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अनूपपुर सगे मामा ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग सगी भांजी हुई 6 माह की गर्भवती
Saif Khan
अनूपपुर सगे मामा ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग सगी भांजी हुई 6 माह की गर्भवती
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- सगे मामा ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग सगी भांजी हुई 6 माह की गर्भवती1
- शहडोल। जिले मुख्यालय से सटे धुरवार स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय एक बार फिर सुर्खियों में है, लेकिन शिक्षा के लिए नहीं, बल्कि अपनी शर्मनाक लापरवाही के लिए। हॉस्टल की चाक-चौबंद सुरक्षा को ठेंगा दिखाकर कक्षा 11 वीं के दो छात्र रहस्यमयी ढंग से लापता हो गए हैं। सुबह की गणना में जब दो बिस्तर खाली मिले, तो वार्डन अरुण कुमार और प्रबंधन के हाथ-पांव फूल गए। आनन-फानन में पुलिस को सूचना दी गई है, लेकिन सवाल वही है कि आखिर परिंदा भी पर न मार सके, ऐसे दावों वाले हॉस्टल से बच्चे हवा कैसे हो गए। सवालों के घेरे में खाकी और प्रबंधन यह कोई पहली घटना नहीं है, इससे पहले भी इसी छात्रावास से एक छात्रा लापता हुई थी, जिसका आज तक सुराग नहीं लगा। क्या एकलव्य हॉस्टल अब बच्चों की तस्करी या असुरक्षा का अड्डा बनता जा रहा है। भारी-भरकम बजट, ऊंची दीवारें और तैनात सुरक्षाकर्मियों के बावजूद अगर बच्चे गायब हो रहे हैं, तो यह सीधे तौर पर प्रबंधन की मिलीभगत या घोर लापरवाही की ओर इशारा करता है। अभिभावकों का फूटा गुस्सा परिजनों का आरोप है कि वे अपने कलेजे के टुकड़ों को अफसर बनाने भेजते हैं, लेकिन यहाँ उनकी जान और सुरक्षा ही खतरे में है। बंद गेट और पहरेदारी के बीच बच्चों का गायब होना हॉस्टल की आंतरिक व्यवस्था पर बड़ा प्रश्नचिह्न है। पुलिस ने मामला तो दर्ज कर लिया है, लेकिन क्या प्रशासन केवल कागजी खानापूर्ति करेगा या इस लापरवाही के सिंडिकेट पर कोई सख्त एक्शन लेगा। इनका कहना है... मामले में अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है और लापता छात्रों की तलाश के लिए पुलिस टीम लगाई गई है। अरुण पाण्डेय थाना प्रभारी सोहागपुर ****** विभागीय स्तर पर मामले की जांच कराई जा रही है। जल्द ही छात्रों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। आनंद राय सिन्हा सहायक आयुक्त2
- एंकर। शहडोल में बिजली बिल बकाया वसूली करने गई MPEB की टीम पर हमला होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि रास्ता रोककर लाठी-डंडों से लैस युवकों ने न सिर्फ कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज की, बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी। इतना ही नहीं, विभाग की सड़क किनारे खड़ी गाड़ी को तेज रफ्तार कार से कुचलने की कोशिश भी की गई। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो अब सामने आया है, जो तेजी से वायरल हो रहा है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वीओ -1-1-जिले अमलाई थाना क्षेत्र के गिरवा गांव में जूनियर इंजीनियर विकास गोंडुड़े अपनी टीम के साथ बकाया बिजली बिल की वसूली के लिए पहुंचे थे, इसी दौरान ग्राम गिरवा के पास कार सवार पवन यादव और नितिन रजक ने कथित तौर पर रास्ता रोक लिया और लाठी-डंडे लेकर कर्मचारियों को धमकाने लगे, आरोप है कि उन्होंने गाली-गलौज करते हुए शासकीय कार्य में बाधा डाली और खड़ी विभागीय गाड़ी को टक्कर मारकर कुचलने का प्रयास किया, घटना के दौरान मौजूद किसी व्यक्ति ने पूरा वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। मामले में अमलाई पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है, वहीं दूसरी ओर कार चालक की शिकायत पर विभागीय कर्मचारियों पर भी मामला दर्ज हुआ है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।7
