बाबा खाटूश्याम मंदिर,भुवाखेड़ी पर सुविधाओ का हो विस्तार। *छबड़ा-धरनावदा मुख्य सड़क से खाटूश्याम मंदिर भुवाखेड़ी तक डबल सड़क और मध्यप्रदेश से जोड़ने की मांग तेज।* छबड़ा(बारां)भुवाखेड़ी ग्राम पंचायत मुख्यालय पर विंध्याचल पर्वत की अवशेषित प्राचीन पहाड़ी पर स्थित देवों के स्थान का जीर्णोद्धार कर जनसहयोग से निर्मित हारे के सहारे बाबा खाटूश्याम का मंदिर अब धीरे-धीरे जन आस्था का बड़ा केंद्र बनता जा रहा है।हर माह के रविवार और एकादशी पर यहां श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ रहा है।पहाड़ी अब क्षेत्र में "खाटूश्याम पहाड़ी" के नाम से प्रसिद्ध हो रही है,जहां हरियालो राजस्थान अभियान के तहत निजी संस्थाओं और सरकारी विभागों के कार्मिकों द्वारा बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जा रहा है। पहाड़ी की तलहटी में स्थित श्री खाटूश्याम गौशाला में भुवाखेड़ी के ग्रामीणों के सहयोग से 300 से अधिक लावारिस देशी गोवंश का लालन-पालन किया जा रहा है।खाटूश्याम गौशाला समिति के सदस्यों द्वारा बताया गया कि अभी तक गौशाला को सरकारी अनुदान प्राप्त नहीं हुआ है और गैर मुमकिन पहाड़ के खसरा नंबर 30 की भूमि का पट्टा भी लंबित है, जबकि समस्त कागजात खाटूश्याम गौशाला समिति, भुवाखेड़ी द्वारा तहसील कार्यालय के माध्यम से जिला कलेक्टर को भेजे जा चुके हैं। *जनहित में सड़क और सुविधाओं की मांग।* बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या और गौशाला के विकास को देखते हुए स्थानीय ग्रामीण मुरली शर्मा, रामस्वरूप धाकड़, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्राम विकास एवं जन समस्या निवारण मंच के अध्यक्ष एस.एल.नागर, खाटूश्याम मंदिर निर्माण एवं व्यवस्था समिति के अध्यक्ष रामनिवास धाकड़, खाटूश्याम गौशाला समिति अध्यक्ष रमेश धाकड़ सहित क्षेत्र के अनेक श्याम भक्तों ने राज्य सरकार से मांग की है - 1. छबड़ा-धरनावदा मुख्य सड़क मार्ग से बाबा खाटूश्याम मंदिर भुवाखेड़ी तक जाने वाले मार्ग को सिंगल से डबल सड़क मार्ग में बदला जाए।. 2. इस मार्ग पर यात्रियों की सुविधा के लिए रोडवेज बस सेवा शुरू की जाए। 3. इस सिंगल सड़क मार्ग को वाया भुवाखेड़ी, गोड़िया चारण,उचावद, छत्रपुरा,रामपुरा (अल्लापुरा) होते हुए लक्ष्मण टेकरी कोटड़ापार,पार्वती नदी पर बनने वाले पुल से होते हुए डबल सड़क मार्ग बनाकर मध्यप्रदेश से जोड़ा जाए। भुवाखेड़ी, गोड़िया चारण, उचावद के ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क के बनने से राजस्थान और मध्यप्रदेश के दो राज्यों के श्रद्धालुओं और ग्रामीणों को सीधा लाभ मिलेगा और व्यापार और आवागमन भी सुगम होगा।इसके साथ ही ग्राम विकास एवं जन समस्या निवारण मंच से जुड़े जगदीश शर्मा,सतीश शर्मा,एडवोकेट अनिल जैन आदि सदस्यों ने जनहित में मंदिर परिसर में सुविधाओं के विस्तार की भी मांग की है, जिसमें - • पहाड़ी पर जाने वाले रास्ते और परिक्रमा मार्ग को सीसी रोड से पक्का करना • पीने के पानी के लिए पानी की टंकी • बिजली और प्रकाश व्यवस्था • सार्वजनिक सुलभ शौचालय • यात्रियों के ठहरने के लिए सामुदायिक भवन का निर्माण आदि शामिल है।सभी श्याम भक्तों और ग्रामीणों ने माननीय मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा,सार्वजनिक निर्माण विभाग एवं परिवहन मंत्री,छबड़ा विधायक, सांसद और जिला प्रशासन से इस धार्मिक और सार्वजनिक महत्व के कार्य को प्राथमिकता से यहां की आवश्यकताओं का आंकलन कर शीघ्रता से पूरा करने की अपील की है।
