रामदेवरा यात्रियों की सेवा में जुटा राम रसोड़ा 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार, 300 यात्रियों के ठहरने की व्यवस्था; 24 घंटे भोजन-नाश्ता और चिकित्सा सुविधा पवन अग्रवाल चिकारड़ा। रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा के लिए मंगलवाड़ के निकट राती मंगरी में श्रीराम सेवा समिति की ओर से राम रसोड़ा संचालित किया जा रहा है। यहां रामदेवरा जाने और दर्शन कर लौटने वाले पैदल यात्रियों के साथ मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को भी भोजन, चाय-नाश्ता, ठहरने और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। समिति संचालक डॉ. ताराचंद ने बताया कि प्रतिदिन करीब 1000 से 1500 यात्री राम रसोड़े पर पहुंच रहे हैं। सेवादार यात्रियों को मनुहार कर रोकते हैं और भोजन करवाने के साथ उनकी जरूरत के अनुसार अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं। बारिश में भी सुरक्षित ठहराव यात्रियों को मौसम की परेशानी से बचाने के लिए 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार किया गया है, जिसमें करीब 300 व्यक्तियों के ठहरने की व्यवस्था है। डॉ. ताराचंद ने बताया कि बारिश कितनी भी तेज हो, यात्रियों को परेशानी न हो, इसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है। 300 से अधिक यात्री होने पर उनके लिए अलग से ठहरने की व्यवस्था की जाती है। 24 घंटे भोजन और नाश्ता राम रसोड़े में प्रतिदिन सब्जी-पूरी, नमकीन और मिठाई परोसी जा रही है। इसके साथ चाय, कॉफी और नाश्ते की सुविधा 24 घंटे उपलब्ध रहती है। लंबी यात्रा से थके श्रद्धालुओं के लिए रात्रि विश्राम की भी समुचित व्यवस्था की गई है। भजनों पर झूम रहे श्रद्धालु राम रसोड़े में बाबा रामदेव के भजनों की गूंज के बीच श्रद्धालु यात्रा की थकान भूलकर झूमते और नृत्य करते नजर आते हैं। कई परिवार छोटे बच्चों के साथ यात्रा कर रहे हैं। डॉ. ताराचंद ने बताया कि कुछ महिलाएं दो-दो माह के बच्चों को साथ लेकर भी रामदेवरा जा रही हैं। ऐसे यात्रियों के रात्रि विश्राम के दौरान सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। चिकित्सा सुविधा के साथ सेवा में जुटे कार्यकर्ता यात्रा के दौरान थकान, चोट या अन्य सामान्य स्वास्थ्य समस्या होने पर राम रसोड़े में चिकित्सा सुविधा एवं प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। डॉ. सुरेश चन्द भी चिकित्सा सेवा में सहयोग कर रहे हैं। राम रसोड़े की व्यवस्थाओं में यूनिटी फॉर मेन के कार्यकर्ता भी सक्रिय रूप से सेवा दे रहे हैं। सेवा कार्य में रामचंद्र पाटीदार, लोकेश पाटीदार, जयप्रकाश मेघवाल और कुशल पाटीदार सहित अन्य कार्यकर्ता यात्रियों की सुविधा में जुटे हुए हैं। मंगलवाड़ चौराहा और आसपास के ग्रामीण भी प्रतिदिन पहुंचकर भोजन, पानी, विश्राम तथा अन्य व्यवस्थाओं में सहयोग कर रहे हैं। सेवादारों का कहना है कि रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा उनके लिए केवल व्यवस्था नहीं, बल्कि बाबा रामदेव के प्रति आस्था और सेवा भावना का माध्यम है। इसी भावना के साथ पैदल यात्रियों से लेकर मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास लगातार जारी है।
