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सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol

7 hrs ago
user_पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
Insurance Agent सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
7 hrs ago

सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol

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  • बरौदी घाट में कीचड़ में फंसा ट्राला, शहपुरा-उमरिया हाईवे पर यातायात बाधित डिण्डौरी। शहपुरा-उमरिया हाईवे पर बरौदी घाट में शुक्रवार को एक ट्राला अनियंत्रित होकर सड़क किनारे कीचड़ में जा फंस गया। ट्राला के फंसने के बाद हाईवे पर यातायात प्रभावित हो गया है। बताया जा रहा है कि सड़क किनारे कीचड़ और फिसलन के कारण ट्राला अनियंत्रित हुआ और कीचड़ में फंस गया। ट्राला के चलते हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है और वाहनों की कतार लग गई है। अभी भी कीचड़ में फंसा है ट्राला ट्राला को निकालने की कोशिश की जा रही है, लेकिन फिलहाल वह मौके पर ही फंसा हुआ है। हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय स्तर पर ट्राला को हटाकर यातायात सामान्य कराने का प्रयास किया जा रहा है।
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    बरौदी घाट में कीचड़ में फंसा ट्राला, शहपुरा-उमरिया हाईवे पर यातायात बाधित
डिण्डौरी। शहपुरा-उमरिया हाईवे पर बरौदी घाट में शुक्रवार को एक ट्राला अनियंत्रित होकर सड़क किनारे कीचड़ में जा फंस गया। ट्राला के फंसने के बाद हाईवे पर यातायात प्रभावित हो गया है।
बताया जा रहा है कि सड़क किनारे कीचड़ और फिसलन के कारण ट्राला अनियंत्रित हुआ और कीचड़ में फंस गया। ट्राला के चलते हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है और वाहनों की कतार लग गई है।
अभी भी कीचड़ में फंसा है ट्राला
ट्राला को निकालने की कोशिश की जा रही है, लेकिन फिलहाल वह मौके पर ही फंसा हुआ है। हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय स्तर पर ट्राला को हटाकर यातायात सामान्य कराने का प्रयास किया जा रहा है।
    user_मोर डिण्डौरी
    मोर डिण्डौरी
    Local News Reporter शाहपुरा, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • शहडोल,,, ब्यौहारी से दुर्गेश कुमार गुप्ता की रिपोर्ट,, सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol
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    शहडोल,,, ब्यौहारी से दुर्गेश कुमार गुप्ता की रिपोर्ट,,
सेवा संकल्प अभियान:- 2026
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। 
#सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan  #शहडोल #shahdol
    user_Durgesh Kumar Gupta
    Durgesh Kumar Gupta
    Electrician Beohari, Shahdol•
    5 hrs ago
  • सफाई के साथ संवेदनशीलता की मिसाल बने पार्षद रामप्रसाद ‘भोले’ "वार्ड 8 में पुराना ग्राम पंचायत भवन के पास चला स्वच्छता अभियान, स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर उठाया सराहनीय कदम" मनेन्द्रगढ़/एमसीबी। जनप्रतिनिधि का असली दायित्व केवल बैठकों और सरकारी योजनाओं तक सीमित नहीं होता, बल्कि अपने वार्ड की छोटी-बड़ी समस्याओं को समझकर उनके समाधान के लिए जमीन पर उतरना भी उसकी जिम्मेदारी होती है। नगर पंचायत नई लेदरी के वार्ड क्रमांक 8 के पार्षद रामप्रसाद उर्फ भोले ने इसी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए पुराना ग्राम पंचायत भवन के पास लंबे समय से उगी घास-फूस और जमा कचरे की सफाई करवाकर सराहनीय पहल की है। पुराना ग्राम पंचायत भवन के समीप ही छोटे बच्चों का विद्यालय संचालित होता है। ऐसे में आसपास उगी झाड़ियां और जमा कचरा बच्चों के लिए चिंता का कारण बने हुए थे। इन स्थानों पर कीड़े-मकोड़ों के साथ मच्छरों के पनपने की आशंका भी बनी रहती थी। समस्या को गंभीरता से लेते हुए पार्षद रामप्रसाद ‘भोले’ ने स्वयं पहल कर सफाई अभियान चलवाया। उनकी इस पहल को लेकर वार्डवासियों में सकारात्मक चर्चा है। लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधि जब अपने क्षेत्र की छोटी-छोटी समस्याओं