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भिंड जिले के लहार क्षेत्र में आपसी रंजिश के चलते एक युवक को गोली मार दी गई, जिससे वह घायल हो गया। घटना चौरई गांव के पास चिरौली मोड़ पर हुई। घायल युवक को लहार सिविल अस्पताल से बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर रेफर किया गया है।
मुकेश सिंह भदौरिया
भिंड जिले के लहार क्षेत्र में आपसी रंजिश के चलते एक युवक को गोली मार दी गई, जिससे वह घायल हो गया। घटना चौरई गांव के पास चिरौली मोड़ पर हुई। घायल युवक को लहार सिविल अस्पताल से बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर रेफर किया गया है।
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- चंबल का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की सुरक्षा : डॉ. मनोज जैन चंबल का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की सुरक्षा : डॉ. मनोज जैन कनकपुरा (भिंड), 17 जून। विश्व मगरमच्छ दिवस एवं मरुस्थलीकरण और सूखे का मुकाबला करने के लिए विश्व दिवस के अवसर पर सामाजिक संस्था सुप्रयास द्वारा कनकपुरा स्थित चंबल नदी तट पर जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जल संरक्षण, जैव विविधता संवर्धन तथा चंबल नदी के संरक्षण का संकल्प लिया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सुप्रयास के सचिव एवं पर्यावरणविद् डॉ. मनोज जैन ने कहा कि चंबल नदी केवल एक नदी नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों और असंख्य जीव-जंतुओं की जीवनरेखा है। चंबल में पाए जाने वाले मगरमच्छ, घड़ियाल, कछुए एवं अन्य जलीय जीव इस क्षेत्र की समृद्ध जैव विविधता के प्रतीक हैं। इनके संरक्षण के बिना पर्यावरणीय संतुलन की कल्पना नहीं की जा सकती। डॉ. जैन ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, घटते जल स्रोत और बढ़ता मरुस्थलीकरण मानव सभ्यता के सामने गंभीर चुनौती बनकर उभर रहे हैं। ऐसे समय में जल संरक्षण, वर्षा जल संचयन, वृक्षारोपण तथा नदियों की स्वच्छता को जनआंदोलन का स्वरूप देना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि प्रकृति संरक्षण केवल पर्यावरण का विषय नहीं, बल्कि मानव अस्तित्व और भावी पीढ़ियों की सुरक्षा का प्रश्न है। उन्होंने उपस्थित नागरिकों से जल के विवेकपूर्ण उपयोग, नदियों एवं जलाशयों के संरक्षण तथा अधिकाधिक वृक्षारोपण का आह्वान किया। कार्यक्रम में प्रतिभागियों ने "जल बचेगा-जीवन बचेगा", "नदी बचेगी-मगरमच्छ बचेगा" तथा "धरती बचेगी-भविष्य बचेगा" के संकल्प के साथ पर्यावरण संरक्षण हेतु सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर गिरीश शर्मा, अनिल सिंह भदोरिया, रघुराज सिंह भदोरिया, रघुवीर सिंह भदोरिया, कप्तान सिंह भदोरिया, दशरथ सिंह भदोरिया, गुड्डू सिंह भदोरिया, लाखन सिंह भदोरिया, भीम शंकर सिंह भदोरिया, विश्राम सिंह भदोरिया, मंगल सिंह भदोरिया, कल्लू सिंह भदोरिया ने भाग लिया और चंबल नदी और उसके वन्यजीवों के संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।3
- आगरा के बाह-बटेश्वर में 17 जून 2026 को हिंदू पंचांग के अनुसार सिकरवार समाज कल्याण समिति के बैनर तले महाराणा प्रताप की जयंती पर एक विशाल रैली और मंच कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस भव्य आयोजन में कई राज्यों से महाराणा प्रताप के वंशज और समाज के गणमान्य लोग शामिल हुए। रैली के दौरान जगह-जगह समाज के लोगों द्वारा फूल-मालाओं से स्वागत और अभिनंदन किया गया, जिससे यह शोभायात्रा हर वर्ष की तरह इस बार भी आकर्षण का केंद्र रही। इस रैली में लगभग 50 चार पहिया वाहन और 250–300 बाइक शामिल थीं, जिसने पूरे आयोजन को और भी भव्य बना दिया। सिकरवार