंग पूरी तरह गैरकानूनी है। इसके बावजूद खुलेआम नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं, जो प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर बड़ा प्रश्नचिह्न खड़ा करती हैं। अब देखना यह होगा कि जिला आबकारी अधिकारी, पुलिस प्रशासन और उच्च अधिकारी इस गंभीर मामले को संज्ञान में लेकर कब तक कार्रवाई करते हैं, या फिर यह मामला भी अन्य शिकायतों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा।
*कौशाम्बी | नियमों को ताक पर रखकर शराब बिक्री, जिम्मेदार मौन क्यों?* *कौशांबी संदेश संवाददाता* थाना सैनी क्षेत्र के कमासिन–सयारा मार्ग स्थित देसी शराब की दुकान पर तय समय से काफी पहले शराब की बिक्री किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ₹75 की देसी शराब खुलेआम ₹90 में बेची जा रही है, जो न सिर्फ नियमों का उल्लंघन है बल्कि आम जनता की जेब पर सीधा डाका भी है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि सुबह-सुबह शराब उपलब्ध होने से नशाखोरी तेजी से बढ़ रही है। क्षेत्र में आए दिन झगड़े, घरेलू कलह और असामाजिक गतिविधियों में इजाफा देखा जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार महकमा आंख मूंदे बैठा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि “इस दुकान को लेकर कई बार शिकायतें की गईं, मीडिया में बार-बार खबरें प्रकाशित हुईं, फिर भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।” यह सवाल अब आम लोगों के मन में उठने लगा है कि— क्या दुकान संचालक को किसी का संरक्षण प्राप्त है? क्या आबकारी विभाग और स्थानीय पुलिस को सब कुछ दिखते हुए भी नहीं दिख रहा? या फिर कार्रवाई न होने के पीछे कोई अनकहा गठजोड़ है? नियमों के अनुसार शराब बिक्री का निर्धारित समय तय है और ओवररेटिंग पूरी तरह गैरकानूनी है। इसके बावजूद खुलेआम नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं, जो प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर बड़ा प्रश्नचिह्न खड़ा करती हैं। अब देखना यह होगा कि जिला आबकारी अधिकारी, पुलिस प्रशासन और उच्च अधिकारी इस गंभीर मामले को संज्ञान में लेकर कब तक कार्रवाई करते हैं, या फिर यह मामला भी अन्य शिकायतों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा।
- *जब पत्रकार ही अपमानित हुआ, तो आम जनता की सुनवाई कैसी? कौशाम्बी बिजली विभाग के SDO पर अभद्र व्यवहार के गंभीर आरोप* *कौशाम्बी। जनपद के बेनीरामकटरा क्षेत्र में बिजली विभाग के उपखण्ड अधिकारी (SDO) विनय कुमार सिंह का व्यवहार इन दिनों सवालों के घेरे में है। आरोप है कि वह न केवल आम उपभोक्ताओं के साथ दुर्व्यवहार करते हैं, बल्कि शिकायत लेकर पहुंचे पत्रकारों से भी अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं। ऐसे में सवाल उठना स्वाभाविक है कि जब पत्रकार के साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है, तो आम जनता की समस्याओं को वह किस तरह सुनते होंगे।* *स्थानीय उपभोक्ताओं का कहना है कि जब भी वे बिजली संबंधी शिकायत लेकर SDO कार्यालय पहुंचते हैं, तो उन्हें समाधान के बजाय अपमान का सामना करना पड़ता है।