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Bihar बिहार राज्य के अररिया जिला के स्थित फारविसगंज में सातु दुकानदार गाला काटा l फारबिसगंज मुझे एक साथ दुकान ने पिकप ड्रावर का मेनरोड चाकू से गला काट दिया वारदात cctv camera 📸 मेरिकॉर्ड हो गया l (Forbesganj) भारत के बिहार राज्य के अररिया जिले में स्थित एक प्रमुख शहर और नगर पालिका है। यह नेपाल की सीमा के करीब स्थित है और अररिया जिले के अंतर्गत आता है, जो पूर्व में पूर्णिया जिले का हिस्सा था।
Ramashankar sharma
Bihar बिहार राज्य के अररिया जिला के स्थित फारविसगंज में सातु दुकानदार गाला काटा l फारबिसगंज मुझे एक साथ दुकान ने पिकप ड्रावर का मेनरोड चाकू से गला काट दिया वारदात cctv camera 📸 मेरिकॉर्ड हो गया l (Forbesganj) भारत के बिहार राज्य के अररिया जिले में स्थित एक प्रमुख शहर और नगर पालिका है। यह नेपाल की सीमा के करीब स्थित है और अररिया जिले के अंतर्गत आता है, जो पूर्व में पूर्णिया जिले का हिस्सा था।
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- फारबिसगंज मुझे एक साथ दुकान ने पिकप ड्रावर का मेनरोड चाकू से गला काट दिया वारदात cctv camera 📸 मेरिकॉर्ड हो गया l (Forbesganj) भारत के बिहार राज्य के अररिया जिले में स्थित एक प्रमुख शहर और नगर पालिका है। यह नेपाल की सीमा के करीब स्थित है और अररिया जिले के अंतर्गत आता है, जो पूर्व में पूर्णिया जिले का हिस्सा था।1
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- चिनीयां थाना क्षेत्र के कुम्हार टोली, चिनीयां–रंका मुख्य सड़क पर रविवार दोपहर करीब 3 बजे उस वक्त अजीब स्थिति उत्पन्न हो गई, जब स्थानीय लोगों ने सड़क पर ही थ्रेसर मशीन लगाकर गेहूं की दवाई (मड़ाई) शुरू कर दी। देखते ही देखते मुख्य सड़क ‘थ्रेसर जोन’ में तब्दील हो गई और वहां से गुजरने वाले राहगीरों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। करीब दो घंटे तक सड़क पर ही थ्रेसर मशीन चलती रही, जिससे उड़ने वाले भूसे और धूल (डस्ट) ने पूरे इलाके को ढक लिया। सड़क से गुजर रहे बाइक सवार, साइकिल चालक और पैदल राहगीर धूल के गुबार में फंसकर परेशान हो गए। कई लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में भी दिक्कत महसूस हुई। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह मुख्य सड़क है, जहां दिनभर लोगों का आना-जाना लगा रहता है। इसके बावजूद सड़क पर इस तरह से गेहूं की दवाई करना न केवल नियमों की अनदेखी है, बल्कि आम लोगों की सुरक्षा के साथ भी खिलवाड़ है। राहगीरों में इसको लेकर खासा आक्रोश देखा गया। लोगों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि इस तरह की गतिविधियों के लिए खेत या खुले स्थान का उपयोग किया जाना चाहिए, न कि सार्वजनिक सड़क का। कई लोगों ने प्रशासन से इस मामले में कार्रवाई करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने की मांग की है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि यदि समय रहते इस पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आगे चलकर इससे बड़ी दुर्घटना भी हो सकती है। फिलहाल इस घटना ने स्थानीय व्यवस्था और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- पाण्डु :पलामू जिले के पाण्डु प्रखंड अंतर्गत बंदला स्टेन के समीप ‘बाल विकास विद्या मंदिर’ का भव्य उद्घाटन समारोह हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उच्च विद्यालय तिसीबार के हेडमास्टर पारस मेहता ने दीप प्रज्वलित कर एवं फीता काटकर विद्यालय का विधिवत उद्घाटन किया। विद्यालय के निदेशक पिंटू पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने का उनका सपना वर्षों पुराना था, जो आज साकार हुआ है। उन्होंने बताया कि विद्यालय में आधुनिक सुविधाओं के साथ बच्चों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को भी बेहतर शिक्षा मिल सके। उन्होंने यह भी घोषणा की कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा दी जाएगी, जिससे कोई भी बच्चा पैसों के अभाव में शिक्षा से वंचित न रहे। इस पहल को लेकर स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखा गया। कार्यक्रम में सहायक शिक्षक कामेश्वर पाल, रबी कांत किशोर, राकेश कुमार, राजू कुमार तथा चांदनी कुमारी समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भागीदारी ने यह संकेत दिया कि क्षेत्र में शिक्षा के प्रति जागरूकता लगातार बढ़ रही है। ‘बाल विकास विद्या मंदिर’ के शुरू होने से अब आसपास के बच्चों को सुलभ और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का लाभ मिल सकेगा, जिससे क्षेत्र के शैक्षणिक विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।1
- किसानों की सुरक्षा के लिए “किसान मित्र छड़ी” एक उपयोगी नवाचार है। इसमें कंपन अलर्ट और सोलर टॉर्च जैसी सुविधाएं हैं, जो रात में खेतों में काम करते समय सांप व अन्य खतरों से बचाव में मदद करती हैं। कृषि क्षेत्र में AI, ड्रोन, जीएम बीज (GM Seeds) और ड्रिप सिंचाई जैसे नए प्रयोगों से उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि, लागत में कमी, जल संरक्षण और कीट-मुक्त फसलों का उत्पादन संभव हुआ है। इन आधुनिक तकनीकों से किसानों को सटीक मौसम पूर्वानुमान और बेहतर मंडी भाव मिलने से आय दोगुनी करने में मदद मिल रही है, साथ ही जैविक खेती से मृदा स्वास्थ्य बेहतर हो रहा हैl1