- अनूपपुर । सगे मामा ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग सगी भांजी हुई 6 माह की गर्भवती1
- जयसिंहनगर। प्यार और दोस्ती के नाम पर मानसिक प्रताड़ना का एक और खौफनाक अंत सामने आया है। जयसिंहनगर पुलिस ने 22 वर्षीय युवती शिवानी (अनामिका शुक्ला) को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले मुख्य आरोपी नीलमणि उपाध्याय उर्फ संजू को धर दबोचा है। साइबर फॉरेंसिक की बारीकी ने आरोपी के उन 'डिजिटल निशानों' को बेनकाब कर दिया, जिनसे वह अब तक बच रहा था। क्या था मामला? बीते 15 जुलाई 2024 को शिवानी ने अपने घर के कमरे में फांसी लगाकर जीवन लीला समाप्त कर ली थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जब मृतिका का मोबाइल ज़ब्त कर साइबर फॉरेंसिक जोन शहडोल से जांच कराई, तो चौंकाने वाले सच सामने आए। आरोपी संजू (27 वर्ष) मृतिका को लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। घटना वाले दिन भी आरोपी ने व्हाट्सएप चैट और कॉल के जरिए शिवानी को इस कदर उकसाया कि उसने मौत को गले लगा लिया। कानून का शिकंजा पुलिस ने कॉल डिटेल, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप चैट जैसे पुख्ता डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ धारा 108 बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया। 25 मार्च 2026 को घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। निरीक्षक अजय कुमार बैगा के नेतृत्व वाली टीम ने यह साबित कर दिया कि तकनीक के पीछे छिपकर अपराध करने वाले अब बच नहीं पाएंगे। समाज के लिए यह एक कड़ा संदेश है कि 'कीपैड' पर लिखी नफरत और प्रताड़ना की सजा सीधी जेल है।2
- शहडोल (ब्यूरो)। जिले के अमलाई थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गिरवा में बिजली बिल वसूली के दौरान हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की टीम पर हमला, अभद्रता, धमकी और वाहन से टक्कर मारने के आरोप में पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना 23 मार्च 2026 की दोपहर लगभग 12:30 बजे की बताई जा रही है, जब विभागीय टीम बकाया बिजली बिलों की वसूली के लिए गांव पहुंची थी। प्राप्त जानकारी के अनुसार कनिष्ठ अभियंता विकाश गोंडुड़े अपने कर्मचारियों के साथ ग्राम गिरवा में उपभोक्ताओं से बकाया राशि वसूल रहे थे। इसी दौरान पवन यादव नामक व्यक्ति अपने वाहन से मौके पर पहुंचा और आरोप है कि उसने तेज व लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाते हुए विभाग के अनुबंधित वाहन को टक्कर मार दी। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जब विभागीय कर्मचारियों ने उसे रोकने का प्रयास किया तो आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और वहां से भागने की कोशिश की। बताया गया है कि कर्मचारियों ने अन्य टीमों को सूचना देकर वाहन का पीछा किया, जिसके बाद ग्राम बलबहरा के पास ग्रामीणों की मदद से आरोपी के वाहन को रोका गया। वहां स्थिति और तनावपूर्ण हो गई, जहां आरोपी के साथ मौजूद नितिन रजक ने भी कर्मचारियों के साथ अभद्रता करते हुए लाठी निकालकर धमकाया। आरोप है कि दोनों ने मिलकर शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न की और कर्मचारियों को डराने-धमकाने का प्रयास किया। इस दौरान कुछ देर के लिए मौके पर विवाद की स्थिति बनी रही। घटना के बाद कनिष्ठ अभियंता द्वारा थाना अमलाई में लिखित शिकायत प्रस्तुत की गई, जिसमें पूरे घटनाक्रम का विस्तार से उल्लेख किया गया। शिकायत में बताया गया कि विभागीय कर्मचारी नियमित रूप से राजस्व वसूली का कार्य कर रहे थे और उसी दौरान यह घटना घटित हुई। शिकायत प्राप्त होने के बाद पुलिस ने प्राथमिक जांच कर मामला दर्ज किया। पुलिस द्वारा दर्ज FIR क्रमांक 0084/2026 में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 281, 132, 351(3) एवं 324(4) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है। इन धाराओं में लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाना, शासकीय कार्य में बाधा डालना, मारपीट एवं चोट पहुंचाने जैसे आरोप शामिल हैं। मामले में मुख्य आरोपी के रूप में पवन यादव निवासी बुढ़ार, जिला शहडोल का नाम सामने आया है। वहीं नितिन रजक का भी घटनाक्रम में उल्लेख किया गया है, जिसकी भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई जारी है। पुलिस विभाग के अनुसार मामले की जांच सहायक उप निरीक्षक महेंद्र कुमार शुक्ला को सौंपी गई है। जांच के दौरान घटनास्थल का निरीक्षण, गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे मामले में खास बात यह सामने आई है कि विद्युत विभाग द्वारा दी गई लिखित शिकायत और पुलिस द्वारा दर्ज FIR में घटना का विवरण लगभग समान है, जिससे प्रथम दृष्टया मामला सत्य प्रतीत होता है। दोनों दस्तावेजों में यह स्पष्ट उल्लेख है कि घटना शासकीय कार्य के दौरान हुई और कर्मचारियों के साथ अभद्रता व हमला किया गया। सरकारी कार्य के दौरान कर्मचारियों के साथ इस प्रकार की घटना प्रशासन के लिए चिंता का विषय बन गई है। यदि इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आती हैं तो इससे विभागीय कार्यप्रणाली और कर्मचारियों की सुरक्षा पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आने वाले दिनों में जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की नजर भी इस पूरे मामले पर बनी हुई है, ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।9
- 2026 को माँ नर्मदा के पावन उद्गम स्थल स्थित नर्मदा उद्गम क्षेत्र में आयोजित होने जा रही है। 🙏🌊 इस भव्य राष्ट्रीय आयोजन की तैयारियों को लेकर मंगलवार को में आयोजक मंडल की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक में संगठन प्रभारी, जिलाध्यक्ष एवं वरिष्ठ पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। 🔸 आवास, भोजन, परिवहन एवं अतिथि सत्कार जैसी व्यवस्थाओं पर गहन चर्चा 🔸 सभी पदाधिकारियों को सौंपी गई अहम जिम्मेदारियाँ 🔸 आयोजन को ऐतिहासिक एवं यादगार बनाने का संकल्प 🌿 माँ नर्मदा की पावन धरा पर देशभर के पत्रकार साथियों का यह संगम न सिर्फ संगठन की मजबूती का प्रतीक बनेगा, बल्कि पत्रकारिता के उज्ज्वल भविष्य की नई दिशा भी तय करेगा। 🤝 एकता • शक्ति • पत्रकारिता का स्वाभिमान1
- शहडोल। जिला मुख्यालय में सीवर लाइन विस्तार कार्य अब आम लोगों के लिए मुसीबत और खतरे का कारण बनता जा रहा है। लंबे समय से चल रहे इस प्रोजेक्ट में लापरवाही का आलम यह है कि शहर के कई इलाकों में खुदाई के बाद गहरे गड्ढे खुले छोड़ दिए गए हैं, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। ताजा मामला शहर के व्यस्ततम क्षेत्र सब्जी मंडी से सामने आया है, जहां एक पिकअप वाहन खुले पड़े गहरे गड्ढे में जा समाई। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, वरना एक बड़ा हादसा हो सकता था,घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और स्थानीय लोगों ने जिम्मेदार एजेंसी के खिलाफ नाराजगी जताई... स्थानीय व्यापारियों और रहवासियों का कहना है कि सीवर लाइन का काम महीनों से चल रहा है, लेकिन न तो इसे समय पर पूरा किया जा रहा है और न ही सुरक्षा के कोई इंतजाम किए गए हैं। कई जगहों पर न तो चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं और न ही बैरिकेडिंग की गई है, जिससे रात के समय खतरा और बढ़ जाता है। लोगों का आरोप है कि संबंधित ठेकेदार और जिम्मेदार विभाग की लापरवाही के चलते आम जनता की जान जोखिम में डाली जा रही है। आए दिन छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा......... शहरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द सीवर लाइन का कार्य पूरा कराया जाए और जहां-जहां गड्ढे खोदे गए हैं, वहां सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके। फिलहाल, यह लापरवाही कभी भी बड़े हादसे को न्योता दे सकती है....1