श्रावस्ती के गिलौला थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 5 किलोग्राम अवैध गांजे के साथ दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक चन्द्रकेश सिंह व क्षेत्राधिकारी इकौना के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष गिलौला आशीष कुमार के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस टीम ने तस्करों के पास से एक महिंद्रा मैक्स चार पहिया वाहन (UP 40 T 0341), दो एंड्रायड मोबाइल फोन और ₹800 की नकदी बरामद की है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान बहराइच के धनकुट्टीपुरवा निवासी बाबू गुप्ता और श्रावस्ती के लोधनपुरवा गिलौला निवासी रामसुहावन उर्फ ननकेश के रूप में हुई है। दिनांक 22 जुलाई 2026 को गश्त व चेकिंग के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महिंद्रा मैक्स वाहन से दो लोग इकौना की ओर से बहराइच की तरफ अवैध गांजा लेकर जा रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस टीम ने खुटेहना मोड़ पर वाहन को रोकने की कोशिश की, लेकिन चालक गाड़ी लेकर भागने लगा। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पीछा किया और गिलौला बाईपास नहर पुल के पास वाहन को रोक लिया। नियमानुसार क्षेत्राधिकारी इकौना की उपस्थिति में ली गई तलाशी में गाड़ी में रखी पीली बोरी से 5 पैकेटों में कुल 5 किलो गांजा मिला। इसके अलावा बाबू गुप्ता के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹500 नगद तथा रामसुहावन के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹300 नगद बरामद हुए। पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे व्हाट्सएप कॉल के जरिए एक अज्ञात व्यक्ति के संपर्क में थे और उसी से गांजा लेकर उसके निर्देशानुसार सप्लाई करने जा रहे थे। पुलिस ने थाना गिलौला पर मु0अ0सं0- 131/2026 धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को अदालत में पेश कर दिया है, जबकि संबंधित मोबाइल नंबर के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में आगे की विवेचना की जा रही है।
श्रावस्ती के गिलौला थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 5 किलोग्राम अवैध गांजे के साथ दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक चन्द्रकेश सिंह व क्षेत्राधिकारी इकौना के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष गिलौला आशीष कुमार के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस टीम ने तस्करों के पास से एक महिंद्रा मैक्स चार पहिया वाहन (UP 40 T 0341), दो एंड्रायड मोबाइल फोन और ₹800 की नकदी बरामद की है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान बहराइच के धनकुट्टीपुरवा निवासी बाबू गुप्ता और श्रावस्ती के लोधनपुरवा गिलौला निवासी रामसुहावन उर्फ ननकेश के रूप में हुई है। दिनांक 22 जुलाई 2026 को गश्त व चेकिंग के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महिंद्रा मैक्स वाहन से दो लोग इकौना की ओर से बहराइच की तरफ अवैध गांजा लेकर जा रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस टीम ने खुटेहना मोड़ पर वाहन को रोकने की कोशिश की, लेकिन चालक गाड़ी लेकर भागने लगा। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पीछा किया और गिलौला बाईपास नहर पुल के पास वाहन को रोक लिया। नियमानुसार क्षेत्राधिकारी इकौना की उपस्थिति में ली गई तलाशी में गाड़ी में रखी पीली बोरी से 5 पैकेटों में कुल 5 किलो गांजा मिला। इसके अलावा बाबू गुप्ता के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹500 नगद तथा रामसुहावन के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹300 नगद बरामद हुए। पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे व्हाट्सएप कॉल के जरिए एक अज्ञात व्यक्ति के संपर्क में थे और उसी से गांजा लेकर उसके निर्देशानुसार सप्लाई करने जा रहे थे। पुलिस ने थाना गिलौला पर मु0अ0सं0- 131/2026 धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को अदालत में पेश कर दिया है, जबकि संबंधित मोबाइल नंबर के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में आगे की विवेचना की जा रही है।
