कांग्रेस की बैठक में चुनावी रणनीति पर मंथन, जिला व नगर अल्पसंख्यक कार्यकारिणी का स्वागत कुशलगढ़। विधायक निवास पर आगामी पंचायत चुनाव एवं कुशलगढ़ निकाय चुनाव में कांग्रेस की जीत को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में चुनावी रणनीति और संगठन को मजबूत करने पर चर्चा हुई। इस दौरान ब्लॉक कांग्रेस कुशलगढ़ एवं विधायक रमीला खड़िया द्वारा जिला एवं नगर अल्पसंख्यक कांग्रेस कार्यकारिणी के पदाधिकारियों का स्वागत-अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर अल्पसंख्यक जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष मुश्ताक मामू, महासचिव वाहिद मकरानी, फैज़ल खान पठान, आसिफ खान, बलवान मकरानी, जिला सचिव अंसार अहमद पठान, जावेद खान पठान, सूफियान मोहम्मद, संयुक्त सचिव अनीस पठान, शाहरुख मोहम्मद, फरीद मकरानी, ब्लॉक अध्यक्ष अल्पसंख्यक कांग्रेस कुशलगढ़ जुनेद मकरानी एवं अल्पसंख्यक नगर अध्यक्ष मुश्ताक अहमद आदि का स्वागत किया गया। बैठक में आगामी चुनावों को लेकर कांग्रेस संगठन को सक्रिय एवं मजबूत करने पर जोर दिया गया। यह जानकारी जावेद खान पठान ने दी।
कांग्रेस की बैठक में चुनावी रणनीति पर मंथन, जिला व नगर अल्पसंख्यक कार्यकारिणी का स्वागत कुशलगढ़। विधायक निवास पर आगामी पंचायत चुनाव एवं कुशलगढ़ निकाय चुनाव में कांग्रेस की जीत को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में चुनावी रणनीति और संगठन को मजबूत करने पर चर्चा हुई। इस दौरान ब्लॉक कांग्रेस कुशलगढ़ एवं विधायक रमीला खड़िया द्वारा जिला एवं नगर अल्पसंख्यक कांग्रेस कार्यकारिणी के पदाधिकारियों का स्वागत-अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर अल्पसंख्यक जिला
कांग्रेस उपाध्यक्ष मुश्ताक मामू, महासचिव वाहिद मकरानी, फैज़ल खान पठान, आसिफ खान, बलवान मकरानी, जिला सचिव अंसार अहमद पठान, जावेद खान पठान, सूफियान मोहम्मद, संयुक्त सचिव अनीस पठान, शाहरुख मोहम्मद, फरीद मकरानी, ब्लॉक अध्यक्ष अल्पसंख्यक कांग्रेस कुशलगढ़ जुनेद मकरानी एवं अल्पसंख्यक नगर अध्यक्ष मुश्ताक अहमद आदि का स्वागत किया गया। बैठक में आगामी चुनावों को लेकर कांग्रेस संगठन को सक्रिय एवं मजबूत करने पर जोर दिया गया। यह जानकारी जावेद खान पठान ने दी।
- कांग्रेस की बैठक में चुनावी रणनीति पर मंथन, जिला व नगर अल्पसंख्यक कार्यकारिणी का स्वागत कुशलगढ़। विधायक निवास पर आगामी पंचायत चुनाव एवं कुशलगढ़ निकाय चुनाव में कांग्रेस की जीत को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में चुनावी रणनीति और संगठन को मजबूत करने पर चर्चा हुई। इस दौरान ब्लॉक कांग्रेस कुशलगढ़ एवं विधायक रमीला खड़िया द्वारा जिला एवं नगर अल्पसंख्यक कांग्रेस कार्यकारिणी के पदाधिकारियों का स्वागत-अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर अल्पसंख्यक जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष मुश्ताक मामू, महासचिव वाहिद मकरानी, फैज़ल खान पठान, आसिफ खान, बलवान मकरानी, जिला सचिव अंसार अहमद पठान, जावेद खान पठान, सूफियान मोहम्मद, संयुक्त सचिव अनीस पठान, शाहरुख मोहम्मद, फरीद मकरानी, ब्लॉक अध्यक्ष अल्पसंख्यक कांग्रेस कुशलगढ़ जुनेद मकरानी एवं अल्पसंख्यक नगर अध्यक्ष मुश्ताक अहमद आदि का स्वागत किया गया। बैठक में आगामी चुनावों को लेकर कांग्रेस संगठन को सक्रिय एवं मजबूत करने पर जोर दिया गया। यह जानकारी जावेद खान पठान ने दी।2
