Shuru
Apke Nagar Ki App…
रीवा जिले की जवा तहसील के अंतर्गत, रामबाग को बरगड़ (उत्तर प्रदेश) से जोड़ने वाली प्रधानमंत्री सड़क की हालत ओवरलोड वाहनों के कारण बेहद खराब हो गई है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि संविदाकार ने इस सड़क के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया, जिससे यह मात्र 'औपचारिकता' बनकर रह गई और अब इसकी 'धज्जियां उड़ गई' हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, स्थानीय ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित कराया है। उनका कहना है कि सड़क मार्ग की हालत इतनी दयनीय होने के बावजूद प्रशासन की नज़र इस समस्या पर नहीं पड़ रही है।
Shikhar singh
रीवा जिले की जवा तहसील के अंतर्गत, रामबाग को बरगड़ (उत्तर प्रदेश) से जोड़ने वाली प्रधानमंत्री सड़क की हालत ओवरलोड वाहनों के कारण बेहद खराब हो गई है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि संविदाकार ने इस सड़क के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया, जिससे यह मात्र 'औपचारिकता' बनकर रह गई और अब इसकी 'धज्जियां उड़ गई' हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, स्थानीय ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित कराया है। उनका कहना है कि सड़क मार्ग की हालत इतनी दयनीय होने के बावजूद प्रशासन की नज़र इस समस्या पर नहीं पड़ रही है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- रीवा जिले की जवा तहसील के अंतर्गत, रामबाग को बरगड़ (उत्तर प्रदेश) से जोड़ने वाली प्रधानमंत्री सड़क की हालत ओवरलोड वाहनों के कारण बेहद खराब हो गई है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि संविदाकार ने इस सड़क के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया, जिससे यह मात्र 'औपचारिकता' बनकर रह गई और अब इसकी 'धज्जियां उड़ गई' हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, स्थानीय ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित कराया है। उनका कहना है कि सड़क मार्ग की हालत इतनी दयनीय होने के बावजूद प्रशासन की नज़र इस समस्या पर नहीं पड़ रही है।1
- चाकघाट की मुख्य सड़क पर पहली ही बारिश के कारण भारी जल भराव हो गया है। इस स्थिति से पैदल चलने वाले लोगों की समस्याएँ काफी बढ़ गई हैं, जिससे उन्हें आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।1
- जनपद पंचायत गंगेव क्षेत्र के ग्राम तिवनी, रीवा में किसानों को आधुनिक एवं प्राकृतिक खेती से जोड़ने के उद्देश्य से एक विशेष प्रशिक्षण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में कृषि अनुसंधान केंद्र, वाराणसी से आए कृषि विशेषज्ञ शैलेंद्र तिवारी और उनकी टीम ने किसानों को प्राकृतिक खेती, उन्नत सब्जी उत्पादन, फसल प्रबंधन तथा आधुनिक कृषि तकनीकों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। प्रशिक्षण के दौरान अनुसूचित जनजाति और सामान्य वर्ग के किसानों को लगभग 10 प्रकार के उन्नत सब्जी बीज और कीटनाशकों का वितरण भी किया गया। विशेषज्ञों ने किसानों को कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त करने, प्राकृतिक खेती के लाभ, फसल सुरक्षा के उपाय, पोषण वाटिका तैयार करने और वैज्ञानिक विधि से सब्जी उत्पादन के व्यावहारिक तरीके समझाए। किसानों ने भी अपनी कृषि संबंधी समस्याओं का समाधान विशेषज्ञों से प्राप्त किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विकास तिवारी ने इस अवसर पर कहा कि किसानों को आधुनिक तकनीक और प्राकृतिक खेती से जोड़ना वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है, जिससे खेती की लागत कम होगी, भूमि की उर्वरता बढ़ेगी और किसानों की आय में भी वृद्धि होगी। उन्होंने यह भी बताया कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने का अभियान चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य किसानों की रसायनों पर निर्भरता कम करके एक टिकाऊ और लाभकारी कृषि व्यवस्था को अपनाना है। इस कार्यक्रम में क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, जनप्रतिनिधि, महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्याएं, युवा साथी और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। किसानों ने इस पहल की सराहना की और भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों के आयोजन की अपेक्षा व्यक्त की।1
