झांसी की टहरौली तहसील के पसराई तिराहे से संस्कृत महाविद्यालय बमनुआ तक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा कराए जा रहे सीसी रोड निर्माण कार्य पर भ्रष्टाचार के आरोप लगने के बाद काम बंद हो गया था। इस अधूरे निर्माण के कारण स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या को लेकर ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के संरक्षक एवं वरिष्ठ पत्रकार बाबूसिंह यादव ने सड़क पर बैठकर और लेटकर अपना विरोध दर्ज कराया। उन्होंने विभाग और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल्द से जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान बाबूसिंह यादव ने जनप्रतिनिधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे चुनाव के समय वोट मांगने तो आते हैं, लेकिन विकास के नाम पर भ्रष्टाचार कर जनता को अधूरी योजनाओं के भरोसे छोड़ देते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि सड़क निर्माण कार्य में लापरवाही और देरी को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस दौरान पूर्व प्रधान आशाराम कुशवाहा, डॉ. मोना राजा बुंदेला, तहसील अध्यक्ष राघवेन्द्र पटेल, राकेश कुशवाहा, सुरेन्द्र प्रजापति, लेखराज पटेल, अंकित गौतम, पवन आर्य, धर्मेन्द्र गौतम, संजय कुशवाहा, हरेंद्र आर्य और अमरसिंह कुशवाहा सहित अनेक पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पीडब्ल्यूडी विभाग के सुपरवाइजर तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने कैमरे के सामने जल्द ही सड़क निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराने का भरोसा दिलाया, जिसके बाद पत्रकारों और प्रदर्शनकारियों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया।
झांसी की टहरौली तहसील के पसराई तिराहे से संस्कृत महाविद्यालय बमनुआ तक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा कराए जा रहे सीसी रोड निर्माण कार्य पर भ्रष्टाचार के आरोप लगने के बाद काम बंद हो गया था। इस अधूरे निर्माण के कारण स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या को लेकर ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के संरक्षक एवं वरिष्ठ पत्रकार बाबूसिंह यादव ने सड़क पर बैठकर और लेटकर अपना विरोध दर्ज कराया। उन्होंने विभाग और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल्द से जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान बाबूसिंह यादव ने जनप्रतिनिधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे चुनाव के समय वोट मांगने तो आते हैं, लेकिन विकास के नाम पर भ्रष्टाचार कर जनता को अधूरी योजनाओं के भरोसे छोड़ देते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि सड़क निर्माण कार्य में लापरवाही और देरी को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस दौरान पूर्व प्रधान आशाराम कुशवाहा, डॉ. मोना राजा बुंदेला, तहसील अध्यक्ष राघवेन्द्र पटेल, राकेश कुशवाहा, सुरेन्द्र प्रजापति, लेखराज पटेल, अंकित गौतम, पवन आर्य, धर्मेन्द्र गौतम, संजय कुशवाहा, हरेंद्र आर्य और अमरसिंह कुशवाहा सहित अनेक पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पीडब्ल्यूडी विभाग के सुपरवाइजर तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने कैमरे के सामने जल्द ही सड़क निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराने का भरोसा दिलाया, जिसके बाद पत्रकारों और प्रदर्शनकारियों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया।
- उत्तर प्रदेश के झाँसी जिले के गरौठा क्षेत्र के परसुवा गाँव में नई सड़क बनाने की माँग उठाई गई है। परसुवा गाँव की सड़क को नए सिरे से डालने की बात कही गई है।1