रामदेवरा यात्रियों की सेवा में जुटा राम रसोड़ा 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार, 300 यात्रियों के ठहरने की व्यवस्था; 24 घंटे भोजन-नाश्ता और चिकित्सा सुविधा पवन अग्रवाल चिकारड़ा। रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा के लिए मंगलवाड़ के निकट राती मंगरी में श्रीराम सेवा समिति की ओर से राम रसोड़ा संचालित किया जा रहा है। यहां रामदेवरा जाने और दर्शन कर लौटने वाले पैदल यात्रियों के साथ मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को भी भोजन, चाय-नाश्ता, ठहरने और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। समिति संचालक डॉ. ताराचंद ने बताया कि प्रतिदिन करीब 1000 से 1500 यात्री राम रसोड़े पर पहुंच रहे हैं। सेवादार यात्रियों को मनुहार कर रोकते हैं और भोजन करवाने के
साथ उनकी जरूरत के अनुसार अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं। बारिश में भी सुरक्षित ठहराव यात्रियों को मौसम की परेशानी से बचाने के लिए 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार किया गया है, जिसमें करीब 300 व्यक्तियों के ठहरने की व्यवस्था है। डॉ. ताराचंद ने बताया कि बारिश कितनी भी तेज हो, यात्रियों को परेशानी न हो, इसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है। 300 से अधिक यात्री होने पर उनके लिए अलग से ठहरने की व्यवस्था की जाती है। 24 घंटे भोजन और नाश्ता राम रसोड़े में प्रतिदिन सब्जी-पूरी, नमकीन और मिठाई परोसी जा रही है। इसके साथ चाय, कॉफी और नाश्ते की सुविधा 24 घंटे उपलब्ध रहती है। लंबी यात्रा से थके श्रद्धालुओं के लिए रात्रि विश्राम की
भी समुचित व्यवस्था की गई है। भजनों पर झूम रहे श्रद्धालु राम रसोड़े में बाबा रामदेव के भजनों की गूंज के बीच श्रद्धालु यात्रा की थकान भूलकर झूमते और नृत्य करते नजर आते हैं। कई परिवार छोटे बच्चों के साथ यात्रा कर रहे हैं। डॉ. ताराचंद ने बताया कि कुछ महिलाएं दो-दो माह के बच्चों को साथ लेकर भी रामदेवरा जा रही हैं। ऐसे यात्रियों के रात्रि विश्राम के दौरान सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। चिकित्सा सुविधा के साथ सेवा में जुटे कार्यकर्ता यात्रा के दौरान थकान, चोट या अन्य सामान्य स्वास्थ्य समस्या होने पर राम रसोड़े में चिकित्सा सुविधा एवं प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। डॉ. सुरेश चन्द भी चिकित्सा सेवा में
सहयोग कर रहे हैं। राम रसोड़े की व्यवस्थाओं में यूनिटी फॉर मेन के कार्यकर्ता भी सक्रिय रूप से सेवा दे रहे हैं। सेवा कार्य में रामचंद्र पाटीदार, लोकेश पाटीदार, जयप्रकाश मेघवाल और कुशल पाटीदार सहित अन्य कार्यकर्ता यात्रियों की सुविधा में जुटे हुए हैं। मंगलवाड़ चौराहा और आसपास के ग्रामीण भी प्रतिदिन पहुंचकर भोजन, पानी, विश्राम तथा अन्य व्यवस्थाओं में सहयोग कर रहे हैं। सेवादारों का कहना है कि रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा उनके लिए केवल व्यवस्था नहीं, बल्कि बाबा रामदेव के प्रति आस्था और सेवा भावना का माध्यम है। इसी भावना के साथ पैदल यात्रियों से लेकर मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास लगातार जारी है।