- शारीरिक शिक्षक पूरे समाज को बीमार होने से बचाता है रायना में जिला स्तरीय शारीरिक शिक्षक वाकपीठ संगोष्ठी आयोजित शारीरिक शिक्षक पूरे समाज को बीमार होने से बचाता है_मीणा रायना में जिला स्तरीय शारीरिक शिक्षक वाकपीठ संगोष्ठीआयोजित जिला स्तरीय शारीरिक शिक्षक सत्रारम्भ( प्रारंभिक शिक्षा) दो दिवसीय वाकपीठ संगोष्ठी राऊप्रावि रायना के तत्वाधान में कतिसौर के कटकेश्वर महादेव मंदिर के हॉल में शुक्रवार को आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व जिलाध्यक्ष वेलजी पाटीदार ने की । मुख्य अतिथि पूर्व विधायक मीणा,विशिष्ट अतिथि जिला शिक्षाधिकारी हेमंत पंड्या ,पीइईओ प्रवीण कुमार भोई,अनिल गुप्ता ,रामजी पाटीदार, सीबीईओ गोपाल सिंह पंवार,लक्ष्मण सिंह चौहान ,कल्याण सिंह चौहान,लाल सिंह चौहान,शंभूसिंह चौहान थे। कार्यक्रम के पूर्व मां शारदे की तस्वीर के सम्मुख दीप प्रवज्जलन किया गया।बाद बालकों द्वारा स्वागत गीत की प्रस्तुति दी गई । तत्पश्चात विद्यालय परिवार एवं वाकपीठ कमेटी द्वारा अतिथियों का पगड़ी , ऊपरना पहनाकर कर स्वागत किया गया।स्वागत उद्बोधन संयोजक एवं प्रधानाध्यापक सुरेशचंद्र व्यास एवं वाक पीठ अध्यक्ष देवीलाल पाटीदार ने दिया। अतिथियों ने संगोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है। एक डॉक्टर बीमार को ठीक करता है, लेकिन एक शारीरिक शिक्षक पूरे समाज को बीमार होने से बचाता है।आज के समय में बच्चे मोबाइल, टीवी और जंक फूड में फंस गए हैं। मोटापा, डिप्रेशन, अनुशासनहीनता बढ़ रही है। ऐसे में हमारी जिम्मेदारी सबसे ज्यादा बढ़ गई है। हमारा लक्ष्य है कि जिले का कोई भी बच्चा प्रतिभाशाली हो और संसाधन के अभाव में पीछे न रहे। ग्रामीण स्कूलों में भी प्रतिभा खोज अभियान चलाकर प्रतिभाओं को आगे लाए। इस अवसर पर खेल प्रकोष्ठ प्रभारी डूंगरपुर रमेश रोत ,शारीरिक शिक्षक जिलाध्यक्ष मगन लाल यादव, ब्लॉक अध्यक्ष राहुल भमावत,सचिव सुरेन्द्र भट्ट ,लाल सिंह अहाडा,सुदर्शन सिंह चौहान सहित जिले के शारीरिक शिक्षक मौजूद रहे । संचालन कुलदीप सिंह बनकोड़ा ने किया ।आभार ब्लॉक अध्यक्ष राहुल भमावत ने माना। भामाशाह का किया अभिनंदन _ जिला स्तरीय शारीरिक शिक्षक वाकपीठ में एक दिन का भोजन देने वाले भामाशाह कल्याण सिंह चौहान का अभिनंदन किया गया । इन्होंने दी वार्ताएं_कल्याण सिंह पंवार ने मौसमी बीमारियों और इसकी रोकथाम,प्रदीप पंड्या ने नवीन तकनीक एवं उसका खेल में प्रभावी प्रयोग,अरविंद जोशी ने साल भर योग व्यायाम एवं खेल क्रियाएं,सुरेश भट्ट ने विद्यालय में शारीरिक शिक्षक की भूमिका सहित कई खेलो पर अपनी वार्ताएं देकर शारीरिक शिक्षक की महत्ता पर प्रकाश डाला ।1
- रीछा में सरकारी चरनोट भूमि से अतिक्रमण हटाने पहुंचा प्रशासन, पुलिस सुरक्षा के बीच बुलडोजर कार्रवाई1