अधिकारी कथित तौर पर फरियादियों से कहते हैं कि “मेरे पास समय नहीं है” और उन्हें उल्टा-सीधा बोलकर कार्यालय से बाहर निकाल देते हैं। घटना उस समय और गंभीर हो गई, जब एक पत्रकार किसी उपभोक्ता की समस्या लेकर SDO के पास पहुंचे। आरोप है कि SDO विनय कुमार सिंह ने पत्रकार और फरियादी को कार्यालय से बाहर निकलने को कहा और यह भी कह दिया कि “ये मेरा काम नहीं है।” इतना ही नहीं, उन्होंने कथित तौर पर यह भी कहा कि “जहां जो करना है, कर लो।” इस व्यवहार से न केवल पत्रकार बल्कि वहां मौजूद लोग भी स्तब्ध रह गए। जनता का कहना है कि बिजली विभाग जैसे संवेदनशील विभाग में कार्यरत अधिकारी का ऐसा रवैया सरकारी सेवा की गरिमा को ठेस पहुंचाता है। आम लोगों का आरोप है कि अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से बचते हुए शिकायतों को गंभीरता से नहीं लेते, जिससे उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने उच्च अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारी पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे। अब सवाल यह है कि क्या बिजली विभाग के जिम्मेदार अधिकारी जनता की आवाज सुनेंगे, या फिर सत्ता और पद का घमंड आम जनता की उम्मीदों को कुचलता रहेगा?*2
- *प्रयागराज में टायर दुकान पर हिंसक हमला, 25 लोगों पर गंभीर आरोप:घटना का सीसीटीवी फुटेज भी मौजूद।* *प्रयागराज, 4 फरवरी 2026:* शहर के स्पीड चौराहा स्थित एक टायर दुकान के मालिक राहुल गुप्ता ने पुलिस में गंभीर आरोप लगाए हैं कि उनके व्यवसाय पर *सुशील कुमार पांडेय, राहुल मिश्रा, आलोक मिश्रा व उनके लगभग 25 सहयोगियों* ने मिलकर बर्बर हमला किया, कर्मचारियों के साथ मारपीट की, जातीय गालियाँ दीं, दुकान लूट ली तथा जान-माल के लिए धमकियाँ दीं। *घटना का क्रम:* 📌 पुलिस को दी गई शिकायत में बताया गया है कि 15 जनवरी 2026 को दोपहर लगभग 2 बजे सुशील पांडेय व एक साथी आए और दुकान के कर्मचारी मुकेश के साथ मारपीट की। पांडेय ने धमकी दी कि यदि टायर तथा पैसे नहीं दिए गए तो झूठे मुकदमे में फँसा दिया जाएगा। 📌 आरोप है कि पांडेय व उसके साथियों ने कर्मचारियों को डरा-धमकाया और वहाँ से चले गए और भविष्य में वापस आकर जबरन वसूली की चेतावनी दी। 📌 *आज 4 फरवरी को लगभग शाम 4:30 बजे, वही गुट फिर दुकान पर आया।* सभी ने दुकान में घुसकर गाली-गलौज कर कर्मचारियों को मारपीट कर लहूलुहान कर दिया और फिर से अश्लील तथा जातिवादी शब्दों का प्रयोग किया। कर्मचारी अजय कुमार को बंधक बनाकर उसे मारा पीटा गया। 📌 घटना स्थल पर जब दुकान मालिक राहुल के बड़े भाई अनिल गुप्ता पहुँचे तो उनके साथ भी मारपीट की गई तथा जातिसूचक अपशब्दों का प्रयोग किया गया। 📌 *दुकान से नकद, टूल्स, रिम-टायर समेत लगभग ₹70,000 मूल्य के सामान लूट लिए गए।* शिकायतकर्ता की मांग: राहुल गुप्ता ने थाना सिविल लाइंस, प्रयागराज में सुसंगत धाराओं के अंतर्गत सुषील पांडेय, राहुल मिश्रा, आलोक मिश्रा और उनके 25 सहयोगियों के विरुद्ध गाली-गलौज, मारपीट, बंधक बनाना, जान से मारने की धमकी, जबरन वसूली और लूट के आरोपों में कठोर कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।1
