राजस्थान के बिछीवाड़ा में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये का अवैध सोना जब्त किया है, जिसे कुवैत से तस्करी कर लाया जा रहा था। इस दौरान कुल 1 किलो 77.840 ग्राम सोना बरामद हुआ, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है। इस मामले में तीन आरोपियों, राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार को गिरफ्तार किया गया है, जो सभी बांसवाड़ा के रहने वाले हैं। जिला पुलिस की स्पेशल टीम (DST) ने सोने की तस्करी के इस शातिर रैकेट का भंडाफोड़ किया, जिसके तरीके को देखकर पुलिस और कस्टम अधिकारी भी हैरान रह गए। तस्करों ने एयरपोर्ट सिक्योरिटी के हाई-टेक स्कैनर को चकमा देने के लिए इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे के अंदर सोने को बेहद चालाकी से छिपा रखा था। सूचना मिलने पर, DST टीम ने बीछीवाड़ा थाना इलाके के लेहणा घाटी के पास नाकाबंदी की और एक संदिग्ध अर्टिगा कार को रुकवाया। पुलिस टीम तीनों आरोपियों और कार को बिछीवाड़ा थाने ले आई, जहां कार की सघन तलाशी के दौरान एक बॉक्स में रखा इलेक्ट्रॉनिक चूल्हा मिला। चूल्हे को खोलने पर सामने आया कि तस्करों ने सोने को हीटिंग कॉइल के आकार में पिघलाकर ढाला था और स्कैनर की पकड़ में न आए, इसलिए इसे कार्बन से कवर भी किया गया था। पुलिस ने सोना और अर्टिगा कार को जब्त कर तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।
राजस्थान के बिछीवाड़ा में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये का अवैध सोना जब्त किया है, जिसे कुवैत से तस्करी कर लाया जा रहा था। इस दौरान कुल 1 किलो 77.840 ग्राम सोना बरामद हुआ, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है। इस मामले में तीन आरोपियों, राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार को गिरफ्तार किया गया है, जो सभी बांसवाड़ा के रहने वाले हैं। जिला पुलिस की स्पेशल टीम (DST) ने सोने की तस्करी के इस शातिर रैकेट का भंडाफोड़ किया, जिसके तरीके को देखकर पुलिस और कस्टम अधिकारी भी हैरान रह गए। तस्करों ने एयरपोर्ट सिक्योरिटी के हाई-टेक स्कैनर को चकमा देने के लिए इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे के अंदर सोने को बेहद चालाकी से छिपा रखा था। सूचना मिलने पर, DST टीम ने बीछीवाड़ा थाना इलाके के लेहणा घाटी के पास नाकाबंदी की और एक संदिग्ध अर्टिगा कार को रुकवाया। पुलिस टीम तीनों आरोपियों और कार को बिछीवाड़ा थाने ले आई, जहां कार की सघन तलाशी के दौरान एक बॉक्स में रखा इलेक्ट्रॉनिक चूल्हा मिला। चूल्हे को खोलने पर सामने आया कि तस्करों ने सोने को हीटिंग कॉइल के आकार में पिघलाकर ढाला था और स्कैनर की पकड़ में न आए, इसलिए इसे कार्बन से कवर भी किया गया था। पुलिस ने सोना और अर्टिगा कार को जब्त कर तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।
- डूंगरपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र की टाइगर हिल कॉलोनी में आज तड़के अज्ञात बदमाशों ने एक घर में घुसकर लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। 30 मई 2026 को सुबह करीब 4:00 बजे जब पीड़िता श्रीमती जया जैन अपने घर में सो रही थीं, तभी चोर अंदर घुस आए। बदमाशों ने महिला की गर्दन पर चाकू रखकर रुपयों और गहनों के बारे में पूछा, जिसके बाद वे नकदी, जेवरात और मोबाइल लेकर फरार हो गए। अपनी पुलिस रिपोर्ट में, श्रीमती जया जैन ने बताया कि अज्ञात चोर पहले घर के दूसरे कमरे में दाखिल हुए, जहाँ उन्होंने अलमारी खंगाली और वहाँ रखी खाद्य सामग्री भी खाई। इसके बाद वे उस कमरे में पहुँचे जहाँ महिला सो रही थी। बदमाशों ने महिला को जगाकर उसकी गर्दन पर चाकू रखा और नकदी व गहनों के ठिकाने के बारे में पूछताछ की। डर के कारण महिला ने घर के मंदिर के पास पैसे रखे होने की बात कही। महिला ने सूझबूझ दिखाते हुए जैसे ही मंदिर के पास पहुँची, शोर मचाकर पड़ोसियों को आवाज़ लगा दी। पड़ोसियों के जागने की आवाज़ सुनते ही चोर मौके से भाग निकले, लेकिन भागने से पहले वे घर से 10,000 रुपये नकद और दो जोड़ी चांदी की पायल चुरा ले गए। पीड़िता ने कोतवाली थाना प्रभारी से मामले की तत्काल रिपोर्ट दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने, चोरों की शीघ्र गिरफ्तारी करने तथा चोरी गया सामान बरामद करने की गुहार लगाई है।1
