आस्था और पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संगम: वन विभाग बंगरा ने सावन के प्रथम सोमवार पर प्राचीन शिव मंदिर को दिया भव्य स्वरूप, 5.2 किलो का घंटा किया समर्पित।" सावन के प्रथम सोमवार पर वन विभाग बंगरा परिसर स्थित प्राचीन शिव मंदिर में गूंजी हर-हर महादेव की गूंज, 5.2 किलोग्राम का घंटा किया गया समर्पित माधौगढ़ (जालौन)। सावन माह के प्रथम सोमवार के पावन अवसर पर वन विभाग बंगरा परिसर में स्थित प्राचीन शिव मंदिर में श्रद्धा, आस्था और सेवा का अनुपम संगम देखने को मिला। वर्षों पुराने इस छोटे से शिव मंदिर का वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने जनसहयोग से सुंदर सौंदर्यीकरण कराया। मंदिर परिसर में आकर्षक टाइल्स लगवाई गईं, साफ-सफाई एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं, जिससे मंदिर का स्वरूप अत्यंत भव्य और आकर्षक दिखाई दिया। इस अवसर पर भगवान भोलेनाथ को 5 किलो 200 ग्राम वजनी पीतल का घंटा श्रद्धापूर्वक समर्पित किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधि-विधान से पूजन, जलाभिषेक एवं महाआरती संपन्न हुई। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इस दौरान क्षेत्राधिकारी रंजीत सिंह ने कहा कि "धार्मिक स्थल केवल पूजा-अर्चना का केंद्र नहीं होते, बल्कि वे हमारी संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता के प्रतीक भी हैं। वन विभाग का दायित्व केवल जंगलों और वन्यजीवों की रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऐसे आस्था स्थलों का संरक्षण और स्वच्छता बनाए रखना भी हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। सभी लोगों को प्रकृति और धर्म, दोनों के प्रति समान श्रद्धा रखते हुए पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए।" उन्होंने कहा कि सावन का पावन महीना हमें भगवान शिव की आराधना के साथ-साथ वृक्षों और प्रकृति के संरक्षण का भी संदेश देता है। यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प ले, तो यह भगवान भोलेनाथ की सच्ची सेवा होगी। कार्यक्रम में वन दरोगा अमित कुमार, वनरक्षक धनीराम, वन दरोगा काशी प्रसाद, वनरक्षक शिवम वैध, वनरक्षक ज्ञान सिंह, कुलदीप परिहार सहित वन विभाग की पूरी टीम मौजूद रही। सभी ने आयोजन को सफल बनाने में सक्रिय योगदान दिया तथा मंदिर की साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण और व्यवस्थाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वन विभाग बंगरा द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की स्थानीय लोगों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि इस पहल ने न केवल प्राचीन शिव मंदिर को नया स्वरूप दिया है, बल्कि समाज में स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और धार्मिक आस्था का सकारात्मक संदेश भी पहुंचाया है।
आस्था और पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संगम: वन विभाग बंगरा ने सावन के प्रथम सोमवार पर प्राचीन शिव मंदिर को दिया भव्य स्वरूप, 5.2 किलो का घंटा किया समर्पित।" सावन के प्रथम सोमवार पर वन विभाग बंगरा परिसर स्थित प्राचीन शिव मंदिर में गूंजी हर-हर महादेव की गूंज, 5.2 किलोग्राम का घंटा किया गया समर्पित माधौगढ़ (जालौन)। सावन माह के प्रथम सोमवार के पावन अवसर पर वन विभाग बंगरा परिसर में स्थित प्राचीन शिव मंदिर में श्रद्धा, आस्था और सेवा का अनुपम संगम देखने को मिला। वर्षों पुराने इस छोटे से शिव मंदिर का वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने जनसहयोग से सुंदर सौंदर्यीकरण कराया। मंदिर परिसर में आकर्षक टाइल्स लगवाई गईं, साफ-सफाई एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं, जिससे मंदिर का स्वरूप अत्यंत भव्य और आकर्षक दिखाई दिया। इस अवसर पर भगवान भोलेनाथ को 5 किलो 200 ग्राम वजनी पीतल का घंटा श्रद्धापूर्वक समर्पित किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधि-विधान से पूजन, जलाभिषेक एवं महाआरती संपन्न हुई। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इस दौरान क्षेत्राधिकारी रंजीत सिंह ने कहा कि "धार्मिक स्थल केवल पूजा-अर्चना का केंद्र नहीं होते, बल्कि वे हमारी संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता के प्रतीक भी हैं। वन विभाग का दायित्व केवल जंगलों और वन्यजीवों की रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऐसे आस्था स्थलों का संरक्षण और स्वच्छता बनाए रखना भी हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। सभी लोगों को प्रकृति और धर्म, दोनों के प्रति समान श्रद्धा रखते हुए पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए।" उन्होंने कहा कि सावन का पावन महीना हमें भगवान शिव की आराधना के साथ-साथ वृक्षों और प्रकृति के संरक्षण का भी संदेश देता है। यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प ले, तो यह भगवान भोलेनाथ की सच्ची सेवा होगी। कार्यक्रम में वन दरोगा अमित कुमार, वनरक्षक धनीराम, वन दरोगा काशी प्रसाद, वनरक्षक शिवम वैध, वनरक्षक ज्ञान सिंह, कुलदीप परिहार सहित वन विभाग की पूरी टीम मौजूद रही। सभी ने आयोजन को सफल बनाने में सक्रिय योगदान दिया तथा मंदिर की साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण और व्यवस्थाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वन विभाग बंगरा द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की स्थानीय लोगों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि इस पहल ने न केवल प्राचीन शिव मंदिर को नया स्वरूप दिया है, बल्कि समाज में स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और धार्मिक आस्था का सकारात्मक संदेश भी पहुंचाया है।
- आस्था और पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संगम: वन विभाग बंगरा ने सावन के प्रथम सोमवार पर प्राचीन शिव मंदिर को दिया भव्य स्वरूप, 5.2 किलो का घंटा किया समर्पित।" सावन के प्रथम सोमवार पर वन विभाग बंगरा परिसर स्थित प्राचीन शिव मंदिर में गूंजी हर-हर महादेव की गूंज, 5.2 किलोग्राम का घंटा किया गया समर्पित माधौगढ़ (जालौन)। सावन माह के प्रथम सोमवार के पावन अवसर पर वन विभाग बंगरा परिसर में स्थित प्राचीन शिव मंदिर में श्रद्धा, आस्था और सेवा का अनुपम संगम देखने को मिला। वर्षों पुराने इस छोटे से शिव मंदिर का वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने जनसहयोग से सुंदर सौंदर्यीकरण कराया। मंदिर परिसर में आकर्षक टाइल्स लगवाई गईं, साफ-सफाई एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं, जिससे मंदिर का स्वरूप अत्यंत भव्य और आकर्षक दिखाई दिया। इस अवसर पर भगवान भोलेनाथ को 5 किलो 200 ग्राम वजनी पीतल का घंटा श्रद्धापूर्वक समर्पित किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधि-विधान से पूजन, जलाभिषेक एवं महाआरती संपन्न हुई। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। इस दौरान क्षेत्राधिकारी रंजीत सिंह ने कहा कि "धार्मिक स्थल केवल पूजा-अर्चना का केंद्र नहीं होते, बल्कि वे हमारी संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता के प्रतीक भी हैं। वन विभाग का दायित्व केवल जंगलों और वन्यजीवों की रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऐसे आस्था स्थलों का संरक्षण और स्वच्छता बनाए रखना भी हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। सभी लोगों को प्रकृति और धर्म, दोनों के प्रति समान श्रद्धा रखते हुए पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए।" उन्होंने कहा कि सावन का पावन महीना हमें