- कौशाम्बी...विश्व कैन्सर दिवस पर ए0एस0एम0सी0 कौशाम्बी में भव्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित ब्यूरो रिपोर्ट सुनील साहू वैधयत ख़बर हिन्दी दैनिक PRIME 18 NEWS विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर 04 फरवरी 2026 को स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय कौशाम्बी में एक भव्य कैंसर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन को कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के प्रति जागरूक करना, इसके प्रारंभिक लक्षणों की पहचान तथा समय पर जांच और उपचार के महत्व को समझाना रहा। कार्यक्रम की शुरुआत जागरूकता संबोधन से हुई, जिसमें प्रधानाचार्य डा0 हरिओम कुमार सिंह ने कैंसर के बढ़ते मामलों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जानकारी की कमी और देर से पहचान कैंसर से होने वाली मृत्यु का प्रमुख कारण है। उन्होंने बताया कि कैंसर कोई लाइलाज बीमारी नहीं है, बशर्ते इसकी समय रहते पहचान कर उचित इलाज कराया जाए। और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। साथ ही संतुलित आहार, नियमित व्यायाम एवं समय-समय पर स्वास्थ्य जांच को कैंसर से बचाव के लिए आवश्यक बताया।कम्युनिटी मेडिसिन के डा0 सन्तोष कुमार द्वारा बताया गया कि वर्तमान समय में देश सहित प्रदेश में कैंसर का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है, जो एक गंभीर जनस्वास्थ्य समस्या बन चुका है। जीवनशैली में बदलाव, तंबाकू एवं नशीले पदार्थों का सेवन, असंतुलित आहार और देर से जांच कराना इसके प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि कैंसर का बढ़ता बोझ न केवल मरीजों बल्कि उनके परिवारों और समाज पर भी आर्थिक व मानसिक दबाव डालता है। इस बोझ को कम करने के लिए जनजागरूकता, समय पर स्क्रीनिंग और प्रारंभिक उपचार अत्यंत आवश्यक है। महिला रोग विभाग की डा0 विशाखा दिक्षित द्वारा जानकारी देते हुए बताया कि गर्भाशय ग्रीवा का कैंसर महिलाओं में पाया जाने वाला एक प्रमुख कैंसर है, जिसकी समय पर पहचान और रोकथाम संभव है। उन्होंने कहा कि यह कैंसर मुख्य रूप से एचपीवी संक्रमण, जागरूकता की कमी और नियमित जांच न कराने के कारण होता है। प्रारंभिक अवस्था में इसके लक्षण स्पष्ट नहीं होते, इसलिए नियमित स्क्रीनिंग अत्यंत आवश्यक है। चिकित्सकों ने बताया कि टीकाकरण, नियमित जांच और सही समय पर उपचार से गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर से होने वाली मृत्यु दर को काफी हद तक कम किया जा सकता है। सर्जरी विभाग के डा0 नरेन्द्र कुमार एवं डा0 मो0 अरसद द्वारा बताया कि स्तन कैंसर महिलाओं में तथा प्रोस्टेट कैंसर पुरुषों में पाए जाने वाले प्रमुख कैंसरों में शामिल हैं, जिनका समय पर पता लगने पर सफल उपचार संभव है। उन्होंने कहा कि जागरूकता की कमी, नियमित जांच न कराना और जीवनशैली में बदलाव इन कैंसरों के बढ़ते मामलों के प्रमुख कारण हैं। स्तन कैंसर की पहचान के लिए स्वयं परीक्षण एवं नियमित जांच आवश्यक है, वहीं प्रोस्टेट कैंसर की समय पर पहचान के लिए पुरुषों को उम्र के अनुसार जांच करानी चाहिए। चिकित्सकों ने अपील की कि महिलाएं और पुरुष दोनों ही स्वास्थ्य के प्रति सजग रहें और किसी भी असामान्य लक्षण को नजरअंदाज न करें। अन्त पर स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय कौशाम्बी के अधिकारीगण, चिकित्सक, स्वास्थ्यकर्मी, नर्सिंग स्टाफ एवं एम0बी0बी0एस0 के छात्र-छात्राये उपस्थित रहे। सभी ने कैंसर के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया साथ ही स्वास्थ्य के प्रति चेतना जगाने एवं कैंसर जैसी घातक बीमारी के खिलाफ जनजागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक सराहनीय प्रयास साबित हुआ। संस्थान द्वारा भविष्य में भी इस प्रकार के जनहितकारी कार्यक्रम आयोजित किए जाने की बात कही गई।1