को भी अपनी जिम्मेदारी समझकर गंभीरता से लेते हैं, तो उसका सीधा लाभ आम नागरिकों को मिलता है। रामप्रसाद ‘भोले’ अपने सरल, मधुरभाषी और मिलनसार स्वभाव के लिए भी क्षेत्र में जाने जाते हैं। हर वर्ग के लोगों के साथ सहज व्यवहार और लोगों की समस्याओं को सुनने की उनकी शैली उन्हें जनता के बीच अलग पहचान दिलाती है। यही कारण है कि उनके द्वारा कराए गए इस सफाई कार्य की स्थानीय लोगों द्वारा सराहना की जा रही है। वार्डवासियों का कहना है कि स्वच्छता केवल सफाई कर्मचारियों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की साझा जिम्मेदारी है। ऐसे छोटे लेकिन जरूरी प्रयास ही मोहल्ले को स्वच्छ, सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होते हैं।
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    सफाई के साथ संवेदनशीलता की मिसाल बने पार्षद रामप्रसाद ‘भोले’

"वार्ड 8 में पुराना ग्राम पंचायत भवन के पास चला स्वच्छता अभियान, स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर उठाया सराहनीय कदम"

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी।
जनप्रतिनिधि का असली दायित्व केवल बैठकों और सरकारी योजनाओं तक सीमित नहीं होता, बल्कि अपने वार्ड की छोटी-बड़ी समस्याओं को समझकर उनके समाधान के लिए जमीन पर उतरना भी उसकी जिम्मेदारी होती है। नगर पंचायत नई लेदरी के वार्ड क्रमांक 8 के पार्षद रामप्रसाद उर्फ भोले ने इसी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए पुराना ग्राम पंचायत भवन के पास लंबे समय से उगी घास-फूस और जमा कचरे की सफाई करवाकर सराहनीय पहल की है।
पुराना ग्राम पंचायत भवन के समीप ही छोटे बच्चों का विद्यालय संचालित होता है। ऐसे में आसपास उगी झाड़ियां और जमा कचरा बच्चों के लिए चिंता का कारण बने हुए थे। इन स्थानों पर कीड़े-मकोड़ों के साथ मच्छरों के पनपने की आशंका भी बनी रहती थी। समस्या को गंभीरता से लेते हुए पार्षद रामप्रसाद ‘भोले’ ने स्वयं पहल कर सफाई अभियान चलवाया।
उनकी इस पहल को लेकर वार्डवासियों में सकारात्मक चर्चा है। लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधि जब अपने क्षेत्र की छोटी-छोटी समस्याओं को भी अपनी जिम्मेदारी समझकर गंभीरता से लेते हैं, तो उसका सीधा लाभ आम नागरिकों को मिलता है।
रामप्रसाद ‘भोले’ अपने सरल, मधुरभाषी और मिलनसार स्वभाव के लिए भी क्षेत्र में जाने जाते हैं। हर वर्ग के लोगों के साथ सहज व्यवहार और लोगों की समस्याओं को सुनने की उनकी शैली उन्हें जनता के बीच अलग पहचान दिलाती है। यही कारण है कि उनके द्वारा कराए गए इस सफाई कार्य की स्थानीय लोगों द्वारा सराहना की जा रही है।
वार्डवासियों का कहना है कि स्वच्छता केवल सफाई कर्मचारियों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की साझा जिम्मेदारी है। ऐसे छोटे लेकिन जरूरी प्रयास ही मोहल्ले को स्वच्छ, सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होते हैं।
    user_M.D. KASIM
    M.D. KASIM
    चिरमिरी, मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर, छत्तीसगढ़•
    1 hr ago
  • तकनीकी स्वीकृति की फाइल में त्रुटि का पेंच 39 वार्डों का विकास ठप, शहडोल नपा के पार्षदों ने संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन शहडोल। शहडोल नगर पालिका में इन दिनों विकास का पहिया घोंघे की रफ्तार से भी धीमा चल रहा है, और इसका जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि संभागीय कार्यालय में बैठे अफसरों की वो लाल कलम है, जो हर फाइल में कोई न कोई त्रुटि निकालकर उसे कागजों के ढेर में वापस दबा देती है। पिछले दो सालों से नगर के सभी 39 वार्डों के पार्षद अपने-अपने इलाके में रोड, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुके हैं। आखिर में सब्र का बांध टूटा तो संयुक्त पार्षद मंच के बैनर तले तमाम पार्षदों ने एकजुट होकर संभागायुक्त की चौखट पर जाकर ज्ञापन का पुलिंदा सौंप दिया। 