- हाल ही में हुए एक जातिवाद के मुद्दे से संबंधित एक वीडियो को अधिक से अधिक साझा करने की पुरज़ोर अपील की गई है। यह आग्रह किया गया है कि इस वीडियो को व्यापक रूप से प्रसारित किया जाए और इसे समाचार चैनलों पर भी दिखाया जाए, ताकि यह संदेश बड़े जनसमूह तक पहुँच सके।1
- ग्राम पलिया दुवान में आम तोड़ने के लिए पेड़ पर चढ़े एक व्यक्ति की ग्राम सचिव इंद्रकली साकेत ने पत्थर मारकर कथित तौर पर हत्या कर दी। ग्रामीणों द्वारा इस घटना की रिपोर्ट दर्ज कराए जाने के बाद, पुलिस ने मामले में धारा 105 और 194 के तहत कार्रवाई की है। इस वारदात को लेकर ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है।1
- सिमरिया विधानसभा क्षेत्र में युवा समाजसेवियों ने क्रांतिकारी स्व. भरत तिवारी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर युवा समाजसेवियों ने 'अमर रहे' के नारे लगाते हुए उन्हें याद किया।1
- चित्रकूट के मानिकपुर विकासखंड की सकरौहां ग्राम पंचायत में प्रधानमंत्री आवास योजना की लाभार्थी सूची को लेकर एक बड़ा विवाद सामने आया है। ग्रामीणों ने लाभार्थी चयन प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) को एक शिकायती पत्र सौंपा है। ग्रामीणों का कहना है कि ग्रामसभा में तैयार की गई लगभग 107 आवासों की लाभार्थी सूची में कई वास्तविक गरीब एवं पात्र परिवारों के नाम हटा दिए गए हैं, जबकि आर्थिक रूप से संपन्न और योजना की पात्रता पूरी न करने वाले लोगों को सूची में शामिल कर लिया गया है। शिकायतकर्ताओं ने यह भी आरोप लगाया है कि कुछ ऐसे लोगों को भी लाभार्थी बनाया गया है जिनके पास पहले से पक्का मकान, चारपहिया वाहन तथा अन्य पर्याप्त संसाधन उपलब्ध हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि आवास सर्वे के दौरान चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता का पालन नहीं किया गया। उनकी शिकायत में ग्राम पंचायत सचिव जयप्रकाश और सर्वे से जुड़े कर्मियों पर पात्र परिवारों की अनदेखी कर अपात्र व्यक्तियों को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया गया है। इन कथित अनियमितताओं के कारण वर्षों से कच्चे घरों और झोपड़ियों में रहने वाले जरूरतमंद परिवार सरकारी योजना के लाभ से वंचित हो रहे हैं। इस स्थिति से कच्चे घर वालों की आंखों में फिर आंसू छलके हैं, झोपड़ी वालों का सपना टूट गया है और रसूखदारों की किस्मत चमक गई है। ग्रामीणों ने बीडीओ से मांग की है कि पूरी लाभार्थी सूची का दोबारा भौतिक सत्यापन कराया जाए, सभी पात्र परिवारों को सूची में शामिल किया जाए तथा जांच में आरोप सही पाए जाने पर दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में, मानिकपुर के खंड विकास अधिकारी ने शिकायत का संज्ञान लेते हुए बताया है कि लाभार्थी सूची का पुनः सत्यापन कराया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि जांच में जो भी परिवार पात्र पाए जाएंगे, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाया जाएगा और यदि किसी स्तर पर अनियमितता सामने आती है तो नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई भी की जाएगी।4
- रीवा जिले की अमाँव ग्राम पंचायत में 'रास्ते के लिए रण' की स्थिति बनी हुई है, जहाँ ग्रामीणों को रास्ते से संबंधित समस्या का निराकरण नहीं मिल पा रहा है।1