बाबा खाटूश्याम मंदिर,भुवाखेड़ी पर सुविधाओ का हो विस्तार। *छबड़ा-धरनावदा मुख्य सड़क से खाटूश्याम मंदिर भुवाखेड़ी तक डबल सड़क और मध्यप्रदेश से जोड़ने की मांग तेज।* छबड़ा(बारां)भुवाखेड़ी ग्राम पंचायत मुख्यालय पर विंध्याचल पर्वत की अवशेषित प्राचीन पहाड़ी पर स्थित देवों के स्थान का जीर्णोद्धार कर जनसहयोग से निर्मित हारे के सहारे बाबा खाटूश्याम का मंदिर अब धीरे-धीरे जन आस्था का बड़ा केंद्र बनता जा रहा है।हर माह के रविवार और एकादशी पर यहां श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ रहा है।पहाड़ी अब क्षेत्र में "खाटूश्याम पहाड़ी" के नाम से प्रसिद्ध हो रही है,जहां हरियालो राजस्थान अभियान के तहत निजी संस्थाओं और सरकारी विभागों के कार्मिकों द्वारा बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जा रहा है। पहाड़ी की तलहटी में स्थित श्री खाटूश्याम गौशाला में भुवाखेड़ी के ग्रामीणों के
सहयोग से 300 से अधिक लावारिस देशी गोवंश का लालन-पालन किया जा रहा है।खाटूश्याम गौशाला समिति के सदस्यों द्वारा बताया गया कि अभी तक गौशाला को सरकारी अनुदान प्राप्त नहीं हुआ है और गैर मुमकिन पहाड़ के खसरा नंबर 30 की भूमि का पट्टा भी लंबित है, जबकि समस्त कागजात खाटूश्याम गौशाला समिति, भुवाखेड़ी द्वारा तहसील कार्यालय के माध्यम से जिला कलेक्टर को भेजे जा चुके हैं। *जनहित में सड़क और सुविधाओं की मांग।* बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या और गौशाला के विकास को देखते हुए स्थानीय ग्रामीण मुरली शर्मा, रामस्वरूप धाकड़, सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्राम विकास एवं जन समस्या निवारण मंच के अध्यक्ष एस.एल.नागर, खाटूश्याम मंदिर निर्माण एवं व्यवस्था समिति के अध्यक्ष रामनिवास धाकड़, खाटूश्याम गौशाला समिति अध्यक्ष रमेश धाकड़ सहित क्षेत्र के
अनेक श्याम भक्तों ने राज्य सरकार से मांग की है - 1. छबड़ा-धरनावदा मुख्य सड़क मार्ग से बाबा खाटूश्याम मंदिर भुवाखेड़ी तक जाने वाले मार्ग को सिंगल से डबल सड़क मार्ग में बदला जाए।. 2. इस मार्ग पर यात्रियों की सुविधा के लिए रोडवेज बस सेवा शुरू की जाए। 3. इस सिंगल सड़क मार्ग को वाया भुवाखेड़ी, गोड़िया चारण,उचावद, छत्रपुरा,रामपुरा (अल्लापुरा) होते हुए लक्ष्मण टेकरी कोटड़ापार,पार्वती नदी पर बनने वाले पुल से होते हुए डबल सड़क मार्ग बनाकर मध्यप्रदेश से जोड़ा जाए। भुवाखेड़ी, गोड़िया चारण, उचावद के ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क के बनने से राजस्थान और मध्यप्रदेश के दो राज्यों के श्रद्धालुओं और ग्रामीणों को सीधा लाभ मिलेगा और व्यापार और आवागमन भी सुगम होगा।इसके साथ ही ग्राम विकास एवं