भगवान शिव की आराधना के साथ-साथ वृक्षों और प्रकृति के संरक्षण का भी संदेश देता है। यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प ले, तो यह भगवान भोलेनाथ की सच्ची सेवा होगी। कार्यक्रम में वन दरोगा अमित कुमार, वनरक्षक धनीराम, वन दरोगा काशी प्रसाद, वनरक्षक शिवम वैध, वनरक्षक ज्ञान सिंह, कुलदीप परिहार सहित वन विभाग की पूरी टीम मौजूद रही। सभी ने आयोजन को सफल बनाने में सक्रिय योगदान दिया तथा मंदिर की साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण और व्यवस्थाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वन विभाग बंगरा द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की स्थानीय लोगों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि इस पहल ने न केवल प्राचीन शिव मंदिर को नया स्वरूप दिया है, बल्कि समाज में स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और धार्मिक आस्था का सकारात्मक संदेश भी पहुंचाया है।1
- रेंढर–सदुपुरा मार्ग की जर्जर सड़क से ग्रामीणों में भारी आक्रोश, बोले— अब सड़क बनना बेहद जरूरी विकास के बड़े बड़े दावो की पोल खोलती हुई ये तस्वीरें रेंढर क्षेत्र से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जो विकास के दावों पर सवाल खड़े कर रही है। रेंढर से सदुपुरा को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग बदहाल हो चुका है। सड़क पर गहरे गड्ढे, उखड़ी डामर और बरसात में जलभराव ने लोगों का सफर मुश्किल बना दिया है।1
- सावन के प्रथम सोमवार पर जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने भूरेश्वर मंदिर का किया निरीक्षण, श्रद्धालुओं की सुविधाओं एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का लिया जायजा* जनपद जालौन, 03 अगस्त *सावन के प्रथम सोमवार पर जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने भूरेश्वर मंदिर का किया निरीक्षण, श्रद्धालुओं की सुविधाओं एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का लिया जायजा* *व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने, बैरिकेडिंग, सीसीटीवी, स्वच्छता, पेयजल एवं यातायात प्रबंधन के दिए निर्देश, निरीक्षण उपरांत भगवान शिव का जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना की* सावन के प्रथम सोमवार के पावन अवसर पर ग्राम सरावन स्थित प्राचीन भूरेश्वर महादेव मंदिर में उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय व पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों का संयुक्त स्थलीय निरीक्षण कर सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया। मंदिर परिसर, प्रवेश एवं निकास मार्ग, बैरिकेडिंग, पार्किंग स्थल, यातायात व्यवस्था, स्वच्छता, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था तथा श्रद्धालुओं के आवागमन की व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को दर्शन एवं जलाभिषेक के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसके लिए मंदिर परिसर में व्यवस्थित बैरिकेडिंग कर श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारु रखा जाए। संवेदनशील स्थलों पर सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निरंतर निगरानी की जाए तथा कंट्रोल रूम से प्रत्येक गतिविधि पर सतत नजर रखी जाए। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर एवं मार्गों पर साफ-सफाई की विशेष व्यवस्था रहे, पेयजल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए तथा शौचालयों की नियमित सफाई कराई जाए। प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त रखने के साथ विद्युत आपूर्ति निर्बाध बनाए रखने के निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पर्याप्त पुलिस बल एवं मजिस्ट्रेट तैनात रहें तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। स्वास्थ्य विभाग को प्राथमिक उपचार की व्यवस्था रखने तथा अग्निशमन एवं एम्बुलेंस सेवाओं को भी पूरी तरह सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए कहा कि भीड़ नियंत्रण एवं यातायात प्रबंधन पूरी सतर्कता के साथ किया जाए। पार्किंग स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहे तथा महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मियों की पर्याप्त ड्यूटी लगाई जाए। उन्होंने संदिग्ध व्यक्तियों एवं गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखने तथा लगातार गश्त करने के निर्देश दिए, जिससे श्रद्धालु सुरक्षित एवं सुगमता के साथ दर्शन-पूजन कर सकें। निरीक्षण उपरांत जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने प्राचीन भूरेश्वर महादेव मंदिर में विधि-विधान से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना कर जनपदवासियों की सुख-समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर मंदिर परिसर में उपस्थित श्रद्धालुओं ने भी उत्साह एवं श्रद्धाभाव के साथ भगवान शिव का जलाभिषेक कर पुण्य लाभ अर्जित किया।3
- सदूपुरा प्राथमिक विद्यालय तक पहुंचना बच्चों के लिए बना मुसीबत, खराब रास्ते से बढ़ी परेशानी जालौन। ब्लॉक जालौन क्षेत्र के सदूपुरा प्राथमिक विद्यालय तक पहुंचने वाला रास्ता खराब होने के कारण स्कूली बच्चों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालय जाने वाले रास्ते की बदहाल स्थिति से छोटे-छोटे बच्चों को आने-जाने में दिक्कत हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि रास्ते की हालत लंबे समय से खराब है, लेकिन जिम्मेदारों की ओर से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। बच्चों को इसी रास्ते से होकर विद्यालय पहुंचना पड़ता है, जिससे अभिभावकों में भी चिंता बनी हुई है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से विद्यालय तक जाने वाले रास्ते की जल्द मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि बच्चों को सुरक्षित और सुगम रास्ता मिल सके। सवाल यह है कि आखिर जिम्मेदार कब जागेंगे और बच्चों की इस परेशानी का समाधान कब होगा?1
- कोंच में श्रावण मास में पार्थिव शिवलिंग निर्माण व रुद्राभिषेक का आयोजन जालौन के कोंच नगर में श्रावण मास के पावन अवसर पर धार्मिक आयोजनों की श्रृंखला के तहत मंगलवार को पटेल नगर स्थित शिव शक्ति सिद्ध पीठ मंदिर (नहर कोठी) में पार्थिव शिवलिंग निर्माण, रुद्राभिषेक एवं शिव अर्चन पूजा कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। सावन माह के चलते नगर में शिवभक्ति का वातावरण बना हुआ है और मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। भक्त भगवान शिव का जलाभिषेक, बेलपत्र अर्पित कर सुख-समृद्धि और परिवार की मंगलकामना कर रहे हैं। आयोजकों ने बताया कि मंदिर परिसर में 30 जुलाई से 27 अगस्त 2026 तक प्रतिदिन पार्थिव शिवलिंग निर्माण, रुद्राभिषेक एवं विशेष शिव अर्चन का आयोजन किया जाएगा। इस धार्मिक अनुष्ठान में बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग लेकर भगवान शिव का पूजन-अर्चन कर रहे हैं। कार्यक्रम के मुख्य यजमान लड्डू गोपाल हैं। पंडित शिवाकांत शास्त्री ने बताया कि हिंदू धर्म में श्रावण मास भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। शिव पुराण के अनुसार सावन भगवान शिव का प्रिय माह है। धार्मिक मान्यता है कि इस महीने पार्थिव शिवलिंग का निर्माण कर विधि-विधान से पूजा करने, रुद्राभिषेक करने और भगवान शिव का स्मरण करने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं तथा जीवन के कष्टों का निवारण होता है। आयोजकों के अनुसार 27 अगस्त को ददरुआ सरकार का आगमन होगा, जबकि 30 अगस्त को पूर्णाहुति एवं कन्या भोज का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने सभी धर्मप्रेमी नागरिकों एवं शिव भक्तों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर इस पुण्य आयोजन में सहभागी बनने का आह्वान किया।