समाज के लोगों ने वाह, फतेहाबाद और अन्य राज्यों में रह रहे समाज के लोगों ने अपनी एकता और गौरव को प्रदर्शित किया। कार्यक्रम के दौरान समिति ने दूर-दराज से आए सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए समाज के उज्जवल भविष्य की कामना की। पूरे आयोजन में पुलिस प्रशासन ने चप्पे-चप्पे पर निगरानी रखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए, जिससे कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम का संचालन अध्यक्ष धीरज सिंह करोरिया और उपाध्यक्ष संजय सिंह गहलौत के नेतृत्व में किया गया। इस अवसर पर जितेंद्र सिसोदिया, श्रीकांत सिसोदिया, राजवीर खेतलीपुरा, बंटी सिंह गहलोत, अभिषेक डण्डोतिया, जसवंत जी, राहुल गहलोत, विक्रम किरार, गौरव ठाकुर फतेहाबाद, गौरव राजाखेड़ा, नितेश पातीपुरा, ओमप्रकाश सिंह चंदेल मीडिया प्रभारी, राजू चंदेल, जयप्रकाश शास्त्री, शैलेंद्र चंदेल, सोनू रावड़ी, सुमित दंडोतिया, करन सिंह सिकरवार, योगेंद्र सिंह राणा, रामदीन सिंह सिसोदिया, अशोक सिसोदिया, मनोज कुमार सिसोदिया, दिलीप सिसोदिया, सुरेश चंद्र सिकरवार, रविंद्र सिसोदिया सहित अन्य क्षेत्रों से आए समाज के सदस्य उपस्थित रहे। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी सिकरवार समाज द्वारा वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की जयंती बड़े ही धूमधाम और भव्य तरीके से मनाई गई।4
- अंबाह अंचल के वीर सपूत नायक राहुल सिंह सिकरवार को मंगलवार रात हृदय गति रुकने से वीरगति प्राप्त हुई। भारतीय सेना की इंजीनियर कोर में सेवा दे रहे नायक सिकरवार अवकाश पर अपने घर आए हुए थे। मंगलवार रात खाना खाकर सोने के बाद, सुबह परिजनों द्वारा जगाने पर पता चला कि उनकी सांसें थम चुकी थीं। मेडिकल परीक्षण के उपरांत, लगभग रात 9:30 बजे पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस मौके पर उनके 11 वर्षीय बेटे अभि सिकरवार ने उन्हें मुखाग्नि दी। राहुल सिंह सिकरवार अपने पीछे 11 वर्षीय बेटे अभि, चार वर्षीय बेटे कृशू सिकरवार, पत्नी, माता-पिता और भाई को छोड़ गए हैं। उनके पिता, श्री राम सुमरन सिंह तोमर (सेवानिवृत्त सेना तरैनी, हाल निवास पोरसा), भी भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हैं। नायक राहुल सिंह सिकरवार 2014 में भारतीय सेना की 416 इंजीनियर कोर में भर्ती हुए थे और 216 इंजीनियर कोर मथुरा में पदस्थ थे। मुक्तिधाम में उनके अंतिम संस्कार के दौरान अमर शहीद सम्मान सेवा संघ के सेवकों, जिनमें धर्मेंद्र सिंह तोमर (रिटायर्ड हवलदार भारतीय सेना), मनोज सिंह तोमर (सेवानिवृत्त भारतीय सेना पूठा), भीमसेन सिंह थरा, योगेन्द्र परमार, हरिमोहन शर्मा, रोहित शर्मा, शिवम शामिल थे, ने शव यात्रा के पथ पर पुष्प वर्षा कर श्रद्धा सुमन अर्पित किए। इस दौरान 'भारत माता की जय' और 'नायक राहुल सिंह सिकरवार अमर रहे' के जयघोष गूंजते रहे। पूर्व सैनिक लीग पोरसा के पूर्व सैनिकों और सैकड़ों की संख्या में स्थानीय लोग भी इस मौके पर मौजूद रहे।2
- मध्य प्रदेश के अंबाह में, 16 जून 2026 को राष्ट्रीय छात्र संघ भारत (NSUI) ने नगर पालिका चौराहा पर चुनाव आयोग के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और पुतला दहन कार्यक्रम आयोजित किया। यह विरोध कांग्रेस की वरिष्ठ नेता और राज्यसभा उम्मीदवार श्रीमती मीनाक्षी नटराजन के नामांकन को निरस्त किए जाने के कारण किया गया। रोहित बंटी गुड़ेनिया के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में कांग्रेस और NSUI के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में भाग लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ब्लॉक अध्यक्ष शैलेन्द्र शर्मा (छोटाई) ने