जन समस्या निवारण मंच से जुड़े जगदीश शर्मा,सतीश शर्मा,एडवोकेट अनिल जैन आदि सदस्यों ने जनहित में मंदिर परिसर में सुविधाओं के विस्तार की भी मांग की है, जिसमें - • पहाड़ी पर जाने वाले रास्ते और परिक्रमा मार्ग को सीसी रोड से पक्का करना • पीने के पानी के लिए पानी की टंकी • बिजली और प्रकाश व्यवस्था • सार्वजनिक सुलभ शौचालय • यात्रियों के ठहरने के लिए सामुदायिक भवन का निर्माण आदि शामिल है।सभी श्याम भक्तों और ग्रामीणों ने माननीय मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा,सार्वजनिक निर्माण विभाग एवं परिवहन मंत्री,छबड़ा विधायक, सांसद और जिला प्रशासन से इस धार्मिक और सार्वजनिक महत्व के कार्य को प्राथमिकता से यहां की आवश्यकताओं का आंकलन कर शीघ्रता से पूरा करने की अपील की है।
- छीपाबड़ौद में संपर्क सड़कों के नाम पर भ्रष्टाचार का नंगा नाच - खजुरिया डैम और दीगोद खालसा की सड़कें बनी कीचड़ का दलदल, ग्रामीण बोले- भाजपा राज में नरक भोग रहे हैं।* छीपाबड़ौद / छबड़ा। छबड़ा-छीपाबड़ौद विधानसभा क्षेत्र में बन रही संपर्क सड़कों में भारी भ्रष्टाचार सामने आ रहा है। ताजा मामला दीगोद खालसा और खजुरिया डेम की संपर्क सड़क का है, जहां सड़क बनने से पहले ही टूट गई और पूरे रास्ते में कीचड़ और गड्ढों ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है।मामला तब उजागर हुआ जब राजीव गांधी पंचायती राज संगठन कांग्रेस के जिला अध्यक्ष प्रेम सिंह मीणा सेतकोलू एक गमी में शामिल होने जा रहे थे। खजुरिया बांध के कीचड़ भरे रास्ते से गुजरते समय ग्रामीणों ने उन्हें रोक लिया और अपना दर्द बयां किया। ग्रामीणों का कहना था - "हमने बिना बड़े कारण के कांग्रेस को छोड़कर भाजपा को वोट दिया। पंचायत से लेकर सांसद तक भाजपा को जिताया, लेकिन आज हर विभाग में ऐसे अधिकारी बैठे हैं जो काम को ऐसे करते हैं जैसे लावारिस भैंस किसान का खेत खा रही हो। यहां नियुक्तियां स्थानीय विधायक की मर्जी से होती हैं, इसलिए सब बेखौफ हैं। सड़कें गारंटी पीरियड में ही धराशायी हो जाती हैं।" ग्रामीणों ने बताया कि जब निर्माण के समय गुणवत्ता पर सवाल उठाते हैं तो ठेकेदार खुलेआम कहते हैं - "सबको देना पड़ता है, जेईएन, एईएन से लेकर एमएलए, सांसद के लोगों तक खर्चा जाता है, तो गुणवत्ता कहां से लाएं? यहां भ्रष्टाचार के बिना काम ही नहीं चलता।" इस पर जिला अध्यक्ष प्रेम सिंह मीणा ने कहा कि छीपाबड़ौद क्षेत्र में बनी और बन रही अधिकांश संपर्क सड़कों में भारी भ्रष्टाचार हो रहा है। दीगोद खालसा और खजुरिया डेम की सड़क तो इसका जीता-जागता उदाहरण है। मीणा ने कहा, "भाजपा राज में लोग नरक की जिंदगी जीने को मजबूर हैं। जब तक मतदाता मौन रहेगा, तब तक ये अंधी-बहरी सरकार और इसके कर्मचारी-नेता जनता के टैक्स के पैसे से अपने घर भरते रहेंगे। अब समय आ गया है कि जनता सवाल पूछे।" उन्होंने चेतावनी दी कि अगर जनता अब भी नहीं जागी तो वो दिन दूर नहीं जब सरकारी रोजगार, शिक्षा, सड़क, बिजली और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाएं सिर्फ अमीरों की झोली में चली जाएंगी और आम आदमी नारकीय जीवन जीने को मजबूर होगा।1