- डूंगरपुर में जिला स्पेशल टीम (DST) ने अवैध सोने की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 1 किलो 77 ग्राम सोना बरामद किया है। इस सोने की बाजार कीमत लगभग 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपए आंकी गई है। तस्करों ने एयरपोर्ट सुरक्षा और स्कैनर को चकमा देने के लिए इस सोने को विशेष रिंगनुमा स्पेस बनाकर इलेक्ट्रॉनिक चूल्हे में छिपाया था। एसपी मनीष कुमार के निर्देश पर गठित DST टीम को कुवैत से गुजरात के रास्ते राजस्थान में अवैध सोने की तस्करी की सूचना मिली थी। इसी जानकारी के आधार पर बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र की लेहना घाटी में नाकाबंदी की गई, जहां आर्टिगा कार RJ03UA7036 को रोका गया। कार में सवार राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार से पूछताछ करने पर कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला, जिसके बाद वाहन की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान कार में रखे बॉक्स खोलने पर इलेक्ट्रॉनिक चूल्हे मिले। इन चूल्हों के अंदर धातु की स्प्रिंग की जगह विशेष रूप से तैयार किए गए रिंगनुमा सेक्शन में सोने के टुकड़े छिपाए गए थे। जांच में खुलासा हुआ कि तस्कर इलेक्ट्रॉनिक सामान के धातु पार्ट्स की जगह सोने को उसी आकार में ढालकर फिट करते थे, ताकि एयरपोर्ट स्कैनर और कस्टम जांच से बचा जा सके। पुलिस ने तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है और कार जब्त कर ली है। इस मामले की सूचना GST, कस्टम और आयकर विभाग को भी दी गई है, ताकि सोने की खरीद-फरोख्त से जुड़े पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके। DST टीम ने इस पूरी कार्रवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग भी करवाई है।1
- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नगर मंडल ने 'आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम' के निर्देशानुसार अपने शक्ति केंद्रों की बैठकें आयोजित कीं। यह पहल भाजपा जिला अध्यक्ष अशोक पटेल और जिला प्रभारी डॉ. जोगेंद्र राजपुरोहित के निर्देश पर की गई थी, जिसकी कार्ययोजना नगर मंडल कार्यकारिणी की बैठक में तय हुई थी। इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य भाजपा के संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करना, जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाना, युवाओं और स्थानीय लोगों के साथ स्वरोजगार एवं सरकारी योजनाओं पर चर्चा करना था। इन संगठनात्मक बैठकों में चुनावी और संगठनात्मक रणनीतियों पर विचार-विमर्श किया गया, साथ ही आगामी अभियानों की समीक्षा, मतदाता सूची पुनरीक्षण, कार्यक्रमों और कार्यकर्ताओं के कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ उनकी जिम्मेदारियां भी तय की गईं। भाजपा नगर उपाध्यक्ष प्रकाश लबाना ने बताया कि इन बैठकों की कार्ययोजना नवीन भाजपा कार्यालय में नगर मंडल कार्यकारिणी की बैठक में बनाई गई थी, जिसका मुख्य एजेंडा निचले स्तर पर कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय स्थापित करते हुए संगठन को मजबूत करना है। इस कार्यक्रम के तहत नगर मंडल के सुभाष चंद्र बोस शक्ति केंद्र और महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र में बैठकें आयोजित हुईं। इन बैठकों में शक्ति केंद्र संयोजक, शक्ति केंद्र प्रभारी, बूथ अध्यक्ष, शक्ति केंद्र महिला संयोजक, विधानसभा विस्तारक