दौसा से मेडिकल संविदा कर्मियों का जयपुर कूचः कृषि मंत्री के आवास पहुंचेंगे; भर्ती प्रक्रिया, वेतन विसंगति और अव्यवस्थाओं पर कार्रवाई की मांग दौसा से जयपुर के लिए रवाना हुए मेडिकल संविदा निविदा कर्मी। मेडिकल फील्ड में कार्यरत नर्सिंग ऑफिसर, पैरामेडिकल स्टाफ और एएनएम कर्मचारियों ने प्रदेशभर में व्याप्त अव्यवस्थाओं और वेतन विसंगति को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को मेडिकल संविदा निविदा कर्मी महासंघ ने पांच सूत्रीय मांग को लेकर जयपुर स्थित कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा के आवास के लिए पैदल कूच शुरू किया। महासंघ ने विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से ठोस निर्णय लेने की मांग की है। महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सैनी का कहना है- भर्तियों की प्रक्रिया पारदर्शी और पूर्व की तर्ज पर होनी चाहिए। उन्होंने मांग रखी कि पैरामेडिकल और नर्सिंग स्टाफ की सभी भर्तियां मेरिट के साथ बोनस (10, 20, 30) के आधार पर वर्ष 2013, 2018 और 2023 की तर्ज पर ही की जाएं। साथ ही संविदा नियम 1965 में किसी भी प्रकार का बदलाव न करते हुए इसे यथावत रखा जाए, ताकि संविदाकर्मियों के हित सुरक्षित रह सकें। कम वेतन को लेकर जताई नाराजगी महासंघ ने समान कार्य के लिए समान वेतन लागू करने और न्यूनतम मानदेय 22,500 रुपए करने की मांग की है। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्तमान में कम वेतन के चलते शोषण जैसी स्थिति बनी हुई है, जिस पर तत्काल रोक लगनी चाहिए। इसके अलावा कर्मचारियों ने राजकीय बोर्ड (RSLDC) के शीघ्र गठन की मांग उठाई है, जिसमें सभी संविदा और निविदाकर्मी कर्मचारियों को शामिल किया जाए, ताकि उनके स्थायी होने का मार्ग प्रशस्त हो सके। प्रदेशभर में आंदोलन की चेतावनी महासंघ ने यह भी मांग की है कि प्रदेश के सभी राजमेश मेडिकल कॉलेजों में, जहां अब तक भर्तियां नहीं हुई हैं, वहां जल्द से जल्द नर्सिंग ऑफिसर की भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए, जिससे स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार मिल सके। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा।
दौसा से मेडिकल संविदा कर्मियों का जयपुर कूचः कृषि मंत्री के आवास पहुंचेंगे; भर्ती प्रक्रिया, वेतन विसंगति और अव्यवस्थाओं पर कार्रवाई की मांग दौसा से जयपुर के लिए रवाना हुए मेडिकल संविदा निविदा कर्मी। मेडिकल फील्ड में कार्यरत नर्सिंग ऑफिसर, पैरामेडिकल स्टाफ और एएनएम कर्मचारियों ने प्रदेशभर में व्याप्त अव्यवस्थाओं और वेतन विसंगति को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को मेडिकल संविदा निविदा कर्मी महासंघ ने पांच सूत्रीय मांग को लेकर जयपुर स्थित कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा के आवास के लिए पैदल कूच शुरू किया। महासंघ ने विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से ठोस निर्णय लेने की मांग की है। महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सैनी का कहना है- भर्तियों की प्रक्रिया पारदर्शी और पूर्व की तर्ज पर होनी चाहिए। उन्होंने मांग रखी कि पैरामेडिकल और नर्सिंग स्टाफ की सभी भर्तियां मेरिट के साथ बोनस (10, 20, 30) के आधार पर वर्ष 2013, 2018 और 2023 की तर्ज पर ही की जाएं। साथ ही संविदा नियम 1965 में किसी भी प्रकार का बदलाव न करते हुए इसे यथावत रखा जाए, ताकि संविदाकर्मियों के हित सुरक्षित रह सकें। कम वेतन को लेकर जताई नाराजगी महासंघ ने समान कार्य के लिए समान वेतन लागू करने और न्यूनतम मानदेय 22,500 रुपए करने की मांग की है। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्तमान में कम वेतन के चलते शोषण जैसी स्थिति बनी हुई है, जिस पर तत्काल रोक लगनी चाहिए। इसके अलावा कर्मचारियों ने राजकीय बोर्ड (RSLDC) के शीघ्र गठन की मांग उठाई है, जिसमें सभी संविदा और निविदाकर्मी कर्मचारियों को शामिल किया जाए, ताकि उनके स्थायी होने का मार्ग प्रशस्त हो सके। प्रदेशभर में आंदोलन की चेतावनी महासंघ ने यह भी मांग की है कि प्रदेश के सभी राजमेश मेडिकल कॉलेजों में, जहां अब तक भर्तियां नहीं हुई हैं, वहां जल्द से जल्द नर्सिंग ऑफिसर की भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए, जिससे स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार मिल सके। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा।