- खाटू श्याम जी में भव्य भंडारा आयोजित,श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया बाबा का प्रसाद खाटू श्याम जी में भव्य भंडारा आयोजित,श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया बाबा का प्रसाद छीपाबड़ौद - बारां खाटू श्याम जी आस्था और सेवा की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी खाटू श्याम जी में श्री रंगीला श्याम सेवा समिति रींगस रोड़ पर श्री श्याम मित्र मंडल छीपाबड़ौद द्वारा तृतीय भव्य भंडारा आयोजित किया गया। भंडारे में दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। जयकारों और भजनों के बीच माहौल भक्तिमय हो गया। आयोजकों ने बताया कि बाबा के आशीर्वाद से हर वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ रही है और भंडारे को सफल बनाने में सभी श्रद्धालुओं एवं सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। आयोजकों ने सभी भक्तों से बाबा श्याम के दरबार में सेवा और सहयोग की भावना बनाए रखने की अपील की। Jitendra Kushwah Mob. 89699996273
- अटरू नगर पालिका वार्ड नंबर 1 में हो रही है गंदगी कीचड़ से निकलने को मजबूर नगर पालिका अटरू के वार्ड नंबर 1 में 7 महीने से पेंडिंग चल रहा है इंटरलॉकिंग का काम कीचड़ से निकलने को मजबूर वार्ड वासी अटरू2
- तिरंगा रैली में गूंजा देशभक्ति का संदेश, मतदान का लिया संकल्प तिरंगा रैली में गूंजा देशभक्ति का संदेश, मतदान का लिया संकल्प1
- 80 किमी की डाक कांवड़ लेकर कवाई पहुंचे शिवभक्त नागदा से 50 से अधिक युवाओं ने मोटरसाइकिलों से पूरी की यात्रा, बारिश में भी नहीं डिगी आस्था; महादेव मंदिर में किया जलाभिषेक कवाई. श्रावण मास के पावन अवसर पर सोमवार को कवाई में शिवभक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। कवाई कस्बे के 50 से अधिक युवाओं ने नागदा (अंता के समीप) से करीब 80 किलोमीटर की डाक कांवड़ यात्रा पूरी कर भगवान शिव का जलाभिषेक किया। बारिश के बीच मोटरसाइकिलों पर सवार होकर निकले कांवड़ यात्रियों के उत्साह और आस्था ने माहौल को शिवमय बना दिया। यात्रा के दौरान हर-हर महादेव और बोल बम के जयकारों से मार्ग गूंजता रहा। युवा मित्र मंडली की ओर से आयोजित डाक कांवड़ यात्रा के तहत रविवार शाम करीब 3 बजे कवाई से 50 से अधिक युवा मोटरसाइकिलों से नागदा के लिए रवाना हुए थे। नागदा पहुंचकर युवाओं ने रात्रि विश्राम किया। सोमवार सुबह पूजा-अर्चना के बाद पवित्र जल लेकर डाक कांवड़ यात्रा वापस कवाई के लिए शुरू की गई। कांवड़ यात्रियों ने नागदा से अंता, बारां फोरलेन होते हुए अटरू मार्ग से कवाई की ओर प्रस्थान किया। करीब 80 किलोमीटर की यात्रा के दौरान बारिश भी युवाओं की आस्था और उत्साह को नहीं रोक सकी। मोटरसाइकिलों पर भगवा ध्वज लगाए युवा कांवड़ लेकर आगे बढ़ते रहे। रास्ते में बोल बम और हर-हर महादेव के जयकारे लगाते हुए युवाओं ने धार्मिक वातावरण बना दिया। *******12.55 बजे महादेव का हुआ जलाभिषेक******* करीब 80 किलोमीटर की यात्रा पूरी करने के बाद सोमवार को दोपहर 12.55 बजे कांवड़ यात्री कवाई पहुंचे। यहां छबड़ा रोड स्थित महादेव जी मंदिर में पवित्र जल से भगवान शिव का जलाभिषेक किया