इस अवसर पर आज के रुद्राभिषेक में मांगलिक शर्मा मौजूद रहे। इस अवसर पर अरविंद वंश दीक्षित, मयंक चौबे, अरुण सिरोठिया, नरेश, सोनू पांडा, मोनू, रानी गुप्ता, राखी पांडेय, राधा सुहाने सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम में भक्तों ने "हर-हर महादेव" के जयघोष के साथ भक्ति और आस्था का अद्भुत वातावरण बनाया।1
- जालौन जिले के कुठोंद थाना क्षेत्र में चोरों ने कोल्ड ड्रिंक के गोदाम के ताले चटकाए जालौन जिले के कुठौद कस्बे में जालौन रोड स्थित भारत पेट्रोल पंप के बगल में बने जय मां दुर्गे ट्रेडर्स (कैंपा कोल्ड ड्रिंक एजेंसी) के गोदाम में देर रात चोरी की वारदात सामने आई है। गोदाम के प्रोपराइटर दीपक प्रधान ने बताया कि अज्ञात चोरों ने गोदाम का लॉक, ताला और चैन तोड़कर अंदर प्रवेश किया तथा करीब ₹27,950 की नकदी और कोल्ड ड्रिंक की कई पेटियां चोरी कर लीं। पीड़ित के अनुसार, गोदाम में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग देखने पर चार संदिग्ध चोरी करते दिखाई दे रहे हैं। फुटेज में चोर सफेद रंग की अर्टिगा कार से आते हुए नजर आ रहे हैं।1
- जालौन पुलिस का बड़ा खुलासा व्यापारी के यहां हुई चोरी का पर्दाफाश /5 शातिर चोर गिरफ्तार ₹80 हजार नकद व दो बाइक बरामद* *स्वाट और कोतवाली पुलिस की संयुक्त कार्यवाही चोरी का खुलासा 5 आरोपी गिरफ्तार /चोरी की घटना का सफल अनावरण जालौन पुलिस ने 5 आरोपियों को दबोचा /नकदी और बाइक बरामद* सब दिखाते हैं खबर हम दिखाते हकीकत समीर मंसूरी की कलम से 🖋️ 🖋️ 🖋️ 🖋️ आजाद अहमद व यासीन मंसूरी की रिपोट खबरों का सिलसिला जारी *जालौन पुलिस का बड़ा खुलासा व्यापारी के यहां हुई चोरी का पर्दाफाश /5 शातिर चोर गिरफ्तार ₹80 हजार नकद व दो बाइक बरामद* *स्वाट और कोतवाली पुलिस की संयुक्त कार्यवाही चोरी का खुलासा 5 आरोपी गिरफ्तार /चोरी की घटना का सफल अनावरण जालौन पुलिस ने 5 आरोपियों को दबोचा /नकदी और बाइक बरामद* जनपद जालौन कोतवाली जालौन पुलिस एवं स्वाट/सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्यवाही करते हुए व्यापारी के यहां हुई चोरी की घटना का सफल अनावरण कर पांच शातिर चोरों को गिरफ्तार किया पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी से संबंधित ₹80 हजार नकद घटना में प्रयुक्त दो मोटरसाइकिलें बरामद की गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है वहीं इस पूरे मामले का खुलासा अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने पुलिस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान किया उन्होंने बताया कि जिले में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्यवाही की गई आप को बता दें पुलिस के अनुसार कोतवाली जालौन में दर्ज मु0अ0सं0 164/2026 धारा 303(2)/317(2) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत दर्ज चोरी के मुकदमे की विवेचना के दौरान कोतवाली पुलिस स्वाट टीम और सर्विलांस टीम लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी तकनीकी साक्ष्यों मुखबिर की सूचना और पुलिस की सतत निगरानी के आधार पर सोमवार को सारंगपुर रोड स्थित डायमंड कोल्ड स्टोर के पास से पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया वहीं गिरफ्तार आरोपी पुलिस ने जिन आरोपियों को गिरफ्तार किया वाशिल पुत्र नाजिम निवासी रापटगंज जालौन सजल फरीदी पुत्र मोहम्मद सोहिल फरीदी निवासी रापटगंज जालौन सूफियान उर्फ लकी पुत्र अन्सार निवासी शाहगंज जालौन फरहान पुत्र नौशाद निवासी तोपखाना जालौन शानू पुत्र अकील अली निवासी मुरलीमनोहर जालौन इसी के मद्देनजर