- झांसी की टहरौली तहसील के पसराई तिराहे से संस्कृत महाविद्यालय बमनुआ तक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा कराए जा रहे सीसी रोड निर्माण कार्य पर भ्रष्टाचार के आरोप लगने के बाद काम बंद हो गया था। इस अधूरे निर्माण के कारण स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या को लेकर ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के संरक्षक एवं वरिष्ठ पत्रकार बाबूसिंह यादव ने सड़क पर बैठकर और लेटकर अपना विरोध दर्ज कराया। उन्होंने विभाग और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल्द से जल्द निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान बाबूसिंह यादव ने जनप्रतिनिधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे चुनाव के समय वोट मांगने तो आते हैं, लेकिन विकास के नाम पर भ्रष्टाचार कर जनता को अधूरी योजनाओं के भरोसे छोड़ देते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि सड़क निर्माण कार्य में लापरवाही और देरी को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस दौरान पूर्व प्रधान आशाराम कुशवाहा, डॉ. मोना राजा बुंदेला, तहसील अध्यक्ष राघवेन्द्र पटेल, राकेश कुशवाहा, सुरेन्द्र प्रजापति, लेखराज पटेल, अंकित गौतम, पवन आर्य, धर्मेन्द्र गौतम, संजय कुशवाहा, हरेंद्र आर्य और अमरसिंह कुशवाहा सहित अनेक पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पीडब्ल्यूडी विभाग के सुपरवाइजर तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने कैमरे के सामने जल्द ही सड़क निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराने का भरोसा दिलाया, जिसके बाद पत्रकारों और प्रदर्शनकारियों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया।1
- हमीरपुर के राठ में भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष के स्वागत का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और खूब सुर्खियां बटोर रहा है। इस वायरल वीडियो में नगर पालिका अध्यक्ष खुद ड्राइविंग सीट पर बैठकर क्षेत्रीय अध्यक्ष की गाड़ी चलाते हुए नजर आ रहे हैं। वहीं, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष उनके बगल वाली सीट पर बैठे हुए दिखाई दे रहे हैं।1
- झांसी के गुरसरांय स्थित महावीर बाल शिक्षा जैन मंदिर विद्यालय में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। आरोप है कि विद्यालय द्वारा बच्चों के परिवहन के लिए उपयोग की जा रही मारुति वैन में क्षमता से अधिक 17 बच्चों को बैठाकर ले जाया जा रहा है, जिससे किसी भी समय कोई बड़ा हादसा हो सकता है। एक ओर जहां जिला प्रशासन स्कूली वाहनों, कोचिंग सेंटरों और विद्यालयों में सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए लगातार अभियान चला रहा है, वहीं दूसरी ओर कुछ विद्यालय संचालक नियमों की अनदेखी कर मनमानी करने पर उतारू हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई विद्यालयों में गैस (एलपीजी) से चलने वाले वाहनों का उपयोग किया जा रहा है, लेकिन उनमें सुरक्षा के आवश्यक इंतजाम जैसे अग्निशमन यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) भी उपलब्ध नहीं हैं। वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक बच्चों को बैठाना उनकी सुरक्षा के साथ गंभीर खिलवाड़ है। इसे लेकर लोगों ने प्रशासन और परिवहन विभाग से मांग की है कि ऐसे विद्यालयों और वाहनों की तत्काल जांच कराई जाए और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित विद्यालय प्रबंधन व वाहन संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके।1
- जालौन के कालपी क्षेत्र की रहने वाली काजल मंसूरी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने अपनी मर्जी से एक हिंदू युवक के साथ हिंदू रीति-रिवाज से विवाह करने का दावा किया है। काजल मंसूरी का कहना है कि वह पूरी तरह से सुरक्षित हैं और अपनी इच्छा से घर छोड़कर गई थीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उन पर किसी भी प्रकार का कोई दबाव नहीं है और उन्होंने अपनी मर्जी से ही यह विवाह करने का फैसला लिया है। वीडियो के माध्यम से काजल ने प्रशासन और अपने परिजनों से अपील की है कि उन्हें या उनके पति को किसी भी तरह से परेशान न किया जाए। उन्होंने यह भी कहा है कि यदि उनके पति या ससुराल पक्ष के किसी भी सदस्य के साथ कोई अप्रिय घटना होती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित लोगों की होगी। हालांकि, इस वायरल वीडियो में किए गए दावों की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और पूरे मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस या प्रशासन के आधिकारिक बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।4
