नरवाई में आग लगाने पर मामला दर्ज, आरोपी ने पड़ोसी किसानों को दी जान से मारने की धमकी नरवाई में आग लगाने पर मामला दर्ज, आरोपी ने पड़ोसी किसानों को दी जान से मारने की धमकी सिवनी मालवा अनुविभाग के शिवपुर थाना क्षेत्र में नरवाई की आग से फसल जलने से बच गई तथा बड़ी दुर्घटना टल गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी विवेक यादव ने बताया की दिनांक 17 मार्च 2026 को फरियादी शिवकुमार पिता गोविंद सिंह यादव (32 वर्ष) निवासी शिवपुर ने थाने पर पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनका खेत भिलाडिया–चन्द्रपुरा रोड पर स्थित है, जिसके पास ही केशव यादव, जितेंद्र यादव, राधेश्याम यादव एवं शेखर यादव के खेत भी लगे हुए हैं, जिनमें गेहूं की फसल खड़ी है। फरियादी के अनुसार, पड़ोस में मोरसिंह कुशवाह का खेत है, जिसने पहले ही अपनी गेहूं की फसल काट ली थी। 17 मार्च की सुबह करीब 9 बजे, जब सभी किसान अपने-अपने खेतों पर मौजूद थे, तभी मोरसिंह कुशवाह ने अपने खेत में बची नरवाई (फसल अवशेष) में आग लगा दी। आग तेजी से फैलने लगी और पास के खड़े गेहूं के खेतों तक पहुंचने का खतरा पैदा हो गया। यह देखकर आसपास के किसान तुरंत मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास करने लगे। इसी दौरान आरोपी मोरसिंह कुशवाह ने उन्हें गाली-गलौज करते हुए रोकने की कोशिश की और जान से मारने की धमकी भी दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए किसानों ने तत्काल फायर टैंकर को बुलाया, जिसकी मदद से आग पर काबू पाया गया। यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती, तो आसपास के कई खेत जल सकते थे और बड़ी जनहानि की आशंका थी। पुलिस ने फरियादी की रिपोर्ट पर आरोपी मोरसिंह कुशवाह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296(बी), 351(3), 280, 287, 326(क) एवं 223(ख) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामले को विवेचना में लिया है।
नरवाई में आग लगाने पर मामला दर्ज, आरोपी ने पड़ोसी किसानों को दी जान से मारने की धमकी नरवाई में आग लगाने पर मामला दर्ज, आरोपी ने पड़ोसी किसानों को दी जान से मारने की धमकी सिवनी मालवा अनुविभाग के शिवपुर थाना क्षेत्र में नरवाई की आग से फसल जलने से बच गई तथा बड़ी दुर्घटना टल गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी विवेक यादव ने बताया की दिनांक 17 मार्च 2026 को फरियादी शिवकुमार पिता गोविंद सिंह यादव (32 वर्ष) निवासी शिवपुर ने थाने पर पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनका खेत भिलाडिया–चन्द्रपुरा रोड पर स्थित है, जिसके पास ही केशव यादव, जितेंद्र यादव, राधेश्याम यादव एवं शेखर यादव के खेत भी लगे हुए हैं, जिनमें गेहूं की फसल खड़ी है। फरियादी के अनुसार, पड़ोस में मोरसिंह कुशवाह का खेत है, जिसने पहले ही अपनी गेहूं की फसल काट ली थी। 