- चांदी के हिंडोले में झूले श्रीगोवर्धननाथजी, पद-कीर्तन से भक्ति में डूबा धंबोला पुष्टिमार्गीय श्री गोवर्धन नाथजी हवेली मंदिर, धंबोला में गुरुवार सायंकाल हिंडोला उत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। शाम 7 से 8 बजे तक आयोजित मनोरम उत्सव में ठाकुरजी को चांदी के भव्य हिंडोले में विराजित कर श्रद्धालुओं ने झूला झुलाया। मंदिर परिसर भक्ति, पद-गायन और कीर्तन की मधुर स्वर-लहरियों से गुंजायमान रहा। उत्सव के मनोरथी जयप्रकाश रामशंकर पंड्या रहे। मंदिर के मुखिया अजय भोगीलाल पंड्या एवं मुखियाणी इंदुलत्ता पंड्या ने ठाकुरजी का मनोहारी श्रृंगार कर उन्हें चांदी के हिंडोले में विराजित कर झूला जुलाया । इसके बाद वैष्णव भक्तों ने परंपरानुसार हिंडोला पदों का सुमधुर गान तथा भजन-कीर्तन से भक्तिमय वातावरण का सृजन किया। इस अवसर पर रामशंकर मांगनलाल पंड्या, ब्रजमोहन पंड्या, भानुप्रसाद पंड्या, मुकेश पंड्या, भारती देवी पंड्या, रंजन बेन पंड्या,साधना बेन पंड्या, संगीता बेन पंड्या, प्रीति पंड्या सहित बड़ी संख्या में वैष्णव भक्त उपस्थित रहे। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं ने ठाकुरजी के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की।1
- छात्रसंघ चुनाव बहाली की मांग पर एबीवीपी का प्रदर्शन, कॉलेज गेट किया बंद पांच सूत्रीय मांगों को लेकर उच्च शिक्षा मंत्री के नाम प्राचार्य को सौंपा ज्ञापन, छात्र नेतृत्व को मजबूत करने की उठाई आवाज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) डूंगरपुर की ओर से शुक्रवार को श्री भोगीलाल पंड्या राजकीय महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर प्रदर्शन किया गया। छात्रसंघ चुनावों की पुनः बहाली सहित उच्च शिक्षा से जुड़ी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने कॉलेज के मुख्य गेट को बंद कर विरोध जताया। इसके बाद राजस्थान सरकार के उच्च शिक्षा मंत्री प्रेमचंद बैरवा के नाम कॉलेज प्राचार्य को ज्ञापन सौंपकर मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की गई। कॉलेज इकाई अध्यक्ष पंकज कलासुआ ने कहा कि राजस्थान में छात्र नेतृत्व को विकसित करने और विद्यार्थियों की समस्याओं को प्रभावी मंच प्रदान करने के लिए छात्रसंघ चुनावों की पुनः बहाली आवश्यक है। उन्होंने कहा कि छात्रसंघ चुनाव विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक प्रक्रिया से जोड़ने के साथ नेतृत्व क्षमता विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। एबीवीपी ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध एवं उत्तरदायी उच्च शिक्षा व्यवस्था प्रदेश के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। वर्तमान में उच्च शिक्षा क्षेत्र में कई संरचनात्मक एवं प्रशासनिक चुनौतियां हैं, जिनका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य पर पड़ रहा है। इसी को देखते हुए विद्यार्थी परिषद ने सरकार के समक्ष पांच प्रमुख मांगें रखी हैं। एबीवीपी की पांच प्रमुख मांगें 1. छात्रसंघ चुनाव शीघ्र बहाल किए जाएं। एबीवीपी ने प्रदेश में छात्रसंघ चुनावों को जल्द से जल्द पुनः शुरू करने की मांग की, ताकि विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक व्यवस्था में भागीदारी और नेतृत्व का अवसर मिल सके। 