गया तथा कांवड़ अर्पित कर पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान मंदिर परिसर में शिवभक्तों की मौजूदगी से माहौल भक्तिमय हो गया। ******दूसरे वर्ष निभाई जा रही परंपरा******* युवा मित्र मंडली द्वारा लगातार दूसरे वर्ष इस धार्मिक परंपरा को आगे बढ़ाया गया है। पिछले वर्ष लक्ष्मणजी के कोटड़ा से कांवड़ लाई गई थी, जबकि इस वर्ष नागदा से डाक कांवड़ लाने का निर्णय लिया गया। युवाओं ने पूरी श्रद्धा, उत्साह और अनुशासन के साथ यात्रा पूरी कर भगवान शिव को पवित्र जल अर्पित किया। आयोजकों ने बताया कि डाक कांवड़ यात्रा का उद्देश्य युवाओं को धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं से जोड़ना और उनमें भगवान शिव के प्रति आस्था की भावना को मजबूत करना है। 80 किलोमीटर की इस यात्रा में युवाओं की एकजुटता, भक्ति और उत्साह देखते ही बना। जलाभिषेक एवं कांवड़ अर्पण के साथ यात्रा का समापन शांतिपूर्ण ढंग से हुआ।4
- विश्व आदिवासी दिवस पर गुना में गूंजा आदिवासी एकता और संस्कृति का संदेश सिरसी से गुना तक निकली भव्य बाइक रैली, हजारों समाजजनों ने पारंपरिक उत्साह के साथ लिया हिस्सा गुना। विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर गुना जिला मुख्यालय में आदिवासी समाज द्वारा विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। सिरसी से गुना तक निकली बाइक रैली में आदिवासी संस्कृति, एकता और सामाजिक जागरूकता का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला। रैली में हजारों की संख्या में समाजजन शामिल हुए। आदिवासी गायक कलाकार भीम कन्नौज की आवाज और डीजे की धुन पर समाजजन नाचते-गाते हुए रैली में शामिल हुए। माता-बहनों, युवाओं और समाजजनों ने पारंपरिक उत्साह के साथ रैली में भाग लेकर आदिवासी एकता और संस्कृति का संदेश दिया। क्रांतिकारी की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण कार्यक्रम की शुरुआत आदिवासी क्रांतिकारी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर की गई। इसके बाद रैली शांतिपूर्ण और गरिमापूर्ण तरीके से गुना नगर पहुंची। रैली के पश्चात साईं मंडी प्रांगण में विशाल सभा आयोजित की गई, जहां विभिन्न वक्ताओं ने आदिवासी समाज के मुद्दों और अधिकारों को लेकर अपने विचार रखे। सभा में वक्ताओं ने कहा कि जल, जंगल और जमीन आदिवासी समाज की पहचान और जीवन का आधार हैं। इनके संरक्षण के लिए समाज को एकजुट होकर प्रयास करने की जरूरत है। साथ ही शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के रोजगार के अवसर बढ़ाने तथा समाज में व्याप्त सामाजिक कुरीतियों को दूर करने पर भी जोर दिया गया। कार्यक्रम के आयोजकों ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने वाले प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों सहित मीडिया कर्मियों का आभार व्यक्त किया। साथ ही जयस के सभी साथियों और समाजजनों के सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। कार्यक्रम के दौरान आदिवासी एकता, संस्कृति, अधिकार, शिक्षा, रोजगार तथा जल-जंगल-जमीन जैसे मुद्दे प्रमुख रूप से उठाए गए। रणविजय भूरिया, जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) की ओर से कार्यक्रम में शामिल सभी समाजजनों और सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त किया गया। जय आदिवासी युवा शक्ति 🏹1