2 साल से फाइलों का पिंग-पॉन्ग खेल पार्षदों का सीधा आरोप है कि जब भी वार्ड की जनता के लिए रोड, नाली या पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं का प्रस्ताव नगर पालिका स्तर से मंजूर होकर तकनीकी स्वीकृति के लिए कार्यपालन यंत्री, नगरीय प्रशासन एवं विकास संभागीय कार्यालय भेजा जाता है, तो वहां बैठे जिम्मेदार अफसर कोई न कोई कमी या त्रुटि का बहाना बनाकर फाइलों को वापस लौटा देते हैं। पिछले 2 वर्षों से फाइलों का यह पिंग-पॉन्ग खेल बदस्तूर जारी है। निकाय दफ्तर से फाइल ईई दफ्तर जाती है और वहां से तकनीकी पेंच फंसाकर वापस नगर पालिका भेज दी जाती है। इस चक्कर में 39 वार्डों का विकास कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ा है और जनता के चुने हुए जनप्रतिनिधि अपनी ही नगर सरकार में उपेक्षित और लाचार महसूस कर रहे हैं। 1 साल में 3 सीएमओ और 2 ईई बदले! शहडोल नगर पालिका में प्रशासनिक स्थिरता की क्या स्थिति है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बीते एक साल में यहां 3-3 मुख्य नगर पालिका अधिकारी बदले जा चुके हैं। संभागीय कार्यालय का हाल तो और भी हास्यास्पद है, यहां कार्यपालन यंत्री के 02 पद स्वीकृत हैं, लेकिन काम सिर्फ 01 ही अफसर के भरोसे चल रहा है। इस एक साल में यहां भी 2 बार कार्यपालन यंत्री बदले जा चुके हैं। जब दफ्तरों में अफसरों का आना-जाना ही लगा रहेगा, तो विकास की फाइलों पर दस्तखत कौन करेगा? इस तबादला उद्योग का खामियाजा सीधे तौर पर शहडोल की आम जनता भुगत रही है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड रोड बेहाल संयुक्त पार्षद मंच ने अपने शिकायती पत्र में नगर की दो प्रमुख और विकराल समस्याओं पर विशेष रूप से ध्यान आकर्षित कराया है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड मार्ग: इस बेहद व्यस्त मार्ग के निर्माण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सडक़ की खस्ताहाली और धूल-गड्ढों से जनता का गुस्सा दिन-ब-दिन फूट रहा है। सीवर परियोजना का कोराम: पिछले 2 सालों से शहडोल शहर में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर पूरे शहर को खोदकर छोड़ दिया गया है। सीवर कंपनी अपनी मर्जी से जहां चाहे खुदाई कर देती है, न कोई समयसीमा है और न ही वार्ड पार्षदों को इसकी कोई पूर्व सूचना दी जाती है। जनता रोज दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है और ठेकेदार बेफिक्र घूम रहा है। अव्यवस्था सुधारो, वरना होगा आंदोलन शहडोल के सभी वार्ड पार्षदों ने स्पष्ट किया है कि यदि तकनीकी स्वीकृतियों में अनावश्यक देरी का यह सिलसिला तुरंत बंद नहीं हुआ और सीवर कंपनी की मनमानी पर लगाम नहीं कसी गई, तो जनप्रतिनिधि खामोश नहीं बैठेंगे। अब देखना यह होगा कि संभागायुक्त के हस्तक्षेप के बाद संभागीय कार्यालय के कार्यपालन यंत्री और नगर पालिका प्रशासन की नींद टूटती है या फिर 39 वार्डों का विकास यूं ही फाइलों के पन्नों में दम तोड़ता रहेगा। तकनीकी स्वीकृति की फाइल में त्रुटि का पेंच 39 वार्डों का विकास ठप, शहडोल नपा के पार्षदों ने संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन शहडोल। शहडोल नगर पालिका में इन दिनों विकास का पहिया घोंघे की रफ्तार से भी धीमा चल रहा है, और इसका जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि संभागीय कार्यालय में बैठे अफसरों की वो लाल कलम है, जो हर फाइल में कोई न कोई त्रुटि निकालकर उसे कागजों के ढेर में वापस दबा देती है। पिछले दो सालों से नगर के सभी 39 वार्डों के पार्षद अपने-अपने इलाके में रोड, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुके हैं। आखिर में सब्र का बांध टूटा तो संयुक्त पार्षद मंच के बैनर तले तमाम पार्षदों ने एकजुट होकर संभागायुक्त की चौखट पर जाकर ज्ञापन का पुलिंदा सौंप दिया। 2 साल से फाइलों का पिंग-पॉन्ग खेल पार्षदों का सीधा आरोप है कि जब भी वार्ड की जनता के लिए रोड, नाली या पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं का प्रस्ताव नगर पालिका स्तर से मंजूर होकर तकनीकी स्वीकृति के लिए कार्यपालन यंत्री, नगरीय प्रशासन एवं विकास संभागीय कार्यालय भेजा जाता है, तो वहां बैठे जिम्मेदार अफसर कोई न कोई कमी या त्रुटि का बहाना बनाकर फाइलों को वापस लौटा देते हैं। पिछले 2 वर्षों से फाइलों का यह पिंग-पॉन्ग खेल बदस्तूर जारी है। निकाय दफ्तर से फाइल ईई दफ्तर जाती है और वहां से तकनीकी पेंच फंसाकर वापस नगर पालिका भेज दी जाती है। इस चक्कर में 39 वार्डों का विकास कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ा है और जनता के चुने हुए जनप्रतिनिधि अपनी ही नगर सरकार में उपेक्षित और लाचार महसूस कर रहे हैं। 