- इंद्रदेव को मनाया तो बरसे मेघ, किसानों के खिले चेहरे ढोल-नगाड़ों के साथ की थी बारिश की कामना, दोपहर बाद हुई बरसात ने फसलों को दिया जीवनदान पवन अग्रवाल चिकारड़ा। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे ग्रामीण किसानों की रविवार को उस समय खुशी का ठिकाना नहीं रहा, जब दोपहर करीब 2 बजे से आसमान में बादल छाए और बरसात शुरू हो गई। गांव में इंद्रदेव को मनाने के लिए किसानों ने ढोल-नगाड़ों और डीजे के साथ पूजा-पाठ कर बारिश की कामना की थी। किसानों का कहना है कि उन्होंने जिस भाव और आस्था से इंद्रदेव को पुकारा, उन्होंने भी ज्यादा देर रूठे रहना उचित नहीं समझा और आखिरकार मेहर बरसा दी। पिछले लंबे समय से पर्याप्त बारिश नहीं होने से खेतों में खड़ी फसलों को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई थी। खेतों में फसल पानी के अभाव में मुरझाने लगी थी और किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे थे। अच्छी बारिश नहीं होने पर फसलों में नुकसान की आशंका भी जताई जा रही थी। रूठे इंद्रदेव को मनाने गांव से बाहर निकले किसान बारिश के लिए ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से इंद्रदेव को मनाने का प्रयास किया। ढोल-नगाड़ों और डीजे के साथ ग्रामीण गांव से बाहर पहुंचे तथा पूजा-पाठ कर इंद्रदेव से मेहर बरसाने की प्रार्थना की। किसानों की आस्था और सामूहिक प्रयास के बीच रविवार को हुई बरसात ने ग्रामीणों के चेहरों पर मुस्कान ला दी। छतों से बह निकले बरसाती नाले दोपहर बाद हुई बरसात भले ही मूसलाधार नहीं रही, लेकिन कुछ समय के लिए बारिश की रफ्तार तेज रही। मकानों की छतों से पानी के बरसाती नाले बह निकले। खेतों में भी पानी पहुंचने से फसलों को तत्काल राहत मिली। हालांकि यह बारिश नदी-नालों में पानी का बहाव बढ़ाने के लिए पर्याप्त नहीं रही, लेकिन किसानों के लिए यह किसी संजीवनी से कम नहीं है। मकई में भरेंगे दाने, अन्य फसलें भी रहेंगी यौवन पर किसानों का कहना है कि इस समय हुई बारिश फसलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। खासकर मकई की फसल में दाने भरने के समय पानी मिलने से उत्पादन को लाभ मिलने की उम्मीद है। वहीं अन्य फसलें भी बारिश के बाद फिर से लहलहा उठेंगी और उनमें नई जान आएगी। खेतों में खड़ी फसलों को इस बारिश से आवश्यक नमी मिलने से किसानों की चिंता काफी हद तक कम हुई है। बोले किसान- बालक रूठ जाए, पिता उससे जुदा नहीं होता बारिश के बाद किसानों ने इंद्रदेव का आभार जताते हुए कहा कि "बालक कितना भी रूठ जाए, लेकिन पिता कभी उससे जुदा नहीं होता।" किसानों का कहना था कि लंबे इंतजार के बाद हुई इस बारिश ने उनकी उम्मीदें फिर जगा दी हैं। भले ही अभी अच्छी और लगातार बारिश की जरूरत बनी हुई है, लेकिन रविवार की बरसात ने सूखती फसलों को जीवनदान देने का काम किया है। बारिश के बाद खेतों की ओर लौटे किसानों के चेहरों पर संतोष साफ दिखाई दिया। आसमान में छाए बादलों और खेतों में पहुंची नमी ने किसानों को आगामी दिनों में अच्छी फसल की उम्मीद बंधा दी है।2
