कोतवाली में अगर मीडिया कर्मी को कोई जानकारी लेना है तो अपनी योग्यता बतानी पड़ेगी। कोतवाली में अगर मीडिया कर्मी को कोई जानकारी लेना है तो अपनी योग्यता बतानी पड़ेगी। बिल्थरारोड (बलिया): पत्रकार द्वारा पुलिस व्यवहार को लेकर शिकायत, जांच की प्रतीक्षा उभांव थाना क्षेत्र से पुलिस-मीडिया संवाद को लेकर एक प्रकरण संज्ञान में आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक दैनिक समाचार पत्र के पत्रकार द्वारा एक घटना के संबंध में जानकारी हेतु उभांव थाने पर तैनात उपनिरीक्षक से दूरभाष पर संपर्क किया गया था। आरोप है कि आवश्यक तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराने के स्थान पर संबंधित पुलिसकर्मी द्वारा पत्रकार की शैक्षणिक योग्यता से संबंधित प्रश्न किए गए। इस संबंध में पत्रकार द्वारा उच्चाधिकारियों को शिकायत प्रेषित किए जाने की बात कही जा रही है। शिकायत के बाद कथित रूप से थाने की ओर से एक कर्मचारी के माध्यम से फोन कर यह संदेश दिए जाने का भी उल्लेख किया गया है कि “साहब मुकदमा भी करते हैं।” इस कथन को पत्रकार पक्ष ने दबाव की स्थिति के रूप में प्रस्तुत किया है। हालांकि, इस विषय में आधिकारिक स्तर पर अभी तक कोई लिखित स्पष्टीकरण जारी नहीं हुआ है। प्रकरण के संबंध में उभांव थाना प्रभारी से पूछे जाने पर उन्होंने स्वयं को क्षेत्र में नवीन तैनाती बताया और संबंधित पत्रकार को व्यक्तिगत रूप से न पहचान पाने की बात कही। इस पर स्थानीय मीडिया प्रतिनिधियों के बीच यह प्रश्न उठ रहा है कि पुलिस-मीडिया संवाद की कोई औपचारिक व्यवस्था या अधिकृत सूची उपलब्ध है या नहीं। यदि ऐसी सूची उपलब्ध नहीं है, तो सूचना विभाग अथवा प्रशासनिक स्तर पर समन्वय स्थापित कर औपचारिक परिचय बैठक आयोजित किए जाने का सुझाव भी दिया जा रहा है, जिससे भविष्य में संवाद संबंधी भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो। बताया गया है कि प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी रसड़ा को सौंपी गई है। शिकायत के लगभग 72 घंटे पश्चात भी जांच की प्रगति को लेकर कोई सार्वजनिक जानकारी उपलब्ध नहीं हो सकी है। संबंधित पक्षों द्वारा निष्पक्ष जांच की अपेक्षा व्यक्त की गई है। प्रशासनिक दृष्टि से पुलिस एवं मीडिया दोनों की भूमिकाएं जनहित से जुड़ी हैं। ऐसे मामलों में स्पष्ट संवाद, निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन तथा पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक माना जाता है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की परिस्थितियों की पुनरावृत्ति न हो।
कोतवाली में अगर मीडिया कर्मी को कोई जानकारी लेना है तो अपनी योग्यता बतानी पड़ेगी। कोतवाली में अगर मीडिया कर्मी को कोई जानकारी लेना है तो अपनी योग्यता बतानी पड़ेगी। बिल्थरारोड (बलिया): पत्रकार द्वारा पुलिस व्यवहार को लेकर शिकायत, जांच की प्रतीक्षा उभांव थाना क्षेत्र से पुलिस-मीडिया संवाद को लेकर एक प्रकरण संज्ञान में आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक दैनिक समाचार पत्र के पत्रकार द्वारा एक घटना के संबंध में जानकारी हेतु उभांव थाने पर तैनात उपनिरीक्षक से दूरभाष पर संपर्क किया गया था। आरोप है कि आवश्यक तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराने के स्थान पर संबंधित पुलिसकर्मी द्वारा पत्रकार की शैक्षणिक योग्यता से संबंधित प्रश्न किए गए। इस संबंध में पत्रकार द्वारा उच्चाधिकारियों को शिकायत प्रेषित किए जाने की बात कही जा रही है।
शिकायत के बाद कथित रूप से थाने की ओर से एक कर्मचारी के माध्यम से फोन कर यह संदेश दिए जाने का भी उल्लेख किया गया है कि “साहब मुकदमा भी करते हैं।” इस कथन को पत्रकार पक्ष ने दबाव की स्थिति के रूप में प्रस्तुत किया है। हालांकि, इस विषय में आधिकारिक स्तर पर अभी तक कोई लिखित स्पष्टीकरण जारी नहीं हुआ है। प्रकरण के संबंध में उभांव थाना प्रभारी से पूछे जाने पर उन्होंने स्वयं को क्षेत्र में नवीन तैनाती बताया और संबंधित पत्रकार को व्यक्तिगत रूप से न पहचान पाने की बात कही। इस पर स्थानीय मीडिया प्रतिनिधियों के बीच यह प्रश्न उठ रहा है कि पुलिस-मीडिया संवाद की कोई औपचारिक व्यवस्था या अधिकृत सूची उपलब्ध है या नहीं। यदि