1 साल में 3 सीएमओ और 2 ईई बदले! शहडोल नगर पालिका में प्रशासनिक स्थिरता की क्या स्थिति है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बीते एक साल में यहां 3-3 मुख्य नगर पालिका अधिकारी बदले जा चुके हैं। संभागीय कार्यालय का हाल तो और भी हास्यास्पद है, यहां कार्यपालन यंत्री के 02 पद स्वीकृत हैं, लेकिन काम सिर्फ 01 ही अफसर के भरोसे चल रहा है। इस एक साल में यहां भी 2 बार कार्यपालन यंत्री बदले जा चुके हैं। जब दफ्तरों में अफसरों का आना-जाना ही लगा रहेगा, तो विकास की फाइलों पर दस्तखत कौन करेगा? इस तबादला उद्योग का खामियाजा सीधे तौर पर शहडोल की आम जनता भुगत रही है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड रोड बेहाल संयुक्त पार्षद मंच ने अपने शिकायती पत्र में नगर की दो प्रमुख और विकराल समस्याओं पर विशेष रूप से ध्यान आकर्षित कराया है। बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड मार्ग: इस बेहद व्यस्त मार्ग के निर्माण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सडक़ की खस्ताहाली और धूल-गड्ढों से जनता का गुस्सा दिन-ब-दिन फूट रहा है। सीवर परियोजना का कोराम: पिछले 2 सालों से शहडोल शहर में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर पूरे शहर को खोदकर छोड़ दिया गया है। सीवर कंपनी अपनी मर्जी से जहां चाहे खुदाई कर देती है, न कोई समयसीमा है और न ही वार्ड पार्षदों को इसकी कोई पूर्व सूचना दी जाती है। जनता रोज दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है और ठेकेदार बेफिक्र घूम रहा है। अव्यवस्था सुधारो, वरना होगा आंदोलन शहडोल के सभी वार्ड पार्षदों ने स्पष्ट किया है कि यदि तकनीकी स्वीकृतियों में अनावश्यक देरी का यह सिलसिला तुरंत बंद नहीं हुआ और सीवर कंपनी की मनमानी पर लगाम नहीं कसी गई, तो जनप्रतिनिधि खामोश नहीं बैठेंगे। अब देखना यह होगा कि संभागायुक्त के हस्तक्षेप के बाद संभागीय कार्यालय के कार्यपालन यंत्री और नगर पालिका प्रशासन की नींद टूटती है या फिर 39 वार्डों का विकास यूं ही फाइलों के पन्नों में दम तोड़ता रहेगा।
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    तकनीकी स्वीकृति की फाइल में त्रुटि का पेंच
39 वार्डों का विकास ठप, शहडोल नपा के पार्षदों ने संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन 

शहडोल। शहडोल नगर पालिका में इन दिनों विकास का पहिया घोंघे की रफ्तार से भी धीमा चल रहा है, और इसका जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि संभागीय कार्यालय में बैठे अफसरों की वो लाल कलम है, जो हर फाइल में कोई न कोई त्रुटि निकालकर उसे कागजों के ढेर में वापस दबा देती है। पिछले दो सालों से नगर के सभी 39 वार्डों के पार्षद अपने-अपने इलाके में रोड, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुके हैं। आखिर में सब्र का बांध टूटा तो संयुक्त पार्षद मंच के बैनर तले तमाम पार्षदों ने एकजुट होकर संभागायुक्त की चौखट पर जाकर ज्ञापन का पुलिंदा सौंप दिया।
2 साल से फाइलों का पिंग-पॉन्ग खेल 
पार्षदों का सीधा आरोप है कि जब भी वार्ड की जनता के लिए रोड, नाली या पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं का प्रस्ताव नगर पालिका स्तर से मंजूर होकर तकनीकी स्वीकृति के लिए कार्यपालन यंत्री, नगरीय प्रशासन एवं विकास संभागीय कार्यालय भेजा जाता है, तो वहां बैठे जिम्मेदार अफसर कोई न कोई कमी या त्रुटि का बहाना बनाकर फाइलों को वापस लौटा देते हैं। पिछले 2 वर्षों से फाइलों का यह पिंग-पॉन्ग खेल बदस्तूर जारी है। निकाय दफ्तर से फाइल ईई दफ्तर जाती है और वहां से तकनीकी पेंच फंसाकर वापस नगर पालिका भेज दी जाती है। इस चक्कर में 39 वार्डों का विकास कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ा है और जनता के चुने हुए जनप्रतिनिधि अपनी ही नगर सरकार में उपेक्षित और लाचार महसूस कर रहे हैं।
1 साल में 3 सीएमओ और 2 ईई बदले!
शहडोल नगर पालिका में प्रशासनिक स्थिरता की क्या स्थिति है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बीते एक साल में यहां 3-3 मुख्य नगर पालिका अधिकारी बदले जा चुके हैं। संभागीय कार्यालय का हाल तो और भी हास्यास्पद है, यहां कार्यपालन यंत्री के 02 पद स्वीकृत हैं, लेकिन काम सिर्फ 01 ही अफसर के भरोसे चल रहा है। इस एक साल में यहां भी 2 बार कार्यपालन यंत्री बदले जा चुके हैं। जब दफ्तरों में अफसरों का आना-जाना ही लगा रहेगा, तो विकास की फाइलों पर दस्तखत कौन करेगा? इस तबादला उद्योग का खामियाजा सीधे तौर पर शहडोल की आम जनता भुगत रही है।
बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड रोड बेहाल 
संयुक्त पार्षद मंच ने अपने शिकायती पत्र में नगर की दो प्रमुख और विकराल समस्याओं पर विशेष रूप से ध्यान आकर्षित कराया है। 
बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड मार्ग: इस बेहद व्यस्त मार्ग के निर्माण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सडक़ की खस्ताहाली और धूल-गड्ढों से जनता का गुस्सा दिन-ब-दिन फूट रहा है।
सीवर परियोजना का कोराम: पिछले 2 सालों से शहडोल शहर में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर पूरे शहर को खोदकर छोड़ दिया गया है। सीवर कंपनी अपनी मर्जी से जहां चाहे खुदाई कर देती है, न कोई समयसीमा है और न ही वार्ड पार्षदों को इसकी कोई पूर्व सूचना दी जाती है। जनता रोज दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है और ठेकेदार बेफिक्र घूम रहा है।
अव्यवस्था सुधारो, वरना होगा आंदोलन
शहडोल के सभी वार्ड पार्षदों ने स्पष्ट किया है कि यदि तकनीकी स्वीकृतियों में अनावश्यक देरी का यह सिलसिला तुरंत बंद नहीं हुआ और सीवर कंपनी की मनमानी पर लगाम नहीं कसी गई, तो जनप्रतिनिधि खामोश नहीं बैठेंगे। अब देखना यह होगा कि संभागायुक्त के हस्तक्षेप के बाद संभागीय कार्यालय के कार्यपालन यंत्री और नगर पालिका प्रशासन की नींद टूटती है या फिर 39 वार्डों का विकास यूं ही फाइलों के पन्नों में दम तोड़ता रहेगा।
तकनीकी स्वीकृति की फाइल में त्रुटि का पेंच
39 वार्डों का विकास ठप, शहडोल नपा के पार्षदों ने संभागायुक्त को सौंपा ज्ञापन 
शहडोल। शहडोल नगर पालिका में इन दिनों विकास का पहिया घोंघे की रफ्तार से भी धीमा चल रहा है, और इसका जिम्मेदार कोई और नहीं बल्कि संभागीय कार्यालय में बैठे अफसरों की वो लाल कलम है, जो हर फाइल में कोई न कोई त्रुटि निकालकर उसे कागजों के ढेर में वापस दबा देती है। पिछले दो सालों से नगर के सभी 39 वार्डों के पार्षद अपने-अपने इलाके में रोड, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुके हैं। आखिर में सब्र का बांध टूटा तो संयुक्त पार्षद मंच के बैनर तले तमाम पार्षदों ने एकजुट होकर संभागायुक्त की चौखट पर जाकर ज्ञापन का पुलिंदा सौंप दिया।
2 साल से फाइलों का पिंग-पॉन्ग खेल 
पार्षदों का सीधा आरोप है कि जब भी वार्ड की जनता के लिए रोड, नाली या पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं का प्रस्ताव नगर पालिका स्तर से मंजूर होकर तकनीकी स्वीकृति के लिए कार्यपालन यंत्री, नगरीय प्रशासन एवं विकास संभागीय कार्यालय भेजा जाता है, तो वहां बैठे जिम्मेदार अफसर कोई न कोई कमी या त्रुटि का बहाना बनाकर फाइलों को वापस लौटा देते हैं। पिछले 2 वर्षों से फाइलों का यह पिंग-पॉन्ग खेल बदस्तूर जारी है। निकाय दफ्तर से फाइल ईई दफ्तर जाती है और वहां से तकनीकी पेंच फंसाकर वापस नगर पालिका भेज दी जाती है। इस चक्कर में 39 वार्डों का विकास कार्य पूरी तरह से ठप्प पड़ा है और जनता के चुने हुए जनप्रतिनिधि अपनी ही नगर सरकार में उपेक्षित और लाचार महसूस कर रहे हैं।
1 साल में 3 सीएमओ और 2 ईई बदले!
शहडोल नगर पालिका में प्रशासनिक स्थिरता की क्या स्थिति है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बीते एक साल में यहां 3-3 मुख्य नगर पालिका अधिकारी बदले जा चुके हैं। संभागीय कार्यालय का हाल तो और भी हास्यास्पद है, यहां कार्यपालन यंत्री के 02 पद स्वीकृत हैं, लेकिन काम सिर्फ 01 ही अफसर के भरोसे चल रहा है। इस एक साल में यहां भी 2 बार कार्यपालन यंत्री बदले जा चुके हैं। जब दफ्तरों में अफसरों का आना-जाना ही लगा रहेगा, तो विकास की फाइलों पर दस्तखत कौन करेगा? इस तबादला उद्योग का खामियाजा सीधे तौर पर शहडोल की आम जनता भुगत रही है।
बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड रोड बेहाल 
संयुक्त पार्षद मंच ने अपने शिकायती पत्र में नगर की दो प्रमुख और विकराल समस्याओं पर विशेष रूप से ध्यान आकर्षित कराया है। 
बुढ़ार चौक से न्यू बस स्टैंड मार्ग: इस बेहद व्यस्त मार्ग के निर्माण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सडक़ की खस्ताहाली और धूल-गड्ढों से जनता का गुस्सा दिन-ब-दिन फूट रहा है।
सीवर परियोजना का कोराम: पिछले 2 सालों से शहडोल शहर में सीवर लाइन बिछाने के नाम पर पूरे शहर को खोदकर छोड़ दिया गया है। सीवर कंपनी अपनी मर्जी से जहां चाहे खुदाई कर देती है, न कोई समयसीमा है और न ही वार्ड पार्षदों को इसकी कोई पूर्व सूचना दी जाती है। जनता रोज दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है और ठेकेदार बेफिक्र घूम रहा है।
अव्यवस्था सुधारो, वरना होगा आंदोलन
शहडोल के सभी वार्ड पार्षदों ने स्पष्ट किया है कि यदि तकनीकी स्वीकृतियों में अनावश्यक देरी का यह सिलसिला तुरंत बंद नहीं हुआ और सीवर कंपनी की मनमानी पर लगाम नहीं कसी गई, तो जनप्रतिनिधि खामोश नहीं बैठेंगे। अब देखना यह होगा कि संभागायुक्त के हस्तक्षेप के बाद संभागीय कार्यालय के कार्यपालन यंत्री और नगर पालिका प्रशासन की नींद टूटती है या फिर 39 वार्डों का विकास यूं ही फाइलों के पन्नों में दम तोड़ता रहेगा।
    user_POORAN LAL DUBEY
    POORAN LAL DUBEY
    Local News Reporter विजयराघवगढ़, कटनी, मध्य प्रदेश•
    4 hrs ago
  • जिला कटनी ब्लॉक ढीमरखेड़ा के अधीनस्थ ग्राम पंचायत बिचुआ का मामला सेल्समेन और समिति प्रबंधक की खुली पोल राशन घोटाले को लेकर ग्राम पंचायत बिचुआ का ताजा मामला सेल्समेन दीनदयाल और समिति प्रबंधक कमल पांडे की मिली भगत से 600 कार्ड धारकों का 2 महीने का अनाज ब्लैक कर किया गमन ग्रामीणों मैं आक्रोश यही नहीं यहां पर सालों से इसी तरह से गरीब मजदूर वर्गों को लूटा जा रहा है चार-चार महीने का फिंगर लगवा लिया जाता है और 2 महीने का ही राशन बांटा जाता है उसमें भी दो ही गांव में राशन वितरण किया जाता है और शेष तीन गांव के लोग राशन से वंचित रहते हैं ग्रामीणों ने प्रशासन से जांच की मांग की है औरकहना है कि ऐसे पद भ्रष्ट कर्मचारियों के ऊपर सख्त कार्यवाही की जो जनता का हक छीन कर अपना निजी प्रॉपर्टी बना रहे हैं और गरीब जनता दर-दर की ठोकर खा रहे हैं आपको दिखा रहे हैं सच्ची हकीकत हर पल हर खबर मजदूरों के साथ और आपका विश्वास रहे हमेशा साथ कला बजारी करने वालों का पर्दा पास कटनी से मुकेश कुमार यादव हमेशा सच के साथ पूरा मिले आपको आपके हक्का राशन सामान जिसमेंहै आपका अधिकार
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    जिला कटनी ब्लॉक ढीमरखेड़ा के अधीनस्थ ग्राम पंचायत बिचुआ का मामला सेल्समेन और समिति प्रबंधक की खुली पोल राशन घोटाले को लेकर
ग्राम पंचायत बिचुआ का ताजा मामला सेल्समेन दीनदयाल और समिति प्रबंधक कमल पांडे की मिली भगत से 600 कार्ड धारकों का 2 महीने का अनाज ब्लैक कर किया गमन ग्रामीणों मैं आक्रोश यही नहीं यहां पर सालों से इसी तरह से गरीब मजदूर वर्गों को लूटा जा रहा है चार-चार महीने का फिंगर लगवा लिया जाता है और 2 महीने का ही राशन बांटा जाता है उसमें भी दो ही गांव में राशन वितरण किया जाता है और शेष तीन गांव के लोग राशन से वंचित रहते हैं ग्रामीणों ने  प्रशासन से जांच की मांग की है औरकहना है कि ऐसे पद भ्रष्ट कर्मचारियों के ऊपर सख्त कार्यवाही की जो जनता का हक छीन कर अपना निजी प्रॉपर्टी बना रहे हैं और गरीब जनता  दर-दर की ठोकर खा रहे हैं