और नगर मंडल कार्यकारिणी के पदाधिकारी उपस्थित रहे। महाराणा प्रताप शक्ति केंद्र पर मनोहर पटेल, रीटा कुंवर, भरत जोशी, गोपाल पंचाल, राजेश जैन, शीनैश जैन, जयंतीलाल पंचाल, प्रकाश लबाना, तरुण भावसार, हिम्मत सिंह चौहान और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी उपस्थित थे। इसी प्रकार, सुभाष चंद्र बोस शक्ति केंद्र पर सुनील चौबीसा, शंकर भाई श्रीमाल, रीटा कुंवर चौहान, भूपेंद्र सिंह राठौड़, शैलेश मेहता, मदन सिंह चौहान, धर्मिष्ठा श्रीमाल, प्रीति जैन, जयश कंसारा और विधानसभा विस्तारक रमेश चौधरी मौजूद रहे। मीटिंग का संचालन नगर उपाध्यक्ष शंकर भाई श्रीमाल ने किया, जबकि आत्मनिर्भर मंडल कार्यक्रम प्रभारी एवं पूर्व जिला अध्यक्ष महिला मोर्चा व पूर्व पार्षद रीटा कुंवर चौहान ने आभार व्यक्त किया।1
- डूंगरपुर जिले के बीछीवाड़ा थाना क्षेत्र में पुलिस ने सोने की तस्करी के एक बड़े और शातिर नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए करीब पौने दो करोड़ रुपये मूल्य का अवैध सोना जब्त किया है। जिला विशेष टीम (DST) की सतर्कता और सटीक सूचना पर हुई इस कार्रवाई में राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार नामक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। तस्करों ने सोने को इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे के भीतर हीटिंग कॉइल के आकार में ढालकर छिपाया था, ताकि एयरपोर्ट की सुरक्षा जांच और एक्स-रे स्कैनर को सफलतापूर्वक धोखा दिया जा सके। पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन में, DST को कुवैत से अवैध रूप से सोना लाकर गुजरात के रास्ते राजस्थान में पहुंचाए जाने की सूचना मिली थी। इस जानकारी के आधार पर, टीम ने लेहणा घाटी क्षेत्र में नाकाबंदी की और एक संदिग्ध अर्टिगा कार को रोका। कार में सवार तीनों व्यक्तियों से पूछताछ की गई, लेकिन उनके जवाब संतोषजनक नहीं पाए गए। संदेह गहराने पर पुलिस आरोपियों और वाहन को बीछीवाड़ा थाने ले गई, जहाँ गहन तलाशी के दौरान कार से एक बॉक्स बरामद हुआ। बॉक्स में रखे इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे की जांच करने पर, पुलिस को उसके भीतर पिघलाकर हीटिंग कॉइल जैसी आकृति में ढाला गया और कार्बन की परत चढ़ाया गया सोना मिला, जिससे यह सुरक्षा उपकरणों की नजर से बच सके। इलेक्ट्रॉनिक कांटे से वजन करने पर, सोने का कुल वजन 1 किलो 77 ग्राम 840 मिलीग्राम पाया गया, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस ने सोने के साथ तस्करी में प्रयुक्त अर्टिगा कार को भी जब्त कर लिया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह सोना कुवैत से तस्करी कर भारत लाया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने जीएसटी, कस्टम और आयकर विभाग को भी इस संबंध में सूचित किया है, ताकि तस्करी के पूरे नेटवर्क और इसके पीछे सक्रिय बड़े सरगनाओं तक पहुंचा जा सके। पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने बताया कि जिले में अवैध गतिविधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है और भविष्य में भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि कहीं भी संदिग्ध या अवैध गतिविधि दिखाई दे तो उसकी सूचना पुलिस के ‘तीसरी आंख’ हेल्पलाइन नंबर 8690180022 पर दें, जहाँ सूचना देने वाले की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी। यह कार्रवाई न केवल जिले में अब तक की बड़ी स्वर्ण बरामदगी में शामिल है, बल्कि तस्करों द्वारा अपनाए गए अत्याधुनिक और अनोखे तरीकों को भी उजागर करती है। पुलिस की इस महत्वपूर्ण सफलता से अवैध सोना तस्करी के नेटवर्क में हड़कंप मच गया है।4
