सिवनी मालवा में आजाद समाज पार्टी नेता का विवादित बयान, परशुराम और धीरेन्द्र शास्त्री पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद सिवनी मालवा में आजाद समाज पार्टी नेता का विवादित बयान, परशुराम और धीरेन्द्र शास्त्री पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद सिवनी मालवा नगर में शुक्रवार शाम आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर यादव बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की यात्रा एवं जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। इस दौरान उनके द्वारा दिए गए कुछ बयानों ने नया विवाद खड़ा कर दिया है। सभा को संबोधित करते हुए दामोदर यादव ने भगवान परशुराम को लेकर अपनी अनभिज्ञता जाहिर करते हुए कहा,“मैं बाबा साहब को तो जानता हूँ, लेकिन परशुराम कौन हैं, मैं नहीं जानता। मैंने उनके बारे में कभी पढ़ा नहीं। मेरे किसी दोस्त या रिश्तेदार का नाम भी परशुराम नहीं है। मैं काल्पनिक चीजों में विश्वास नहीं रखता।” उनके इस बयान के बाद राजपूत समाज में नाराजगी देखी जा रही है। कई लोगों ने इसे धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला बताया है। वहीं, उन्होंने धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री को लेकर भी विवादित टिप्पणी की। दामोदर यादव ने कहा, “वो छतरपुर का 28 साल का लड़का जो पर्चियां निकालकर हमारे लोगों को मूर्ख बनाता था, जो कहता था कि देश में हिन्दू राष्ट्र बनाऊंगा। मैंने कहा मैं नहीं बनाने दूंगा, क्योंकि बाबा साहब ने जो संविधान लिखा है, उसमें पहले पन्ने पर ही लिखा है कि भारत पंथनिरपेक्ष राष्ट्र है और वही रहेगा।” इस बयान के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक माहौल गरमा गया है। सर्व ब्राह्मण समाज सहित करणी सेना के द्वारा उक्त नेता के विरुद्ध एफआईआर कराने तथा आन्दोलन की रणनीति भी तैयार की जा रही है। विभिन्न संगठनों द्वारा बयान की निंदा की जा रही है और माफी की मांग उठने लगी है, जबकि कुछ समर्थक इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जोड़कर देख रहे हैं।
सिवनी मालवा में आजाद समाज पार्टी नेता का विवादित बयान, परशुराम और धीरेन्द्र शास्त्री पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद सिवनी मालवा में आजाद समाज पार्टी नेता का विवादित बयान, परशुराम और धीरेन्द्र शास्त्री पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद सिवनी मालवा नगर में शुक्रवार शाम आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर यादव बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की यात्रा एवं जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। इस दौरान उनके द्वारा दिए गए कुछ बयानों ने नया विवाद खड़ा कर दिया है। सभा को संबोधित करते हुए दामोदर यादव ने भगवान परशुराम को लेकर अपनी अनभिज्ञता जाहिर करते हुए कहा,“मैं बाबा साहब को तो जानता हूँ, लेकिन परशुराम कौन हैं, मैं नहीं जानता। मैंने उनके बारे में कभी पढ़ा नहीं। मेरे किसी दोस्त या रिश्तेदार का नाम भी परशुराम नहीं है। मैं काल्पनिक चीजों में विश्वास नहीं रखता।” उनके इस बयान के बाद राजपूत समाज में नाराजगी देखी जा रही है। कई लोगों ने इसे धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला बताया है। वहीं, उन्होंने धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री को लेकर भी विवादित टिप्पणी की। दामोदर यादव ने कहा, “वो छतरपुर का 28 साल का लड़का जो पर्चियां निकालकर हमारे लोगों को मूर्ख बनाता था, जो कहता था कि देश में हिन्दू राष्ट्र बनाऊंगा। मैंने कहा मैं नहीं बनाने दूंगा, क्योंकि बाबा साहब ने जो संविधान लिखा है, उसमें पहले पन्ने पर ही लिखा है कि भारत पंथनिरपेक्ष राष्ट्र है और वही रहेगा।” इस बयान के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक माहौल गरमा गया है। सर्व ब्राह्मण समाज सहित करणी सेना के द्वारा उक्त नेता के विरुद्ध एफआईआर कराने तथा आन्दोलन की रणनीति भी तैयार की जा रही है। विभिन्न संगठनों द्वारा बयान की निंदा की जा रही है और माफी की मांग उठने लगी है, जबकि कुछ समर्थक इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जोड़कर देख रहे हैं।
- सिवनी मालवा में आजाद समाज पार्टी नेता का विवादित बयान, परशुराम और धीरेन्द्र शास्त्री पर टिप्पणी से बढ़ा विवाद सिवनी मालवा नगर में शुक्रवार शाम आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर यादव बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की यात्रा एवं जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। इस दौरान उनके द्वारा दिए गए कुछ बयानों ने नया विवाद खड़ा कर दिया है। सभा को संबोधित करते हुए दामोदर यादव ने भगवान परशुराम को लेकर अपनी अनभिज्ञता जाहिर करते हुए कहा,“मैं बाबा साहब को तो जानता हूँ, लेकिन परशुराम कौन हैं, मैं नहीं जानता। मैंने उनके बारे में कभी पढ़ा नहीं। मेरे किसी दोस्त या रिश्तेदार का नाम भी परशुराम नहीं है। मैं काल्पनिक चीजों में विश्वास नहीं रखता।” उनके इस बयान के बाद राजपूत समाज में नाराजगी देखी जा रही है। कई लोगों ने इसे धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला बताया है। वहीं, उन्होंने धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री को लेकर भी विवादित टिप्पणी की। दामोदर यादव ने कहा, “वो छतरपुर का 28 साल का लड़का जो पर्चियां निकालकर हमारे लोगों को मूर्ख बनाता था, जो कहता था कि देश में हिन्दू राष्ट्र बनाऊंगा। मैंने कहा मैं नहीं बनाने दूंगा, क्योंकि बाबा साहब ने जो संविधान लिखा है, उसमें पहले पन्ने पर ही लिखा है कि भारत पंथनिरपेक्ष राष्ट्र है और वही रहेगा।” इस बयान के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक माहौल गरमा गया है। सर्व ब्राह्मण समाज सहित करणी सेना के द्वारा उक्त नेता के विरुद्ध एफआईआर कराने तथा आन्दोलन की रणनीति भी तैयार की जा रही है। विभिन्न संगठनों द्वारा बयान की निंदा की जा रही है और माफी की मांग उठने लगी है, जबकि कुछ समर्थक इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जोड़कर देख रहे हैं।1
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- Post by ABDUL1
- बनखेड़ी नगर की सेंट मैरी कॉन्वेंट हायर सेकेंडरी स्कूल की छात्रा आस्था भार्गव ने कक्षा दसवीं की सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में 94.8 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उनकी इस सफलता से परिवार के साथ-साथ पूरे नगर में हर्ष का माहौल है। आस्था ने अपनी उपलब्धि का श्रेय स्कूल के प्राचार्य फादर स्टैंड जेरी एंटो, समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं और अपने परिवार को दिया है। उन्होंने बताया कि शिक्षकों के मार्गदर्शन और नियमित अध्ययन से ही यह सफलता संभव हो सकी। आस्था, बनखेड़ी निवासी श्री नरेश भार्गव की पुत्री हैं, जो लंबे समय से शैक्षणिक गतिविधियों से जुड़े हैं। आस्था की इस उपलब्धि पर स्कूल स्टाफ, मित्रों और नगरवासियों ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।1
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