ऐसी सूची उपलब्ध नहीं है, तो सूचना विभाग अथवा प्रशासनिक स्तर पर समन्वय स्थापित कर औपचारिक परिचय बैठक आयोजित किए जाने का सुझाव भी दिया जा रहा है, जिससे भविष्य में संवाद संबंधी भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो। बताया गया है कि प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी रसड़ा को सौंपी गई है। शिकायत के लगभग 72 घंटे पश्चात भी जांच की प्रगति को लेकर कोई सार्वजनिक जानकारी उपलब्ध नहीं हो सकी है। संबंधित पक्षों द्वारा निष्पक्ष जांच की अपेक्षा व्यक्त की गई है। प्रशासनिक दृष्टि से पुलिस एवं मीडिया दोनों की भूमिकाएं जनहित से जुड़ी हैं। ऐसे मामलों में स्पष्ट संवाद, निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन तथा पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक माना जाता है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की परिस्थितियों की पुनरावृत्ति न हो।
- कोतवाली में अगर मीडिया कर्मी को कोई जानकारी लेना है तो अपनी योग्यता बतानी पड़ेगी। बिल्थरारोड (बलिया): पत्रकार द्वारा पुलिस व्यवहार को लेकर शिकायत, जांच की प्रतीक्षा उभांव थाना क्षेत्र से पुलिस-मीडिया संवाद को लेकर एक प्रकरण संज्ञान में आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक दैनिक समाचार पत्र के पत्रकार द्वारा एक घटना के संबंध में जानकारी हेतु उभांव थाने पर तैनात उपनिरीक्षक से दूरभाष पर संपर्क किया गया था। आरोप है कि आवश्यक तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराने के स्थान पर संबंधित पुलिसकर्मी द्वारा पत्रकार की शैक्षणिक योग्यता से संबंधित प्रश्न किए गए। इस संबंध में पत्रकार द्वारा उच्चाधिकारियों को शिकायत प्रेषित किए जाने की बात कही जा रही है। शिकायत के बाद कथित रूप से थाने की ओर से एक कर्मचारी के माध्यम से फोन कर यह संदेश दिए जाने का भी उल्लेख किया गया है कि “साहब मुकदमा भी करते हैं।” इस कथन को पत्रकार पक्ष ने दबाव की स्थिति के रूप में प्रस्तुत किया है। हालांकि, इस विषय में आधिकारिक स्तर पर अभी तक कोई लिखित स्पष्टीकरण जारी नहीं हुआ है। प्रकरण के संबंध में उभांव थाना प्रभारी से पूछे जाने पर उन्होंने स्वयं को क्षेत्र में नवीन तैनाती बताया और संबंधित पत्रकार को व्यक्तिगत रूप से न पहचान पाने की बात कही। इस पर स्थानीय मीडिया प्रतिनिधियों के बीच यह प्रश्न उठ रहा है कि पुलिस-मीडिया संवाद की कोई औपचारिक व्यवस्था या अधिकृत सूची उपलब्ध है या नहीं। यदि ऐसी सूची उपलब्ध नहीं है, तो सूचना विभाग अथवा प्रशासनिक स्तर पर समन्वय स्थापित कर औपचारिक परिचय बैठक आयोजित किए जाने का सुझाव भी दिया जा रहा है, जिससे भविष्य में संवाद संबंधी भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो। बताया गया है कि प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी रसड़ा को सौंपी गई है। शिकायत के लगभग 72 घंटे पश्चात भी जांच की प्रगति को लेकर कोई सार्वजनिक जानकारी उपलब्ध नहीं हो सकी है। संबंधित पक्षों द्वारा निष्पक्ष जांच की अपेक्षा व्यक्त की गई है। प्रशासनिक दृष्टि से पुलिस एवं मीडिया दोनों की भूमिकाएं जनहित से जुड़ी हैं। ऐसे मामलों में स्पष्ट संवाद, निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन तथा पारदर्शिता बनाए रखना आवश्यक माना जाता है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की परिस्थितियों की पुनरावृत्ति न हो।3
- बलिया के सिकंदरपूर में मतदाता सूची से नाम कटवाने की ‘साजिश’ पर बवाल, डीएम को पत्र देकर कार्यवाही की मांग1
- अयोध्या : महिंद्रा एक्स यू वी में लगी भयानक आग...! #दलजीतसिंहन्यूज़रिपोर्टर #daljeetsinghjournalist #reelsvideoシ #shortsreels #वायरलवीडियोシ #itnnational #videoviralシ #viralvideoシ #VistaarNews #maunews1