- लहरिया उत्सव में राजस्थानी संस्कृति के रंग,सीमा जैन पुनः बनीं अंतरराष्ट्रीय वैश्य महिला महासंघ की अध्यक्ष लहरिया उत्सव में राजस्थानी संस्कृति के रंग,सीमा जैन पुनः बनीं अंतरराष्ट्रीय वैश्य महिला महासंघ की अध्यक्ष छीपाबड़ौद / बारां छीपाबड़ौद में अंतरराष्ट्रीय वैश्य महिला महासंघ द्वारा लहरिया उत्सव हर्षोल्लास और धूमधाम के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में महिलाओं ने पारंपरिक राजस्थानी परिधान *लहरिया* पहनकर उत्सव में चार चांद लगा दिए। सुहावने मौसम के बीच महिलाओं ने भुट्टे का आनंद लिया और रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। *खेल प्रतियोगिताओं में दिखा उत्साह* उत्सव के दौरान विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। - *गेम प्रतियोगिता*: अनुपमा जैन विजेता रहीं - *लकी गेम*: रेखा गुप्ता प्रथम, राजेश मित्तल द्वितीय स्थान पर रहीं महिलाओं को आगे बढ़ाने और उनमें उत्साह बढ़ाने के उद्देश्य से एक अनिवार्य गेम भी रखा गया, जिसमें सभी महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी प्रतिभागी महिलाओं को पुरस्कृत किया गया। *नई कार्यकारिणी गठित* इसी अवसर पर महासंघ के चुनाव भी संपन्न हुए। चुनाव में *सीमा जैन* को सर्वसम्मति से पुनः अध्यक्ष चुना गया। नई कार्यकारिणी इस प्रकार है: - *महामंत्री*: दीपा जैन, रानू मंगल - *मंत्री*: अनुपमा सोगानी, अर्पणा दुदानी - *उपाध्यक्ष*: नीलिमा गोयल - *सांस्कृतिक मंत्री*: अंजना दुदानी - *क्रीड़ा मंत्री*: गुंजन मंगल - *कोषाध्यक्ष*: किरण गुप्ता कार्यक्रम में रेखा अग्रवाल, संगीता मित्तल, रेखा गर्ग, ममता बंसल, उषा गर्ग, संतोष मंगल, नीलिमा काकानी, ज्योति दुदानी, शीला गोयल, शशि गोयल, संगीता काकानी, नीलू विजय, संतोष गुप्ता, विजयामंगल, सोनाली गोयल, शिल्पी मित्तल, सीमा मित्तल, मीनाक्षी जैन, गज़ल जैन, प्रतिज्ञा जैन, संगीता जिंदल, ललिता गोयल, सुनीता जिंदल, कविता बिंदल, लीला गर्ग एवं रिंकू मित्तल सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। सभी महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए लहरिया उत्सव का भरपूर आनंद लिया।4
- तेज बारिश से स्कूल बना टापू, 40 बच्चों व शिक्षकों का रेस्क्यू कचराखेड़ी गांव में सोमवार को हुई तेज बारिश के बाद राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय चारों ओर से पानी से घिर गया। भारी बारिश के चलते विद्यालय परिसर में पानी भरने से स्कूल टापू में तब्दील हो गया और करीब 40 बच्चे व शिक्षक वहां फंस गए। स्थिति की सूचना मिलने पर प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। ग्रामीणों के सहयोग से प्रशासन व पुलिस ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान चलाकर सभी बच्चों एवं शिक्षकों को सुरक्षित बाहर निकाला। समय रहते किए गए राहत एवं बचाव कार्य से बड़ा हादसा टल गया।1