- पाल खेड़ी राम रोड पर नांगावली के सभी ग्राम वासियों ने मिलकर पैदल जाने वाले यात्रियों को भोजन करवाया और थोड़ी देर रुकने की हाथ जोड़कर व्यवस्था की1
- नगर पालिका चुनाव 2026 नगर कांग्रेस अध्यक्ष अमृतलाल बंडी से खास बातचीत छोटी सादड़ी 11 सितंबर को होने वाले नगर पालिका चुनाव में कांग्रेस पार्टी का क्या स्टैंड रहेगा किस प्रकार से कांग्रेस चुनाव लड़ेगी क्या मुद्दे होंगे इस पर खास चर्चा की हमारे नगर कांग्रेस अध्यक्ष अमृतलाल बंडी से1
- वल्लभनगर नगर पालिका चुनाव में मतदाता सूची जारी, 8,314 मतदाता चुनेंगे शहर की सरकार आगामी नगर पालिका चुनावों को लेकर वल्लभनगर में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। निर्वाचन विभाग ने चुनाव की तैयारियां पूरी करते हुए वार्डवार अंतिम मतदाता सूची व मतदान केंद्रों की स्थिति स्पष्ट कर दी है। इस बार वल्लभनगर नगर पालिका क्षेत्र में कुल 8,314 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर नगर की नई सरकार का फैसला करेंगे। चुनाव प्रक्रिया को सुचारू, शांतिपूर्ण और निष्पक्ष रूप से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने पूरी रूपरेखा तैयार कर ली है।1
- जन्माष्टमी पर गूंजा जय श्री श्याम का जयघोष, भव्य कीर्तन में उमड़ा आस्था का सैलाब बोजुंदा के निर्माणाधीन श्री श्याम मंदिर में जन्माष्टमी पर भव्य भजन संध्या: नवीन वैष्णव और अलीशा निनामा के भजनों पर झूमे श्रद्धालु, 600 पदयात्रियों ने भी लिया कीर्तन का आनंद1
- नीमच महेंद्र सिंह राठौड़ बने राष्ट्रीय गौ रक्षा दल के मध्य प्रदेश अध्यक्ष सभी ने दी बधाई1
- हेमेन्द्र सिंह राठौड़ बने राष्ट्रीय गौ रक्षा दल के प्रदेश अध्यक्ष, कृष्णपाल सिंह पंवार ने सौंपी कमान नीमच। गौ पुत्र सेवा समिति द्वारा संचालित राष्ट्रीय गौ रक्षा दल की प्रदेश स्तरीय बैठक में संगठन की नई कार्यकारिणी का ऐलान किया गया। सर्वसम्मति से हेमेन्द्र सिंह राठौड़ को मध्य प्रदेश का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कृष्णपाल सिंह पंवार ने 7 वर्ष गोपुत्र सेवा समिति और 2 वर्ष प्रदेश अध्यक्ष के रूप में कार्य करने के बाद संगठन हित में यह जिम्मेदारी हेमेन्द्र सिंह राठौड़ को सौंपी। नवनियुक्त अध्यक्ष का पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने पुष्पमालाओं से स्वागत किया। हेमेन्द्र सिंह राठौड़ ने कहा कि उनका लक्ष्य प्रदेश के हर जिले में संगठन को मजबूत करना, गौशालाओं को आत्मनिर्भर बनाना और गौ आधारित रोजगार के बड़े कार्यक्रम आयोजित करना है। वहीं कृष्णपाल सिंह पंवार ने नवनियुक्त अध्यक्ष पर विश्वास जताते हुए कहा कि हेमेन्द्र सिंह राठौड़ संगठन को नई ऊर्जा देंगे। बैठक में प्रदेश कार्यकारिणी अध्यक्ष बलवीर सिंह, नीमच जिला अध्यक्ष सचिन नागदा, लोकेश नागदा, मंदसौर जिला अध्यक्ष सोनू गायरी, अर्जुन सिंह, विजयपाल सिंह, हर्षराज सिंह चौहान उर्फ हैप्पी बन्ना सहित राजस्थान की टीम और संगठन के कई पदाधिकारी मौजूद रहे।4