जोर देकर कहा कि लोकतंत्र की मजबूती निष्पक्ष एवं पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया पर टिकी है। उन्होंने राज्यसभा चुनाव में कथित अनियमितताओं और श्रीमती मीनाक्षी नटराजन के नामांकन रद्द होने के विरोध में इस प्रदर्शन को उचित ठहराया। शर्मा ने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए लगातार संघर्षरत रहेगी और जनता की आवाज को दबाने के किसी भी प्रयास का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाएगा। अन्य वक्ताओं ने भी लोकतंत्र में निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया की अनिवार्यता पर बल दिया, यह आरोप लगाते हुए कि किसी भी प्रकार की अनियमितता लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करती है। उन्होंने चुनाव आयोग के निर्णय की कड़ी आलोचना की, इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध बताया और आयोग से निष्पक्षता बनाए रखने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान, कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रतीकात्मक रूप से चुनाव आयोग का पुतला दहन करके अपना तीव्र रोष व्यक्त किया। इस अवसर पर ब्लॉक अध्यक्ष शैलेन्द्र शर्मा (छोटाई), NSUI प्रदेश सचिव रोहित बंटी गुड़ेनिया, NSUI ब्लॉक अध्यक्ष ऋषु शर्मा, नगर अध्यक्ष महेश कुमार विकल, जिला अध्यक्ष सेवा दल बृजकिशोर सखवार, जिला अध्यक्ष यंग ब्रिगेड देवेश शर्मा, वीरू कुशवाह, जिला कांग्रेस प्रवक्ता मनोज थापक, अजय शर्मा सहित अनेक कांग्रेसजन, NSUI पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम के समापन पर, सभी उपस्थित कार्यकर्ताओं ने लोकतंत्र की रक्षा, संविधान के मूल्यों को सशक्त बनाने तथा जनहित के मुद्दों पर निरंतर संघर्ष करने का संकल्प लिया। बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की उपस्थिति ने संगठन की एकजुटता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति उनकी गहरी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित किया।1
- उत्तर प्रदेश के फतेहाबाद में पुलिस पर पथराव और सड़क जाम करने वाले 19 उपद्रवियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इन उपद्रवियों ने कानून तोड़ते हुए बड़ा बवाल किया था, जिसके बाद पुलिस ने उन पर शिकंजा कसते हुए यह सख्त कार्रवाई की। गिरफ्तारी और जेल पहुंचने के बाद इन आरोपियों का तेवर पूरी तरह बदल गया। अपनी हेकड़ी भूलकर, इन सभी ने कान पकड़कर अपनी गलती स्वीकार की और माफी मांगी। उन्होंने यह भी वादा किया कि वे भविष्य में कभी सड़क जाम नहीं करेंगे और ऐसी गलती दोबारा नहीं दोहराएंगे। उनका माफी मांगते हुए एक वीडियो भी चर्चा में है। कमिश्नर दीपक कुमार के निर्देश पर हुई इस ताबड़तोड़ कार्रवाई ने कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों को कड़ा संदेश दिया है। पुलिस कमिश्नरेट ने साफ कर दिया है कि कानून को हाथ में लेने वालों के खिलाफ सीधे जेल भेजने जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी और कानून से किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह कार्रवाई उपद्रव, पथराव और सड़क जाम पर आगरा पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति का प्रमाण है।1
- भिंड जिले में एक ठग गिरोह "JJ कंपनी के मालिक" के नाम पर लोगों से पैसे ठग रहा है। यह गिरोह कथित तौर पर लोगों को यह कहकर अपने जाल में फंसाता है कि वे ₹850 जमा करें, जिसके बाद उनका गिफ्ट उनके घर पर पहुंचा दिया जाएगा। एक पीड़ित ने बताया कि उसे भी एक फर्जी आईडी से ऐसा ही मैसेज आया था, जिसमें पैसे जमा करने के लिए कहा गया था।1