17 मार्च की सुबह करीब 9 बजे, जब सभी किसान अपने-अपने खेतों पर मौजूद थे, तभी मोरसिंह कुशवाह ने अपने खेत में बची नरवाई (फसल अवशेष) में आग लगा दी। आग तेजी से फैलने लगी और पास के खड़े गेहूं के खेतों तक पहुंचने का खतरा पैदा हो गया। यह देखकर आसपास के किसान तुरंत मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास करने लगे। इसी दौरान आरोपी मोरसिंह कुशवाह ने उन्हें गाली-गलौज करते हुए रोकने की कोशिश की और जान से मारने की धमकी भी दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए किसानों ने तत्काल फायर टैंकर को बुलाया, जिसकी मदद से आग पर काबू पाया गया। यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती, तो आसपास के कई खेत जल सकते थे और बड़ी जनहानि की आशंका थी। पुलिस ने फरियादी की रिपोर्ट पर आरोपी मोरसिंह कुशवाह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296(बी), 351(3), 280, 287, 326(क) एवं 223(ख) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामले को विवेचना में लिया है।
- एसपी सांई कृष्णा थोटा का सिवनी मालवा थाने पर औचक निरीक्षण, अपराध नियंत्रण व जनसुरक्षा को लेकर दिए सख्त निर्देश नर्मदापुरम जिले के पुलिस अधीक्षक सांई कृष्णा थोटा ने मंगलवार दोपहर सिवनी मालवा थाने का औचक निरीक्षण कर पुलिस व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने थाने के विभिन्न विभागों का बारीकी से निरीक्षण करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। निरीक्षण के दौरान एसपी ने मालखाना, हवालात, कंप्यूटर कक्ष एवं अभिलेख (रिकॉर्ड) कक्ष की स्थिति देखी और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के निर्देश थाना प्रभारी को दिए। एसपी थोटा ने पुलिसकर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि थाने में आने वाले प्रत्येक फरियादी की शिकायत को गंभीरता से सुना जाए और उसका समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने विशेष रूप से महिलाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों से संबंधित मामलों में संवेदनशीलता बरतते हुए त्वरित कार्रवाई करने पर जोर दिया। उन्होंने लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए उन्हें शीघ्रता से निपटाने के निर्देश दिए। साथ ही थाना प्रभारी को पुलिस गश्त व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने, आमजन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा क्षेत्र में सतत निगरानी बनाए रखने के लिए कहा। साइबर अपराधों को लेकर भी एसपी ने सख्त रुख अपनाते हुए निर्देशित किया कि ऐसे मामलों में तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और उन्हें गंभीरता से लेते हुए जल्द कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि संवेदनशील मामलों में देरी से अपराधियों का मनोबल बढ़ता है, इसलिए त्वरित न्याय सुनिश्चित करना आवश्यक है। इसके अलावा एसपी ने थाना क्षेत्र में सक्रिय अपराधियों पर कड़ी नजर रखने, जुआ-सट्टा एवं अवैध शराब के खिलाफ प्रभावी अभियान चलाने के निर्देश भी दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पुलिसकर्मियों को अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करते हुए आमजन की सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। साथ ही पुलिस कर्मचारियों की समस्याओं को भी सुना और उनके समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया।1
