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लखीमपुर खीरी- जनपद में पूर्व में कार्यरत रहे खंड शिक्षा अधिकारी डॉ. ब्रजेश कुमार त्रिपाठी को ब्लॉक निघासन में तैनाती के दौरान किए गए उत्कृष्ट कार्यों के लिए अगले माह नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में उनके समर्पण, उत्कृष्ट कार्यशैली और नवाचार को देखते हुए यह सम्मान दिया जा रहा है।
Lakhimpur Kheri दस्तक
लखीमपुर खीरी- जनपद में पूर्व में कार्यरत रहे खंड शिक्षा अधिकारी डॉ. ब्रजेश कुमार त्रिपाठी को ब्लॉक निघासन में तैनाती के दौरान किए गए उत्कृष्ट कार्यों के लिए अगले माह नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में उनके समर्पण, उत्कृष्ट कार्यशैली और नवाचार को देखते हुए यह सम्मान दिया जा रहा है।
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- “खबर चलाने पर पत्रकार को धमकी! वन कर्मी विनय वर्मा की रिकॉर्डिंग वायरल | 222 बीघा जमीन का घमंड?” या “मैं विनय वर्मा हूँ, हल्के में मत लेना! पत्रकार को दी धमकी की रिकॉर्डिंग वायरल” “पत्रकार को धमकी!” “222 बीघा जमीन का घमंड?” “हल्के में मत लेना!” “वन कर्मी की रिकॉर्डिंग वायरल” नमस्कार आप देख रहे हैं यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल और मैं हूँ यज्ञ राज मौर्य। लखीमपुर खीरी से इस वक्त एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहाँ खबर चलाने के बाद एक पत्रकार को कथित तौर पर धमकी देने का मामला सामने आया है। खबर का मुख्य भाग दरअसल सोशल मीडिया पर एक ऑडियो रिकॉर्डिंग तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें वन विभाग के कर्मी विनय वर्मा कथित तौर पर पत्रकार को धमकी भरे अंदाज में बात करते सुनाई दे रहे हैं। वायरल ऑडियो में विनय वर्मा खुद को प्रभावशाली बताते हुए कहते हैं कि— “हमारे पास 222 बीघा जमीन है, दो-तीन ट्रैक्टर हैं, फार्म हाउस है… हमें हल्के में मत लेना।” इतना ही नहीं, बातचीत के दौरान वे उत्कर्ष वर्मा, योगेश वर्मा और अभिषेक वर्मा को अपना रिश्तेदार बताते हुए भी सुने जा रहे हैं। मामले का असर इस ऑडियो के सामने आने के बाद इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है। पत्रकारों का कहना है कि अगर खबर दिखाने पर इस तरह की धमकियां दी जाएंगी तो स्वतंत्र पत्रकारिता पर खतरा पैदा हो सकता है। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या इस मामले में प्रशासन कोई कार्रवाई करेगा? और क्या पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी? फिलहाल इस वायरल ऑडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। आउट्रो ऐसी ही हर बड़ी खबर के लिए जुड़े रहिए यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल के साथ। मैं हूँ यज्ञ राज मौर्य, लखीमपुर खीरी। वायरल खबर सोशल मीडिया1
- के दौरान किए गए उत्कृष्ट कार्यों के लिए अगले माह नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में उनके समर्पण, उत्कृष्ट कार्यशैली और नवाचार को देखते हुए यह सम्मान दिया जा रहा है।1
- ईसानगर–हसनपुर कटौली में आम के पेड़ों पर आरी, गरीब बच्चों के मुंह से छीने जा रहे मीठे फल? ईसानगर थाना क्षेत्र, हसनपुर कटौली (लखीमपुर खीरी) ईसानगर क्षेत्र के हसनपुर कटौली में इन दिनों बड़ी संख्या में आम के पेड़ों की कटाई का मामला सामने आ रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि ठेकेदारों द्वारा सैकड़ों पेड़ों पर आरी चलाकर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और डंपरों में लकड़ी भरकर बाहर भेजी जा रही है। गांव वालों का कहना है कि जिन आम के पेड़ों से हर साल गरीब परिवारों के बच्चे मीठे फल खाकर खुश होते थे, वही पेड़ अब ठेकेदारों की भेंट चढ़ रहे हैं। लोगों के मुताबिक अगर यही हाल रहा तो इस सीजन में गरीब जनता के बच्चों को आम खाने के लिए तरसना पड़ सकता है। सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इतनी भारी मात्रा में पेड़ों की कटाई होने के बावजूद वन विभाग और वन रेंज अधिकारी की चुप्पी आखिर क्यों है? ग्रामीणों में चर्चा है कि क्या यह सब “गुलाबी नोटों” के दम पर हो रहा है, या फिर प्रशासन की नजर इस पर नहीं पड़ रही? स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath लगातार “एक वृक्ष मां के नाम” जैसे अभियान चलाकर पर्यावरण बचाने का संदेश दे रहे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट नजर आ रही है। एक तरफ पेड़ लगाने की बात, तो दूसरी तरफ हजारों पेड़ों पर आरी चलने से पर्यावरण पर भी गंभीर खतरा मंडरा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार हसनपुर कटौली क्षेत्र में बड़ी मात्रा में कटे हुए पेड़ों की लकड़ी के ढेर और ड्रम पड़ी लकड़ी देखी जा सकती है। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि: इतनी बड़ी कटाई की अनुमति किसने दी? वन विभाग की जिम्मेदारी किसकी है? पर्यावरण और गरीबों के हक की रक्षा कौन करेगा? इस पूरे मामले को लेकर जनता में भारी आक्रोश है और लोग मांग कर रहे हैं कि प्रशासन तुरंत जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करे, ताकि पर्यावरण भी बचे और गरीबों के बच्चों के मुंह से मीठे फल न छीने जाएं। हक की आवाज न्यूज़ चैनल संपादक: ऑल इंडिया प्रेस महापात्र शन्नो आचार्य 📞 8601660864 हर खबर के लिए संपर्क करें1