आपको दिखा रहे हैं सच्ची हकीकत हर पल हर खबर मजदूरों के साथ और आपका विश्वास रहे हमेशा साथ कला बजारी करने वालों का पर्दा पास कटनी से मुकेश कुमार यादव हमेशा सच के साथ पूरा मिले आपको आपके हक्का राशन सामान जिसमेंहै आपका अधिकार
    user_Mukesh Kuma
    Mukesh Kuma
    मैं एक प्रेस रिपोर्टर और बेरोजगारी का Dhimarkheda, Katni•
    8 hrs ago
  • मनेन्द्रगढ़ में अवैध शराब परिवहन करते दो आरोपी गिरफ्तार
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    मनेन्द्रगढ़ में अवैध शराब परिवहन करते दो आरोपी गिरफ्तार
    user_Sawan kumar
    Sawan kumar
    चिरमिरी, मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर, छत्तीसगढ़•
    8 hrs ago
  • सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol सेवा संकल्प अभियान:- 2026 मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। #सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan #शहडोल #shahdol
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    सेवा संकल्प अभियान:- 2026

मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। 

#सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan  #शहडोल #shahdol
सेवा संकल्प अभियान:- 2026
मध्य प्रदेश सरकार द्वारा खेलकूद की गतिविधियों को निरंतर किया जा रहा प्रोत्साहित। 
#सेवा_संकल्प_अभियान #SevaSankalpAbhiyan  #शहडोल #shahdol
    user_पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    पंडित कृष्णा मिश्रा पत्रकार
    Insurance Agent सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • ग्राम खारी में सड़क निर्माण की मांग, ग्रामीणों ने विधायक से लगाई गुहार कीचड़ भरे रास्तों से आवागमन को मजबूर ग्रामीण, सड़क निर्माण की उठी मांग ब्यौहारी/शहडोल। जनपद पंचायत ब्यौहारी अंतर्गत ग्राम पंचायत खारी में सड़क सुविधा की समस्या को लेकर ग्रामीणों में परेशानी बनी हुई है। गांव में सड़क का अभाव होने के कारण बारिश के दौरान रास्तों में कीचड़ और जलभराव की स्थिति निर्मित हो जाती है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की आवश्यकता महसूस की जा रही है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक से अपील करते हुए ग्राम खारी में जल्द से जल्द सड़क निर्माण करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि सड़क जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध होने से ग्रामीणों को राहत मिलेगी और आवागमन सुगम हो सकेगा। वहीं, गांव की सड़क समस्या को लेकर विकास कार्यों और जिम्मेदार विभागों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित जनप्रतिनिधि और प्रशासन उनकी समस्या का संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करेंगे। ग्रामीणों की मांग है कि ग्राम खारी में सड़क निर्माण को प्राथमिकता देते हुए जल्द समाधान किया जाए। ग्राम खारी में सड़क निर्माण की मांग, ग्रामीणों ने विधायक से लगाई गुहार कीचड़ भरे रास्तों से आवागमन को मजबूर ग्रामीण, सड़क निर्माण की उठी मांग ब्यौहारी/शहडोल। जनपद पंचायत ब्यौहारी अंतर्गत ग्राम पंचायत खारी में सड़क सुविधा की समस्या को लेकर ग्रामीणों में परेशानी बनी हुई है। गांव में सड़क का अभाव होने के कारण बारिश के दौरान रास्तों में कीचड़ और जलभराव की स्थिति निर्मित हो जाती है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की आवश्यकता महसूस की जा रही है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक से अपील करते हुए ग्राम खारी में जल्द से जल्द सड़क निर्माण करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि सड़क जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध होने से ग्रामीणों को राहत मिलेगी और आवागमन सुगम हो सकेगा। वहीं, गांव की सड़क समस्या को लेकर विकास कार्यों और जिम्मेदार विभागों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित जनप्रतिनिधि और प्रशासन उनकी समस्या का संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करेंगे। ग्रामीणों की मांग है कि ग्राम खारी में सड़क निर्माण को प्राथमिकता देते हुए जल्द समाधान किया जाए।
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    ग्राम खारी में सड़क निर्माण की मांग, ग्रामीणों ने विधायक से लगाई गुहार

कीचड़ भरे रास्तों से आवागमन को मजबूर ग्रामीण, सड़क निर्माण की उठी मांग

ब्यौहारी/शहडोल। जनपद पंचायत ब्यौहारी अंतर्गत ग्राम पंचायत खारी में सड़क सुविधा की समस्या को लेकर ग्रामीणों में परेशानी बनी हुई है। गांव में सड़क का अभाव होने के कारण बारिश के दौरान रास्तों में कीचड़ और जलभराव की स्थिति निर्मित हो जाती है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की आवश्यकता महसूस की जा रही है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।

ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक से अपील करते हुए ग्राम खारी में जल्द से जल्द सड़क निर्माण करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि सड़क जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध होने से ग्रामीणों को राहत मिलेगी और आवागमन सुगम हो सकेगा।

वहीं, गांव की सड़क समस्या को लेकर विकास कार्यों और जिम्मेदार विभागों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित जनप्रतिनिधि और प्रशासन उनकी समस्या का संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करेंगे।

ग्रामीणों की मांग है कि ग्राम खारी में सड़क निर्माण को प्राथमिकता देते हुए जल्द समाधान किया जाए।
ग्राम खारी में सड़क निर्माण की मांग, ग्रामीणों ने विधायक से लगाई गुहार
कीचड़ भरे रास्तों से आवागमन को मजबूर ग्रामीण, सड़क निर्माण की उठी मांग
ब्यौहारी/शहडोल। जनपद पंचायत ब्यौहारी अंतर्गत ग्राम पंचायत खारी में सड़क सुविधा की समस्या को लेकर ग्रामीणों में परेशानी बनी हुई है। गांव में सड़क का अभाव होने के कारण बारिश के दौरान रास्तों में कीचड़ और जलभराव की स्थिति निर्मित हो जाती है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की आवश्यकता महसूस की जा रही है, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक से अपील करते हुए ग्राम खारी में जल्द से जल्द सड़क निर्माण करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि सड़क जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध होने से ग्रामीणों को राहत मिलेगी और आवागमन सुगम हो सकेगा।
वहीं, गांव की सड़क समस्या को लेकर विकास कार्यों और जिम्मेदार विभागों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित जनप्रतिनिधि और प्रशासन उनकी समस्या का संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करेंगे।
ग्रामीणों की मांग है कि ग्राम खारी में सड़क निर्माण को प्राथमिकता देते हुए जल्द समाधान किया जाए।
    user_POORAN LAL DUBEY
    POORAN LAL DUBEY
    Local News Reporter विजयराघवगढ़, कटनी, मध्य प्रदेश•
    4 hrs ago
  • श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर जू सरकार धाम पन्ना दिनांक 25 श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर जू सरकार धाम पन्ना दिनांक 25 सितंबर 2026 दिन शुक्रवार के आज के दर्शन जय जय श्री राधे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे जय श्री राधे.........
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    श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर जू सरकार धाम पन्ना दिनांक 25 
श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर जू सरकार धाम पन्ना दिनांक 25 सितंबर 2026 दिन शुक्रवार के आज के दर्शन जय जय श्री राधे हरे कृष्णा हरे कृष्णा कृष्णा हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे जय श्री राधे.........
    user_रोहित कुमार पाठक
    रोहित कुमार पाठक
    Lawyer अमरपाटन, सतना, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
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