- कौशांबी। निर्माणाधीन राम वन गमन मार्ग पर स्टंट करते युवकों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने सख्त कार्रवाई की है। मामले का संज्ञान लेते हुए स्टंट करने वाले लोगों के खिलाफ विधिक कार्रवाई करते हुए संबंधित वाहनों को सीज कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक कौशांबी राजेश कुमार ने बताया कि सार्वजनिक सड़कों पर इस तरह के खतरनाक स्टंट से न केवल स्टंट करने वालों की, बल्कि आम लोगों की जान भी खतरे में पड़ती है। ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने लोगों से यातायात नियमों का पालन करने और सड़क सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।1
- Post by Shubham Kumar1
- कौशांबी | थाना कौशांबी क्षेत्र थाना कौशांबी क्षेत्र के गौरऐ नहर पुल के पास बीती शाम करीब 8 बजे एक नवजात बच्ची लावारिश हालत में मिली। बच्ची की उम्र लगभग 10–15 दिन बताई जा रही है। ग्रामीणों के अनुसार गोपसहसा निवासी भोलई सरोज की पत्नी को रोने की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद उन्होंने मानवता दिखाते हुए बच्ची को सुरक्षित अपने घर पहुंचाया। सूचना मिलते ही कौशांबी पुलिस मौके पर पहुंची और नवजात को बाल कल्याण समिति के सुपुर्द कर दिया। पुलिस के अनुसार आगे की कार्रवाई समिति के निर्देश पर की जाएगी। #कौशांबी #नवजात_बच्ची #मानवता #बाल_कल्याण_समिति #कौशांबी_पुलिस #nonfollowersviewers #facebookreel1
- कौशांबी मंझनपुर निवर्तमान माननीय विधायक इंद्रजीत सरोज1
- *कौशाम्बी | नियमों को ताक पर रखकर शराब बिक्री, जिम्मेदार मौन क्यों?* *कौशांबी संदेश संवाददाता* थाना सैनी क्षेत्र के कमासिन–सयारा मार्ग स्थित देसी शराब की दुकान पर तय समय से काफी पहले शराब की बिक्री किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ₹75 की देसी शराब खुलेआम ₹90 में बेची जा रही है, जो न सिर्फ नियमों का उल्लंघन है बल्कि आम जनता की जेब पर सीधा डाका भी है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि सुबह-सुबह शराब उपलब्ध होने से नशाखोरी तेजी से बढ़ रही है। क्षेत्र में आए दिन झगड़े, घरेलू कलह और असामाजिक गतिविधियों में इजाफा देखा जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार महकमा आंख मूंदे बैठा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि “इस दुकान को लेकर कई बार शिकायतें की गईं, मीडिया में बार-बार खबरें प्रकाशित हुईं, फिर भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।” यह सवाल अब आम लोगों के मन में उठने लगा है कि— क्या दुकान संचालक को किसी का संरक्षण प्राप्त है? क्या आबकारी विभाग और स्थानीय पुलिस को सब कुछ दिखते हुए भी नहीं दिख रहा? या फिर कार्रवाई न होने के पीछे कोई अनकहा गठजोड़ है? नियमों के अनुसार शराब बिक्री का निर्धारित समय तय है और ओवररेटिंग पूरी तरह गैरकानूनी है। इसके बावजूद खुलेआम नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं, जो प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर बड़ा प्रश्नचिह्न खड़ा करती हैं। अब देखना यह होगा कि जिला आबकारी अधिकारी, पुलिस प्रशासन और उच्च अधिकारी इस गंभीर मामले को संज्ञान में लेकर कब तक कार्रवाई करते हैं, या फिर यह मामला भी अन्य शिकायतों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा।1