- लार पुलिस व एएनटीएफ की बड़ी कार्रवाई, 328 किलो गांजा बरामद देवरिया पुलिस को नशे के खिलाफ अभियान में बड़ी कामयाबी मिली है। थाना लार पुलिस और एण्टी नारकोटिक्स टास्क फोर्स गोरखपुर की संयुक्त टीम ने एक कंटेनर से भारी मात्रा में गांजा बरामद करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक देवरिया संजीव सुमन के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी सुनील कुमार सिंह और क्षेत्राधिकारी सलेमपुर मनोज कुमार के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। मुखबिर की सूचना पर थाना लार क्षेत्र में बजाज ऑटो चोरडीहा के पास पुलिस ने कंटेनर नंबर HR38Z5407 को रोका। तलाशी के दौरान कंटेनर में मक्का की बोरियों के अंदर छिपाकर ले जाया जा रहा कुल 328 किलो 730 ग्राम गांजा बरामद किया गया। पुलिस ने मौके से दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पहला अभियुक्त अमरजीत मुखिया, निवासी दरभंगा, बिहार और दूसरा अभियुक्त शैलेश गौड़ उर्फ गोलू, निवासी देवरिया का रहने वाला है। गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ थाना लार में मु0अ0सं0 35/2026, धारा 8/20/29/60 एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। देवरिया पुलिस की इस कार्रवाई को नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है, वहीं पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई कहां की जानी थी।2
- देवरिया।बरहज थाना क्षेत्र के एक गांव के परिवार में उस समय कोहराम मच गया जब एक गोताखोर व्यक्ति सरयू नदी में डूबे व्यक्ति की तलाश कर रहे थे। तभी गोताखोर खुद नदी में डूब गए। पुलिस ने अन्य गोताखोरों की मदद से उन्हें बाहर निकाल देवरिया मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी पहुंचाया। जहां चिकित्सको ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मिली जानकारी के अनुसार सुरेंद्र निषाद (40) पुत्र मोहन निषाद, निवासी ग्राम गौरा, पोस्ट गौरा जयनगर, थाना बरहज पिछले लगभग 15 वर्षों से गोताखोरी का कार्य करते थे और कई बार डूबे लोगों की तलाश कर उन्हें बाहर निकाल चुके थे। पिछले कुछ दिनों से वे सरयू नदी में एक डूबे व्यक्ति की खोजबीन में जुटे थे। इसी दौरान यह हादसा हो गया। मृतक अपने पीछे पत्नी उर्मिला देवी, पुत्र भोला (15 वर्ष), रोहित (5 वर्ष) और पुत्री संजना (6 वर्ष) को छोड़ गए हैं। घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है। भाई संदीप कुमार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस द्वारा आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। वहीं क्षेत्र में इस घटना से शोक की लहर दौड़ गई है। #hilights #deorianews1
- लोकेशन - देवरिया कंटेनर में मक्का की बोरियों के बीच छिपाकर हो रही थी तस्करी 1.64 करोड़ गंजे के साथ दो आरोपी गिरफ्तार उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले की पुलिस को मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के खिलाफ उस समय बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस अधीक्षक देवरिया के निर्देशन में थाना लार पुलिस एवं एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की संयुक्त टीम ने एक कंटेनर से भारी मात्रा में गांजा बरामद करते हुए दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे का वजन 328.73 किलोग्राम है,जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 64 लाख 50 हजार रुपये बताई जा रही है। मुखबिरों की सूचना पर लार थाना क्षेत्र के चोरडीहा मोड़ के समीप एक संदिग्ध कंटेनर को रोककर तलाशी ली गई। जांच के दौरान मक्का की बोरियों के बीच छिपाकर रखे गए गांजे के पैकेट बरामद हुए। पुलिस ने मौके से अमरजीत मुखिया निवासी दरभंगा (बिहार)तथा शैलेश गोंड उर्फ गोलू निवासी बेलवा,थाना महुआडीह,जनपद देवरिया को गिरफ्तार किया। पकड़े गये दोनों अभियुक्तो के विरुद्ध थाना लार में मुकदमा संख्या एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज कर सख़्त विधिक कार्रवाई की जा रही है।2
- कंटेनर से 328.73 किलोग्राम गांजा बरामद दो अभियुक्त मौके से गिरफ्तार पुलिस की आगे की कार्रवाई जारी1
- बृहस्पतिवार को बिल्थरारोड के स्थानीय जीएमएएम इंटर कॉलेज में 7 दिवसीय स्काउट-गाइड प्रशिक्षण शिविर का आयोजन।1