2. सभी राज्य विश्वविद्यालयों में समान अकादमिक कैलेंडर लागू हो। परिषद ने प्रदेश के सभी राज्य विश्वविद्यालयों के लिए एक समान अकादमिक कैलेंडर लागू करने की मांग की, जिससे प्रवेश, परीक्षाओं एवं परिणामों की प्रक्रिया समयबद्ध हो सके। 3. विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों पर नियमित नियुक्तियां हों। विश्वविद्यालयों में लंबे समय से रिक्त चल रहे शैक्षणिक एवं अशैक्षणिक पदों पर नियमित नियुक्तियां करने की मांग उठाई गई। परिषद का कहना है कि पर्याप्त स्टाफ के बिना उच्च शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित होती है। 4. राजकीय महाविद्यालयों में नियमित प्राचार्यों की नियुक्ति की जाए। प्रदेश के सभी राजकीय महाविद्यालयों में नियमित प्राचार्यों की नियुक्ति कर शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की गई। 5. विश्वविद्यालयों में राजस्थानी भाषा के स्वतंत्र विभाग स्थापित हों। एबीवीपी ने प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में राजस्थानी भाषा के स्वतंत्र विभाग स्थापित करने की मांग करते हुए राजस्थानी भाषा, साहित्य एवं संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन पर जोर दिया। ज्ञापन के माध्यम से एबीवीपी ने सरकार से आग्रह किया कि इन मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेते हुए राजस्थान की उच्च शिक्षा व्यवस्था को अधिक सुदृढ़, गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध एवं विद्यार्थी-केंद्रित बनाया जाए। ये रहे मौजूद प्रदर्शन एवं ज्ञापन कार्यक्रम के दौरान प्रांत छात्रावास संयोजक अनिल धमलात, प्रांत जनजाति कार्य प्रमुख राजेंद्र खराड़ी, डूंगरपुर भाग संयोजक मनीष गमेती, इकाई उपाध्यक्ष अश्विन खराड़ी, कॉलेज इकाई छात्रावास संयोजक शीला कोटेड, रागिनी खराड़ी, भरत भगोरा, कृष्णा, हिमानी कोटेड, रोहित भराड़ा, नटवर गमेती, पीनल, चेतन खराड़ी, सागर हड़ात, ओमप्रकाश, दीपक, मयूर, छगन, विनोद, करिश्मा, दीक्षांत, भावना, मीनाक्षी, किंजल, पायल, टीना, खुशी माहेश्वरी सहित एबीवीपी के अनेक कार्यकर्ता एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।4
- सरकार के खिलाफ सफाई कर्मचारियों ने बुलंद की आवाज नरेना नगर पालिका के सामने हड़ताल शुरू, मांगों को लेकर आर-पार की लड़ाई का ऐलान सरकार के खिलाफ सफाई कर्मचारियों ने बुलंद की आवाज नरेना नगर पालिका के सामने हड़ताल शुरू, मांगों को लेकर आर-पार की लड़ाई का ऐलान रिपोर्टर मोना कुमावत अणतपुरा सफाई कर्मचारियों की मांगों को लेकर गुरुवार को नरेना नगर पालिका के सामने विरोध का बिगुल बज उठा। अपनी लंबित मांगों के समाधान की मांग को लेकर नगर पालिका के सफाई कर्मचारी हड़ताल पर उतर गए। कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद करते हुए स्पष्ट कहा कि अब आश्वासन नहीं, बल्कि मांगों पर ठोस निर्णय चाहिए। प्रदेश महामंत्री रणजीत सारसर के नेतृत्व में अनिल सारसर, सुरेश कलोसिया, बबलू धोल और शिवचरण सारसर सहित कर्मचारियों ने सरकार से सफाई भर्ती प्रक्रिया और कर्मचारी हितों से जुड़े