- आपदा आधारित जनजागरूकता अभियान के अंतर्गत 6 वीं वाहिनी एनडीआरएफ टीम के द्वारा ग्राम पंचायत मुख्यालय पर स्थानीय राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें आपदाओं से संबंधित जानकारी एकत्रित करने के साथ ही सरकारी व गैर सरकारी कर्मचारी , विद्यार्थियों , संवेदनशील घाटों पर कार्यरत लोगों , वह स्वयंसेवी संस्थान इत्यादि को किसी भी आपदा की स्थिति में आपदा के दुष्प्रभावों को कम करने व उनसे बचाव के तरीकों की जानकारी व प्रशिक्षण उपलब्ध करवाया गया इसके बाद निकटतम सैंथल सागर बांध का भौतिक रूप से भ्रमण किया गया। टीम द्वारा आपदा संभावित क्षेत्र एवं जल भराव सहित निचले इलाकों, बाढ़ संभावित क्षेत्र आदि की जानकारी एकत्रित की गई इस अवसर पर उपखंड अधिकारी अमृता खंडेलवाल , अतिरिक्त विकास अधिकारी कृष्ण अवतार शर्मा , ग्राम विकास अधिकारी मोहनलाल सैनी , प्रधानाचार्य राम अवतार शर्मा , कनिष्ठ सहायक बाबूलाल मीणा , अनिल गुप्ता , अशोक मामोडिया , मंडू सैनी, विद्यालय का समस्त स्टाफ , विद्यालय के छात्र-छात्राएं , सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे4
- तेजाजी महाराज के मंदिर से श्री खेड़ापति बालाजी महाराज माधोराजपुरा के लिए द्वितीय पैदल यात्रा हुई रवाना बांसखोह (योगेश कुमार गुप्ता)बांसखोह कस्बा स्थित माली मोहल्ला तेजाजी महाराज के मंदिर से पंडितों द्वारा विधि विधान से पूजा अर्चना करके ध्वज का पूजन करके आरती करके पदयात्रा को श्री खेड़ापति बालाजी महाराज माधोराजपुरा के लिए रवाना किया इस मौके पर श्रद्धालु डीजे की धुन पर नाचते गाते हुए जय जयकार लगाते हुए नजर आए जगह जगह पदयात्रियों का स्वागत सम्मान किया यह पदयात्रा तेजाजी महाराज के मंदिर से 17 मार्च को प्रातः 8 .15 पर रवाना हुई जो कि 19 मार्च को खेड़ापति बालाजी महाराज के मंदिर में पहुंचेगी यह पदयात्रा सभी के सहयोग से निकाली गई पदयात्रा में शामिल हरिनारायण सैनी, मुकेश सैनी, रमेश सैनी, बबलू सैनी अन्य काफी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे4
- जयपुर/देशभर। रसोई गैस सिलेंडर के लगातार बढ़ते दामों ने आम जनता की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। हर महीने बढ़ते खर्च के बीच अब गैस भरवाना भी लोगों के लिए भारी पड़ता जा रहा है। खासकर मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों के बजट पर इसका सीधा असर देखने को मिल रहा है। घरेलू महिलाओं का कहना है कि पहले जहां एक सिलेंडर में पूरे महीने का काम चल जाता था, वहीं अब कीमतों में इजाफे के कारण रसोई का खर्च संभालना मुश्किल हो गया है। कई परिवार अब खर्च कम करने के लिए वैकल्पिक उपाय तलाशने को मजबूर हैं। विशेषज्ञों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी और सब्सिडी में कमी इसके प्रमुख कारण हैं। हालांकि आम लोगों के लिए ये कारण कम और बढ़ती महंगाई ज्यादा चिंता का विषय बन गई है। लोगों का कहना है कि सरकार को इस मुद्दे पर जल्द राहत देनी चाहिए, ताकि आम आदमी को कुछ राहत मिल सके। अगर यही स्थिति बनी रही, तो आने वाले समय में रसोई का बजट और अधिक बिगड़ सकता है।1
- जयपुर: शहीद स्मारक जयपुर अनिश्चितकालीन धरना पर बैठे राजस्थान पैरामेडिकल फार्मासिस्ट GNM/ANM ! आपको बता दें कि राजस्थान नर्सिंगकर्मी भर्ती पैटर्न में बदलाव पर संविदा पर लगे नर्सिंगकर्मी जीएनएम /एएनएम पैरामेडिकल फार्मासिस्ट की मुख्य मांग : भर्ती प्रक्रिया मेरिट+ बोनस 10, 20, 30 के आधार पर लागू कर शामिल किया जाए ! जबकि वर्तमान सरकार 1965 के नियम में संशोधन करके मेरिट बोनस को हटाकर एग्जाम से भर्ती करवाना चाहती है जो प्रदेश में लगे सभी निविदा संविदा पर लगे कर्मचारियों के साथ अन्याय है ! इसलिए सरकार 1965 नियम को यथावत रखकर भर्ती को मेरिट + बोनस से करवाए!1