- एंकर नर्मदापुरम- जिले के माखननगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एंबुलेंस सेवा की बदहाल तस्वीर एक बार फिर सामने आई है। यहां गंभीर मरीजों की जान बचाने वाली एंबुलेंस खुद ही दम तोड़ती नजर आ रही है। सोमवार को बागरा तवा के पास हुए सड़क हादसे में घायल एक युवक को इलाज के लिए माखननगर CHC लाया गया था। प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल नर्मदापुरम रेफर कर दिया गया। लेकिन जब मरीज को एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जाने की तैयारी हुई तो एंबुलेंस समय पर स्टार्ट ही नहीं हो सकी। हालात इतने खराब थे कि मौके पर मौजूद लोगों को एंबुलेंस को धक्का लगाकर स्टार्ट करना पड़ा। इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जो स्वास्थ्य व्यवस्था की पोल खोल रहा है2
- हरदा टिमरनी एप्रोच रोड निर्माण एवं वैकल्पिक मार्ग की मरम्मत्तिकरण की मांग को लेकर वार्ड वासियों ने मार्ग किया अवरुद्ध, 2 घंटे तक लगा जाम, वार्ड वासियों ने जताई नाराजगी। ज्ञात हो कि टिमरनी नगर में रेलवे ओव्हरब्रिज विगत 2 वर्षों से निर्माणाधीन है जिसके चलते बस स्टेशन से छिदगांव रोड वार्ड क्रमांक 3 तक एप्रोच रोड निर्माण नहीं किया गया, वैकल्पिक मार्ग छोटे वाहनों के लिए प्रशासन द्वारा कुछ समय के लिए बनाया गया किंतु इस मार्ग से लंबे समय से भारी वाहन निकल रहे हैं जिससे यह मार्ग पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है वार्डवासी एवं राहगीर परेशान है ,निर्माण कंपनी के द्वारा इस बाईपास वैकल्पिक मार्ग पर किसी भी प्रकार से कोई निर्माण कार्य कर सुविधा नहीं दी जा रही। कई बार वार्ड क्रमांक 3 के वाशिंदे धरना प्रदर्शन पूर्व में कर चुके हैं लेकिन प्रशासन इस ओर नहीं दे रहा ध्यान। 1 माह पहले भी स्थानीय प्रशासन के द्वारा निर्माणाधीन ब्रिज के आसपास अतिक्रमण बलपूर्वक हटाया गया किंतु इसके बावजूद भी ठेकेदार द्वारा एप्रोच रोड नहीं बनाई गई। इन्हीं सब समस्याओं से ग्रसित वार्ड क्रमांक 3 के रहवासियों ने रोष व्यक्त करते हुए मार्ग अवरुद्ध किया। वैकल्पिक मार्ग से वाहनों को निकलने से रोका जिसके चलते 2 घंटे तक वाहनों की लंबी कतारे लग गई, लगा लम्बा जाम । कल बुधवार को मुख्यमंत्री हरदा पहुंच रहे हैं जाम लगने की सूचना मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मचा ,मौके पर राजस्व एवं पुलिस दल पहुंचा। तीन दिनों की समय अवधि में मार्ग निर्माण कार्य कर समस्या का निराकरण करने के आश्वासन के बाद विरोध प्रदर्शन समाप्त हुआ।वाहन चालकों ने भी नाराजगी व्यक्त की इर कम्पनी के कर्मचारियों पर नगद राशि लेकर भारी वाहनों को निकाले जसने का आरोप भी लगाया।विरोध कर्ताओ ने कम्पनी के उन कर्मचारियों को हटाने की मांग की। इस निर्माणाधीन ब्रिज कार्य के चलते जर जर हालत में ओहुँच चुके वैकल्पिक मार्ग एवं अधूरे पड़े क्षतिग्रस्त एप्रोच मार्ग पर रोजाना वाहन दुर्घटना हो रही है।4
- Post by ABDUL1
- 💥 *बड़ी खबर*💥 *सतना: बेकाबू कार ने बाइक सवारों को रौंदा, CCTV में कैद हुई खौफनाक टक्कर* सतना के बिड़ला रोड स्थित सिंधी कैंप मोड़ पर एक तेज रफ्तार अज्ञात कार ने बदखर निवासी रवि शुक्ला और उनके साथी को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। दुर्घटना की रोंगटे खड़े कर देने वाली तस्वीरें CCTV कैमरे में कैद हुई हैं।1