- शमशाबाद के नगला बीच में आयोजित एक स्वास्थ्य कैंप के दौरान बच्चों को एक्सपायरी दवा बांटी गई, जिससे पूरे गांव में हड़कंप मच गया है। ग्रामीणों की सतर्कता के कारण एक बड़ी अनहोनी टल गई, जब उन्होंने बच्चों के लिए लाई गई दवाओं की एक्सपायरी डेट देखी और पाया कि वे समाप्त हो चुकी थीं। यह दवाएँ विशेषकर 6 साल तक के बच्चों को दी जा रही थीं, जिसने ग्रामीणों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया। इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने बच्चों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ और लापरवाही का आरोप लगाते हुए फाउंडेशन की टीम को थाने ले गए। मामला पुलिस तक पहुंचने के बाद, पुलिस ने तुरंत ड्रग इंस्पेक्टर को मौके पर बुलाया। इसके बाद ड्रग विभाग भी इस मामले की गहन जांच में जुट गया है, जिससे स्वास्थ्य कैंप की मंशा और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। मासूमों की सेहत से समझौता करने के इस आरोप पर फाउंडेशन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि स्वास्थ्य शिविर के नाम पर बच्चों को संदिग्ध और एक्सपायर्ड दवाएं बांटकर उनके जीवन को खतरे में डाला गया।1
- भिंड जिले के गोहद में चंबल अंचल की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को नई पहचान दिलाने के लिए चल रहे "गौ-हद धाम अभियान" को अब संत समाज का भी समर्थन मिल गया है। खनेता धाम स्थित प्राचीन श्री रघुनाथ जी मंदिर के महंत एवं महामंडलेश्वर परम पूज्य श्री रामभूषण दास जी महाराज ने गोहद की धार्मिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्ता पर जोर देते हुए इसे श्रीकृष्ण गमन पथ से जोड़ने की आवश्यकता जताई है। महंत श्री रामभूषण दास जी महाराज ने बताया कि गोहद वैष्णव परंपरा, संत संस्कृति और जनआस्था का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। स्थानीय परंपराओं और प्राचीन मान्यताओं के अनुसार, गोहद का संबंध भगवान श्रीकृष्ण की गौ-चारण लीलाओं से है, जिसके कारण इसे "गौ-हद" यानी गऊओं की अंतिम सीमा या गोचारण क्षेत्र की हद के रूप में जाना जाता है। उन्होंने गोहद के कई प्राचीन मंदिरों और धार्मिक स्थलों, जैसे राजगुरु की जग्गा, कालिया कंठ की जग्गा, रघुनाथ जी की जग्गा, मदनमोहन जी की जग्गा, नरसिंह जी की जग्गा और लक्ष्मण जी मंदिर का उल्लेख किया, जो ब्रज और वृंदावन की वैष्णव परंपरा से जुड़े हैं। महंत श्री ने मध्यप्रदेश शासन से आग्रह किया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा घोषित श्रीकृष्ण गमन पथ योजना में गोहद को शामिल करने पर गंभीरता से विचार किया जाए। उन्होंने कहा कि मथुरा और वृंदावन की तरह चंबल अंचल की यह भूमि भी अपनी लोकपरंपराओं, संत परंपराओं और धार्मिक धरोहरों के कारण विशेष महत्व रखती है और इसके संरक्षण एवं विकास की आवश्यकता है। इस अवसर पर गौ-हद धाम अभियान से जुड़े एक प्रतिनिधिमंडल ने महंत श्री से भेंट की और अभियान की रूपरेखा पर चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल ने गोहद, मितावली, पढ़ावली, काकनमठ, शनिधाम, कुंतलपुर और कर्णकुंड सहित क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों को जोड़कर एक धार्मिक एवं सांस्कृतिक पर्यटन सर्किट विकसित करने का प्रस्ताव भी रखा है। अभियान से जुड़े कार्यकर्ताओं का मानना है कि इन स्थलों के एकीकृत विकास से क्षेत्र की धार्मिक पहचान मजबूत होगी, पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।1
- भिंड जिले के लहार क्षेत्र में आपसी रंजिश के चलते एक युवक को गोली मार दी गई, जिससे वह घायल हो गया। घटना चौरई गांव के पास चिरौली मोड़ पर हुई। घायल युवक को लहार सिविल अस्पताल से बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर रेफर किया गया है।1