- रामदेवरा यात्रियों की सेवा में जुटा राम रसोड़ा 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार, 300 यात्रियों के ठहरने की व्यवस्था; 24 घंटे भोजन-नाश्ता और चिकित्सा सुविधा पवन अग्रवाल चिकारड़ा। रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा के लिए मंगलवाड़ के निकट राती मंगरी में श्रीराम सेवा समिति की ओर से राम रसोड़ा संचालित किया जा रहा है। यहां रामदेवरा जाने और दर्शन कर लौटने वाले पैदल यात्रियों के साथ मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को भी भोजन, चाय-नाश्ता, ठहरने और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। समिति संचालक डॉ. ताराचंद ने बताया कि प्रतिदिन करीब 1000 से 1500 यात्री राम रसोड़े पर पहुंच रहे हैं। सेवादार यात्रियों को मनुहार कर रोकते हैं और भोजन करवाने के साथ उनकी जरूरत के अनुसार अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं। बारिश में भी सुरक्षित ठहराव यात्रियों को मौसम की परेशानी से बचाने के लिए 50 टेंट का वाटरप्रूफ हॉल तैयार किया गया है, जिसमें करीब 300 व्यक्तियों के ठहरने की व्यवस्था है। डॉ. ताराचंद ने बताया कि बारिश कितनी भी तेज हो, यात्रियों को परेशानी न हो, इसके लिए विशेष व्यवस्था की गई है। 300 से अधिक यात्री होने पर उनके लिए अलग से ठहरने की व्यवस्था की जाती है। 24 घंटे भोजन और नाश्ता राम रसोड़े में प्रतिदिन सब्जी-पूरी, नमकीन और मिठाई परोसी जा रही है। इसके साथ चाय, कॉफी और नाश्ते की सुविधा 24 घंटे उपलब्ध रहती है। लंबी यात्रा से थके श्रद्धालुओं के लिए रात्रि विश्राम की भी समुचित व्यवस्था की गई है। भजनों पर झूम रहे श्रद्धालु राम रसोड़े में बाबा रामदेव के भजनों की गूंज के बीच श्रद्धालु यात्रा की थकान भूलकर झूमते और नृत्य करते नजर आते हैं। कई परिवार छोटे बच्चों के साथ यात्रा कर रहे हैं। डॉ. ताराचंद ने बताया कि कुछ महिलाएं दो-दो माह के बच्चों को साथ लेकर भी रामदेवरा जा रही हैं। ऐसे यात्रियों के रात्रि विश्राम के दौरान सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। चिकित्सा सुविधा के साथ सेवा में जुटे कार्यकर्ता यात्रा के दौरान थकान, चोट या अन्य सामान्य स्वास्थ्य समस्या होने पर राम रसोड़े में चिकित्सा सुविधा एवं प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। डॉ. सुरेश चन्द भी चिकित्सा सेवा में सहयोग कर रहे हैं। राम रसोड़े की व्यवस्थाओं में यूनिटी फॉर मेन के कार्यकर्ता भी सक्रिय रूप से सेवा दे रहे हैं। सेवा कार्य में रामचंद्र पाटीदार, लोकेश पाटीदार, जयप्रकाश मेघवाल और कुशल पाटीदार सहित अन्य कार्यकर्ता यात्रियों की सुविधा में जुटे हुए हैं। मंगलवाड़ चौराहा और आसपास के ग्रामीण भी प्रतिदिन पहुंचकर भोजन, पानी, विश्राम तथा अन्य व्यवस्थाओं में सहयोग कर रहे हैं। सेवादारों का कहना है कि रामदेवरा जाने वाले श्रद्धालुओं की सेवा उनके लिए केवल व्यवस्था नहीं, बल्कि बाबा रामदेव के प्रति आस्था और सेवा भावना का माध्यम है। इसी भावना के साथ पैदल यात्रियों से लेकर मोटरसाइकिल, चारपहिया वाहन और बसों से आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास लगातार जारी है।4