- डोलरिया में 15 दिन के लिए फायर ब्रिगेड तैनात करने की मांग, संयुक्त किसान मोर्चा ने सौंपा ज्ञापन एक घंटे तक तहसील कार्यालय के बाहर डटे रहे किसान, प्रशासन ने मांगा एक दिन का समय नर्मदापुरम। संयुक्त किसान मोर्चा नर्मदापुरम के बैनर तले किसानों ने डोलरिया तहसील मुख्यालय पर 15 दिनों के लिए अस्थायी फायर ब्रिगेड की व्यवस्था करने की मांग को लेकर तहसीलदार को कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। किसानों का कहना है कि गेहूं की खड़ी फसल के दौरान आगजनी की घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है, ऐसे में क्षेत्र में फायर ब्रिगेड की व्यवस्था अत्यंत आवश्यक है। ज्ञापन देने के बाद किसान करीब एक घंटे तक तहसील कार्यालय के बाहर खड़े रहे। इसके बाद तहसीलदार सुनील गढ़वाल ने किसानों से चर्चा कर उनकी मांग को वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया और इस संबंध में निर्णय के लिए एक दिन का समय मांगा। इसके बाद संयुक्त किसान मोर्चा के सभी किसान अपने-अपने घर वापस लौट गए। किसानों ने बताया कि डोलरिया क्षेत्र में यदि कहीं आगजनी की घटना होती है तो फायर ब्रिगेड को नर्मदापुरम, इटारसी या सिवनी मालवा से बुलाना पड़ता है। ऐसे में फायर ब्रिगेड के पहुंचने में काफी समय लग जाता है और तब तक किसानों की खड़ी गेहूं को फसल को भारी नुकसान हो जाता है। किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि फसल की सुरक्षा को देखते हुए कम से कम 15 दिनों के लिए डोलरिया तहसील मुख्यालय पर अस्थायी रूप से फायर ब्रिगेड उपलब्ध कराई जाए। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं की गई तो संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा आगे आंदोलन किया जाएगा। ज्ञापन देने वालों में नरेंद्र सिंह राजपूत, सुरेंद्र सिंह राजपूत, कृपाल सिंह राजपूत, मनीष राजपूत सहित सैकड़ों की संख्या में किसान उपस्थित रहे।1
- Post by Maherban Belbanshi1
- नरवाई में आग लगाने पर मामला दर्ज, आरोपी ने पड़ोसी किसानों को दी जान से मारने की धमकी सिवनी मालवा अनुविभाग के शिवपुर थाना क्षेत्र में नरवाई की आग से फसल जलने से बच गई तथा बड़ी दुर्घटना टल गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी विवेक यादव ने बताया की दिनांक 17 मार्च 2026 को फरियादी शिवकुमार पिता गोविंद सिंह यादव (32 वर्ष) निवासी शिवपुर ने थाने पर पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनका खेत भिलाडिया–चन्द्रपुरा रोड पर स्थित है, जिसके पास ही केशव यादव, जितेंद्र यादव, राधेश्याम यादव एवं शेखर यादव के खेत भी लगे हुए हैं, जिनमें गेहूं की फसल खड़ी है। फरियादी के अनुसार, पड़ोस में मोरसिंह कुशवाह का खेत है, जिसने पहले ही अपनी गेहूं की फसल काट ली थी। 17 मार्च की सुबह करीब 9 बजे, जब सभी किसान अपने-अपने खेतों पर मौजूद थे, तभी मोरसिंह कुशवाह ने अपने खेत में बची नरवाई (फसल अवशेष) में आग लगा दी। आग तेजी से फैलने लगी और पास के खड़े गेहूं के खेतों तक पहुंचने का खतरा पैदा हो गया। यह देखकर आसपास के किसान तुरंत मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास करने लगे। इसी दौरान आरोपी मोरसिंह कुशवाह ने उन्हें गाली-गलौज करते हुए रोकने की कोशिश की और जान से मारने की धमकी भी दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए किसानों ने तत्काल फायर टैंकर को बुलाया, जिसकी मदद से आग पर काबू पाया गया। यदि समय रहते आग नहीं बुझाई जाती, तो आसपास के कई खेत जल सकते थे और बड़ी जनहानि की आशंका थी। पुलिस ने फरियादी की रिपोर्ट पर आरोपी मोरसिंह कुशवाह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296(बी), 351(3), 280, 287, 326(क) एवं 223(ख) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामले को विवेचना में लिया है।1