- विप्र फाउंडेशन के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष एस.एन. श्रीमाली ने शुक्रवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा से शिष्टाचार मुलाकात की। इस अवसर पर उन्होंने 'सेवा, संस्कार और राष्ट्रहित' को केंद्र में रखकर देशभर में विप्र फाउंडेशन द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न सामाजिक सरोकारों और सेवा गतिविधियों की विस्तृत जानकारी साझा की। बैठक में विप्र फाउंडेशन के संस्थापक सुशील ओझा भी उपस्थित थे, जबकि जोन-1जी के प्रदेश अध्यक्ष योगेश जोशी ने बताया कि इस दौरान शिक्षा, चिकित्सा, संस्कार निर्माण तथा राष्ट्रहित से जुड़े अनेक प्रकल्पों पर गहन चर्चा हुई। श्रीमाली ने केंद्रीय मंत्री को अवगत कराया कि संस्था वर्षों से समाज के विभिन्न वर्गों के बीच सेवा कार्यों का विस्तार कर रही है, जिसमें देशभर से हजारों कार्यकर्ता जुड़े हुए हैं। चिकित्सा क्षेत्र में बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से विप्र फाउंडेशन ने 'आरोग्य साथी' प्रकोष्ठ का गठन किया है, जो बड़े अस्पतालों में इलाज के लिए आने वाले मरीजों और उनके परिजनों की हरसंभव सहायता करता है। संस्था स्वास्थ्य शिविरों और रक्तदान कार्यक्रमों से आगे बढ़कर जरूरतमंद परिवारों को भावनात्मक और सामाजिक सहयोग भी प्रदान करती है। उन्होंने कोरोना महामारी के कठिन दौर को याद करते हुए बताया कि तब फाउंडेशन के कार्यकर्ता सेवा भावना के साथ मैदान में डटे रहे और जरूरतमंदों तक मास्क, दवाइयां तथा आवश्यक सामग्री पहुंचाई; देश में सबसे पहले व्यापक स्तर पर मास्क वितरण अभियान शुरू करने वालों में भी विप्र फाउंडेशन अग्रणी रहा। संस्था के संस्थापक सुशील ओझा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'टीबी मुक्त भारत अभियान' की सराहना की और कहा कि विप्र फाउंडेशन 'नि-क्षय मित्र' कार्यक्रम के माध्यम से इस राष्ट्रीय अभियान में सक्रिय सहभागिता निभाएगा, क्योंकि समाज के सक्षम और जागरूक वर्ग का दायित्व है कि वह जरूरतमंद और पीड़ित व्यक्तियों के जीवन में आशा का संचार करे। ओझा ने संस्था की दूरदर्शी सोच का उल्लेख करते हुए बताया कि विप्र फाउंडेशन ने 'पूरब में शक्ति और पश्चिम में ज्ञान' की अवधारणा को मूर्त रूप दिया है; इसके तहत जयपुर में स्थापित 'श्री परशुराम ज्ञानपीठ' शिक्षा, संस्कृति और संस्कार का प्रमुख केंद्र बनकर उभरा है, जिसका लोकार्पण 6 सितंबर 2025 को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा किया गया था। उन्होंने यह भी बताया कि पूर्वोत्तर भारत स्थित पवित्र परशुराम कुंड में भगवान परशुराम की 54 फीट ऊंची भव्य प्रतिमा स्थापित की जा चुकी है, जो सनातन संस्कृति, शक्ति और राष्ट्रीय चेतना का प्रतीक बनेगी तथा इसका लोकार्पण भी शीघ्र प्रस्तावित है। ओझा ने जोर दिया कि विप्र फाउंडेशन का ध्येय वाक्य 'उन्नत समाज, समर्थ राष्ट्र' केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के प्रति संगठन की प्रतिबद्धता का प्रतीक है, और संस्था शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार व सेवा के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए निरंतर प्रयासरत है, इसी भावना के साथ राष्ट्र निर्माण और समाजोत्थान की दिशा में निरंतर अग्रसर है।1
- कुवैत से तस्करी कर लाया जा रहा 1 किलो 77 ग्राम सोना पुलिस ने पकड़ा बिछीवाड़ा में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: 1.74 करोड़ का अवैध सोना जब्त, तीन तस्कर गिरफ्तार डूंगरपुर। राजस्थान के बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र में जिला विशेष टीम (DST) ने सोने की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये मूल्य का 1 किलो 77.840 ग्राम अवैध सोना जब्त किया है। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर एक अर्टिगा कार भी जब्त की है। पुलिस के अनुसार, DST को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुवैत से तस्करी कर लाया गया सोना गुजरात के रास्ते राजस्थान में प्रवेश करने वाला है। सूचना के आधार पर टीम ने लेहणा घाटी के पास नाकाबंदी कर एक संदिग्ध अर्टिगा कार को रोका। कार में सवार राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार से पूछताछ की गई, लेकिन उनके जवाब संदिग्ध पाए गए। इसके बाद पुलिस आरोपियों और वाहन को बिछीवाड़ा थाने लेकर पहुंची, जहां गहन तलाशी के दौरान कार से एक बॉक्स बरामद हुआ। बॉक्स में रखे इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे को खोलने पर उसके अंदर बड़ी मात्रा में सोना छिपा हुआ मिला। जांच में सामने आया कि तस्करों ने एयरपोर्ट सुरक्षा और कस्टम विभाग के एक्स-रे स्कैनर को चकमा देने के लिए सोने को पिघलाकर चूल्हे की हीटिंग कॉइल जैसी आकृति में ढाल दिया था। साथ ही सोने को कार्बन की परत से ढक दिया गया था, ताकि वह स्कैनिंग के दौरान सामान्य धातु जैसा दिखाई दे। पुलिस द्वारा इलेक्ट्रॉनिक कांटे पर वजन करने पर बरामद सोने का कुल वजन 1 किलो 77.840 ग्राम पाया गया। इसकी अनुमानित बाजार कीमत 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस ने सोना और अर्टिगा कार जब्त कर तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। मामले की जानकारी आगे की जांच के लिए जीएसटी, कस्टम और आयकर विभाग को भी भेजी गई है, ताकि तस्करी के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन में की गई। पुलिस ने आमजन से अवैध गतिविधियों की सूचना देने की अपील करते हुए कहा है कि "तीसरी आंख" हेल्पलाइन नंबर 8690180022 पर सूचना दी जा सकती है। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी1
- पोस्टर ने राजस्थान रॉयल्स (RR) की गुजरात टाइटंस (GT) के खिलाफ हार पर गहरी निराशा व्यक्त की है, यह सुझाव देते हुए कि RR ने जीत का एक स्पष्ट अवसर गंवा दिया। उनके अनुसार, यदि शुभमन गिल, साईं सुदर्शन और 'बटर' तीनों के विकेट 4 से 5 ओवर के भीतर गिर जाते, तो RR यह मैच जीत जाता। हार के अन्य काल्पनिक कारणों में यह भी शामिल है कि यदि आर्चर 3 विकेट निकाल देते, या 'पूजां' और 'बीरजेश' में से कोई भी 2 विकेट लेता, तो जीत पक्की थी। पोस्टर का कहना है कि RR ने अपनी मेहनत पानी में मिला ली और यदि टीम थोड़ा और 'सेवन' करती तथा '6:00' खेलती, तो जीत सकती थी, लेकिन वे ऐसा भी नहीं कर पाए। पोस्टर का मानना है कि यदि RR ने रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) को हरा दिया होता, तो ट्रॉफी उसके नाम हो जाती, लेकिन टीम GT से हार गई। इस हार के बाद मुख्य प्रश्न यही है कि RR की जीत हो सकती थी, तो आखिर किस वजह से RR हार गया?1
- राजस्थान के बिछीवाड़ा में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये का अवैध सोना जब्त किया है, जिसे कुवैत से तस्करी कर लाया जा रहा था। इस दौरान कुल 1 किलो 77.840 ग्राम सोना बरामद हुआ, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है। इस मामले में तीन आरोपियों, राजपाल सिंह, प्रवेश पाटीदार और प्रदीप पाटीदार को गिरफ्तार किया गया है, जो सभी बांसवाड़ा के रहने वाले हैं। जिला पुलिस की स्पेशल टीम (DST) ने सोने की तस्करी के इस शातिर रैकेट का भंडाफोड़ किया, जिसके तरीके को देखकर पुलिस और कस्टम अधिकारी भी हैरान रह गए। तस्करों ने एयरपोर्ट सिक्योरिटी के हाई-टेक स्कैनर को चकमा देने के लिए इलेक्ट्रॉनिक इंडक्शन चूल्हे के अंदर सोने को बेहद चालाकी से छिपा रखा था। सूचना मिलने पर, DST टीम ने बीछीवाड़ा थाना इलाके के लेहणा घाटी के पास नाकाबंदी की और एक संदिग्ध अर्टिगा कार को रुकवाया। पुलिस टीम तीनों आरोपियों और कार को बिछीवाड़ा थाने ले आई, जहां कार की सघन तलाशी के दौरान एक बॉक्स में रखा इलेक्ट्रॉनिक चूल्हा मिला। चूल्हे को खोलने पर सामने आया कि तस्करों ने सोने को हीटिंग कॉइल के आकार में पिघलाकर ढाला था और स्कैनर की पकड़ में न आए, इसलिए इसे कार्बन से कवर भी किया गया था। पुलिस ने सोना और अर्टिगा कार को जब्त कर तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।1