रखते हुए हम आप को बता दें पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के के कब्जे से चोरी की रकम में से ₹80,000 नकद बजाज प्लेटिना मोटरसाइकिल (UP 92 AJ 1520) होंडा शाइन मोटरसाइकिल (UP 92 R 9807) बरामद की पुलिस का कहना है कि दोनों मोटरसाइकिलों का उपयोग चोरी की वारदात को अंजाम देने और उसके बाद फरार होने में किया गया था कई आरोपियों का आपराधिक इतिहास पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपियों के विरुद्ध पहले से भी विभिन्न थानों में आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं उनके आपराधिक इतिहास की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इन आरोपियों का किसी अन्य चोरी अथवा संगठित अपराध से संबंध तो नहीं है बताया जा रहा है अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने इस पूरे प्रकरण की जानकारी देते हुए रूबरू अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि जालौन पुलिस अपराधियों के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्यवाही कर रही है चोरी की इस घटना का सफल खुलासा पुलिस टीम की सतर्कता तकनीकी सर्विलांस और टीमवर्क का परिणाम है उन्होंने कहा कि जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों पर शिकंजा कसने के लिए अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा वहीं न्यायिक अभिरक्षा में भेजे गए आरोपी गिरफ्तार सभी आरोपियों को आवश्यक पूछताछ एवं विधिक कार्यवाही के बाद न्यायालय में पेश किया गया जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है और चोरी की शेष रकम तथा अन्य संभावित बरामदगी के संबंध में प्रयास जारी हैं वहीं जालौन पुलिस की इस कार्यवाही से जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है बता दें व्यापारियों और आम नागरिकों ने भी पुलिस की इस कार्यवाही की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि भविष्य में भी अपराधियों के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्यवाही जारी रहेगी4
- कोंच तहसील क्षेत्र में तीन विभागों के विवाद में फंसी 7 किमी सड़क, 6 गांवों के सैकड़ो ग्रामीणों ने निर्माण की उठाई मांग, प्रदर्शन कर एसडीएम को सौंपा ज्ञापन जालौन के कोंच तहसील क्षेत्र के 6 गांवों के हजारों ग्रामीणों ने जुझारपुरा (बम्बा) से कुँड़ा नहर पुल तक लगभग 7 किलोमीटर लंबी जर्जर सड़क के निर्माण और इसकी जिम्मेदारी किसी एक विभाग को सौंपने की मांग को लेकर मंगलवार दोपहर 1 बजे प्रदर्शन करते हुए एसडीएम अभिनय कुमार को ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क नहर विभाग, मंडी समिति परिषद और लोक निर्माण विभाग के अधीन होने के कारण किसी भी विभाग द्वारा निर्माण कार्य की जिम्मेदारी नहीं ली जा रही है। इसी वजह से वर्षों से सड़क का नवीनीकरण और चौड़ीकरण नहीं हो सका है। ग्रामीणों ने बताया कि हिंगुटा से जुझारपुरा तक करीब साढ़े चार किलोमीटर सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है और जगह-जगह गहरे गड्ढे होने से आवागमन जोखिम भरा हो गया है। इस मार्ग से हिंगुटा, कुँड़ा, चमरउवा, वरहल, खुटैला और मवासा सहित छह गांवों के लगभग 15 हजार लोग प्रतिदिन कोंच आते-जाते हैं। इसी मार्ग से स्कूली बच्चे, मरीज, किसान और व्यापारी आवागमन करते हैं। किसानों को खाद-बीज लाने और अपनी उपज कोंच मंडी तक पहुंचाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खराब सड़क के कारण रिक्शा और अन्य छोटे वाहन भी गांवों तक आने से कतराते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार ऑनलाइन शिकायतें करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि सड़क को किसी एक विभाग के अधीन सौंपकर शीघ्र निर्माण और चौड़ीकरण का कार्य शुरू कराया जाए, ताकि हजारों ग्रामीणों को राहत मिल सके।1