- श्रावस्ती के गिलौला थाना पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 5 किलोग्राम अवैध गांजे के साथ दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक चन्द्रकेश सिंह व क्षेत्राधिकारी इकौना के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष गिलौला आशीष कुमार के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस टीम ने तस्करों के पास से एक महिंद्रा मैक्स चार पहिया वाहन (UP 40 T 0341), दो एंड्रायड मोबाइल फोन और ₹800 की नकदी बरामद की है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान बहराइच के धनकुट्टीपुरवा निवासी बाबू गुप्ता और श्रावस्ती के लोधनपुरवा गिलौला निवासी रामसुहावन उर्फ ननकेश के रूप में हुई है। दिनांक 22 जुलाई 2026 को गश्त व चेकिंग के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महिंद्रा मैक्स वाहन से दो लोग इकौना की ओर से बहराइच की तरफ अवैध गांजा लेकर जा रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस टीम ने खुटेहना मोड़ पर वाहन को रोकने की कोशिश की, लेकिन चालक गाड़ी लेकर भागने लगा। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पीछा किया और गिलौला बाईपास नहर पुल के पास वाहन को रोक लिया। नियमानुसार क्षेत्राधिकारी इकौना की उपस्थिति में ली गई तलाशी में गाड़ी में रखी पीली बोरी से 5 पैकेटों में कुल 5 किलो गांजा मिला। इसके अलावा बाबू गुप्ता के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹500 नगद तथा रामसुहावन के कब्जे से 01 मोबाइल व ₹300 नगद बरामद हुए। पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे व्हाट्सएप कॉल के जरिए एक अज्ञात व्यक्ति के संपर्क में थे और उसी से गांजा लेकर उसके निर्देशानुसार सप्लाई करने जा रहे थे। पुलिस ने थाना गिलौला पर मु0अ0सं0- 131/2026 धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को अदालत में पेश कर दिया है, जबकि संबंधित मोबाइल नंबर के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में आगे की विवेचना की जा रही है।1
- श्रावस्ती के कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग की अध्यक्षता में जिला उद्योग बंधु समिति की बैठक सम्पन्न हुई। इस बैठक में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना, जी0बी0सी0, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना और ओ0डी0ओ0पी0 योजना पर विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान बैंकों द्वारा ऋण स्वीकृति की प्रगति अत्यंत कम पाए जाने पर जिलाधिकारी ने उपस्थित शाखा प्रबंधकों को निर्देशित किया कि वे अधिक से अधिक आवेदनों को स्वीकृत कर लोगों को योजनाओं का लाभ दें, ताकि आमजन अपना उद्यम स्थापित कर आत्मनिर्भर बन सकें। बैठक में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में भौतिक लक्ष्य 59 और वित्तीय लक्ष्य 113 निर्धारित है। विभिन्न बैंक शाखाओं में प्रेषित 24 आवेदनों में से 06 पर बैंक स्वीकृति और 05 पर ऋण वितरण की कार्यवाही हुई है। वहीं, एक जनपद एक उत्पाद (ओ0डी0ओ0पी0) वित्त पोषण सहायता योजना में जनपद का भौतिक लक्ष्य 03 निर्धारित है, जिसके सापेक्ष 26 आवेदन पत्र प्रेषित किए गए हैं। इनमें से 03 आवेदनों पर स्वीकृति और 04 पर ऋण वितरण किया जा चुका है। इस पर जिलाधिकारी ने उपायुक्त उद्योग को स्वीकृत आवेदनों में शीघ्र वितरण कराने का निर्देश दिया। इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शाहिद अहमद, एल0डी0एम0 जुगल किशोर, उपायुक्त उद्योग राजेश कुमार पाण्डेय सहित समस्त बैंकों के शाखा प्रबंधक और उद्यमी उपस्थित रहे।1
- श्रावस्ती में बहराइच–श्रावस्ती फोरलेन मार्ग पर भंगहा के पास सड़क का एक हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। सड़क में लंबी और गहरी दरार पड़ने की वजह से एहतियात के तौर पर क्षतिग्रस्त हिस्से के पास ईंटें और बालू की बोरियां रखकर उसे चिन्हित किया गया है, ताकि वाहन चालक सतर्क होकर गुजर सकें। फिलहाल इस मार्ग पर यातायात पूरी तरह बंद नहीं है, लेकिन क्षतिग्रस्त हिस्से के कारण वाहनों का आवागमन केवल एक लेन से सावधानीपूर्वक कराया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो आने वाले समय में परेशानी बढ़ सकती है और दुर्घटना की आशंका बनी रह सकती है। लोगों ने संबंधित विभाग से जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत कराने और मौके पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की माँग की है।1
- श्रावस्ती जिले के भिनगा स्थित ग्राम घोलिया कला में ग्राम प्रधान द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। लगभग 8 से स्थिति ऐसी ही पड़ी हुई है, जिसकी वजह से गांव के लोगों को लगातार भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रधान की इस अनदेखी के कारण ग्रामीणों की समस्या जस की तस बनी हुई है।4
- बलरामपुर के थाना महराजगंज तराई पुलिस ने कुख्यात गो-तस्कर गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंगस्टर एक्ट में वांछित पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने इन सभी आरोपियों को कौवापुर मोड़ के पास से गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में गैंग लीडर मुन्नान उर्फ मन्नान के अलावा कल्पू, शौकत अली, समीउल्ला और फकरुद्दीन शामिल हैं।1
- सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर युवाओं के आंदोलन के समर्थन में मौन व्रत शुरू कर दिया है। अन्ना हजारे के इस कदम के बाद से राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। फिलहाल उनके इस कदम ने आंदोलन को नैतिक बल दिया है और पूरे घटनाक्रम पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। अन्ना हजारे के नेतृत्व में पहले हुए भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन ने देश की राजनीति पर गहरा असर डाला था और उसी दौर से आम आदमी पार्टी के उदय का रास्ता तैयार हुआ था। ऐसे में अब जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन के समर्थन में उनके मौन व्रत को कई लोग एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संकेत के रूप में देख रहे हैं। हालांकि, इस समर्थन का संबंधित संगठन या आंदोलन की राजनीतिक संभावनाओं पर क्या असर पड़ेगा, यह कहना अभी जल्दबाज़ी होगी।1
- बहराइच में भारत-नेपाल सीमा पर 42वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की बॉर्डर इंटरैक्शन टीम ने एक 16 वर्षीय नाबालिग नेपाली किशोरी को मानव तस्करी का शिकार होने से बचा लिया है। एसएसबी की तत्परता से इस पूरी साजिश का पर्दाफाश हुआ, जिसके बाद आरोपी युवक को नेपाल पुलिस के हवाले कर दिया गया और किशोरी को पुनर्वास के लिए संबंधित नेपाली संस्था को सौंप दिया गया। यह मामला 21 जुलाई की रात करीब 8:45 बजे का है, जब सीमा पर नियमित जांच के दौरान नेपाल से भारत में प्रवेश कर रही किशोरी और उसके साथ मौजूद एक युवक को संदेह के आधार पर रोका गया। पूछताछ में किशोरी ने अपना नाम मोनिका (16 वर्ष) और युवक ने अपना नाम बिरेन्द्र बस्नेत (19 वर्ष) बताया, जो नेपाल के जाजरकोट जिले के ग्राम जुनी चाँदे (वार्ड-1) के निवासी हैं। युवक ने खुद को किशोरी का बड़ा भाई बताते हुए दावा किया कि वह उसे इलाज के लिए हिमाचल प्रदेश के शिमला ले जा रहा है। हालांकि, वह इस संबंध में कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका और परिजनों से संपर्क करने पर भी उसके दावों की पुष्टि नहीं हुई। दोनों के बयानों में विरोधाभास मिलने पर एसएसबी ने उन्हें एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट के समक्ष प्रस्तुत किया, जहाँ अलग-अलग पूछताछ और काउंसलिंग में स्पष्ट हो गया कि किशोरी को मानव तस्करी के उद्देश्य से भारत लाया जा रहा था। वैधानिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट, नेपाल पुलिस, देहात इंडिया और मानव सेवा संस्थान सेवा के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में किशोरी को सुरक्षा एवं पुनर्वास के लिए नेपाली गैर-सरकारी संस्था 'शांतिपूर्ण स्थापना गृह' के सुपुर्द कर दिया गया, वहीं आरोपी बिरेन्द्र बस्नेत को आगे की विधिक कार्रवाई के लिए नेपाल पुलिस को सौंप दिया गया।2
- श्रावस्ती जिले के इकौना विकासखंड क्षेत्र स्थित सिसवारा चौराहे पर लगा सरकारी हैंडपंप पिछले कई महीनों से खराब पड़ा हुआ है। जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते चौराहे से गुजरने वाले राहगीरों और स्थानीय लोगों को पीने के पानी के लिए भारी परेशानियों से जूझना पड़ रहा है। हैंडपंप की मरम्मत न होने और आसपास सफाई की समुचित व्यवस्था न होने से लोगों में भारी नाराजगी है। प्यास बुझाने के लिए राहगीरों और बाजार आने-जाने वाले लोगों को मजबूरी में 20 रुपये खर्च कर पानी की बोतल खरीदनी पड़ रही है, जिससे आम लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। स्थानीय निवासी पप्पू यादव, विजयेंद्र, मेवाराम और उमेश शर्मा समेत अन्य लोगों का कहना है कि चौराहे पर रोजाना बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं। चौराहे के आसपास मौजूद छोटे हैंडपंपों का बोर कम होने के कारण उनसे निकलने वाला पानी भी साफ और पीने योग्य नहीं है। ऐसे में लोगों के पास केवल दो ही रास्ते बचे हैं—या तो वे 20 रुपये देकर बोतलबंद पानी खरीदें या फिर दूषित पानी पीने को मजबूर हों। गंदा पानी पीने से क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों का खतरा भी लगातार बना हुआ है। स्थानीय निवासियों ने जिला प्रशासन और विकासखंड के जिम्मेदार अधिकारियों से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए सिसवारा चौराहे के सरकारी हैंडपंप की जल्द से जल्द मरम्मत कराई जाए और आसपास सफाई की उचित व्यवस्था की जाए, ताकि लोगों को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध हो सके।1