- महोबा जनपद के महोबकंठ थाना क्षेत्र के रूरी कला गांव के पास शुक्रवार सुबह एक निजी विद्यालय की स्कूल बस हादसे का शिकार हो गई। गनीमत रही कि बस में सवार सभी स्कूली बच्चे सुरक्षित रहे और कोई जनहानि नहीं हुई। हादसे के तुरंत बाद बच्चों में दहशत फैल गई, जबकि सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे अभिभावकों ने राहत की सांस ली। लगातार हो रहे इन हादसों ने स्कूल परिवहन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि पिछले एक सप्ताह के भीतर इसी विद्यालय की स्कूल बस से जुड़ा यह दूसरा हादसा है। स्थानीय लोगों और अभिभावकों का आरोप है कि क्षेत्र में कई स्कूल बसें सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए चलाई जा रही हैं और जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ जानते हुए भी कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। आक्रोशित अभिभावकों ने मांग की है कि सभी स्कूल वाहनों की फिटनेस की जांच की जाए, लापरवाह चालकों और स्कूल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो तथा बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण किया जाए। फिलहाल, पुलिस ने घटना की जानकारी लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।4
- जालौन जनपद के कोंच नगर पालिका परिषद कार्यालय के मुख्य गेट पर गुरुवार सुबह 11 बजे से शुरू हुआ सभासदों का धरना देर रात तक भी जारी रहा। सभासदों ने नगर पालिका की अधिशासी अधिकारी मोनिका उमराव की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। प्रदर्शनकारियों ने सड़क निर्माण कार्यों में कथित धांधली, लंबे समय से बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों और नगरवासियों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध न कराए जाने का आरोप लगाया है। सभासदों का कहना है कि उन्होंने कई बार इस संबंध में शिकायत की थी, लेकिन कोई समाधान न होने के चलते उन्हें अंततः आंदोलन का रास्ता चुनना पड़ा। धरने के दौरान देर रात स्थिति उस वक्त बदल गई जब अधिशासी अधिकारी के निर्देश पर दर्जनों सफाईकर्मी वहां पहुंच गए। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस भी एहतियात के तौर पर मौके पर पहुंची और निगरानी रखी। हालांकि, कुछ समय बाद सफाईकर्मी वहां से लौट गए, लेकिन सभासद लगातार धरने पर डटे रहे। धरना दे रहे जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों का संतोषजनक समाधान नहीं होगा, तब तक यह आंदोलन अनिश्चितकाल के लिए जारी रहेगा। इस धरने में सभासद रघुवीर कुशवाहा, महेंद्र कुशवाहा, अमित यादव, विनोद सोनी, प्रतिनिधि अशोक गुर्जर, गौरव तिवारी, शकील अंसारी, सरताजुद्दीन और लकी दुबे सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।1
- झांसी के टहरौली तहसील के पसराई तिराहे से होकर संस्कृत महाविद्यालय बमनुआ तक पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा कराए जा रहे सीसी सड़क निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार के आरोप लगने पर काम बंद हो गया था। इससे आने-जाने वाले राहगीरों को हो रही परेशानी को देखते हुए ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के संरक्षक बाबू सिंह यादव ने सड़क पर लेटकर प्रदर्शन और नारेबाजी शुरू कर दी। इससे पीडब्ल्यूडी विभाग के हाथ-पांव फूल गए और विभाग से आए सुपरवाइजर ने कैमरे के सामने आकर सड़क निर्माण कराने का भरोसा दिया। इसके साथ ही सड़क निर्माण में लगने वाली मशीनरी को मौके पर देखने के बाद ही पत्रकारों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया। इस अवसर पर बाबू सिंह यादव ने नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि नेता वोट लेने के लिए लोगों के दरवाजे पर आते हैं और विकास के नाम पर भ्रष्टाचार कर नोट कमाकर चले जाते हैं। इस प्रदर्शन के मौके पर पूर्व प्रधान आशाराम कुशवाहा, डॉ. मोना राजा बुंदेला, तहसील अध्यक्ष राकेश कुशवाहा, राघवेंद्र पटेल, पत्रकार सुरेंद्र प्रजापति, लेखराज पटेल, अंकित गौतम, पवन आर्य, धर्मेंद्र गौतम, संजय कुशवाहा, हरेंद्र आर्य और अमरसिंह कुशवाहा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।1