इलाज के दौरान दिलखुश कुमार ने तोड़ा दम, एक आरोपी गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी मधेपुरा से इस वक्त की बड़ी खबर है, जहां चौसा थाना क्षेत्र में हुए गोलीकांड ने अब गंभीर रूप ले लिया है। गोली लगने से घायल युवक दिलखुश कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई है, जिसके बाद इलाके में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि चौसा और घोषई के बीच नहर के पास तीन अज्ञात अपराधियों ने दिलखुश कुमार को गोली मार दी थी। गोली युवक की पीठ में लगी और पेट को चीरते हुए बाहर निकल गई। गंभीर हालत में उसे पहले चौसा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां देर रात उसकी मौत हो गई। युवक की मौत की खबर फैलते ही गुस्साए ग्रामीण सड़कों पर उतर आए और उदाकिशुनगंज-भटगामा एसएच-58 को जाम कर दिया। करीब दो घंटे तक सड़क जाम रहा, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। इस दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। स्थिति को संभालने के लिए मौके पर पहुंचे उदाकिशुनगंज के एसडीपीओ अविनाश कुमार और एसडीओ पंकज घोष ने ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की। अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया। वहीं पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए एक नामजद आरोपी ललन कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया है। बाकी आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। फिलहाल इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। बाइट ---अविनाश कुमार एसडीपीओ उदाकिशुनगंज मधेपुरा
इलाज के दौरान दिलखुश कुमार ने तोड़ा दम, एक आरोपी गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी मधेपुरा से इस वक्त की बड़ी खबर है, जहां चौसा थाना क्षेत्र में हुए गोलीकांड ने अब गंभीर रूप ले लिया है। गोली लगने से घायल युवक दिलखुश कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई है, जिसके बाद इलाके में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि
चौसा और घोषई के बीच नहर के पास तीन अज्ञात अपराधियों ने दिलखुश कुमार को गोली मार दी थी। गोली युवक की पीठ में लगी और पेट को चीरते हुए बाहर निकल गई। गंभीर हालत में उसे पहले चौसा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां देर रात उसकी मौत हो गई। युवक की मौत की खबर फैलते ही गुस्साए ग्रामीण सड़कों पर
उतर आए और उदाकिशुनगंज-भटगामा एसएच-58 को जाम कर दिया। करीब दो घंटे तक सड़क जाम रहा, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। इस दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। स्थिति को संभालने के लिए मौके पर पहुंचे उदाकिशुनगंज के एसडीपीओ अविनाश कुमार और एसडीओ पंकज घोष ने ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की। अधिकारियों ने
त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया। वहीं पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए एक नामजद आरोपी ललन कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया है। बाकी आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। फिलहाल इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। बाइट ---अविनाश कुमार एसडीपीओ उदाकिशुनगंज मधेपुरा
- मधेपुरा से इस वक्त की बड़ी खबर है, जहां चौसा थाना क्षेत्र में हुए गोलीकांड ने अब गंभीर रूप ले लिया है। गोली लगने से घायल युवक दिलखुश कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई है, जिसके बाद इलाके में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि चौसा और घोषई के बीच नहर के पास तीन अज्ञात अपराधियों ने दिलखुश कुमार को गोली मार दी थी। गोली युवक की पीठ में लगी और पेट को चीरते हुए बाहर निकल गई। गंभीर हालत में उसे पहले चौसा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां देर रात उसकी मौत हो गई। युवक की मौत की खबर फैलते ही गुस्साए ग्रामीण सड़कों पर उतर आए और उदाकिशुनगंज-भटगामा एसएच-58 को जाम कर दिया। करीब दो घंटे तक सड़क जाम रहा, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। इस दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। स्थिति को संभालने के लिए मौके पर पहुंचे उदाकिशुनगंज के एसडीपीओ अविनाश कुमार और एसडीओ पंकज घोष ने ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की। अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया। वहीं पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए एक नामजद आरोपी ललन कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया है। बाकी आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। फिलहाल इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। बाइट ---अविनाश कुमार एसडीपीओ उदाकिशुनगंज मधेपुरा4
- Post by मिथिलेश कुमार1
- सहरसा विधायक इंजी आईपी. गुप्ता का नागरिक अभिनंदन समारोह पूजा रिसॉर्ट, सहरसा में1
- दो दिवसीय जिला स्तरीय कृषि यांत्रीकरण मेला का विधिवत उद्घाटन श्री सावन कुमार, भा0प्र0से0, जिला पदाधिकारी, सुपौल की अध्यक्षता में द्वीप प्रज्वलित कर किया गया। मेला में एक कस्टम हायरिंग केंद्र एवं कृषि यंत्र बैंक उठाव हुआ l श्रीमती साकित देवी को चार लाख और बाबा लोटन दस फॉर्मर प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड को आठ लाख अनुदान का डमी चेक प्रदान किया गया। जिला पदाधिकारी द्वारा संबोधन में मेला में उपस्थित कर्मियों को नए तकनीक वाले यंत्रों के बारे में कृषकों जानकारी उपलब्ध कराने हेतु निदेश दिया गया। साथ ही उपस्थित कृषक बंधु को समय पर खेती करने हेतु यंत्र का उपयोग करने को बोला गया ।मेला में जिला कृषि पदाधिकारी, सुपौल, वन प्रमंडल पदाधिकारी, जिला उद्यान पदाधिकारी, वरीय वैज्ञानिक सह प्रधान कृषि विज्ञान केंद्र, सुपौल, उप निदेशक, कृषि अभियंत्रण, सुपौल, जिला मत्स्य पदाधिकारी, रामचंद्र प्रसाद यादव, सभी अनुमंडल कृषि पदाधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी, कृषि समन्वयक, प्रखंड तकनीकी प्रबंधक, सहायक तकनीकी प्रबंधक, किसान सलाहकार आदि उपस्थित हुए। मेला में अब तक कुल1479 परमिट निर्गत हुआ, जिसमें कुल 666 कृषक द्वारा यंत्र का क्रय किया गया है।3
- Post by Purushottam Yadav @1211
- Post by News No1 Bihar1
- इफ्तार पार्टी में दिखी एकता की मिसाल, ह्यूमन एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी ने दिया भाईचारे का संदेश1
- बिहार के मधेपुरा में नगर परिषद का एक प्रयोग अब विवाद का कारण बन गया है। शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के उद्देश्य से सार्वजनिक दीवारों पर देवी-देवताओं की तस्वीरें बनाई गईं, लेकिन इस पहल ने लोगों की धार्मिक भावनाओं को आहत कर दिया है। स्थानीय लोग इसे आस्था के साथ खिलवाड़ बता रहे हैं, वहीं प्रशासन इसे स्वच्छता अभियान का हिस्सा बता रहा है। दरअसल मधेपुरा में इन दिनों दीवारों पर बनी पेंटिंग चर्चा का विषय बन गई है। नगर परिषद ने शहर में गंदगी और खुले में पेशाब की समस्या को रोकने के लिए सार्वजनिक स्थानों की दीवारों पर देवी-देवताओं की तस्वीरें बनवाई हैं। बाइट-1 सुधीर भगत, बीजेपी नेता बाइट -2- सौरभ यादव, स्थानीय लेकिन इस पहल का विरोध भी शुरू हो गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि देवी-देवताओं का स्थान मंदिरों में होता है, न कि उन जगहों पर जहां गंदगी होती है। उनका आरोप है कि इस तरह की तस्वीरें धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचा रही हैं। बाइट-विशाल राय, पेंटर वहीं, मौके पर काम कर रहे पेंटर का कहना है कि उन्हें नगर परिषद की ओर से निर्देश मिला था कि ऐसी जगहों पर पेंटिंग बनाई जाए, जहां लोग अक्सर गंदगी करते हैं, ताकि इस पर रोक लग सके। बाइट- तान्या कुमारी, ईओ, नगर परिषद मधेपुरा नगर परिषद की कार्यपालक पदाधिकारी तान्या कुमारी ने भी इस बात की पुष्टि की है कि यह कदम स्वच्छता बनाए रखने के लिए उठाया गया है। हालांकि, इस पर लोगों की नाराजगी लगातार बढ़ रही है। अब सवाल यह है कि क्या स्वच्छता के नाम पर धार्मिक प्रतीकों का इस तरह इस्तेमाल उचित है? या फिर प्रशासन को कोई दूसरा रास्ता अपनाना चाहिए था। फिलहाल, मधेपुरा में यह मुद्दा आस्था और प्रशासनिक फैसलों के बीच टकराव का रूप ले चुका है।4