मुद्दों पर तत्काल निर्णय लेने की मांग की। संविदा भर्ती रद्द करने की मांग कर्मचारियों की प्रमुख मांग वर्ष 2026 की संविदा सफाई कर्मचारी भर्ती को तत्काल प्रभाव से निरस्त करना है। साथ ही नई भर्ती में वाल्मीकि समाज को 100 प्रतिशत प्रतिनिधित्व देने की मांग उठाई गई। ठेका प्रथा खत्म कर स्थायी नियुक्ति की मांग कर्मचारियों ने राजस्थान की वर्तमान और नवगठित नगर पालिकाओं, नगर परिषदों एवं नगर निगमों में ठेका और अस्थायी व्यवस्था के तहत वर्षों से काम कर रहे सफाई कर्मचारियों को स्थायी करने की मांग भी रखी। कर्मचारियों का कहना है कि सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी लंबे समय से निभा रहे कर्मचारियों के अनुभव और सेवाओं को सम्मान मिलना चाहिए। इसके अलावा जाति प्रमाण पत्र को अनुभव प्रमाण पत्र के रूप में मान्यता देने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई। ‘मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन’ कर्मचारी नेताओं ने सरकार को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक और ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। कर्मचारियों ने कहा कि वे अपने अधिकारों और सम्मान के लिए लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रखेंगे। नरेना में शुरू हुई यह हड़ताल अब सरकार के लिए भी चुनौती बनती नजर आ रही है। कर्मचारियों के आंदोलन से नगर पालिका क्षेत्र की सफाई व्यवस्था प्रभावित होने की संभावना है। अब देखना होगा कि सरकार कर्मचारियों की मांगों पर क्या कदम उठाती है।1
- माँ जोगणियाँ भाग -22.......A novel of Arawali ki lokdevi maa JOGANIA.1
- जर्जर स्कूल में पढ़ाई से डरे ग्रामीण, नए भवन की मांग को लेकर एसडीएम को सौंपा ज्ञापन कुशलगढ़। ग्राम पंचायत सारण के पातेला फला स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय के जर्जर भवन को ध्वस्त कर नवीन विद्यालय भवन के निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों ने उपखंड कार्यालय पहुंचकर उपखंड अधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय भवन पूरी तरह जर्जर होकर गिरने की स्थिति में पहुंच चुका है। विद्यालय में 75 से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं और भवन की खराब हालत के कारण विद्यार्थियों, शिक्षकों व अन्य स्टाफ की सुरक्षा पर गंभीर खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार अभिभावकों ने बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें विद्यालय भेजना कम कर दिया है। ऐसे में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत विद्यालय के समीप झोपड़ी बनाकर कक्षाओं का संचालन किया जा रहा है, जिससे शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है और विद्यार्थियों को पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। ज्ञापन में ग्रामीणों ने जर्जर भवन को तत्काल ध्वस्त कर शीघ्र नवीन विद्यालय भवन के निर्माण की स्वीकृति एवं आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की, ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित वातावरण में शिक्षा मिल सके।1