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- 🚨 Breaking News | DeshTak हैदराबाद के मुस्लिम उपदेशक सैय्यद अयूब का एक बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। उन्होंने कहा — "मुसलमान सड़क पर नमाज़ पढ़ेगा, हम डरने वाले नहीं हैं..." इस बयान के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। कुछ लोग इसे धार्मिक अधिकार से जोड़कर देख रहे हैं, तो वहीं कई लोग सार्वजनिक व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं। 👉 फिलहाल इस बयान को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी तक नहीं आई है। 📌 DeshTak आपसे अपील करता है — किसी भी वायरल वीडियो या बयान पर प्रतिक्रिया देने से पहले उसकी सत्यता जरूर जांच लें। #DeshTak #Hyderabad #SyedAyub #ViralVideo #ReligiousDebate #BreakingNews1
- दौसा से जयपुर के लिए रवाना हुए मेडिकल संविदा निविदा कर्मी। मेडिकल फील्ड में कार्यरत नर्सिंग ऑफिसर, पैरामेडिकल स्टाफ और एएनएम कर्मचारियों ने प्रदेशभर में व्याप्त अव्यवस्थाओं और वेतन विसंगति को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को मेडिकल संविदा निविदा कर्मी महासंघ ने पांच सूत्रीय मांग को लेकर जयपुर स्थित कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा के आवास के लिए पैदल कूच शुरू किया। महासंघ ने विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से ठोस निर्णय लेने की मांग की है। महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सैनी का कहना है- भर्तियों की प्रक्रिया पारदर्शी और पूर्व की तर्ज पर होनी चाहिए। उन्होंने मांग रखी कि पैरामेडिकल और नर्सिंग स्टाफ की सभी भर्तियां मेरिट के साथ बोनस (10, 20, 30) के आधार पर वर्ष 2013, 2018 और 2023 की तर्ज पर ही की जाएं। साथ ही संविदा नियम 1965 में किसी भी प्रकार का बदलाव न करते हुए इसे यथावत रखा जाए, ताकि संविदाकर्मियों के हित सुरक्षित रह सकें। कम वेतन को लेकर जताई नाराजगी महासंघ ने समान कार्य के लिए समान वेतन लागू करने और न्यूनतम मानदेय 22,500 रुपए करने की मांग की है। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्तमान में कम वेतन के चलते शोषण जैसी स्थिति बनी हुई है, जिस पर तत्काल रोक लगनी चाहिए। इसके अलावा कर्मचारियों ने राजकीय बोर्ड (RSLDC) के शीघ्र गठन की मांग उठाई है, जिसमें सभी संविदा और निविदाकर्मी कर्मचारियों को शामिल किया जाए, ताकि उनके स्थायी होने का मार्ग प्रशस्त हो सके। प्रदेशभर में आंदोलन की चेतावनी महासंघ ने यह भी मांग की है कि प्रदेश के सभी राजमेश मेडिकल कॉलेजों में, जहां अब तक भर्तियां नहीं हुई हैं, वहां जल्द से जल्द नर्सिंग ऑफिसर की भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए, जिससे स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार मिल सके। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा।1
- सैंथल उपखंड क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पिलवा में अचानक छप्पर पोस में आग लगने से घरेलू सामान सहित नगदी जलकर राख हो गई अचानक लगी इस आग की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची जब तक ग्रामीणों ने आग पर काबू पाया लेकिन जब तक सारा सामान जलकर राख हो गया था यह आग दिनेश सैनी पुत्र भोरी लाल के छप्पर पोस में रखा अनाज, खाने पीने के समान ,बर्तन ,चारपाई, सहित 3000 नगदी, कपड़ों सहित अन्य सामान जलकर राख हो गया इस मौके पर पटवारी बाबूलाल रोलानिया, पुलिस थाना से एएसआई बनवारी लाल, ग्राम पंचायत प्रशासक नंदा देवी सैनी, डॉ कृष्ण कुमार शर्मा सहित कई मौके पर मौजूद रहे|इस दौरान ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को अधिक से अधिक सहायता राशि दिलवाने की मांग की है|2
- खाटू धाम बाबा के लाइव दर्शन आज मंगलवार के श्रद्धालुओं ने किए दर्शन मनोकामना मांगी1