- अज्ञात कारणों से लगी आग, फूस का मकान जलकर राख, गृहस्थी का सामान खाक बैवाही (बहराइच)। चौकी बैवाही क्षेत्र के रामपुर धोबिया हार गांव में शनिवार की शाम अचानक लगी आग से एक गरीब परिवार का फूस का मकान जलकर राख हो गया। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया और गृहस्थी का सारा सामान जलकर नष्ट हो गया। जानकारी के अनुसार गांव निवासी कमल किशोर गिरी के फूस के मकान में शनिवार को लगभग साढ़े तीन बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई। शुरुआत में लोगों को जब तक आग की जानकारी हुई तब तक लपटें तेज हो चुकी थीं। गांव में शोर मचने पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और बाल्टी व अन्य साधनों की मदद से आग बुझाने में जुट गए। ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत के बाद किसी तरह आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक फूस का मकान पूरी तरह जलकर राख हो चुका था। इस अग्निकांड में घर में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन और अन्य गृहस्थी का सामान जलकर नष्ट हो गया। पीड़ित कमल किशोर गिरी ने बताया कि आग लगने से करीब एक लाख रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि घर में रखी करीब 1500 रुपये की नगदी भी आग में जल गई। घटना की सूचना प्रशासन को दी गई है। इस संबंध में हल्का लेखपाल श्याम प्रसाद ने बताया कि आग लगने की सूचना मिली है और वह मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन कर रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द आर्थिक सहायता दिलाने की मांग की है, ताकि उन्हें राहत मिल सके।1
- उन्नाव में पति की मौत के 12 दिन बाद सदमे में पत्नी ने भी जान दे दी, घटना से पहले वीडियो बनाकर दर्द बयां किया है कि स्त्री के तीन सुख होते हैं पहला मां बाप दूसरा पति तीसरा बच्चे जो मेरे पास कोई नहीं है 😢😢😢😢😢1
- उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के कस्बा खीरी में शाहे विलायत हज़रत मखदूम पीर रहमतुल्लाह तआला का 447वां उर्स अकीदत व एहतराम के साथ मनाया गया। उर्स के मौके पर दूर-दराज़ से आए अकीदतमंदों ने दरगाह पर चादरपोशी कर मुल्क में अमन-ओ-अमान और खुशहाली की दुआ मांगी। उर्स के दौरान दरगाह परिसर में कुरआन ख्वानी, फातिहा और विशेष दुआओं का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में जायरीन दरगाह पर हाजिरी देने पहुंचे और लंगर-ए-आम का भी इंतज़ाम किया गया। उर्स के मौके पर इलाके में रौनक का माहौल रहा और सुरक्षा व्यवस्था भी चाक-चौबंद रखी गई।1
- अम्बेडकर में पुलिस ने एक हॉफ एनकाउंटर किया हर जेब से बरामदगी की एक जेब से तमाम नोट निकली, दरोगा जी मशीन से भी तेज निकले और बता दिया कि - "128 नोट है" आरोपी से सबकुछ कैमरे पर ही बुलवा लिया, कुछ भी इधर-उधर नहीं होने का चेन , मोबाइल, पैसा- कौन किसका है- सब एकदम रटा हुआ था जुबान पर1
- यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल तहसील रिपोर्टर यज्ञ राज मौर्य की खास रिपोर्ट पत्रकारों पर हमले कब तक? क्या यूँ ही खामोश रहेगा कलम का समाज? लखीमपुर खीरी समेत प्रदेश के कई इलाकों से लगातार ऐसी खबरें सामने आ रही हैं जहाँ पत्रकारों पर जानलेवा हमले हो रहे हैं। कहीं पत्रकारों के साथ अभद्रता की जा रही है, तो कहीं सच्चाई दिखाने की कीमत उन्हें धमकियों और मारपीट के रूप में चुकानी पड़ रही है। सवाल सिर्फ एक पत्रकार का नहीं है। यह सवाल उस कलम का है जो सच लिखती है, उस आवाज़ का है जो जनता की बात उठाती है, और उस लोकतंत्र का है जो सच पर टिका है। जब भी किसी पत्रकार पर हमला होता है, तो वह सिर्फ एक व्यक्ति पर हमला नहीं होता, बल्कि सच बोलने की हिम्मत पर हमला होता है। अगर ऐसे मामलों पर पत्रकार समाज खामोश रहा, तो यह खामोशी ही आने वाले समय में और बड़े हमलों को जन्म दे सकती है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या पत्रकारिता ऐसे ही बदनाम होती रहेगी? क्या सच्चाई की कलम यूँ ही कुचली जाती रहेगी? पत्रकार केवल खबर लिखने वाला नहीं होता, वह समाज की आँख और जनता की आवाज़ होता है। लेकिन जब उसी आवाज़ को डराने और दबाने की कोशिश होती है, तब पूरे समाज को जागने की जरूरत होती है। अब समय आ गया है कि पत्रकार अपने मतभेद भुलाकर एक मंच पर खड़े हों। क्योंकि अगर आज भी कलम के सिपाही नहीं जागे, तो सच्चाई की आवाज़ हमेशा के लिए खामोश हो सकती है। यह सिर्फ पत्रकार का सवाल नहीं है, यह लोकतंत्र की आत्मा का सवाल है। कैमरामैन के साथ यज्ञ राज मौर्य यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल1